पाकिस्तानी नोबेल शांति पुरस्कार विजेता मलाला भारत में महिला शिक्षा पहल का विस्तार करने की योजना बना रही हैं, अगर यह होगा, तो इसमें भारत का फायदा और नुक्सान क्या है?...


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Abhishek Sharma

Forest Range Officer, MP

1:37

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दुनिया की सबसे कम उम्र की नोबेल पुरस्कार विजेता मलाला यूसुफजई भारत ही नहीं बल्कि पूरे विश्व में महिला शिक्षा के लिए पहल उठा रही हैं और उन्होंने जो सिर पर गोली खाई थी वह भी इसलिए खाई थी क्योंकि वह शिक्षा ग्रहण करने पर स्कूल जा रही थी और तालिबान आतंकवादियों ने गोली मार दी मुझे लगता है कि इस एक्शन से वह भारत के लिए कुछ नुकसान तो पैदा कर ही नहीं रही है लेकिन विश्व में भारत के अलावा विश्व में भी सभी महिलाओं को ऊपर लाने का काम कर रही हैं अभी हाल ही में एक महोत्सव में भी मना ली उसने कहा था कि मैं चाहती हूं कि विश्व की हाल मेरा पढ़ी लिखी हो ताकि वह इस तरह की गतिविधियों के सामने आवाज उठा सके अब देखते होंगे कि आतंकवादी संगठन जितने भी ज्यादा हैं उसमें हमेशा पुरुषों की संख्या ही रहती है शायद ही कोई ऐसी आतंकवादी संगठन में शिक्षित होगी तो अपनी पुरुषों को भी रोक सकेंगे अभी वह रोकती नहीं है क्योंकि वह आर्थिक रुप से इतनी आजाद नहीं है अगर महिलाओं को आर्थिक रूप से आजादी दे दी जाए तो मुझे लगता है कि यू समाज का सबसे सबसे ज्यादा दबा कुचला वर्ग महिलाएं ऊपर उठेंगे और इस तरह की गतिविधियां भी कम होना शुरू हो जाएंगे मनाली की सब्जी के अलावा कैलाश सत्यार्थी को भी उस समय दिया गया था नोबेल पुरस्कार लेकिन वह बच्चों के हित में काम कर रहे हैं मुझे लगता है कि मलाला यूसुफजई की जो कार्य है वह अत्यंत प्रशंसनीय तथा कोई विवाद का बिल्कुल विषय नहीं है इसलिए हमें इस चीज का स्वागत करना चाहिए चाहे भारत हो 2605 लो हमें अपने महिलाओं के हर कदम पर साथ देना चाहिए और शिक्षा रोजगार तथा आर्थिक आजादी के लिए पहल करनी चाहिए धन्यवाद

duniya ki sabse kam umr ki nobel puraskar vijeta malala yusufajai bharat hi nahi balki poore vishwa mein mahila shiksha ke liye pahal utha rahi hain aur unhone jo sir par goli khai thi vaah bhi isliye khai thi kyonki vaah shiksha grahan karne par school ja rahi thi aur taliban aatankwadion ne goli maar di mujhe lagta hai ki is action se vaah bharat ke liye kuch nuksan toh paida kar hi nahi rahi hai lekin vishwa mein bharat ke alava vishwa mein bhi sabhi mahilaon ko upar lane ka kaam kar rahi hain abhi haal hi mein ek mahotsav mein bhi mana li usne kaha tha ki main chahti hoon ki vishwa ki haal mera padhi likhi ho taki vaah is tarah ki gatividhiyon ke saamne awaaz utha sake ab dekhte honge ki aatankwadi sangathan jitne bhi zyada hain usmein hamesha purushon ki sankhya hi rehti hai shayad hi koi aisi aatankwadi sangathan mein shikshit hogi toh apni purushon ko bhi rok sakenge abhi vaah rokti nahi hai kyonki vaah aarthik roop se itni azad nahi hai agar mahilaon ko aarthik roop se azadi de di jaaye toh mujhe lagta hai ki you samaaj ka sabse sabse zyada daba kuchala varg mahilaen upar uthenge aur is tarah ki gatividhiyan bhi kam hona shuru ho jaenge manali ki sabzi ke alava kailash satyarthi ko bhi us samay diya gaya tha nobel puraskar lekin vaah bacchon ke hit mein kaam kar rahe hain mujhe lagta hai ki malala yusufajai ki jo karya hai vaah atyant prashansaniya tatha koi vivaad ka bilkul vishay nahi hai isliye hamein is cheez ka swaagat karna chahiye chahen bharat ho 2605 lo hamein apne mahilaon ke har kadam par saath dena chahiye aur shiksha rojgar tatha aarthik azadi ke liye pahal karni chahiye dhanyavad

दुनिया की सबसे कम उम्र की नोबेल पुरस्कार विजेता मलाला यूसुफजई भारत ही नहीं बल्कि पूरे विश्

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Sefali

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मलाला यूसुफजई जो कि दुनिया की सबसे यंगेस्ट नोबेल प्राइज विजेता है जो कि 2014 में जीत आया था और हम जैसे सब वाकिफ हैं वह बहुत ही नॉन पर्सनालिटी है दुनिया की उनके नाम पर डॉक्यूमेंट्री स्वरण चुपके किताब लिखे जा चुके हैं उन्होंने 2012 में जो तालिबान के गनमैन के अगेंस्ट भेजो शॉट जो हमला सहायता और सरवाइव क्या था और वह दुनिया की सबसे यंगेस्ट जो है फीमेल एजुकेशन एक्टिविस्ट है जो कि और का हिस्सा नोबेल कोर्स के लिए काम करते हैं कि कैसे महिलाओं को एजुकेशन के लिए प्रस्थान किया जा सके एनकरेज किया जा सके क्योंकि बहुत बड़ा कॉलेज है और इतनी छोटी उम्र में इतना बड़ा स्टेप लेना और इतनी ज्यादा समझ में ना यही बहुत बड़ी बात है उनके नाम पर और डॉक्यूमेंट्री सी बनी है कि ही नेम्स मी मलाला जोकि बहुत फेमस रहा है यहां तक कि ऑस्कर डॉक्यूमेंट्री फिल्म के लिए शार्टलिस्ट हुआ था और वह अगर मलाला यूसुफजई कुछ प्लान करें कि भारत आकर महिला शिक्षा को पहल पहल करनी चाहती कि मेरा मेरे सबसे बहुत बड़ी अच्छी बात है क्योंकि भारत में से कुछ कुछ जगह आप अभी भी है जहां पर कि फीमेल एजुकेशन को सपोर्ट नहीं किया जाता अगर वह इस चीज को आप के इस चीज के बारे में बात करना चाहती है और वह सिस्टम को ठीक करना चाहती है तो मेरे सबसे बहुत अच्छी बात है इससे मेरे हिसाब से पाकिस्तान और भारत के रिश्ते में भी थोड़ी बहुत सुधार आएगी क्योंकि क्योंकि बहुत नेगेटिव टाइम में चल रहे हैं तो मेरे सबसे बहुत अच्छा कॉलेज से कुछ नुकसान नहीं होगा उल्टा फायदा ही होगा तो

malala yusufajai jo ki duniya ki sabse youngest nobel prize vijeta hai jo ki 2014 mein jeet aaya tha aur hum jaise sab wakif hain vaah bahut hi non personality hai duniya ki unke naam par documentary swaran chupake kitab likhe ja chuke hain unhone 2012 mein jo taliban ke ganmain ke against bhejo shot jo hamla sahaayata aur survive kya tha aur vaah duniya ki sabse youngest jo hai female education activist hai jo ki aur ka hissa nobel course ke liye kaam karte hain ki kaise mahilaon ko education ke liye prasthan kiya ja sake enakarej kiya ja sake kyonki bahut bada college hai aur itni choti umr mein itna bada step lena aur itni zyada samajh mein na yahi bahut badi baat hai unke naam par aur documentary si bani hai ki hi names me malala joki bahut famous raha hai yahan tak ki oscar documentary film ke liye shartalist hua tha aur vaah agar malala yusufajai kuch plan karen ki bharat aakar mahila shiksha ko pahal pahal karni chahti ki mera mere sabse bahut badi achi baat hai kyonki bharat mein se kuch kuch jagah aap abhi bhi hai jahan par ki female education ko support nahi kiya jata agar vaah is cheez ko aap ke is cheez ke bare mein baat karna chahti hai aur vaah system ko theek karna chahti hai toh mere sabse bahut achi baat hai isse mere hisab se pakistan aur bharat ke rishte mein bhi thodi bahut sudhaar aaegi kyonki kyonki bahut Negative time mein chal rahe hain toh mere sabse bahut accha college se kuch nuksan nahi hoga ulta fayda hi hoga toh

मलाला यूसुफजई जो कि दुनिया की सबसे यंगेस्ट नोबेल प्राइज विजेता है जो कि 2014 में जीत आया थ

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Swati

सुनो ..सुनाओ..सीखो!

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

तकिए बनाने की सबसे बहुत ही कमाल की लड़की है उसे बहुत छोटी उम्र में महिलाओं की लड़कियों की शिक्षा के लिए गोली खाई थी तालिबानियों से और वह सब सही होंगे लड़की है जिसे नोबेल पुरस्कार दिया गया है आप भारत में महिलाओं की शिक्षा को लेकर कुछ नहीं बनाने को कह रही है तो यह बहुत ही कमाल की बारात चली है भारत एक विकसित विकासशील देश है वीडियो में पिक्चर चाहिए और एजुकेशन हमारी आंखें बहुत ज्यादा अच्छी नहीं है या फिर कहोगी तब तक पहुंचती नहीं है और खासकर महिलाओं लड़कियों तक घर बनाने की सबसे ज्यादा कुछ कर सकती हैं कि इंडियन वूमेन को इंडियन गर्ल्स को एजुकेशन मिल सकी करने के लिए तो इससे अच्छा और क्या होगा फिल्मी कोठी जो कहना चाहती हूं वह यह है कि पाकिस्तान को ज्यादा जरूरत है जो की संख्या भी भारतीय कव्वाली सन में भारत में तो और बहुत सारे दोस्त हैं जो महिलाओं के लिए शिक्षा के लिए काम कर रहे हैं पापा के सर में ऐसे लोग बहुत कम है और पाकिस्तान में जो क्राइम रेट है बहुत ज्यादा रात तक इसी वजह से भी है कि वहां पर चुकी है बहुत अच्छी नहीं है तो हो सके तो मना लो को वहां के लिए भी कुछ करना चाहिए

takiye banaane ki sabse bahut hi kamaal ki ladki hai use bahut choti umr mein mahilaon ki ladkiyon ki shiksha ke liye goli khai thi talibaniyon se aur vaah sab sahi honge ladki hai jise nobel puraskar diya gaya hai aap bharat mein mahilaon ki shiksha ko lekar kuch nahi banaane ko keh rahi hai toh yah bahut hi kamaal ki baraat chali hai bharat ek viksit vikasshil desh hai video mein picture chahiye aur education hamari aankhen bahut zyada achi nahi hai ya phir kahogi tab tak pahunchati nahi hai aur khaskar mahilaon ladkiyon tak ghar banaane ki sabse zyada kuch kar sakti hain ki indian women ko indian girls ko education mil saki karne ke liye toh isse accha aur kya hoga filmy kothi jo kehna chahti hoon vaah yah hai ki pakistan ko zyada zaroorat hai jo ki sankhya bhi bharatiya qawwali san mein bharat mein toh aur bahut saare dost hain jo mahilaon ke liye shiksha ke liye kaam kar rahe hain papa ke sir mein aise log bahut kam hai aur pakistan mein jo crime rate hai bahut zyada raat tak isi wajah se bhi hai ki wahan par chuki hai bahut achi nahi hai toh ho sake toh mana lo ko wahan ke liye bhi kuch karna chahiye

तकिए बनाने की सबसे बहुत ही कमाल की लड़की है उसे बहुत छोटी उम्र में महिलाओं की लड़कियों की

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Kunjansinh Rajput

Aspiring Journalist

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

विश्व की दूसरी सबसे युवा नोबेल शांति पुरस्कार विजेता और पाकिस्तान के रहने वाली मलाला यूसुफजई ने जो है यह इच्छा जताई है कि वह भारत में काम करना चाहती है और वह भारत में महिला शिक्षा पहल का विस्तार करने की योजना बना रही है क्योंकि अभी दावत में है उन्होंने यह कहा है कि उन्हें हर साल जो है भारत के लोगों से प्यार और सम्मान मिलता है और उनकी इच्छा है कि वह भारत जाए और भारत की लड़कियों के लाभार्थी महिलाओं के लिए कुछ अच्छा काम करें अगर यह होता है तो इस पर भारत का फायदा यह होगा कि आप भारत में जो है महिला शिक्षा को लेकर अभी भी बात गंभीरता में चल रही है भारत का अगर हम परसेंटेज देखते हैं कि महिला जो है कितनी स्कूल जाती है शिक्षा प्राप्त करती हो बहुत ही कम है तो खाना कहां पर मलाला यूसुफजई की महिला शिक्षक पहल का विस्तार करने की योजना से जो है महिला ज्यादा शिक्षित होगी महिला शिक्षिका में या फिर जो महिला जो स्कूल जाती है उन में बढ़ोतरी होगी महिलाओं को ज्यादा नौकरी मिलेगी अगर वह शिक्षा करेगी सिर्फ वही नहीं महिलाओं के खिलाफ जितने भी अत्याचार होते आ रहे हो वह भी खाना खा कम हो गए और उन्हें जो है मलाला यूसुफजई का यूएन मैसेंजर ऑफ पीस इन सेट में अपार्टमेंट को मिलेगा या फिर उनका जो गोलमा का नेटवर्क है उन्हें भी पार्टिसिपेट करने का एक मौका मिलेगा इसे नुकसान मुझे यह तो कोई नुकसान होगा लेकिन अगर भारत के राजनेता जो है अगर मैं मलाला यूसुफजई को भारत आने नहीं देते या फिर कहते हैं कि कोई भी पाकिस्तान के लोग गाने आने चाहिए तो कि यह खाना कब भेजोगे कि नुकसान होगी लेकिन अगर इस चीज को गर्म छोड़े तो खाना कहां पर भारत में समय कई सारे फायदे महिला शिक्षित या फिर महिला शिक्षिका जो है उसमें बढ़ोतरी आएगी महिला ज्यादा शिक्षित होगी और चौड़ा करने योग्य मींस एजुकेशन का होगा वह भी ज्यादा फैल है

vishwa ki dusri sabse yuva nobel shanti puraskar vijeta aur pakistan ke rehne waali malala yusufajai ne jo hai yah iccha jatai hai ki vaah bharat mein kaam karna chahti hai aur vaah bharat mein mahila shiksha pahal ka vistaar karne ki yojana bana rahi hai kyonki abhi daawat mein hai unhone yah kaha hai ki unhe har saal jo hai bharat ke logon se pyar aur sammaan milta hai aur unki iccha hai ki vaah bharat jaaye aur bharat ki ladkiyon ke labharthi mahilaon ke liye kuch accha kaam karen agar yah hota hai toh is par bharat ka fayda yah hoga ki aap bharat mein jo hai mahila shiksha ko lekar abhi bhi baat gambhirta mein chal rahi hai bharat ka agar hum percentage dekhte hain ki mahila jo hai kitni school jaati hai shiksha prapt karti ho bahut hi kam hai toh khana kahaan par malala yusufajai ki mahila shikshak pahal ka vistaar karne ki yojana se jo hai mahila zyada shikshit hogi mahila shikshika mein ya phir jo mahila jo school jaati hai un mein badhotari hogi mahilaon ko zyada naukri milegi agar vaah shiksha karegi sirf wahi nahi mahilaon ke khilaf jitne bhi atyachar hote aa rahe ho vaah bhi khana kha kam ho gaye aur unhe jo hai malala yusufajai ka un messenger of peace in set mein apartment ko milega ya phir unka jo golma ka network hai unhe bhi participate karne ka ek mauka milega ise nuksan mujhe yah toh koi nuksan hoga lekin agar bharat ke raajneta jo hai agar main malala yusufajai ko bharat aane nahi dete ya phir kehte hain ki koi bhi pakistan ke log gaane aane chahiye toh ki yah khana kab bhejoge ki nuksan hogi lekin agar is cheez ko garam chode toh khana kahaan par bharat mein samay kai saare fayde mahila shikshit ya phir mahila shikshika jo hai usmein badhotari aaegi mahila zyada shikshit hogi aur chauda karne yogya means education ka hoga vaah bhi zyada fail hai

विश्व की दूसरी सबसे युवा नोबेल शांति पुरस्कार विजेता और पाकिस्तान के रहने वाली मलाला यूसुफ

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Sameer Tripathy

Political Critic

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

दतिया जो मलाला है जो योगेश नोबेल पुरस्कार विजेता है और उनके पूरे विश्व में उनका नाम है वॉल्यूम पर्सनालिटी है तो उन्होंने अगर अगर भारत में महानगर महिला एजुकेशन चाउमीन एजुकेशन को तो वह बढ़ावा देने की को चप्पल से इच्छा जता है वह बहुत ही अच्छा है क्योंकि अगर पाकिस्तान के रहने वाले और अगर ऐसे ही उनको अगर सोचो इतना अच्छा है तो हमारे दोनों जो देश के लिए जो दोनों रिलेशनशिप अच्छा रहेगा और सबसे इंपोर्टेंट है वह भारत को भारत के लिए बहुत फायदा होगा भेजिए भारत में जो छोटे-छोटे जो अगर विलेज देखेंगे जो टायर थ्री टायर फॉर सिटी जो टैटू से लेकर टाइप 3 4 सिटी जो है छोटे-छोटे विलेज ऐसे छोटे-छोटे शहर है वहां पर रोमांस एजुकेशन को इतना बढ़ावा नहीं हो पा रहा है और छोटे-छोटे गांव है जो उम्र लड़कियों को 12 साल की लड़कियों को शादी कर दे रहे बाल विभाग कर दे रहे उनको पढ़ाई नहीं कर रहे पढ़ाई करने के लिए नहीं दे रहे तू जो यह जो मलाला है वह मैन एजुकेशन को बढ़ावा देना चाहते हैं वह बहुत ही अच्छी बात है इसमें क्या होगा पूरा सब मुझे दोनों को जो एक उल्टा कोई डिस्कशन नहीं होगा जेंडर इक्वलिटी जेंडर इक्वलिटी होगा जो मैं अगर अगर कोई लोग सोचते हैं कि सिर्फ लड़के ही पढ़ाई करेंगे लड़के ही जॉब करेंगे तो यह बहुत ही गलत बात है लड़का लड़की बहुत दोनों को दोनों को ही पढ़ना चाहिए आजकल जो माता-पिता जो को अगर वह आजकल लड़कियां लड़कों को ज्यादा इंपोर्टेंस देते हैं पढ़ाई कर आते हैं उनको उन लड़कियों को अगवा लड़कियों को उनके घर के काम पर लगा दे दी उसके बाद उनकी शादी कर देते तो यह बहुत ही गलत बात है तो महिला है जो वह मेंस एजुकेशन बहुत ही जरूरी है माला हो या कोई भी आगे अगर कोई भी यह जो मारा लाइन इसीलिए वह बहुत ही अच्छी बात है अगर हम लोग केवल भारतवासी होने के नाते हम लोगों के नीचे करना है वूमेन एजुकेशन के लिए

datiya jo malala hai jo Yogesh nobel puraskar vijeta hai aur unke poore vishwa mein unka naam hai volume personality hai toh unhone agar agar bharat mein mahanagar mahila education chaumin education ko toh vaah badhawa dene ki ko chappal se iccha jata hai vaah bahut hi accha hai kyonki agar pakistan ke rehne waale aur agar aise hi unko agar socho itna accha hai toh hamare dono jo desh ke liye jo dono Relationship accha rahega aur sabse important hai vaah bharat ko bharat ke liye bahut fayda hoga bhejiye bharat mein jo chhote chhote jo agar village dekhenge jo tyre three tyre for city jo tattoo se lekar type 3 4 city jo hai chhote chhote village aise chhote chhote shehar hai wahan par romance education ko itna badhawa nahi ho paa raha hai aur chhote chhote gaon hai jo umr ladkiyon ko 12 saal ki ladkiyon ko shadi kar de rahe baal vibhag kar de rahe unko padhai nahi kar rahe padhai karne ke liye nahi de rahe tu jo yah jo malala hai vaah man education ko badhawa dena chahte hain vaah bahut hi achi baat hai isme kya hoga pura sab mujhe dono ko jo ek ulta koi discussion nahi hoga gender Equality gender Equality hoga jo main agar agar koi log sochte hain ki sirf ladke hi padhai karenge ladke hi job karenge toh yah bahut hi galat baat hai ladka ladki bahut dono ko dono ko hi padhna chahiye aajkal jo mata pita jo ko agar vaah aajkal ladkiyan ladko ko zyada importance dete hain padhai kar aate hain unko un ladkiyon ko agava ladkiyon ko unke ghar ke kaam par laga de di uske baad unki shadi kar dete toh yah bahut hi galat baat hai toh mahila hai jo vaah mains education bahut hi zaroori hai mala ho ya koi bhi aage agar koi bhi yah jo mara line isliye vaah bahut hi achi baat hai agar hum log keval bharatvasi hone ke naate hum logon ke neeche karna hai women education ke liye

दतिया जो मलाला है जो योगेश नोबेल पुरस्कार विजेता है और उनके पूरे विश्व में उनका नाम है वॉल

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