मुजफ्फरनगर में हिंदु "अल्ला हूँ अकबर" और मुसलमान "हर हर महादेव" गुणगान कर र है हैं। इससे क्या अच्छा होगा?...


play
user

Ishita Seth

Obstinate Programmer

1:15

Likes  1  Dislikes    views  152
WhatsApp_icon
6 जवाब
qIcon
ask
ऐसे और सवाल
Loading...
Loading...
user

Sachin Bharadwaj

Faculty - Mathematics

0:30
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए वैसे मुजफ्फरनगर बड़ा संसदीय क्षेत्र माना जाता है क्योंकि आपको पता जो अखिलेश सरकार उत्तर प्रदेश के अंदर तो यहां बहुत ज्यादा दंगे हुए हुए दोनों में बहुत लोगों की मासूम लोगों की जान गई थी लेकिन अगर इस तरह की बात हो रही है हिंदू अल्लाह हू अकबर या मुसलमान हर हर महादेव के नारे लगाए तो मुझे लगता है कि सौहार्दपूर्ण वातावरण जरूर पैदा किया जा रहा है उसकी एक आवश्यकता है जिस प्रकार का माहौल मुजफ्फरनगर के अंदर कुछ साल पहले था अगर वह इंप्रूव हो रहा है तो मुझे लगता है कि एक हम अच्छे समाज की कल्पना कर सकते हैं

dekhiye waise muzaffarnagar bada sansadiya kshetra mana jata hai kyonki aapko pata jo akhilesh sarkar uttar pradesh ke andar toh yahan bahut zyada dange hue hue dono mein bahut logo ki masoom logo ki jaan gayi thi lekin agar is tarah ki baat ho rahi hai hindu allah hoon akbar ya musalman har har mahadev ke nare lagaye toh mujhe lagta hai ki sauhardapurn vatavaran zaroor paida kiya ja raha hai uski ek avashyakta hai jis prakar ka maahaul muzaffarnagar ke andar kuch saal pehle tha agar vaah improve ho raha hai toh mujhe lagta hai ki ek hum acche samaj ki kalpana kar sakte hain

देखिए वैसे मुजफ्फरनगर बड़ा संसदीय क्षेत्र माना जाता है क्योंकि आपको पता जो अखिलेश सरकार उत

Romanized Version
Likes  6  Dislikes    views  184
WhatsApp_icon
user

Vatsal

Engineering Student

1:50
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

PK मुजफ्फरनगर में कुछ ही साल उम्र है जहां पर बहुत भारी दंगा हुआ था कर्फ्यू लगा था कई दिनों तक कर्फ्यू लगे तो बहुत ही तनावपूर्ण माहौल रहा था वहां पर कई लोगों की जान गई थी वहां की है वहां पर लोग धर्म के नाम पर ही जो है वहां पर वहां पर आए हुए थे हिंदू और मुस्लिम के बीच में ऐसी लोकेशन पर मुख्य द्वार पर भी हिंदू दूसरे धर्म का चिराग वाला प्रथम मुसलमान दूसरे धर्म का जो वह है line वह हर हर महादेव बोल रहा है तो इससे अच्छी वाकई में कोई बात नहीं हो सकती हो यही वास्तविकता है हमारे देश कि यहां पर हर धर्म के लोग मिल जुल कर रहते हैं लेकिन कुछ चुनिंदा नीची सोच के लोगों ने इसको विभाजन करने की कोशिश की है वह कहां तक सक्सेसफुल रहे हैं इसी कारण आज हमारे देश में हिंदू और मुस्लिम बैठ कर रह गए हैं तो ऐसे माहौल में यदि मौसम मगर जैसे शहर में अगर इस तरीके का घटना सामने आती है तो इससे ज्यादा स्वागत योग्य कदम नहीं हो सकता है और इससे हमें सीख लेनी चाहिए हर एक हिंदू हर एक मुसलमान को हमारे देश के सीख लेनी चाहिए और किसी तरीके से मिल जुलकर रहना चाहिए तो हमारे देश की एकता के लिए बहुत अच्छा है इससे कोई दूसरा देश हम पर जल्दी आक्रमण नहीं कर सकता जैसे चुनिंदा गद्दी के भूखे लोग हमारे को बंटवारा नहीं कर सकते हम में लड़ाई पैदा नहीं कर सकते तो इनकी इनसे बचने के लिए और सबको मिल जुल कर रहना चाहिए नहीं केवल मुजफ्फरनगर हर एक राज्य के हर एक शहर के हर एक गांव कस्बे में होना चाहिए इस तरीके की घटना सबको मिल जुल कर रहना चाहिए क्योंकि हमारे देश की परंपरा रही है कुछ लोगों ने बर्बाद करने की कोशिश की है

PK muzaffarnagar mein kuch hi saal umr hai jaha par bahut bhari danga hua tha curfew laga tha kai dino tak curfew lage toh bahut hi tanavapurn maahaul raha tha wahan par kai logo ki jaan gayi thi wahan ki hai wahan par log dharm ke naam par hi jo hai wahan par wahan par aaye hue the hindu aur muslim ke beech mein aisi location par mukhya dwar par bhi hindu dusre dharm ka chirag vala pratham muslim dusre dharm ka jo vaah hai line vaah har har mahadev bol raha hai toh isse achi vaakai mein koi baat nahi ho sakti ho yahi vastavikta hai hamare desh ki yahan par har dharm ke log mil jul kar rehte hain lekin kuch chuninda nichi soch ke logo ne isko vibhajan karne ki koshish ki hai vaah kahaan tak successful rahe hain isi karan aaj hamare desh mein hindu aur muslim baith kar reh gaye hain toh aise maahaul mein yadi mausam magar jaise shehar mein agar is tarike ka ghatna saamne aati hai toh isse zyada swaagat yogya kadam nahi ho sakta hai aur isse hamein seekh leni chahiye har ek hindu har ek muslim ko hamare desh ke seekh leni chahiye aur kisi tarike se mil julakar rehna chahiye toh hamare desh ki ekta ke liye bahut accha hai isse koi doosra desh hum par jaldi aakraman nahi kar sakta jaise chuninda gaddi ke bhukhe log hamare ko batwara nahi kar sakte hum mein ladai paida nahi kar sakte toh inki inse bachne ke liye aur sabko mil jul kar rehna chahiye nahi keval muzaffarnagar har ek rajya ke har ek shehar ke har ek gaon kasbe mein hona chahiye is tarike ki ghatna sabko mil jul kar rehna chahiye kyonki hamare desh ki parampara rahi hai kuch logo ne barbad karne ki koshish ki hai

PK मुजफ्फरनगर में कुछ ही साल उम्र है जहां पर बहुत भारी दंगा हुआ था कर्फ्यू लगा था कई दिनों

Romanized Version
Likes    Dislikes    views  107
WhatsApp_icon
user

Swati

सुनो ..सुनाओ..सीखो!

1:50
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए मुजफ्फरनगर राइट्स में 2013 के करीबन 308 लोगों की जान चली कर करीबन 50000 लोग बेघर हो गए और इतना ही फर्क हिंदू को पढ़ा जितना मौसम लोगों को पढ़ा और वहां के लोगों को समझ में आने शुरू हुई कि इन लाइट से इन दंगों से कोई हल नहीं निकलने वाला है इसलिए कुछ पीस कमेटी बनाई गई और पीस कमेटी जो है यह मुजफ्फरनगर में जो खोई हुई शांति से वापस आने के लिए काम कर रही है आजकल ये यूनिटी मीटिंग होती है इसके बाद हिंदू जो है वह अल्लाह हू अकबर के नारे और मुस्लिम सुबह हर हर महादेव के का गान करते हुए हमें देखने को मिल जाते हैं मोहम्मद हसन में वेडनेसडे को कहा वह एक नार्मल मुस्लिम व्यक्ति है मुजफ्फरनगर की उन्होंने बोला कि हम हार लड़ लड़ कर थक चुके हैं मैंने अपनी मां को ही है दंगों में बैलेंस से किसी को कुछ नहीं मिला और ऐसे ही कुछ विचार हिंदू लोगों के भी हैं सब सोचते हैं तो आप पूछेगी यह सब करने से क्या मिलेगा तो मैं बहुत बड़ा से भी नहीं है तो भी शुरुआत है हिंदू मुस्लिम के बीच में इतनी ज्यादा प्रॉब्लम है कि वह दूसरे के साथ बैठना पसंद नहीं करते इतने ज्यादा राइट कहां हो गए हैं एक दूसरे की शक्ल देखना पसंद नहीं करते उस टाइम पर कभी दूसरे कि भगवान क्योंकि रिलेशन के नाम पर रिजर्वेशन है और ऐसे टाइम पर अगर उससे कि भगवान को लेकर उनके बारे में कुछ बोल रहे हैं कुछ अच्छा बोल रहे हैं उनकी जय जयकार कर रहे हैं तो इसे जरूर कुछ ना कुछ तो फायदा होगा देखें बारे में कुछ ना कुछ तो सीख मिलेगी और कोई ना कोई व्यक्ति कैसे हूं जिनका मन यह बैलेंस और दंगों से हट जाएगा और शांति वापस आ जाएगी

dekhiye muzaffarnagar rights mein 2013 ke kariban 308 logo ki jaan chali kar kariban 50000 log beghar ho gaye aur itna hi fark hindu ko padha jitna mausam logo ko padha aur wahan ke logo ko samajh mein aane shuru hui ki in light se in dango se koi hal nahi nikalne vala hai isliye kuch peace committee banai gayi aur peace committee jo hai yah muzaffarnagar mein jo khoi hui shanti se wapas aane ke liye kaam kar rahi hai aajkal ye unity meeting hoti hai iske baad hindu jo hai vaah allah hoon akbar ke nare aur muslim subah har har mahadev ke ka gaan karte hue hamein dekhne ko mil jaate hain muhammad hasan mein vednesde ko kaha vaah ek normal muslim vyakti hai muzaffarnagar ki unhone bola ki hum haar lad lad kar thak chuke hain maine apni maa ko hi hai dango mein balance se kisi ko kuch nahi mila aur aise hi kuch vichar hindu logo ke bhi hain sab sochte hain toh aap puchegi yah sab karne se kya milega toh main bahut bada se bhi nahi hai toh bhi shuruat hai hindu muslim ke beech mein itni zyada problem hai ki vaah dusre ke saath baithana pasand nahi karte itne zyada right kahaan ho gaye hain ek dusre ki shakl dekhna pasand nahi karte us time par kabhi dusre ki bhagwan kyonki relation ke naam par reservation hai aur aise time par agar usse ki bhagwan ko lekar unke bare mein kuch bol rahe hain kuch accha bol rahe hain unki jai jaikar kar rahe hain toh ise zaroor kuch na kuch toh fayda hoga dekhen bare mein kuch na kuch toh seekh milegi aur koi na koi vyakti kaise hoon jinka man yah balance aur dango se hut jaega aur shanti wapas aa jayegi

देखिए मुजफ्फरनगर राइट्स में 2013 के करीबन 308 लोगों की जान चली कर करीबन 50000 लोग बेघर हो

Romanized Version
Likes  7  Dislikes    views  231
WhatsApp_icon
user

Ekta

Researcher and Writer

1:48
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जी-7 2013 में उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में जो दंगे हुए थे जिसमें से करीबन 63 लोगों से ज्यादा मारे गए हैं और 50000 लोगों से ज्यादा लोग बेघर हो गए जब हिंदू और मुसलमान एक दूसरे के खून बहाने में बिल्कुल भी सोचा नहीं करते थे उसके बाद आज ऐसी स्थिति हुई मुजफ्फरनगर में कि हिंदुओं को अल्लाह हू अकबर और मुसलमानों को हर हर महादेव का गुणगान करते हुए पाया जा रहा है यह वहां के लोगों का और वहां की कमेटी का ही काम है चोरों ने इतनी मेहनत से इतना कुछ कर के वापस मुजफ्फरनगर में अशांति को वापस लाए हैं इससे बहुत सारी चीजें अच्छी होंगी जो लोग बहुत एक दूसरे से नफरत करते थे वह वाकई एक दूसरे को समझ रहे हैं ऐसे ही हमारे सीख मुजफ्फरनगर की बात ना करें तो इसका बहुत अच्छा इंपैक्ट पड़ेगा हमारे पूरे देश में अगर लोग फिर से एक दूसरे तरीके से सोचना शुरु करे तब एक दूसरे की भलाई के लिए नहीं एक दूसरे को मारने के लिए इससे ही हमारे देश का डेवलपमेंट हो सकता है ऐसे ही हमारे देश की आर्थिक व्यवस्था भी अच्छी हो सकती है जब तक इस देश की दोनों ही आकाश दोनों ही रिलीजन आपस में मिलकर काम नहीं करेंगे देश कभी नहीं कर पाएगा पूरी तरीके से इससे हमारी कंट्री का फायदा होगा और यह किस तरह हर इक सिटी का फायदा होगा हरे की सेटिंग में लोग शांति से रहेंगे और देश की तरक्की भी उतनी ही होती

ji 7 2013 mein uttar pradesh ke muzaffarnagar mein jo dange hue the jisme se kariban 63 logo se zyada maare gaye hain aur 50000 logo se zyada log beghar ho gaye jab hindu aur musalman ek dusre ke khoon bahaane mein bilkul bhi socha nahi karte the uske baad aaj aisi sthiti hui muzaffarnagar mein ki hinduon ko allah hoon akbar aur musalmanon ko har har mahadev ka gunagan karte hue paya ja raha hai yah wahan ke logo ka aur wahan ki committee ka hi kaam hai choron ne itni mehnat se itna kuch kar ke wapas muzaffarnagar mein ashanti ko wapas laye hain isse bahut saree cheezen achi hongi jo log bahut ek dusre se nafrat karte the vaah vaakai ek dusre ko samajh rahe hain aise hi hamare seekh muzaffarnagar ki baat na kare toh iska bahut accha impact padega hamare poore desh mein agar log phir se ek dusre tarike se sochna shuru kare tab ek dusre ki bhalai ke liye nahi ek dusre ko maarne ke liye isse hi hamare desh ka development ho sakta hai aise hi hamare desh ki aarthik vyavastha bhi achi ho sakti hai jab tak is desh ki dono hi akash dono hi religion aapas mein milkar kaam nahi karenge desh kabhi nahi kar payega puri tarike se isse hamari country ka fayda hoga aur yah kis tarah har ek city ka fayda hoga hare ki setting mein log shanti se rahenge aur desh ki tarakki bhi utani hi hoti

जी-7 2013 में उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में जो दंगे हुए थे जिसमें से करीबन 63 लोगों से ज्

Romanized Version
Likes    Dislikes    views  116
WhatsApp_icon
user

Bhaskar Saurabh

Politics Follower | Engineer

1:51
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

साल 2013 में उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर दंगों में 63 लोग मारे गए थे और हिंदू और मुसलमानों के बीच जो हिंसा भड़की थी उसमें लगभग 50000 से ज्यादा लोग बेघर हो गए थे और अब इसी खाई को भरने के लिए वहां पर कुछ शांति समितियां बनाई गई है और यह शांति समितियां बहुत ही अच्छा काम कर रही है और इन समितियों के प्रयास से मुजफ्फरनगर में बदलाव और सांप्रदायिक सद्भावना का जो माहौल है वह वापस आ रहा है धीरे-धीरे यह जो समितियां है वह यूनिटी मीटिंग्स करती हैं और यहां पर जो हिंदू हैं वह अल्लाह हू अकबर के नारे लगाते हैं और मुस्लिम हर हर महादेव बोलते हैं तो इस तरह की जो कोशिशें की जा रही है इसे हिंदू और मुसलमान के बीच जो दूरियां बढ़ गई थी वह अब धीरे-धीरे मिटने लगे हैं और भविष्य में अगर इसी तरह के प्रयास जारी रहेंगे तो हिंदू-मुस्लिम फिर से 12 के बारे में सोचेंगे और मिलजुल कर रहेंगे और भविष्य में इस तरह की घटनाएं होने की जो संभावना है वह काफी कम हो जाएगी तो मुझे लगता है कि यह जो पहल है वह काफी सराहनीय है और और सरकार को भी इस तरह की पहल करनी चाहिए और यह जो समितियां हैं उनका सपोर्ट करना चाहिए क्योंकि हिंदू मुस्लिम या फिर कोई भी कम्युनिटी हो कोई भी धर्म के लोग हो सभी आपस में अगर मिलजुल कर रहेंगे तभी हमारे देश में एकता का माहौल बना रहेगा तो यह जो समितियां है उन्हें और बढ़ावा मिलना चाहिए ताकि बहुत सारे हिंदू और मुस्लिम जो हैं इन समितियों से जुड़ें और पूरे इलाके में या फिर पूरे देश में हिंदू मुस्लिम के जो दंगे हो रहे हैं उसे रोज रोकने का प्रयास करें तथा जो सौहार्दपूर्ण माहौल हैं उसे बनाने में मदद करें

saal 2013 mein uttar pradesh ke muzaffarnagar dango mein 63 log maare gaye the aur hindu aur musalmanon ke beech jo hinsa bhadaki thi usme lagbhag 50000 se zyada log beghar ho gaye the aur ab isi khai ko bharne ke liye wahan par kuch shanti samitiyaan banai gayi hai aur yah shanti samitiyaan bahut hi accha kaam kar rahi hai aur in samitiyon ke prayas se muzaffarnagar mein badlav aur sampradayik sadbhavana ka jo maahaul hai vaah wapas aa raha hai dhire dhire yah jo samitiyaan hai vaah unity meetings karti hain aur yahan par jo hindu hain vaah allah hoon akbar ke nare lagate hain aur muslim har har mahadev bolte hain toh is tarah ki jo koshishein ki ja rahi hai ise hindu aur musalman ke beech jo duriyan badh gayi thi vaah ab dhire dhire mitne lage hain aur bhavishya mein agar isi tarah ke prayas jaari rahenge toh hindu muslim phir se 12 ke bare mein sochenge aur miljul kar rahenge aur bhavishya mein is tarah ki ghatnaye hone ki jo sambhavna hai vaah kaafi kam ho jayegi toh mujhe lagta hai ki yah jo pahal hai vaah kaafi sarahniya hai aur aur sarkar ko bhi is tarah ki pahal karni chahiye aur yah jo samitiyaan hain unka support karna chahiye kyonki hindu muslim ya phir koi bhi community ho koi bhi dharm ke log ho sabhi aapas mein agar miljul kar rahenge tabhi hamare desh mein ekta ka maahaul bana rahega toh yah jo samitiyaan hai unhe aur badhawa milna chahiye taki bahut saare hindu aur muslim jo hain in samitiyon se judein aur poore ilaake mein ya phir poore desh mein hindu muslim ke jo dange ho rahe hain use roj rokne ka prayas kare tatha jo sauhardapurn maahaul hain use banane mein madad karen

साल 2013 में उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर दंगों में 63 लोग मारे गए थे और हिंदू और मुसलमानों

Romanized Version
Likes  15  Dislikes    views  167
WhatsApp_icon
qIcon
ask
QuestionsProfiles

Vokal App bridges the knowledge gap in India in Indian languages by getting the best minds to answer questions of the common man. The Vokal App is available in 11 Indian languages. Users ask questions on 100s of topics related to love, life, career, politics, religion, sports, personal care etc. We have 1000s of experts from different walks of life answering questions on the Vokal App. People can also ask questions directly to experts apart from posting a question to the entire answering community. If you are an expert or are great at something, we invite you to join this knowledge sharing revolution and help India grow. Download the Vokal App!