क्या आपको लगता है कि मीडिया अनावश्यक रूप से तनाव का माहौल बना रहा है और वास्तविकता इतनी बुरी नहीं है?...


user
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मीडिया अपनी प्रसार संख्या और टीआरपी बढ़ाने के लिए कुछ अति सहयोग की 4 खबरें दिखाता है यह उसकी वेबसाइट मजबूरी है और जहां तक तनाव पैदा करने की बात है तो व्यवसाय के लिए तनाव पैदा करना किसी भी रूप में उचित नहीं है मीडिया को एक स्वस्थ माहौल बनाना चाहिए और स्वास्थ्य खबर दिखानी चाहिए धन्यवाद

media apni prasaar sankhya aur trp badhane ke liye kuch ati sahyog ki 4 khabren dikhaata hai yah uski website majburi hai aur jaha tak tanaav paida karne ki baat hai toh vyavasaya ke liye tanaav paida karna kisi bhi roop me uchit nahi hai media ko ek swasth maahaul banana chahiye aur swasthya khabar dikhaani chahiye dhanyavad

मीडिया अपनी प्रसार संख्या और टीआरपी बढ़ाने के लिए कुछ अति सहयोग की 4 खबरें दिखाता है यह उस

Romanized Version
Likes  82  Dislikes    views  1698
WhatsApp_icon
5 जवाब
qIcon
ask
ऐसे और सवाल
Loading...
Loading...
user
0:58
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

भारत में बहुत सारे मीडिया कंपनी खुली हुई है कोई मीडिया कंपनी को अच्छे से न्यूज़ मिल जाती है तो उसका की आदत पड़ जाती है जिसकी कोई मने मने तो नहीं है या कोई मन्नत अपूर्व कोई न्यूज़ नहीं दिखा पा रहे हैं तो उन्होंने उन्होंने चटपटी खबर बनाने के लिए अपने और से कुछ छोटे शिशु को बड़ा करके दिखा रहे हैं जैन समाज पर उन्होंने अपना दबाव बनाने के लिए कोशिश कर रहे हैं कभी खुलकर मीडिया सच्चाई को सामने लाने के लिए कुछ कर नहीं रहा एक तरफ से मीडिया समझोता पहले करती है फिर दूसरे समाज को दिखाती है तो इसका अंदर जो कि आप है इसको एक कमर्शियल परपज पर देखा जाता तो मीडिया अपना स्वार्थ के लिए निश्चित रूप से कुछ गलत कर रही है जो कि सब सहमति नहीं बन पा रही है

bharat mein bahut saare media company khuli hui hai koi media company ko acche se news mil jaati hai toh uska ki aadat pad jaati hai jiski koi mane mane toh nahi hai ya koi mannat apoorva koi news nahi dikha paa rahe hain toh unhone unhone chatpati khabar banane ke liye apne aur se kuch chote shishu ko bada karke dikha rahe hain jain samaj par unhone apna dabaav banane ke liye koshish kar rahe hain kabhi khulkar media sacchai ko saamne lane ke liye kuch kar nahi raha ek taraf se media samjhota pehle karti hai phir dusre samaj ko dikhati hai toh iska andar jo ki aap hai isko ek commercial purpose par dekha jata toh media apna swarth ke liye nishchit roop se kuch galat kar rahi hai jo ki sab sahmati nahi ban paa rahi hai

भारत में बहुत सारे मीडिया कंपनी खुली हुई है कोई मीडिया कंपनी को अच्छे से न्यूज़ मिल जाती ह

Romanized Version
Likes  1  Dislikes    views  
WhatsApp_icon
play
user

Dr.Nisha Joshi

Psychologist

0:55

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आपका प्रश्न है कि क्या आपको लगता है कि मुझे अनावश्यक रूप से तनाव का माहौल बना रहे हैं और वास्तविकता इतने बुरे नहीं है देखी देखा जाए तो कभी-कभी बात अभी तक दूरी होती है बहुत बुरी होती है लेकिन मीडिया नहीं दिखाती और कभी-कभी वास्तविकता इतनी बुरी होती नहीं है लेकिन बिटिया दिखा देती है ठीक है इसका मतलब यह है कि मीडिया पर कभी भरोसा नहीं करना चाहिए हाई कोर्ट में जब कोर्ट में मीडिया सबूत के तौर पर नहीं गिना जा सकता है ठीक है और नहीं न्यूज़पेपर को जो भी न्यूज़ करें जो भी मीडिया में देखे वह सच नहीं है यह जानकारी चले जब लगे कि हां कहीं और 1 न्यूज़ चैनल में सब कुछ सही दिखा रहा है तब जाकर सच मानिए ठीक है तब तक नहीं पूरी लाइफ टेक केयर एंड एंजॉय आपका दिन शुभ हो धन्यवाद

aapka prashna hai ki kya aapko lagta hai ki mujhe anavashyak roop se tanaav ka maahaul bana rahe hain aur vastavikta itne bure nahi hai dekhi dekha jaaye toh kabhi kabhi baat abhi tak doori hoti hai bahut buri hoti hai lekin media nahi dikhati aur kabhi kabhi vastavikta itni buri hoti nahi hai lekin bitiya dikha deti hai theek hai iska matlab yah hai ki media par kabhi bharosa nahi karna chahiye high court mein jab court mein media sabut ke taur par nahi gina ja sakta hai theek hai aur nahi Newspaper ko jo bhi news kare jo bhi media mein dekhe vaah sach nahi hai yah jaankari chale jab lage ki haan kahin aur 1 news channel mein sab kuch sahi dikha raha hai tab jaakar sach maniye theek hai tab tak nahi puri life take care and enjoy aapka din shubha ho dhanyavad

आपका प्रश्न है कि क्या आपको लगता है कि मुझे अनावश्यक रूप से तनाव का माहौल बना रहे हैं और व

Romanized Version
Likes  384  Dislikes    views  4456
WhatsApp_icon
user

꧁Dℰℰℙ ЅℋᎯℛℳᎯ꧂

Public Prossicutor ;(Sessions court Ahmedabad)

2:14
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आज की जो मीडिया है वह टोटली प्रोफेशनल मीडिया मीडिया को देश के देश का 230 राजा था कि देश के तीसरा आधार स्तंभ मीडिया को जो बनाया था मेरा इसलिए बनाया था क्यों शक हो गया वह सिस्टम सिस्टम के अंदर वह लोग सिर्फ पैसे कम पैसे कमाने और अपनी पब्लिसिटी कैसे करनी वह सही हो या गलत वह नहीं देती करने के लिए कई देशों को इस तरह से पब्लिश करते हैं कि लोगों के ऊपर उसका गलत असर जाता है और वह कई बार जो बाद में मालूम पड़ता है कि वह फेक न्यूज़ भी निकलती है तो इस तरह से वह भी आज का जो है वह पूरा टोटल के ऊपर यानी पैसे कमाने के ऊपर और कारपेट जो सिस्टम है उसमें आ गया है और आज का मीडिया जिस तरह से जो कोई भी छोटा भीम होता है उसको इस तरह से बड़ा कर देता है चालू दूसरा की कई केसों को वॉइस सरक नाचे जैसे मीडिया ट्रायल बन गया हूं कि मीडिया में जैसे ट्रायल चल रही हो वहां के लोगों को बुलाया और मीट बनाने का अपना केस भी चला देगा वह अपने आप को ऐसे एक्सपर्ट मानने लग गया मीडिया और मीडिया ट्रायल चलाने लग गया तो वह चीज गलत है और उसके कारण होते हैं उनका जैसे होता है कभी-कभी जैसे पाकिस्तान भारत होता जो चलता है और पाकिस्तान का भारत के पास क्या भारत के पास क्या सिस्टम है कि ऐसे देशों के लिए कि क्या वह कोशिश से उपयोग कर सकता है ऐसी टेक्नोलॉजी क्या है ऐसे क्या क्या उसके पास सारे हथियार और स्तर के कितने वह मीडिया बैलेंस हो कर देगा सो कर रहा किसी को पाकिस्तान के साथ ऐसी यूज़ करेगा भारत जैसे युद्ध पर लाइए हथियार यूज़ करेगा यह वह करेगा वह करेगा कि वह अपने आप को सर्वोपरि मानकर आजकल मीडिया इशारा डिक्लेयर कर देता है तू उससे भी नुकसान होता है हमारे देश को भी नुकसान होता है समाज को भी नुकसान होता है और उसके साथ लोग जुड़े लोगों को भी नुकसान

aaj ki jo media hai vaah totally professional media media ko desh ke desh ka 230 raja tha ki desh ke teesra aadhaar stambh media ko jo banaya tha mera isliye banaya tha kyon shak ho gaya vaah system system ke andar vaah log sirf paise kam paise kamane aur apni publicity kaise karni vaah sahi ho ya galat vaah nahi deti karne ke liye kai deshon ko is tarah se publish karte hain ki logo ke upar uska galat asar jata hai aur vaah kai baar jo baad mein maloom padta hai ki vaah fake news bhi nikalti hai toh is tarah se vaah bhi aaj ka jo hai vaah pura total ke upar yani paise kamane ke upar aur carpet jo system hai usme aa gaya hai aur aaj ka media jis tarah se jo koi bhi chota bhim hota hai usko is tarah se bada kar deta hai chaalu doosra ki kai keson ko voice sarak nache jaise media trial ban gaya hoon ki media mein jaise trial chal rahi ho wahan ke logo ko bulaya aur meat banane ka apna case bhi chala dega vaah apne aap ko aise expert manne lag gaya media aur media trial chalane lag gaya toh vaah cheez galat hai aur uske karan hote hain unka jaise hota hai kabhi kabhi jaise pakistan bharat hota jo chalta hai aur pakistan ka bharat ke paas kya bharat ke paas kya system hai ki aise deshon ke liye ki kya vaah koshish se upyog kar sakta hai aisi technology kya hai aise kya kya uske paas saare hathiyar aur sthar ke kitne vaah media balance ho kar dega so kar raha kisi ko pakistan ke saath aisi use karega bharat jaise yudh par laiye hathiyar use karega yah vaah karega vaah karega ki vaah apne aap ko sarvopari maankar aajkal media ishara declare kar deta hai tu usse bhi nuksan hota hai hamare desh ko bhi nuksan hota hai samaj ko bhi nuksan hota hai aur uske saath log jude logo ko bhi nuksan

आज की जो मीडिया है वह टोटली प्रोफेशनल मीडिया मीडिया को देश के देश का 230 राजा था कि देश के

Romanized Version
Likes  24  Dislikes    views  338
WhatsApp_icon
user
0:32
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आजकल मीडिया तो बहुत बिक गई है पूरी तरह मीडिया एक ही पक्ष लेती हमेशा सरकार है इसलिए कभी भी भाजपा की बुराई नहीं करते हो पिया पर कार्यालय हमें सरकार के कामों के अंदर करके आया लेकिन मैं भी आया था कुछ कम नहीं है मीडिया का जो रोल है आज बस एक अच्छा हो चुका है वहीं की सरकार

aajkal media toh bahut bik gayi hai puri tarah media ek hi paksh leti hamesha sarkar hai isliye kabhi bhi bhajpa ki burayi nahi karte ho piya par karyalay hamein sarkar ke kaamo ke andar karke aaya lekin main bhi aaya tha kuch kam nahi hai media ka jo roll hai aaj bus ek accha ho chuka hai wahi ki sarkar

आजकल मीडिया तो बहुत बिक गई है पूरी तरह मीडिया एक ही पक्ष लेती हमेशा सरकार है इसलिए कभी भी

Romanized Version
Likes    Dislikes    views  2
WhatsApp_icon
qIcon
ask
QuestionsProfiles

Vokal App bridges the knowledge gap in India in Indian languages by getting the best minds to answer questions of the common man. The Vokal App is available in 11 Indian languages. Users ask questions on 100s of topics related to love, life, career, politics, religion, sports, personal care etc. We have 1000s of experts from different walks of life answering questions on the Vokal App. People can also ask questions directly to experts apart from posting a question to the entire answering community. If you are an expert or are great at something, we invite you to join this knowledge sharing revolution and help India grow. Download the Vokal App!