इकोनॉमिस्ट ने फ्रांस का नाम 'कंट्री ऑफ़ द ईयर' रखा था भारत को एक समान वैश्विक 1 नंबर स्थिति तक पहुंचने में सक्षम होने के लिए क्या करना चाहिए?...


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Raj Shah

Aspiring engineer

0:22

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

सबसे पहले तो हमें इकोनॉमी बढ़ाने के लिए अंदर जो झगड़ा चल रहा है उसे बंद करना होगा हमें देश में एक-दूसरे को बोलने के लिए अलाव करना होगा जैसे आप देखते सचिन तेंदुलकर को कल बोलने नहीं दिया संदेश में फ्रीडम ऑफ स्पीच नहीं रख पा रहे हैं तो हम अगर देश में अपने जो जरूरी 2 3 4 राइट से उन्हें पहले अलाव करें फिर देश प्रगति करेगा

sabse pehle toh hamein economy badhane ke liye andar jo jhagda chal raha hai use band karna hoga hamein desh mein ek dusre ko bolne ke liye allow karna hoga jaise aap dekhte sachin tendulkar ko kal bolne nahi diya sandesh mein freedom of speech nahi rakh paa rahe hain toh hum agar desh mein apne jo zaroori 2 3 4 right se unhe pehle allow kare phir desh pragati karega

सबसे पहले तो हमें इकोनॉमी बढ़ाने के लिए अंदर जो झगड़ा चल रहा है उसे बंद करना होगा हमें देश

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Janak

An Enthusiastic Entrepreneur.

1:52
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

इकोनॉमिस्ट ने फ्रांस का नाम कंट्री ऑफ द ईयर रखा था भारत अध्यक्ष अति क्वेश्चन है कि भारत को यह सब करने के लिए टू बी द नंबर वन के लिए क्या करना चाहिए करना तो चाहिए Kick तो फोन का फाउंडेशन स्ट्रांग करना चाहिए हमारे देश में एक से बढ़कर एक इकोनॉमिस्ट पीपल हैव द प्लस पॉइंट ऑफ अ कंट्री हमारे देश का प्लस पॉइंट यह है कि हमारे लोग इकोनॉमिक समझते हैं हमारे लोगों को पता है कि पैसा कैसा है पैसा का क्या ABCD पैसा कैसे उपयोग होता है काश लोग कैसे शुरू होता है कैसे सेव किया जाता है बाहर की कंट्री इसमें जितना मैंने पढ़ा है लोगों को पता ही नहीं है क्या उनकी करना में कैसे काम करती है हमारे देश में लोगों को पता है कि कहां में कैसे काम करती है तो एक अच्छा सा फाउंडेशन बने एक अच्छा सा कैश फ्लो बन एक अच्छा सा एक्सट्रेक्ट रूल हो इकोनॉमी के ऊपर टाइल जो फालतू के शौक से जो गांव में दम से ले रही है लोगों को तंग कर रही है मतलब तंग इन द साइंस कष्ट कष्ट के थ्रू पैसे की जरुरत तंग कर रही है का संस्कृत रूप सागर एक बार बंद हो जाए सारा काला धन सब करप्शन वगैरा सब कुछ बंद हो जाए फाइनेंसियल इस टेबलेट को प्रणाम एक्लिप्स टेबल जब हमारी कंट्री बनेगी और उसके बाद यह सब करने के बाद जब प्रोग्रेस होगा जब प्रगति मिलेगी हमारा देश का जीडीपी पड़ेगा ₹20 की वैल्यू बढ़ेगी इन्फ्लेशन नहीं रहेगा या कह सकते हैं और कुछ इफेक्ट नहीं करेगा प्रोडक्शन ज्यादा होगा वह कास्ट लो ज्यादा होगा एक टेबल इकॉनॉमी जब तक रहेगी तब के तभी शायद हमारे यहां कंट्री ऑफ द ईयर इकोनॉमिस्ट में हमारा नाम आज नंबर वन आ सकता है

economist ne france ka naam country of the year rakha tha bharat adhyaksh ati question hai ki bharat ko yah sab karne ke liye to be the number van ke liye kya karna chahiye karna toh chahiye Kick toh phone ka foundation strong karna chahiye hamare desh mein ek se badhkar ek economist pipal have the plus point of a country hamare desh ka plus point yah hai ki hamare log economic samajhte hain hamare logo ko pata hai ki paisa kaisa hai paisa ka kya ABCD paisa kaise upyog hota hai kash log kaise shuru hota hai kaise save kiya jata hai bahar ki country isme jitna maine padha hai logo ko pata hi nahi hai kya unki karna mein kaise kaam karti hai hamare desh mein logo ko pata hai ki kahaan mein kaise kaam karti hai toh ek accha sa foundation bane ek accha sa cash flow ban ek accha sa eksatrekt rule ho economy ke upar tile jo faltu ke shauk se jo gaon mein dum se le rahi hai logo ko tang kar rahi hai matlab tang in the science kasht kasht ke through paise ki zaroorat tang kar rahi hai ka sanskrit roop sagar ek baar band ho jaaye saara kaala dhan sab corruption vagera sab kuch band ho jaaye financial is tablet ko pranam eclipse table jab hamari country banegi aur uske baad yah sab karne ke baad jab progress hoga jab pragati milegi hamara desh ka gdp padega Rs ki value badhegi inflation nahi rahega ya keh sakte hain aur kuch effect nahi karega production zyada hoga vaah caste lo zyada hoga ek table ikanami jab tak rahegi tab ke tabhi shayad hamare yahan country of the year economist mein hamara naam aaj number van aa sakta hai

इकोनॉमिस्ट ने फ्रांस का नाम कंट्री ऑफ द ईयर रखा था भारत अध्यक्ष अति क्वेश्चन है कि भारत को

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Anukrati

Journalism Graduate

1:23
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

2015 के बाद से प्रत्येक क्रिसमस पर एक नाम इसमें कंट्री ऑफ द ईयर चुना है ऐसे देश की खोज करते हैं जो कि पिछले 12 महीनों में बेहतर रूप से बदल गए हैं यह जितने दुनिया को अपनी योगदान से उज्जवल बनाया है इकनोमिक में फ्रांस को चुनने के कई कारण दिए हैं इमैनुअल मैक्रोन जो किसी भी पारंपरिक दलों के समर्थन में नहीं थे उन्होंने राष्ट्रपति पद जीता मेट्रो में फ्रांस के लिए अभियान चलाया जो भी दोस्तों से लोगों वस्तुओं और विचारों के लिए खुला है और उनके खुद के देश में सामाजिक परिवर्तन के लिए भी छह महीनों में उन्होंने और उनकी पार्टी ने सेंसिबल रिफॉर्म्स की सीरीज निकाली जिसमें भ्रष्टाचार विरोधी विधेयक और फ्रांस के कट और श्रम कानूनों को ढीला करना शामिल है समाज के ओपन और क्लोज बिजनेस के बीच संघर्ष अभी दुनिया में सबसे महत्वपूर्ण राजनीतिक प्रतियोगिता हो सकता है फ्रांस ने इसका सामना किया और अपने खुले विचारों से उन्हें हरा दिया इस वजह से 19 मिक्का कंट्री ऑफ द ईयर बनाया गया इस रूप में भारत का चयन करने के लिए हमें जातिवाद भ्रष्टाचार राष्ट्रवाद और ऐसे कई हिमानी तेरी इन चीजों के संबंध में बहुत सुधार करने हैं जो एक देश के रूप में हमें बेहतर बनाएगा और साथ ही में दुनिया में भी एक अच्छी चीज कंट्रीब्यूट करेगा

2015 ke baad se pratyek Christmas par ek naam isme country of the year chuna hai aise desh ki khoj karte hain jo ki pichle 12 mahinon mein behtar roop se badal gaye hain yah jitne duniya ko apni yogdan se ujjawal banaya hai economic mein france ko chunane ke kai karan diye hain imainual maikron jo kisi bhi paramparik dalon ke samarthan mein nahi the unhone rashtrapati pad jita metro mein france ke liye abhiyan chalaya jo bhi doston se logo vastuon aur vicharon ke liye khula hai aur unke khud ke desh mein samajik parivartan ke liye bhi cheh mahinon mein unhone aur unki party ne sensibal reforms ki series nikali jisme bhrashtachar virodhi vidhayak aur france ke cut aur shram kanuno ko dheela karna shaamil hai samaj ke open aur close business ke beech sangharsh abhi duniya mein sabse mahatvapurna raajnitik pratiyogita ho sakta hai france ne iska samana kiya aur apne khule vicharon se unhe hara diya is wajah se 19 mikka country of the year banaya gaya is roop mein bharat ka chayan karne ke liye hamein jaatiwad bhrashtachar rashtravad aur aise kai himani teri in chijon ke sambandh mein bahut sudhaar karne hain jo ek desh ke roop mein hamein behtar banayega aur saath hi mein duniya mein bhi ek achi cheez kantribyut karega

2015 के बाद से प्रत्येक क्रिसमस पर एक नाम इसमें कंट्री ऑफ द ईयर चुना है ऐसे देश की खोज करत

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