क्या भारत की प्रगति चाइना की तुलना में कम होने के कारण पश्चिमीकरण फैला है?...


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Vikas Singh

Political Analyst

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

भारत की प्रगति चाइना से कम होने का सबसे मुख्य कारण यहां पर कांग्रेस का 70 साल का राज करना है क्योंकि कांग्रेस ने 70 साल देश को लूटा है देश में भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया है देश में अनेक टाइप के अत्याचार किए हैं देश के गरीबों के खून पसीना का पैसा इन्होंने विदेशों में जमा करके रखा है इसलिए हमारा देश आज चाइना से थोड़ा पीछे है उस अगर भारतीय जनता पार्टी जैसी पॉलीटिकल पार्टी कि अगर सरकार नहीं होती 70 साल तो हमारा देश आज पूरे विश्व में सबसे पावरफुल होता है आज हम सिर्फ अमेरिका चाइना से नहीं अमेरिका से भी आगे होते धन्यवाद

bharat ki pragati china se kam hone ka sabse mukhya karan yahan par congress ka 70 saal ka raj karna hai kyonki congress ne 70 saal desh ko loota hai desh mein bhrashtachar ko badhawa diya hai desh mein anek type ke atyachar kiye hain desh ke garibon ke khoon paseena ka paisa inhone videshon mein jama karke rakha hai isliye hamara desh aaj china se thoda peeche hai us agar bharatiya janta party jaisi political party ki agar sarkar nahi hoti 70 saal toh hamara desh aaj poore vishwa mein sabse powerful hota hai aaj hum sirf america china se nahi america se bhi aage hote dhanyavad

भारत की प्रगति चाइना से कम होने का सबसे मुख्य कारण यहां पर कांग्रेस का 70 साल का राज करना

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Chandraprakash Joshi

Ex-AGM RBI & CEO@ixamBee.com

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिये पाश्चातीकरण को मैं रीज़न नहीं मान सकता कि इस वजह से भारत की विकास दर चाइना से कम है, क्योंकि एक तो भारत में बहुत ज्यादा पाश्चातीकरण है, यह भी सही नहीं है| हम लोग इंग्लिश जरुर जादा जानते हैं क्योंकि हमारे यहां 200 सालों तक अंग्रेजों ने शासन किया| लेकिन बाकी चीजों में ऐसा भारत में कोई बहुत ज्यादा पाश्चातीकरण नहीं है, थोड़ा कुछ शहरों को छोड़ दो| उसमें भी बहुत सिलेक्टेड लोग है, अदरवाइज आज हमारे जो कल्चरल रूट्स से वह बहुत डीप है| अब आर्थिक डेवलपमेंट की बात आती है तो चाइना ने 1980 के दशक में ग्लोबलाइजेशन अपनी इकॉनमी में किया था| और वंहा पर कम्युनिस्ट गवर्मेंट रही है, जो हर गवर्नमेंट पॉलिसी को बहुत अच्छे से बहुत टाइटली इंप्लीमेंट कर पाती है| और हमने जो ग्लोबलाइजेशन की पॉलिसी कीवह करीब चाइना से 10 - 12 साल बाद शुरू की, उसके बावजूद भी हमारे यहां पर कोई गवर्नमेंट उतनी स्ट्रांग नहीं है, हमारे यहां पर कोलूशन गवर्मेंट रही है, डेमोक्रेटिक सेट अप है| एक कोशी सेटल स्ट्रक्चर है, स्टेट गवर्नमेंट अपने तरीके से काम करती हैं| तो वह जो सरकारी नीतियां हैं जिससे आर्थिक विकास हो सकता है उनके इंप्लीमेंटेशन में बहुत ज्यादा टाइम लग जाता है और वह बहुत स्लो तरीके से हो पाती है| जबकि चाइना में एक बहुत स्ट्रांग कम्युनिस्ट डेवलपमेंट है, और वहां पर वह अपनी आर्थिक विकास की नीतियों को बहुत स्ट्रांग ली लागू कर पाती हैं, इसके चलते चाइना में विकास दर तेज हुई है| जबकि हमारे यहां पर सोशल इश्यूज और करप्शन और लोकल पॉलिटिक्स अच्छी आर्थिक नीतियों को लागू भी नहीं होने देती है| पॉलिटिक्स के नाम पर उसका बहुत विरोध होता है, और हम एक डेमोक्रेटिक सेट अप है तो जनता यह सब इकनोमिक समझ नहीं सकती है| और वह दूसरी पार्टी आ जाती है, जो उन्हें फ्री की चीजें दे रहा होता है, उनको जनता वोट देती है उसके इकनोमिक कोन्सेक़ुएन्केस लोग समझते नहीं है| तो हमारे यहां पर आर्थिक डेवलपमेंट की दर इसलिए स्लो है, क्योंकि चाइना का उसका इंप्लीमेंटेशन हमसे बहुत अच्छा है|

dekhiye pashchatikaran ko main reason nahi maan sakta ki is wajah se bharat ki vikas dar china se kam hai kyonki ek toh bharat mein bahut zyada pashchatikaran hai yah bhi sahi nahi hai hum log english zaroor zyada jante hain kyonki hamare yahan 200 salon tak angrejo ne shasan kiya lekin baki chijon mein aisa bharat mein koi bahut zyada pashchatikaran nahi hai thoda kuch shaharon ko chhod do usmein bhi bahut selected log hai otherwise aaj hamare jo cultural roots se vaah bahut deep hai ab aarthik development ki baat aati hai toh china ne 1980 ke dashak mein globalization apni economy mein kiya tha aur vanha par communist government rahi hai jo har government policy ko bahut acche se bahut taitali implement kar pati hai aur humne jo globalization ki policy kivah kareeb china se 10 12 saal baad shuru ki uske bawajud bhi hamare yahan par koi government utani strong nahi hai hamare yahan par kolushan government rahi hai democratic set up hai ek koshi settle structure hai state government apne tarike se kaam karti hain toh vaah jo sarkari nitiyan hain jisse aarthik vikas ho sakta hai unke implementation mein bahut zyada time lag jata hai aur vaah bahut slow tarike se ho pati hai jabki china mein ek bahut strong communist development hai aur wahan par vaah apni aarthik vikas ki nitiyon ko bahut strong li laagu kar pati hain iske chalte china mein vikas dar tez hui hai jabki hamare yahan par social issues aur corruption aur local politics achi aarthik nitiyon ko laagu bhi nahi hone deti hai politics ke naam par uska bahut virodh hota hai aur hum ek democratic set up hai toh janta yah sab economic samajh nahi sakti hai aur vaah dusri party aa jaati hai jo unhe free ki cheezen de raha hota hai unko janta vote deti hai uske economic konsequenkes log samajhte nahi hai toh hamare yahan par aarthik development ki dar isliye slow hai kyonki china ka uska implementation humse bahut accha hai

देखिये पाश्चातीकरण को मैं रीज़न नहीं मान सकता कि इस वजह से भारत की विकास दर चाइना से कम है,

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Daulat Ram Sharma Shastri

Psychologist | Ex-Senior Teacher

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भारत की प्रकृतिक चैनल इसलिए कम है तो उसका कारण भारत में पहला वशीकरण है यह सब मानव किस पर पड़ती है कि वह अपने आप से कि दूसरे का ज्यादा अच्छा समझता है उसको मैगडम पाता हूं कि मैं बहुत गोपियों का एग्जाम में कॉपी चेक करते हैं तो देखते हैं कि छात्रों ने अपना आंसर सही लिखा था किंतु सामने वाले के जो उत्तर को ज्यादा ज्यादा दिलीप करेगा रोकने राइट आंसर को काट कर के उसको तक लिखेगा जो भी गलत था इस प्रकार से भारत गुरुओं का भूत आया या नहीं सर्वोदय हुआ किंतु हमारे यहां के जो आप जो है इस दिन वशीकरण को ज्यादा महत्व दे रही है और हमारे आप खुद जो भारतीय सिद्धांत हैं संस्कृति है उसको हे रूप मानकर के होते जा रहे हैं जबकि चाइना विश्व विपरीत है चाइना के लोग देश को देश सम्मान को देश गौरव को अधिक महत्व देते हैं वशीकरण से यह करते हैं यही कारण है कि चाइना आज उन्नति के रास्ते पर है और हम लोग आज भी पिछला को बने हुए पश्चिम की ओर मुंह ताकते रहते हैं यह गलत है जिस दिन भी हम अपनी अस्मिता के प्रति सजग हो जाएंगे हमारे अध्यात्म की ओर मर जाएंगे हमारे प्राण तो हम निश्चित रूप से हमारे अपने गौरव को प्राप्त कर लेंगे ऐसा मेरा विश्वास है

bharat ki prakritik channel isliye kam hai toh uska karan bharat mein pehla vashikaran hai yah sab manav kis par padti hai ki vaah apne aap se ki dusre ka zyada accha samajhata hai usko maigadam pata hoon ki main bahut gopiyon ka exam mein copy check karte hain toh dekhte hain ki chhatro ne apna answer sahi likha tha kintu saamne waale ke jo uttar ko zyada zyada dilip karega rokne right answer ko kaat kar ke usko tak likhega jo bhi galat tha is prakar se bharat guruon ka bhoot aaya ya nahi sarwoday hua kintu hamare yahan ke jo aap jo hai is din vashikaran ko zyada mahatva de rahi hai aur hamare aap khud jo bharatiya siddhant hain sanskriti hai usko hai roop manakar ke hote ja rahe hain jabki china vishwa viprit hai china ke log desh ko desh sammaan ko desh gaurav ko adhik mahatva dete hain vashikaran se yah karte hain yahi karan hai ki china aaj unnati ke raste par hai aur hum log aaj bhi pichla ko bane hue paschim ki aur mooh takte rehte hain yah galat hai jis din bhi hum apni asmita ke prati sajag ho jaenge hamare adhyaatm ki aur mar jaenge hamare praan toh hum nishchit roop se hamare apne gaurav ko prapt kar lenge aisa mera vishwas hai

भारत की प्रकृतिक चैनल इसलिए कम है तो उसका कारण भारत में पहला वशीकरण है यह सब मानव किस पर प

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Abhishek Sharma

Forest Range Officer, MP

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चाइना जरूर इस समय भारत से ज्यादा प्रगतिशील है पर भारत करेंट स्थिति में सबसे ज्यादा प्रगतिशील देश के रूप में उभर रहा है पश्चिमी करण एकमात्र कारण है कि सरकार ने जैसे कि भारत में लोकतंत्र है तो यहां पर ब्यूरोक्रेसी से कागज पथरी निकलने बहुत सारा टाइम लग जाता है वहां पर तो डिक्टेटरशिप टाइप का है वहां पर समाजवाद टाइप का है जोशी जी ने जो कह दिया वही वही रहेगा तो यह चीज भी काफी पेट करती हैं इसके अलावा चाइना की जो पॉलिसी से फॉरेन पॉलिसी से वह काफी अच्छी है इस समय चाइना जरूर बहुत ज्यादा घाटी में बहुत कर्ज में डूबा हुआ इसलिए चाइना नहीं था पैसा बनाने के लिए बहुत सारी कंपनियों से आप देखेंगे कि आपके आसपास ओप्पो विवो की फोन की पोस्टर लगे रहते हैं तो पूरी दुनिया में वह अपना कर्ज उतारने के लिए वश में करना शुरू कर दिया खुद ने तो पहले उसने दूसरी कंपनी को अपनी आकोला एडमिशन करवाया थोड़ा कर्ज में गया फिर उसने जाकर अपने प्रोडक्ट बनाने शुरू किए क्योंकि उनके पास टेक्निक आ गई तो यही भारत को करना चाहिए ज्यादा से ज्यादा इंस्टैंट करना चाहिए क्योंकि जिस जगह में सीमेंट होता है उस जगह से लड़कियां बनती हैं उस जगह रेलवेज बनते हैं उस जगह स्कूल बनते हैं हॉस्पिटल बनते हैं और इसी तरह से हालांकि थोड़ा कर्जा बढ़ता है इस चीज से लेकिन कर्जा बढ़ने के अलावा आपके यहां पर जोक्स बढ़ जाती हैं लोगों की प्रति व्यक्ति आय बढ़ जाती है जो चीज चाइना ने की थी वह चीज हम कर रहे हैं हमारे प्रधानमंत्री करवा रहे हैं तो एक अच्छा कदम है पश्चिमी करणी माता करनी है कई सारे कारण हैं धन्यवाद अगर आप कोई मेरा आंसर पसंद आया हो तो लाइक करें आप मुझे फॉलो भी कर सकते हैं मेरा नाम अभिषेक शर्मा है धन्यवाद

china zaroor is samay bharat se zyada pragatisheel hai par bharat current sthiti mein sabse zyada pragatisheel desh ke roop mein ubhar raha hai pashchimi karan ekmatra karan hai ki sarkar ne jaise ki bharat mein loktantra hai toh yahan par byurokresi se kagaz pathari nikalne bahut saara time lag jata hai wahan par toh dictatorship type ka hai wahan par samajavad type ka hai joshi ji ne jo keh diya wahi wahi rahega toh yah cheez bhi kafi pet karti hain iske alava china ki jo policy se foreign policy se vaah kafi achi hai is samay china zaroor bahut zyada ghati mein bahut karj mein dooba hua isliye china nahi tha paisa banaane ke liye bahut saree companion se aap dekhenge ki aapke aaspass oppo vivo ki phone ki poster lage rehte hain toh puri duniya mein vaah apna karj utarane ke liye vash mein karna shuru kar diya khud ne toh pehle usne dusri company ko apni akola admission karvaya thoda karj mein gaya phir usne jaakar apne product banaane shuru kiye kyonki unke paas technique aa gayi toh yahi bharat ko karna chahiye zyada se zyada instaint karna chahiye kyonki jis jagah mein cement hota hai us jagah se ladkiyan banti hain us jagah railways bante hain us jagah school bante hain hospital bante hain aur isi tarah se halanki thoda karja badhta hai is cheez se lekin karja badhne ke alava aapke yahan par jokes badh jaati hain logon ki prati vyakti aay badh jaati hai jo cheez china ne ki thi vaah cheez hum kar rahe hain hamare pradhanmantri karva rahe hain toh ek accha kadam hai pashchimi karni mata karni hai kai saare karan hain dhanyavad agar aap koi mera answer pasand aaya ho toh like karen aap mujhe follow bhi kar sakte hain mera naam abhishek sharma hai dhanyavad

चाइना जरूर इस समय भारत से ज्यादा प्रगतिशील है पर भारत करेंट स्थिति में सबसे ज्यादा प्रगतिश

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Bari khan

Practicing journalist

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

लिखे जो हिंदुस्तान की आज आप क्यों नहीं की चाइना से कम प्रगति कर रहा है तो उसकी वजह पश्चिमीकरण मुझे मुझे यह लगता है कि पश्चिमी करने की वजह नहीं है आज हम लोग अपने देश धर्म और जात से आगे नहीं जा पा रहे हैं देखेंगे आप पाक मीडिया भी कैसा दौर बदल चुका है एक तरफ एक दौर था जब मीडिया पर ऐसी हम ले आया करती थी की देखिए बच्चा जो है गड्ढे में गिर गया है और उसी में पूरा दिन निकल जाता था लेकिन आज का दौरा ऐसा है कि अब जवाब रहे हैं वह पूरी तरह से या तो धर्म जातिवाद यह इसी तरह के मामलों पर आकर रुक जाती एजुकेशन की तो कोई बात ही नहीं करता तो यह सारी चीजें हैं जब इंसान मुद्दों से फिर नहीं लगता है और छोटी-छोटी बातों पर बातें होने लगती है जो कि ज्यादा मायने भी नहीं रखती है तो यही मेरा कल से बजा है कि हम आज तरक्की नहीं कर पा रहे

likhe jo Hindustan ki aaj aap kyon nahi ki china se kam pragati kar raha hai toh uski wajah pashchimikaran mujhe mujhe yah lagta hai ki pashchimi karne ki wajah nahi hai aaj hum log apne desh dharam aur jaat se aage nahi ja paa rahe hain dekhenge aap pak media bhi kaisa daur badal chuka hai ek taraf ek daur tha jab media par aisi hum le aaya karti thi ki dekhiye baccha jo hai gaddhe mein gir gaya hai aur usi mein pura din nikal jata tha lekin aaj ka daura aisa hai ki ab jawab rahe hain vaah puri tarah se ya toh dharam jaatiwad yah isi tarah ke mamlon par aakar ruk jaati education ki toh koi baat hi nahi karta toh yah saree cheezen hain jab insaan muddon se phir nahi lagta hai aur choti choti baaton par batein hone lagti hai jo ki zyada maayne bhi nahi rakhti hai toh yahi mera kal se baja hai ki hum aaj tarakki nahi kar paa rahe

लिखे जो हिंदुस्तान की आज आप क्यों नहीं की चाइना से कम प्रगति कर रहा है तो उसकी वजह पश्चिमी

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Saket Jain

O&M Engineer in Power Plant

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

पश्चिमीकरण से प्रगति का कोई संबंध नहीं है मेरे हिसाब से हमने अपने देश की जो चीजें हैं जो हमारी खुद की जाती है उन को कभी महत्व नहीं दिया जाता भाषा हिंदी को कभी भी नहीं दिया तो मोदी जी ने अपने साम्राज्य अंबानी अपने खान-पान को कभी महत्व नहीं दिया तो बर्गर पिज़्ज़ा ने आकर प्रसाद ना चाही पाकिस्तानी चीजों में यदि हम अपने आप को समझेंगे अपनी अनेकता में एकता की जो बात करते हैं उसे भी अपने नियमों में बदलाव करेंगे देश में पश्चिमीकरण का कोई महत्व प्रगति से नहीं दिया जा सकता

pashchimikaran se pragati ka koi sambandh nahi hai mere hisab se humne apne desh ki jo cheezen hain jo hamari khud ki jaati hai un ko kabhi mahatva nahi diya jata bhasha hindi ko kabhi bhi nahi diya toh modi ji ne apne samrajya ambani apne khan pan ko kabhi mahatva nahi diya toh burger pizza ne aakar prasad na chahi pakistani chijon mein yadi hum apne aap ko samjhenge apni anekata mein ekta ki jo baat karte hain use bhi apne niyamon mein badlav karenge desh mein pashchimikaran ka koi mahatva pragati se nahi diya ja sakta

पश्चिमीकरण से प्रगति का कोई संबंध नहीं है मेरे हिसाब से हमने अपने देश की जो चीजें हैं जो ह

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Sandeep Kumar

Journalist

1:04

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आंकड़े हैं उसने तो यह पता चला है कि आने वाले 2024 में हमारा भारत चाइना से आगे निकल जाएगा जनसंख्या के क्षेत्र में लेकिन जैसे ही चाइनामैन कंट्रोल की है जिसे चाइना कंट्रोल कर रहा है पुलिस अपनी तो ऐसी ही बाहर कंट्रोल करे तो मुझे नहीं लगता कि यहां पर भी हमारी बेरोजगारी बढ़ती जाएगी या किसी कारण से हमारा भी देश में पड़ा था जैसे गति क्षेत्र में कुछ पीछे हटा हुआ है मैम चाइना से अमेरिका से तो मैं नहीं मानता कि वह भी पीछे हो जाएगा क्योंकि भारत में भी बहुत ही अच्छे अच्छे प्रोग्राम है लोगों ने लेकिन पुलिस ने पकड़ा ऐसा लगता है कि हां हम कहीं ना कहीं आर्थिक क्षेत्र में या बम फूट गई हम पीते

aankade hain usne toh yeh pata chala hai ki aane wale 2024 mein hamara bharat china se aage nikal jayega jansankhya ke kshetra mein lekin jaise hi Chinaman control ki hai jise china control kar raha hai police apni toh aisi hi bahar control kare toh mujhe nahi lagta ki yahan par bhi hamari berojgari badhti jayegi ya kisi kaaran se hamara bhi desh mein pada tha jaise gati kshetra mein kuch peeche hata hua hai madam china se america se toh main nahi manata ki wah bhi peeche ho jayega kyonki bharat mein bhi bahut hi acche acche program hai logon ne lekin police ne pakada aisa lagta hai ki haan hum kahin na kahin aarthik kshetra mein ya bomb foot gayi hum peete

आंकड़े हैं उसने तो यह पता चला है कि आने वाले 2024 में हमारा भारत चाइना से आगे निकल जाएगा ज

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मैंने जो अभी आ कर आए हैं उसने तो यह पता चला है कि आने वाले 2024 में हमारा भारत चाइना से आगे निकल जाएगा जनसंख्या के क्षेत्र में लेकिन जैसे चाइना में वह कंट्रोल की है जैसे चाइना कंट्रोल कर रहा है पापुलेशन कंट्रोल करे तो मुझे नहीं लगता कि यहां पर भी हमारी बेरोजगारी बढ़ती जाएगी या किसी कारण से हमारा भी देश में थोड़ा जैसे गति क्षेत्र में कुछ पीछे हटा हुआ है मैम चाइना से अमेरिका के तो मैं नहीं मानता कि वह भी पीछे हो जाएगा क्योंकि भारत में भी बहुत ही अच्छे अच्छे लोगों ने बूट पॉलिशन यहां पर क्षेत्र इससे थोड़ा ऐसा लगता है कि हां हम कहीं ना कहीं आर्थिक क्षेत्र में या पॉलिटिक्स हम पीते हैं ऐसा लगता है हमें तो यहां पर सबसे बड़ी बात यह है कि कंट्रोल करना अब अपनी सेना की जनसंख्या को कंट्रोल करना किस तरह से कंट्रोल किया जाए चीन में अपनी एक डिसीजन दिया कि मैं और वो अपनी उम्मीदों पर क्योंकि उन्होंने डिसीजन दिया उस पर खरे उतर के जा रही है लेकिन हमारा हमारा भारत में जो है इसमें जो नियम बनते हैं उसे तोड़ने वाले भी बहुत पहले तुम्हें मानता मैडम ऐसा कुछ हो सकता है

maine jo abhi aa kar aaye hain usne toh yah pata chala hai ki aane waale 2024 mein hamara bharat china se aage nikal jaega jansankhya ke kshetra mein lekin jaise china mein vaah control ki hai jaise china control kar raha hai population control kare toh mujhe nahi lagta ki yahan par bhi hamari berojgari badhti jayegi ya kisi karan se hamara bhi desh mein thoda jaise gati kshetra mein kuch peeche hata hua hai maam china se america ke toh main nahi manata ki vaah bhi peeche ho jaega kyonki bharat mein bhi bahut hi acche acche logon ne boot palishan yahan par kshetra isse thoda aisa lagta hai ki haan hum kahin na kahin aarthik kshetra mein ya politics hum peete hain aisa lagta hai hamein toh yahan par sabse badi baat yah hai ki control karna ab apni sena ki jansankhya ko control karna kis tarah se control kiya jaaye china mein apni ek decision diya ki main aur vo apni ummidon par kyonki unhone decision diya us par khare utar ke ja rahi hai lekin hamara hamara bharat mein jo hai isme jo niyam bante hain use todne waale bhi bahut pehle tumhe manata madam aisa kuch ho sakta hai

मैंने जो अभी आ कर आए हैं उसने तो यह पता चला है कि आने वाले 2024 में हमारा भारत चाइना से आग

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