सरकार खाद्यान्न, चीनी के लिए अनिवार्य जूट पैकेजिंग का विस्तार करती है। जूट इंडस्ट्री पर इसका क्या असर होगा?...


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MD HAROON

Teacher

0:25
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

दोस्तों आप ने सवाल किया है सरकार खा दाल चीनी के लिए अनिवार्य जूट पैकेजिंग का विस्तार करती है जूट इंडस्ट्री पर इसका क्या असर होगा जी इसका असर बहुत ही अच्छा होगा क्योंकि जब दूध पैकेजिंग का विस्तार सरकार कर रही है तो यकीन जानिए के जूते जूते इंडस्ट्री के बारे इसका असर जो है वह सकारात्मक होगा

doston aap ne sawaal kiya hai sarkar kha daal chini ke liye anivarya jute packaging ka vistaar karti hai jute industry par iska kya asar hoga ji iska asar bahut hi accha hoga kyonki jab doodh packaging ka vistaar sarkar kar rahi hai toh yakin janiye ke joote joote industry ke bare iska asar jo hai vaah sakaratmak hoga

दोस्तों आप ने सवाल किया है सरकार खा दाल चीनी के लिए अनिवार्य जूट पैकेजिंग का विस्तार करती

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Amber Rai

सुनो ..सुनाओ..सीखो!

0:34

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

हां देखेंगे सरकार खदान और चीनी के अनिवार्य पैकेजिंग का विस्तार कर रही है तो इसे जो है झूठे इंडस्ट्री का फायदा ही होगा उसमें जा पाएगा क्योंकि अगर डिमांड ज्यादा होगी झूठ पैकेजिंग की तो वह हवा से बातें कि उसकी मैक्सिमम प्रोडक्शन प्रोडक्शन फैक्ट्री को मैं तो हमेशा ही अच्छी बात है अगर झूठ है पैकेजिंग के जोड़े को डिमांड बढ़ रही है तो उसका प्रोडक्शन और मैनुफैक्चरिंग भी पड़ी है जिससे लोगों को और जॉब आएगा और कंपनी को फायदा होगा

haan dekhenge sarkar khadan aur chini ke anivarya packaging ka vistaar kar rahi hai toh ise jo hai jhuthe industry ka fayda hi hoga usmein ja payega kyonki agar demand zyada hogi jhuth packaging ki toh vaah hawa se batein ki uski maximum production production factory ko main toh hamesha hi achi baat hai agar jhuth hai packaging ke jode ko demand badh rahi hai toh uska production aur mainufaikcharing bhi padi hai jisse logon ko aur job aayega aur company ko fayda hoga

हां देखेंगे सरकार खदान और चीनी के अनिवार्य पैकेजिंग का विस्तार कर रही है तो इसे जो है झूठे

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Sefali

Media-Ad Sales

1:11
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

सीसीईए आज कैबिनेट कमेटी ऑन इकनोमिक अफेयर ने जो जूट पैकेजिंग है फ़ूड ग्रेंस के ऊपर और शुगर प्रोडक्ट के ऊपर कंपलसरी कर दिया है जून २०१८ तक l और यह इसीलिए क्या है कि जो और डिमांड है जूट सेक्टर में वह खत्म ना हो वह बरकरार रहे और ऊपर से जो वर्कर्स है जो की जूट फैक्ट्रीस वगैरेस में जूट इंडस्ट्री में जो काम करते हैं जो वर्कर्स और फार्मर्स और जो किसी के ऊपर डिपेंडेंट है अपनी लाइवलीहुड के लिए स्पेशली जो स्टेट है आप ले लीजिए बिहार, वेस्ट बंगाल, आसाम, उड़ीसा, आंध्र प्रदेश, मेघालय, त्रिपुरा सो यह लोग बहोत डिपेंडेंट है यह पर्टिकुलर इंडस्ट्री के ऊपर l तो इसका जो कोर डिमांड बना रहेगा इंडस्ट्री के ऊपर लाइवलीहुड भी बनी रहेगी l और इससे वह कमा सकते हैं तो इसीलिए जो सीसीअनऐ कंपल्सरी कर दिया है इस चीज को l

CCEA aaj cabinet committee on economic affair ne jo jute packaging hai food grens ke upar aur sugar product ke upar compulsory kar diya hai june 2018 tak l aur yah isliye kya hai ki jo aur demand hai jute sector mein vaah khatam na ho vaah barkaraar rahe aur upar se jo workers hai jo ki jute faiktris vagaires mein jute industry mein jo kaam karte hain jo workers aur farmers aur jo kisi ke upar dependent hai apni livelihood ke liye speshli jo state hai aap le lijiye bihar west bengal assam orissa andhra pradesh meghalaya tripura so yah log bahut dependent hai yah particular industry ke upar l toh iska jo core demand bana rahega industry ke upar livelihood bhi bani rahegi l aur isse vaah kama sakte hain toh isliye jo sisianaai compulsory kar diya hai is cheez ko l

सीसीईए आज कैबिनेट कमेटी ऑन इकनोमिक अफेयर ने जो जूट पैकेजिंग है फ़ूड ग्रेंस के ऊपर और शुगर

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Hhhgnbhh

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

अगर ऐसा होता है तो झूठ इंडस्ट्री में काफी ज्यादा झूठ के डिमांड बढ़ेगी जिससे और ज्यादा फैक्ट्रीज खुलेगी झूठ की और वहीं पर और जो एंप्लॉयमेंट है बढेगी है, तो ओवरआल बहुत ज्यादा ही फायदा होगा इस चीज से तो बहुत सही डिसीजन है जो काफी ज्यादा क्षेत्रों को प्रभाव करेगा l जहां पर एंप्लॉयमेंट बढ़ेगी वहीं पर दूसरी तरफ और ऊपर से झूठ एक ऐसी चीज़ नहीं है जो हार्मफुल है तो हम इसको एजिली डिस्पोज कर सकते हैं l तो इसीलिए भी हमें कोई नुकसान नहीं हो पाएगा l इसकी पैकेजिंग वगैरा के अंदर जहां प्लास्टिक के अंदर हमें काफी ज्यादा नुकसान होता था तो वैसे ही इसके कोई हार्मफुल इफेक्ट्स नहीं होंगे, नेचर फ्रेंडली भी है तो इन सभी कारणों की जगह झूठ को अनिवार्य कर आ गया है और वही पर झूठ के काफी ज्यादा फायदे होने वाले हैं l तो मेरे हिसाब से बहुत ही ज्यादा सही डिसीजन रखा गया है l जितनी भी छूट कंपनी से उनकी सेल बढ़ेगी और उसी कारण तो उनकी भी और एंप्लॉयमेंट है वह भी बढ़ेगी वहां पर और यही फायदों के कारण यह है डिसीजन काफी अच्छा है l

agar aisa hota hai toh jhuth industry mein kafi zyada jhuth ke demand badhegi jisse aur zyada factories khulegi jhuth ki aur wahin par aur jo employment hai badhegi hai toh overall bahut zyada hi fayda hoga is cheez se toh bahut sahi decision hai jo kafi zyada kshetro ko prabhav karega l jahan par employment badhegi wahin par dusri taraf aur upar se jhuth ek aisi cheez nahi hai jo harmful hai toh hum isko ejili dispose kar sakte hain l toh isliye bhi hamein koi nuksan nahi ho payega l iski packaging vagaira ke andar jahan plastic ke andar hamein kafi zyada nuksan hota tha toh waise hi iske koi harmful effects nahi honge nature friendly bhi hai toh in sabhi karanon ki jagah jhuth ko anivarya kar aa gaya hai aur wahi par jhuth ke kafi zyada fayde hone waale hain l toh mere hisab se bahut hi zyada sahi decision rakha gaya hai l jitni bhi chhut company se unki cell badhegi aur usi karan toh unki bhi aur employment hai vaah bhi badhegi wahan par aur yahi faayadon ke karan yah hai decision kafi accha hai l

अगर ऐसा होता है तो झूठ इंडस्ट्री में काफी ज्यादा झूठ के डिमांड बढ़ेगी जिससे और ज्यादा फैक्

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Swati

सुनो ..सुनाओ..सीखो!

2:00
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए क्या आप नेट कमेटी होने का नाम ही काफी है रचने वाली स्त्री को 12 पास किया जिसमें लिखा गया की पूर्ण ड्रीम्स की रानी की खदान की जिंदगी की हो या फिर ऐसे जैसे और शुक्र प्रोडक्ट्स की आने की और चीनी से अधिक पर टैक्स की जो पैकेजिंग है झूठ पक्ष में ही होंगी जून 2018 तक जो कैबिनेट कमेटी ऑन इकोनॉमिक अफेयर्स है उसने एक्सीडेंट किया है जो मिलिट्री पैकेजिंग नाम था 90 सेकेंड का झटका दिखे इस्लाम के मुताबिक यह कंपलसरी धातु 59932 फ़ूड ग्रेंस को बेस पसंद शुगर प्रोडक्ट्स को झूठ पार्क के अंदर तो इससे फायदा यह होगा कि देखिए जो और जूट इंडस्ट्री है वह मुस्लिम कमेंट पर ही डिपेंड करती है कि कि कॉमेंट से उनको करें 5500 करोड़ रुपए का मुहूर्त मिलता है हर साल तक जो भी एक्सीडेंट हो गया जब यह आता होगा तो ऐसी जो है वह मुझे झूठ से सेक्टर से लेकर जोकस है जो काम वर्ष है उनका लाइवलीहुड उनकी जीविका जो उनको पैसे मिलते हैं वह बढ़ेंगे और जो ईस्टर्न में आने की ईस्ट की तरह की याद नॉर्थ-ईस्ट की वीडियो है जिसे की वेस्ट बंगाल बिहार उड़ीसा असम आंध्र प्रदेश त्रिपुरा मेघालय यहां सबसे जो फेमस ऑटो फोकस है उनको थोड़ा ज्यादा रेट मिल जाएगा को सादा थोड़े पैसे मिल जाएंगे तो यह उनके लिए बहुत अच्छा है और अब तो दूसरे देशों में नेपाल बांग्लादेश में भी झूठ के कुल ट्रांसपोर्ट होने शुरू हुए हैं जिनसे कुछ पर्सेंट तक और इनबॉक्स के लिए थोड़ा काम बड़ा है और उनके थोड़ी सी जो पी जून को

dekhiye kya aap net committee hone ka naam hi kafi hai rachne waali stree ko 12 paas kiya jisme likha gaya ki purn dreams ki rani ki khadan ki zindagi ki ho ya phir aise jaise aur shukra products ki aane ki aur chini se adhik par tax ki jo packaging hai jhuth paksh mein hi hongi june 2018 tak jo cabinet committee on economic affairs hai usne accident kiya hai jo miltary packaging naam tha 90 second ka jhatka dikhen islam ke mutabik yah compulsory dhatu 59932 food grens ko base pasand sugar products ko jhuth park ke andar toh isse fayda yah hoga ki dekhiye jo aur jute industry hai vaah muslim comment par hi depend karti hai ki ki comment se unko karen 5500 crore rupaye ka muhurt milta hai har saal tak jo bhi accident ho gaya jab yah aata hoga toh aisi jo hai vaah mujhe jhuth se sector se lekar jokas hai jo kaam varsh hai unka livelihood unki jeevika jo unko paise milte hain vaah badhenge aur jo eastern mein aane ki east ki tarah ki yaad north east ki video hai jise ki west bengal bihar orissa assam andhra pradesh tripura meghalaya yahan sabse jo famous auto focus hai unko thoda zyada rate mil jaega ko saada thode paise mil jaenge toh yah unke liye bahut accha hai aur ab toh dusre deshon mein nepal bangladesh mein bhi jhuth ke kul transport hone shuru hue hain jinse kuch percent tak aur inbox ke liye thoda kaam bada hai aur unke thodi si jo p june ko

देखिए क्या आप नेट कमेटी होने का नाम ही काफी है रचने वाली स्त्री को 12 पास किया जिसमें लिखा

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Bhaskar Saurabh

Politics Follower | Engineer

1:33
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

सरकार का ध्यान और चीनी के पैकेजिंग के लिए जूट बैग के इस्तेमाल को बढ़ावा दे रही है और इसी क्रम में इकोनॉमिक ऑफ एयर की कैबिनेट कमेटी ने झूठ पैकेजिंग मटेरियल एक्ट 1987 को और आगे बढ़ाते हुए आया कहां है कि जून 2018 तक सभी खाद्यान्न और जो भी चीनी से बने प्रोडक्ट हैं उन्हें जूट बैग में ही तय किया जाएगा साथ ही साथ इस नए कदम से यह होगा कि की डिमांड बढ़ेगी किसान या फिर जो वर्कर या कारीगर हैं जो झूठ के कारोबार से जुड़े हैं उन की आर्थिक स्थिति में सुधार आएगा झूठ के ज्यादातर किसान और वर्कर भारत के पूर्वी और उत्तर पूर्वी राज्यों में रहते हैं खास करके जो राज्य हैं वह है बिहार वेस्ट बंगाल उड़ीसा त्रिपुरा मेघालय असम और आंध्र प्रदेश UP सरकार ने यह जरूरी कर दिया है कि 90% खाद्य पदार्थ और 20% चीनी से बनी सामग्री को जूट बैग नहीं पैक करना होगा हां सरकार ने यह भी बोला है कि टोटल हंड्रेड परसेंट और जूट बैग नहीं तय किया जाएगा अगर जूट इंडस्ट्री इतना झूठ प्रोड्यूस कर सकते तो लेकिन 90% और 20% चीनी के प्रोडक्ट तो करना ही पड़ेगा भारत में लगभग 3 पॉइंट 7 लाख वर्कर और एक किसान जूट सेक्टर से जुड़े हैं जिनका कि जो भी जीवन यापन के लिए पैसे कमाते हैं वह इस इंडस्ट्री से आते हैं तो सरकार के इस फैसले से उनका काफी फायदा होगा

sarkar ka dhyan aur chini ke packaging ke liye jute bag ke istemal ko badhawa de rahi hai aur isi kram mein economic of air ki cabinet committee ne jhuth packaging material act 1987 ko aur aage badhate hue aaya kahaan hai ki june 2018 tak sabhi khadyann aur jo bhi chini se bane product hain unhe jute bag mein hi tay kiya jaega saath hi saath is naye kadam se yah hoga ki ki demand badhegi kisan ya phir jo worker ya karigar hain jo jhuth ke karobaar se jude hain un ki aarthik sthiti mein sudhaar aayega jhuth ke jyadatar kisan aur worker bharat ke purvi aur uttar purvi rajyon mein rehte hain khas karke jo rajya hain vaah hai bihar west bengal orissa tripura meghalaya assam aur andhra pradesh UP sarkar ne yah zaroori kar diya hai ki 90 khadya padarth aur 20 chini se bani samagri ko jute bag nahi pack karna hoga haan sarkar ne yah bhi bola hai ki total hundred percent aur jute bag nahi tay kiya jaega agar jute industry itna jhuth produce kar sakte toh lekin 90 aur 20 chini ke product toh karna hi padega bharat mein lagbhag 3 point 7 lakh worker aur ek kisan jute sector se jude hain jinka ki jo bhi jeevan yaapan ke liye paise kamate hain vaah is industry se aate hain toh sarkar ke is faisle se unka kafi fayda hoga

सरकार का ध्यान और चीनी के पैकेजिंग के लिए जूट बैग के इस्तेमाल को बढ़ावा दे रही है और इसी क

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Sameer Tripathy

Political Critic

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