भारत में व्यापक रूप से फैली आर्थिक असमानता का सबसे अहम कारण क्या है?...


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Sa Sha

Journalist since 1986

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हनी में एक आंकड़ा सामने आया किसने बताया गया था कि दुनिया में सबसे ज्यादा अरबपति भारत में इस मामले में हमारे देश में रूस और ब्रिटेन को पीछे छोड़कर अमेरिका और चीन के बाद अपनी जगह बना ली है इस समय भारत में 97 अरबपति हैं अब गरीबी की बात करले भारत के लगभग 35% आबादी सब भारत सरकार के पैमाने पर गरीबी रेखा के नीचे इसके पीछे आबादी शिक्षा तो है ही सरकार भी कोई कम जी पर बात नहीं है मेरी समझ में तो आर्थिक असमानता का सबसे बड़ा कारण सरकारी नीति है एक तरफ सरकार पूंजीपतियों को ध्यान में रखकर कानून बनाती है तो दूसरी तरफ सरकार की नीतियों पर पूंजीपतियों का प्रभाव ज्यादा रहता है वैसे भी आजकल दुनिया भर में यह नया ट्रेन चल पड़ा है कि बड़े बड़े उद्योगपति तमाम सरकारी चला रहे हैं

honey mein ek akanda saamne aaya kisne bataya gaya tha ki duniya mein sabse zyada arabpati bharat mein is mamle mein hamare desh mein rus aur britain ko peeche chhodkar america aur china ke baad apni jagah bana li hai is samay bharat mein 97 arabpati hain ab garibi ki baat karle bharat ke lagbhag 35 aabadi sab bharat sarkar ke paimane par garibi rekha ke niche iske peeche aabadi shiksha toh hai hi sarkar bhi koi kam ji par baat nahi hai meri samajh mein toh aarthik asamanta ka sabse bada karan sarkari niti hai ek taraf sarkar punjipatiyon ko dhyan mein rakhakar kanoon banati hai toh dusri taraf sarkar ki nitiyon par punjipatiyon ka prabhav zyada rehta hai waise bhi aajkal duniya bhar mein yah naya train chal pada hai ki bade bade udyogpati tamaam sarkari chala rahe hain

हनी में एक आंकड़ा सामने आया किसने बताया गया था कि दुनिया में सबसे ज्यादा अरबपति भारत में इ

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Sachin Bharadwaj

Faculty - Mathematics

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विकी जिस तरह से हमारे देश के अंदर आर्थिक असमानता की खाई निरंतर बढ़ती जा रही है उसकी वजह से हमारे देश को आर्थिक विकास दर काफी ज्यादा प्रभावित हुई है अगर मैं इसके कारणों की बात करूं तो उसके बहुत सारे कारण है जैसे उनके आज हमारे देश के अंदर जो BPL फैमिली से हैं वह 29.8 पर्सेंट है यानी हमारे देश की कुल आबादी में 29.8 पर्सेंट BPL फैमिली इसके अंदर आते हैं आज भी दूसरा क्या है जैसा कि एक सर्वे के मुताबिक दो हमारे देश की जनसंख्या 2026 तक 1.5 बिलियन को क्रॉस कर जाएगी जो विश्व का सबसे पॉपुलेटेड कंट्री होगा हमारा देश तो इसके बहुत सारे रीजन है एक तू बढ़ती जनसंख्या हमारे देश के अंदर दूसरा निरक्षरता तीसरा खराब स्वास्थ्य सेवाएं जो हमारे देश के अंदर हैं और वित्तीय संसाधन जो गरीब लोगों को नहीं मिल पाते हैं हालांकि सरकार ने पावर्टी दिल्ली प्रोग्राम बहुत ज्यादा शुरुआत की थी लेकिन वह कंपेटिबल इतने ज्यादा सक्सेसफुल हुए नहीं तो मुझे लगता है कि अगर इस आर्थिक असमानता की खाई को कहीं ना कहीं कम किया जाए तो बहुत अच्छा होगा हमारे देश के लिए हमारे देश की आर्थिक विकास दर के लिए तो उसका जो सबसे पहला कदम होगा वह डेफिनेटली पापुलेशन कंट्रोल को हो जाएगा क्योंकि जब तक हम ने देश की पॉपुलेशन को कंट्रोल नहीं करेंगे आर्थिक विकास दर के बारे में और डिश पैरिटी ऑफ इनकम डिस्ट्रीब्यूशन के बारे में बिल्कुल सोच ही नहीं सकते तो हालाकि सरकार ने फैमिली प्लानिंग प्रोग्राम भी स्टार्ट किया लेकिन उसके कुछ अच्छे रिजल्ट नहीं आए मैं तो चाहूंगा कि सरकार को फ्री नहीं सेट करना पड़ेगा क्योंकि जिस तरह से हमारे देश की पापुलेशन बढ़ रही है उसकी वजह से आज आने आगे आने वाले समय में बहुत ज्यादा दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा

vicky jis tarah se hamare desh ke andar aarthik asamanta ki khai nirantar badhti ja rahi hai uski wajah se hamare desh ko aarthik vikas dar kaafi zyada prabhavit hui hai agar main iske karanon ki baat karu toh uske bahut saare karan hai jaise unke aaj hamare desh ke andar jo BPL family se hain vaah 29 8 percent hai yani hamare desh ki kul aabadi mein 29 8 percent BPL family iske andar aate hain aaj bhi doosra kya hai jaisa ki ek survey ke mutabik do hamare desh ki jansankhya 2026 tak 1 5 billion ko cross kar jayegi jo vishwa ka sabse papuleted country hoga hamara desh toh iske bahut saare reason hai ek tu badhti jansankhya hamare desh ke andar doosra niraksharata teesra kharab swasthya sevayen jo hamare desh ke andar hain aur vittiy sansadhan jo garib logo ko nahi mil paate hain halaki sarkar ne poverty delhi program bahut zyada shuruat ki thi lekin vaah kampetibal itne zyada successful hue nahi toh mujhe lagta hai ki agar is aarthik asamanta ki khai ko kahin na kahin kam kiya jaaye toh bahut accha hoga hamare desh ke liye hamare desh ki aarthik vikas dar ke liye toh uska jo sabse pehla kadam hoga vaah definetli population control ko ho jaega kyonki jab tak hum ne desh ki population ko control nahi karenge aarthik vikas dar ke bare mein aur dish parity of income distribution ke bare mein bilkul soch hi nahi sakte toh halaki sarkar ne family planning program bhi start kiya lekin uske kuch acche result nahi aaye main toh chahunga ki sarkar ko free nahi set karna padega kyonki jis tarah se hamare desh ki population badh rahi hai uski wajah se aaj aane aage aane waale samay mein bahut zyada dikkaton ka samana karna padega

विकी जिस तरह से हमारे देश के अंदर आर्थिक असमानता की खाई निरंतर बढ़ती जा रही है उसकी वजह से

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Shubham

Software Engineer in IBM

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सरजू आप आर्थिक असमानता की बात करें यह केसा क्वेश्चन है और मैं आपको बताऊं और जो आर्थिक डिफरेंट से आर्थिक व्यवस्था है और आर्थिक समानता है इसके पीछे कई कारण है और बहुत सारे कारण है जैसे करप्शन ठीक है पॉलिटिक्स ठीक है और जैसे मैं आपको बताऊं करप्शन आपको पता है जो अगर कुछ सालों का रिकॉर्ड देखें दो जो अमीर हो अमीर बनता जा रहा जो गरीब और गरीब होता जा रहा है वहीं कहीं सच भी दर्ज है यह सब क्या करते हैं यह बोर्ड बोर्ड बोर्ड मांगने के टाइम से सब कुछ करते हैं लेकिन इनके लिए करते कुछ नहीं है ऐसे ऐसे नियम के लिए पॉलिसी लॉन्च न्यू फोन लॉन्च करती पॉलिसी भोसरी फंडिंग बिगड़ती है ताकि लोगों को फायदा हो तो आर्थिक स्थल से नीचे हैं आर्थिक रेखा से नीचे है लेकिन इन लोगों को पूरी मदद मिलती नहीं है या तो मिलती नहीं मिलती तो बहुत मजदूरी मिलती है तो उसके पीछे कहीं ना कहीं मर सिस्टम की गलती है पहली गलती हो गई दूसरी चीज आजो आजो गरीब आर्थिक रेखा से नीचे वाले लोगों को फुर्सत ही नहीं मिलती जैसे मैं आपको बताओ अगर हम देखें आपको बता दू स्कॉलरशिप मिलती है कॉलेज में स्कूल में तो वह भी आकाश की सबसे बढ़िया सा राजू जनरल उगम को नहीं मिलेगी जो आर्थिक व्यवस्था से अगर आप शाम देना चाहें तो दे सकते हैं लेकिन नहीं देते आपको बता दूंगा जो अमीर होता है और अगर ओबीसी RPSC जाता है उनको उसको से मिल जाती है लेकिन जनरल होता है लेकिन उसकी अगर आती है बिल्कुल भी बेकार है लेकिन फिर भी उसको से नहीं मिलती तो यह भी कहीं ना कहीं असंभव समानता का कारण है हमारे भारत की भारत में आर्थिक असमानता फैलाते हैं

saraju aap aarthik asamanta ki baat kare yah kesa question hai aur main aapko bataun aur jo aarthik different se aarthik vyavastha hai aur aarthik samanata hai iske peeche kai karan hai aur bahut saare karan hai jaise corruption theek hai politics theek hai aur jaise main aapko bataun corruption aapko pata hai jo agar kuch salon ka record dekhen do jo amir ho amir baata ja raha jo garib aur garib hota ja raha hai wahi kahin sach bhi darj hai yah sab kya karte hai yah board board board mangne ke time se sab kuch karte hai lekin inke liye karte kuch nahi hai aise aise niyam ke liye policy launch new phone launch karti policy bhosari funding bigadati hai taki logo ko fayda ho toh aarthik sthal se niche hai aarthik rekha se niche hai lekin in logo ko puri madad milti nahi hai ya toh milti nahi milti toh bahut mazdoori milti hai toh uske peeche kahin na kahin mar system ki galti hai pehli galti ho gayi dusri cheez ajo ajo garib aarthik rekha se niche waale logo ko phursat hi nahi milti jaise main aapko batao agar hum dekhen aapko bata do scholarship milti hai college mein school mein toh vaah bhi akash ki sabse badhiya sa raju general ugam ko nahi milegi jo aarthik vyavastha se agar aap shaam dena chahain toh de sakte hai lekin nahi dete aapko bata dunga jo amir hota hai aur agar obc RPSC jata hai unko usko se mil jaati hai lekin general hota hai lekin uski agar aati hai bilkul bhi bekar hai lekin phir bhi usko se nahi milti toh yah bhi kahin na kahin asambhav samanata ka karan hai hamare bharat ki bharat mein aarthik asamanta failate hain

सरजू आप आर्थिक असमानता की बात करें यह केसा क्वेश्चन है और मैं आपको बताऊं और जो आर्थिक डिफर

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Janak

An Enthusiastic Entrepreneur.

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जाम भारत में जो आर्थिक और समानता है उसका सबसे आम कारण यह हो सकता है कि भारत का पॉपुलेशन काफी ज्यादा है और काफी अलग इकनोमिक सिलेबस इन लोगों डिवाइड होते हैं और उन सबके लिए एक अलग इकनोमिक कल बजट बनाना पड़ता है जो कि काफी डिफिकल्ट है हमारा भारत अगर देखा जाए तो अगर लोगों का माइंड सेट देखे तो इकोनॉमिक लीक ऑफिस कौन है जो इंप्लीमेंटेशन की बात आती है जब कुछ काम करने की बात आती है तब कोई न कोई अड़चन आ जाती है उन्हें काफी सारे 12 इयर्स आ जाते हैं काफी सारे डिस्ट्रक्शन आ जाते हैं तो इसी वजह से भारत व्यापक रूप में अगर देखे तो आर्थिक असमानता का सबसे कारण यही है के वेराइटी ऑफ पीपल है हमारी कंट्री में और हरी काई क्रॉनिकल लेवल टेबल नहीं है

jam bharat mein jo aarthik aur samanata hai uska sabse aam karan yah ho sakta hai ki bharat ka population kaafi zyada hai aur kaafi alag economic syllabus in logo divide hote hain aur un sabke liye ek alag economic kal budget banana padta hai jo ki kaafi difficult hai hamara bharat agar dekha jaaye toh agar logo ka mind set dekhe toh economic leak office kaun hai jo implementation ki baat aati hai jab kuch kaam karne ki baat aati hai tab koi na koi adachan aa jaati hai unhe kaafi saare 12 years aa jaate hain kaafi saare destruction aa jaate hain toh isi wajah se bharat vyapak roop mein agar dekhe toh aarthik asamanta ka sabse karan yahi hai ke veraiti of pipal hai hamari country mein aur hari kai chronicle level table nahi hai

जाम भारत में जो आर्थिक और समानता है उसका सबसे आम कारण यह हो सकता है कि भारत का पॉपुलेशन का

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Anukrati

Journalism Graduate

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मुझे लगता है कि आर्थिक असमानता के लिए कई अहम कारण हैं हमारे समाज की संरचना सदियों से चला आ रहा उच्च नीच का भेदभाव और शिक्षा अपने अधिकारों के बारे में जानकारी नहीं होना भारत की बढ़ती हुई जनसंख्या भ्रष्टाचार अपराधिक गतिविधियां लचर कानून व्यवसाय जनता के मन में बैठा हुआ भाई सबसे जरूरी मुझे लगता है कि व्यक्ति को शिक्षित होना अति आवश्यक है अगर वह शिक्षित होगा तो उसे अपने अधिकार पता होंगे किसी भी अपराधी के आगे बाजू के गाया डरेगा नहीं वह पूरे तथ्यों के साथ अपनी बात समाज और कानून के सामने रखेगा लेकिन उसके लिए कानून व्यवस्था को भी पारदर्शी और निष्पक्ष होना होगा की जनता को उस पर विश्वास हो आज हमारा देश हमारा समाज लोगों की सोच परिवर्तन की दिशा में कद बढ़ा रहा है आज के युवाओं भेदभाव नहीं मानते अमीरी-गरीबी उन्हें प्रभावित नहीं करती युवा वर्ग अपने विचारों से इस असमानता को काफी हद तक खत्म करने करत करता है ऐसा मेरा मानना है

mujhe lagta hai ki aarthik asamanta ke liye kai aham karan hain hamare samaj ki sanrachna sadiyon se chala aa raha ucch neech ka bhedbhav aur shiksha apne adhikaaro ke bare mein jaankari nahi hona bharat ki badhti hui jansankhya bhrashtachar apradhik gatividhiyan lachar kanoon vyavasaya janta ke man mein baitha hua bhai sabse zaroori mujhe lagta hai ki vyakti ko shikshit hona ati aavashyak hai agar vaah shikshit hoga toh use apne adhikaar pata honge kisi bhi apradhi ke aage baju ke gaaya darega nahi vaah poore tathyon ke saath apni baat samaj aur kanoon ke saamne rakhega lekin uske liye kanoon vyavastha ko bhi pardarshi aur nishpaksh hona hoga ki janta ko us par vishwas ho aaj hamara desh hamara samaj logo ki soch parivartan ki disha mein kad badha raha hai aaj ke yuvaon bhedbhav nahi maante amiri garibi unhe prabhavit nahi karti yuva varg apne vicharon se is asamanta ko kaafi had tak khatam karne karat karta hai aisa mera manana hai

मुझे लगता है कि आर्थिक असमानता के लिए कई अहम कारण हैं हमारे समाज की संरचना सदियों से चला आ

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Kunjansinh Rajput

Aspiring Journalist

1:07
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

भारत को आजाद हुए लगभग 75 वर्ष हो चुके है और मेरी सबसे दिक्कत है बहुत दुखद की खबर है कि भारत में अभी भी असमानता है यह समानता के कई कई कारण हैं सबसे पहला कारण यह होगा कि जब काश सिस्टम है हमें लेखाकार सिस्टम कैसे असमानता देश में बढ़ा रहा है हमने देखा है कि कैसे का सिस्टम के कारण चला कैटेगरी के लोग ज्यादा आगे नहीं बढ़ पा रहे हो चाहे नौकरी की बात हो या कॉलेज में एडमिशन की बात हो दूसरा यह होगा कि जिस तरीके से देश की आबादी बढ़ रही है यह बहुत ही दुखद खबर है और इसके कारण असमानता भी बढ़ रही है अगर हम देखे जा एयरपोर्ट तो भारत सबसे ज्यादा आबादी वाला देश पूरी दुनिया में और इसके कारण 19 में जो है भारत की वह भी असमान तरह रही है या फिर अनफ्रेंड आ रही है तीसरा कॉलोनी होगा कि भारत में इंटरेस्ट बहुत है या फिर अब कह सकते कि भारत में शिक्षित लोग ज्यादा नहीं है ज्यादा पढ़े लिखे लोगों और इसके कारण समानता है तो मेरी सबसे यह तीन मुख्य कारण है असमानता के भारत जैसे देश में

bharat ko azad hue lagbhag 75 varsh ho chuke hai aur meri sabse dikkat hai bahut dukhad ki khabar hai ki bharat mein abhi bhi asamanta hai yah samanata ke kai kai karan hain sabse pehla karan yah hoga ki jab kash system hai hamein lekhakaar system kaise asamanta desh mein badha raha hai humne dekha hai ki kaise ka system ke karan chala category ke log zyada aage nahi badh paa rahe ho chahen naukri ki baat ho ya college mein admission ki baat ho doosra yah hoga ki jis tarike se desh ki aabadi badh rahi hai yah bahut hi dukhad khabar hai aur iske karan asamanta bhi badh rahi hai agar hum dekhe ja airport toh bharat sabse zyada aabadi vala desh puri duniya mein aur iske karan 19 mein jo hai bharat ki vaah bhi asamaan tarah rahi hai ya phir anafrend aa rahi hai teesra colony hoga ki bharat mein interest bahut hai ya phir ab keh sakte ki bharat mein shikshit log zyada nahi hai zyada padhe likhe logo aur iske karan samanata hai toh meri sabse yah teen mukhya karan hai asamanta ke bharat jaise desh mein

भारत को आजाद हुए लगभग 75 वर्ष हो चुके है और मेरी सबसे दिक्कत है बहुत दुखद की खबर है कि भार

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