कांग्रेस में इतने अनुभवी नेता होने के बाद भी राहुल गांधी को पार्टी की कमान क्यों दी गई है?...


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Ajay Sinh Pawar

Founder & M.D. Of Radiant Group Of Industries

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Govind Saraf

Entrepreneur

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

विकी कांग्रेसी जो परिवारवाद से बाहर नहीं आ पाया है आज परिवारवाद के पीछे फुल लगा हुआ है नेपोटिज्म कांग्रेसमें कूट-कूट के भरी हुई है तबीयत भी कि कांग्रेसी नेता होने के बाद भी राहुल गांधी को पार्टी की कमान दी गई है मेरा मानना है अगर किसी नॉन गांधी को पार्टी की कमान दी जाए तो कांग्रेसी बहुत ज्यादा बेहतर कर सकता बजाकर डेवलप कर सकता लेकिन मुझे समझ में नहीं आता परिवारवाद चेक कब का कर्ज मुक्त होगा तभी देखिए कर सकते फिर डिसीजन बहुत जरूरी है मेरा यह मारा जिस दिन परिवारवाद से कांग्रेस मुक्त हुआ उस दिन कांग्रेश बहुत ज्यादा डिवेलप करेगा बे कॉल्ड अस सी और हुड्डा 4 सीजंस विकास बाय लर्निंग दिल्ली से ट्रेन बिटवीन टू टेक बहुत ज्यादा डिफरेंस किसी को सिर्फ चुनाव के कारण सीट मिलती है किसी को खुशी मिलती है उसके कर्म के कारण दो जिसको कर्म ही कर्म कुर्सी मिले अगर उस इंसान को मिल जाए तो फिर भी देश की तरक्की होगी टेस्ट जो लोग हैं जो मतदाता है उनका भरोसा भी कायम रहेगा

vicky congressi jo parivaarvaad se bahar nahi aa paya hai aaj parivaarvaad ke peeche full laga hua hai nepotism kangresamen kut kut ke bhari hui hai tabiyat bhi ki congressi neta hone ke baad bhi rahul gandhi ko party ki kamaan di gayi hai mera manana hai agar kisi non gandhi ko party ki kamaan di jaaye toh congressi bahut zyada behtar kar sakta bajaakar develop kar sakta lekin mujhe samajh mein nahi aata parivaarvaad check kab ka karj mukt hoga tabhi dekhiye kar sakte phir decision bahut zaroori hai mera yah mara jis din parivaarvaad se congress mukt hua us din congress bahut zyada develop karega be called us si aur hudda 4 sijans vikas bye learning delhi se train between to take bahut zyada difference kisi ko sirf chunav ke karan seat milti hai kisi ko khushi milti hai uske karm ke karan do jisko karm hi karm kursi mile agar us insaan ko mil jaaye toh phir bhi desh ki tarakki hogi test jo log hain jo matdata hai unka bharosa bhi kayam rahega

विकी कांग्रेसी जो परिवारवाद से बाहर नहीं आ पाया है आज परिवारवाद के पीछे फुल लगा हुआ है नेप

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कांग्रेसमें परिवार की राजनीति चलती है कांग्रेसी नेताओं को लगता है कि नेहरू-गांधी खानदान देश को चला सकता है और सही दिशा दे सकता है और उनकी छवि देश की जनता के बीच में इसलिए कोई भी नेता या रिस्क नहीं लेना चाहता है अगर अन्य किसी नेता को पार्टी की कमान सौंपी जाती है तो फिर उसे पूरे देश में एक बार फिर नए तरीके से अपनी पेट जमाना होगी और उसमें बड़ा समय लग सकता है और वह गांधी परिवार की देश के अंदर लोकप्रियता है जिसे कुमार नेताओं कांग्रेसी कांग्रेसी है गांधी परिवार से बाहर नहीं जा पाता है

kangresamen parivar ki raajneeti chalti hai congressi netaon ko lagta hai ki nehru gandhi khandan desh ko chala sakta hai aur sahi disha de sakta hai aur unki chhavi desh ki janta ke beech mein isliye koi bhi neta ya risk nahi lena chahta hai agar anya kisi neta ko party ki kamaan saumpi jaati hai toh phir use poore desh mein ek baar phir naye tarike se apni pet jamana hogi aur usme bada samay lag sakta hai aur vaah gandhi parivar ki desh ke andar lokpriyata hai jise kumar netaon congressi congressi hai gandhi parivar se bahar nahi ja pata hai

कांग्रेसमें परिवार की राजनीति चलती है कांग्रेसी नेताओं को लगता है कि नेहरू-गांधी खानदान दे

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हेलो नेता होने के बाद भी राहुल गांधी पार्टी की कमान क्यों दिए दूसरे को कमान दे देनी समाप्त हो जाएगी मैं भी यह दो राहुल गांधी के अलावा किसी को भी कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया जाता है और पीएम का उम्मीदवार बनाया जाता है तो राहुल गांधी की वैल्यू क्या होगी राहुल गांधी एक सामान्य व्यक्ति नहीं दिया जाता है कांग्रेसी है चापलूसी की पार्टी है लोग अपना जो है चाहे जो करिया बस उनकी जी हजूरी करते रहिए आप कांग्रेस में बने रहेंगे अच्छे पोस्ट मिलते रहेंगे आपके सारे कार्य होते रहेंगे व्यक्तियों का चयन होता है कई चरणों से गुजरने के बाद हर प्रकार के जिला मंडल प्रदेश लेवल का काम करने के बाद आप को काट दिया जाता है यहां योग्यता का पहचान है अब हमसे बात है और कुछ नहीं आप बताइए जवाहरलाल नेहरू से लेकर राहुल गांधी के जन्म तिथि आज तक कोई अन्य कोई भारत में योग्य नहीं हुआ यदि हुआ तो गांधी परिवार के अलग क्यों नहीं हुआ और जो हुआ वह बीजेपी से पार्टियों में ही बता दो प्रकार के लोग होते हैं चापलूसी करना है कांग्रेश ज्वाइन कर लिए यदि योगी हो तो अन्य पार्टियां हो जाएगा उस में बिजी रखना होगा शर्म आती है कि राहुल गांधी जैसे व्यक्ति हमारे देश के कांग्रेसका प्रस्तुत कर रहे हैं मैं भी एक कांग्रेसी नेता पहले सपोर्टर था लेकिन आज नहीं

hello neta hone ke baad bhi rahul gandhi party ki kamaan kyon diye dusre ko kamaan de deni samapt ho jayegi main bhi yah do rahul gandhi ke alava kisi ko bhi congress ka adhyaksh banaya jata hai aur pm ka ummidvar banaya jata hai toh rahul gandhi ki value kya hogi rahul gandhi ek samanya vyakti nahi diya jata hai congressi hai chaaplusi ki party hai log apna jo hai chahen jo Caria bus unki ji hajuri karte rahiye aap congress mein bane rahenge acche post milte rahenge aapke saare karya hote rahenge vyaktiyon ka chayan hota hai kai charno se guzarne ke baad har prakar ke jila mandal pradesh level ka kaam karne ke baad aap ko kaat diya jata hai yahan yogyata ka pehchaan hai ab humse baat hai aur kuch nahi aap bataiye jawaharlal nehru se lekar rahul gandhi ke janam tithi aaj tak koi anya koi bharat mein yogya nahi hua yadi hua toh gandhi parivar ke alag kyon nahi hua aur jo hua vaah bjp se partiyon mein hi bata do prakar ke log hote hain chaaplusi karna hai congress join kar liye yadi yogi ho toh anya partyian ho jaega us mein busy rakhna hoga sharm aati hai ki rahul gandhi jaise vyakti hamare desh ke kangresaka prastut kar rahe hain main bhi ek congressi neta pehle supporter tha lekin aaj nahi

हेलो नेता होने के बाद भी राहुल गांधी पार्टी की कमान क्यों दिए दूसरे को कमान दे देनी समाप्त

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Rahul Bharat

राजनैतिक विश्लेषक

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए कांग्रेसमन बहुत नेता तो वह बहुत अनुभवी नेता हैं बड़े-बड़े लेता है बड़े दांत वाले नेता है लेकिन उसके बाद भी राहुल गांधी को पार्टी की कमान दी गई क्यों दी गई कि सबको पता है कि कांग्रेस पार्टी किसी समाज की पार्टी नहीं है लोगों की पार्टी नहीं है वह परिवार की पार्टी है बस परंपरा को निभाने वाली पार्टी है नेहरू से चली आ रही है नेहरू के बाद इंदिरा गांधी इंदिरा गांधी के बाद राजीव गांधी राजीव गांधी के बाद आज राहुल गांधी का नंबर आया तो यह पार्टी बिल्कुल कंप्लीट रूप से विधानसभा में विश्वास रखने वाली पार्टी है परिवारवाद वाली पार्टी है इसमें केवल एक परिवार की व्यक्ति को ही आगे बढ़ाया जाता है उसी के चेहरे को मानकर उसकी के मुखोटे को मानकर के चुनाव लड़े जाते हैं और उसी के परिणाम आता है तो राहुल गांधी उस परिवार से ताल्लुक रखते हैं और परिवार के करीब तो इसलिए कांग्रेस की पार्टी सारे नेताओं को ब्लैक करते हुए राहुल गांधी को पार्टी का हाई कमान सौंपी है और पूरे कांग्रेश को यह लगता है कि लोगों का आस्था लोगों का विश्वास कांग्रेसमें ना हो केवल कुछ परिवार के प्रति है और इसी को मानते हुए कांग्रेस के कद्दावर नेता भी बिल्कुल शांत पड़े रहते हैं और इस मुद्दे पर कोई भी विवाद नहीं होता है वहां का जो राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं गांधी परिवार से ही चुना जाएगा नेहरू परिवार से ही सुनाया जाएगा इसके लिए कोई भी नेता कोई भी आवाज उठाने को तैयार नहीं होता है ना तू स्तर की तरफ से कोई टिप्पणी आती है बस वह सीधे-सीधे मान लेता है कि इस पार्टी में रहना है तो गांधी परिवार के विरोध नहीं करना है गांधी परिवार के ऊपर कोई खटास टिप्पणी नहीं करना है तो यह सब चीजें हैं जो सारे नेताओं को

dekhie kangresaman bahut neta toh wah bahut anubhavi neta hain bade bade leta hai bade dant wale neta hai lekin uske baad bhi rahul gandhi ko party ki kamaan di gayi kyon di gayi ki sabko pata hai ki congress party kisi samaj ki party nahi hai logo ki party nahi hai wah parivar ki party hai bus parampara ko nibhane wali party hai nehru se chali aa rahi hai nehru ke baad indira gandhi indira gandhi ke baad rajeev gandhi rajeev gandhi ke baad aaj rahul gandhi ka number aaya toh yeh party bilkul complete roop se vidhan sabha mein vishwas rakhne wali party hai parivaarvaad wali party hai ismein keval ek parivar ki vyakti ko hi aage badhaya jata hai usi ke chehre ko maankar uski ke mukhote ko maankar ke chunav lade jaate hain aur usi ke parinam aata hai toh rahul gandhi us parivar se talluk rakhte hain aur parivar ke kareeb toh isliye congress ki party saare netaon ko black karte hue rahul gandhi ko party ka high kamaan sonpi hai aur poore congress ko yeh lagta hai ki logo ka astha logo ka vishwas congress me na ho keval kuch parivar ke prati hai aur isi ko maante hue congress ke kaddavar neta bhi bilkul shaant pade rehte hain aur is mudde par koi bhi vivaad nahi hota hai wahan ka jo rashtriya adhyaksh evam gandhi parivar se hi chuna jayega nehru parivar se hi sunaya jayega iske liye koi bhi neta koi bhi awaaz uthane ko taiyaar nahi hota hai na tu sthar ki taraf se koi tippani aati hai bus wah seedhe seedhe maan leta hai ki is party mein rehna hai toh gandhi parivar ke virodh nahi karna hai gandhi parivar ke upar koi khatas tippani nahi karna hai toh yeh sab cheezen hain jo saare netaon ko

देखिए कांग्रेसमन बहुत नेता तो वह बहुत अनुभवी नेता हैं बड़े-बड़े लेता है बड़े दांत वाले नेत

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Vikas Singh

Political Analyst

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यह सत्य है कि कांग्रेस पार्टी में बहुत सारे अनुभवी नेता हैं और बहुत बुद्धिजीवी भी हैं लेकिन उसके बाद भी राहुल गांधी जी आज कांग्रेस के अध्यक्ष बने हुए हैं देखे कांग्रेस पार्टी ने हमारे देश में कुछ नहीं किया कांग्रेस पार्टी ने हमारे देश में परिवारवाद की राजनीति की है जातिवाद की राजनीति की है और सांप्रदायिकता का जहर फैलाया है भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिया तो ऐसी कांग्रेस पार्टी है कांग्रेस पार्टी को औकात नहीं है हिम्मत नहीं है कि वह अपने अध्यक्ष को चेंज करके किसी दूसरे को अध्यक्ष बना दे क्योंकि एक बार अगर कोई दूसरा अध्यक्ष बन गया ना तो फिर ना तो राहुल गांधी रहेंगे और ना कर सोनिया गाधी रहेंगी और ना तो प्रियंका गांधी रहेंगे अनुवाद रहेंगे तो कांग्रेस पार्टी ऐसा नहीं कर सकती क्योंकि वह जानती है कि राहुल गांधी जी पप्पू है और हमेशा पप्पू रहेंगे और इनको बना के रखो नहीं तो अगर कोई दूसरा बन गया तो फिर इन को खत्म कर देगा धन्यवाद

yah satya hai ki congress party mein bahut saare anubhavi neta hain aur bahut buddhijeevi bhi hain lekin uske baad bhi rahul gandhi ji aaj congress ke adhyaksh bane hue hain dekhe congress party ne hamare desh mein kuch nahi kiya congress party ne hamare desh mein parivaarvaad ki raajneeti ki hai jaatiwad ki raajneeti ki hai aur saampradayikta ka zehar faelaya hai bhrashtachar ko badhawa diya toh aisi congress party hai congress party ko aukat nahi hai himmat nahi hai ki vaah apne adhyaksh ko change karke kisi dusre ko adhyaksh bana de kyonki ek baar agar koi doosra adhyaksh ban gaya na toh phir na toh rahul gandhi rahenge aur na kar sonia gandhi rahegi aur na toh priyanka gandhi rahenge anuvad rahenge toh congress party aisa nahi kar sakti kyonki vaah jaanti hai ki rahul gandhi ji pappu hai aur hamesha pappu rahenge aur inko bana ke rakho nahi toh agar koi doosra ban gaya toh phir in ko khatam kar dega dhanyavad

यह सत्य है कि कांग्रेस पार्टी में बहुत सारे अनुभवी नेता हैं और बहुत बुद्धिजीवी भी हैं लेकि

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Norang sharma

Social Worker

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

नमस्कार दोस्तों वह कल पर सुन रहे मेरे सभी बुद्धिजीवी श्रोताओं को मेरा प्यार भरा नमस्कार आज का सवाल है कि कांग्रेस पार्टी में इतने अनुभवी नेता एक्सपीरियंस्ड लीडर होने के बाद भी राहुल गांधी जी को पार्टी की कमान क्यों दी गई है और सवाल लाजमी भी है क्योंकि हमेशा योग्यता के आधार पर नेता को कोई पद सपना चाहिए लेकिन हमें यह बात माननी होगी कि आजादी के बाद भी थोड़ा बहुत ही सही लेकिन परिवारवाद की राजनीति भाई भतीजा वाद की राजनीति भारतीय राजनीति पर हावी रही है और शायद इसी के चलते राहुल गांधी को भी पार्टी की कमान सौंपी गई है हालांकि सभी जानते हैं कि विशेष राजनीति का कोई अनुभव उन्हें नहीं है बहुत नहीं है बल्कि अपनी स्पीच बी फ ठीक से पढ़ नहीं पाते किसी और की दी हुई स्क्रिप्ट को उन्हें पढ़ना पड़ता है तो कम्युनिकेशन स्किल की भी उनमें बहुत बड़ी कमी है मुझे लगता है कि अगर समय रहते उन्होंने अपनी कम्युनिकेशन स्किल अपनी लीडरशिप क्वालिटी को इंप्रूव नहीं किया तो वह कम से कम पार्टी के लिए नुकसान पहुंचाने वाले नेता ही माने जाएंगे और बहुत गर्त में ले जाएंगे अपनी पार्टी को कांग्रेस पार्टी को जिसके लिए उनके पूर्वजों ने बहुत मेहनत की थी इसके फलने फूलने के लिए और इसको देश में फैलाने के लिए तो मुझे लगता है कि कांग्रेस में मौका मिलना चाहिए और अनुभवी नेताओं को जिनके पास एक लंबा राजनीतिक कैरियर और एक लंबा इतिहास रहा है अनुभव रहा है तो क्यों ना अपने अनुभव के उस खजाने को वह लोग सदुपयोग कर पाएं धन्यवाद

namaskar doston wah kal par sun rahe mere sabhi buddhijeevi shrotaon ko mera pyar bhara namaskar aaj ka sawal hai ki congress party mein itne anubhavi neta experienced leader hone ke baad bhi rahul gandhi ji ko party ki kamaan kyon di gayi hai aur sawal lajmi bhi hai kyonki hamesha yogyata ke aadhaar par neta ko koi pad sapna chahiye lekin humein yeh baat maanani hogi ki azadi ke baad bhi thoda bahut hi sahi lekin parivaarvaad ki rajneeti bhai bhatija vad ki rajneeti bharatiya rajneeti par havi rahi hai aur shayad isi ke chalte rahul gandhi ko bhi party ki kamaan sonpi gayi hai halaki sabhi jante hain ki vishesh rajneeti ka koi anubhav unhein nahi hai bahut nahi hai balki apni speech b f theek se padh nahi paate kisi aur ki di hui script ko unhein padhna padta hai toh communication skill ki bhi unmen bahut badi kami hai mujhe lagta hai ki agar samay rehte unhone apni communication skill apni leadership quality ko improve nahi kiya toh wah kam se kam party ke liye nuksan pahunchane wale neta hi maane jaenge aur bahut gart mein le jaenge apni party ko congress party ko jiske liye unke purwaajon ne bahut mehnat ki thi iske falne phulne ke liye aur isko desh mein felane ke liye toh mujhe lagta hai ki congress mein mauka milna chahiye aur anubhavi netaon ko jinke paas ek lamba raajnitik carrier aur ek lamba itihas raha hai anubhav raha hai toh kyon na apne anubhav ke us khajaane ko wah log sadupyog kar paen dhanyavad

नमस्कार दोस्तों वह कल पर सुन रहे मेरे सभी बुद्धिजीवी श्रोताओं को मेरा प्यार भरा नमस्कार आज

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Daulat Ram Sharma Shastri

Psychologist | Ex-Senior Teacher

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

भारत भाई पार्टी पार्टी पॉलिटिक्स है ना यह सबसे बड़ी गंदगी है इसी के कारण प्रचार कांग्रेस में बहुत सारे अनुभव भी देता है और निरीक्षण से सब में सबसे अधिक जो अनुभव इन थे प्रोडक्ट प्रणब मुखर्जी थे लेकिन सोनिया गांधी जी ने इस समय अध्यक्ष थे उस समय मैं अपने लड़के राहुल को पीएम बनाने के लिए उसका रास्ता साफ करने के लिए प्रणब मुखर्जी को राहत और राहुल गांधी जी को पार्टी के अध्यक्ष सिर्फ इसलिए दे दी क्या प्रभाव आपके काम से कि कांग्रेस पार्टी जो है वह गांधी परिवार की अंधभक्ति में परिवारवाद की पूजा है जबकि राहुल गांधी जी को यदि देखा जाए तो राहुल गांधी जी को ना तो दे आसमानों में नागिन के बारे में जानते हैं इनको देश के जो ग्राफी के बारे में ज्यादा जानकारी है राहुल गांधी की तरह से एक देश के पीएम की एबिलिटी नहीं है उनका बोलने का महत्व इतना रफ है कि देश के प्रधानमंत्री को कितने अपशब्दों का प्रयोग करते हैं हम इस साल भी उसे सुनते हैं तो बड़ी शर्मनाक स्थिति बन जाती है तो मेरे विचार से राहुल गांधी में तो प्रेम किया बेटी तो कदापि नहीं है ना मैं कांग्रेस को अप संबंध रखता हूं ना मैं भी पी सकता हूं मुझे राजनीतिक व्यवस्था नहीं सेलफिश और इनके व्यक्ति अच्छे नहीं हैं इसलिए सिर्फ एक परिवारवाद की गारंटी रही है

bharat bhai party party politics hai na yeh sabse badi gandagi hai isi ke kaaran prachar congress mein bahut saare anubhav bhi deta hai aur nirikshan se sab mein sabse adhik jo anubhav in the product pranab mukherjee the lekin sonia gandhi ji ne is samay adhyaksh the us samay main apne ladke rahul ko pm banane ke liye uska rasta saaf karne ke liye pranab mukherjee ko rahat aur rahul gandhi ji ko party ke adhyaksh sirf isliye de di kya prabhav aapke kaam se ki congress party jo hai wah gandhi parivar ki andhbhakti mein parivaarvaad ki puja hai jabki rahul gandhi ji ko yadi dekha jaye toh rahul gandhi ji ko na toh de aasmaanon mein nagin ke bare mein jante hain inko desh ke jo graafi ke bare mein zyada jankari hai rahul gandhi ki tarah se ek desh ke pm ki ability nahi hai unka bolne ka mahatva itna rough hai ki desh ke Pradhanmantri ko kitne apshabdo ka prayog karte hain hum is saal bhi use sunte hain toh badi sharmnaak sthiti ban jati hai toh mere vichar se rahul gandhi mein toh prem kiya beti toh kadapi nahi hai na main congress ko up sambandh rakhta hoon na main bhi p sakta hoon mujhe raajnitik vyavastha nahi selfish aur inke vyakti acche nahi hain isliye sirf ek parivaarvaad ki guarantee rahi hai

भारत भाई पार्टी पार्टी पॉलिटिक्स है ना यह सबसे बड़ी गंदगी है इसी के कारण प्रचार कांग्रेस म

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आपने कहा कि कांग्रेस में इतने अनुभवी नेता होने के बावजूद राहुल गांधी को ही पार्टी की कमान क्यों दी गई है अगर आप कांग्रेसका इतिहास देखें तो कांग्रेसका सबसे पहले जो प्राइम मिनिस्टर बने हो जवाहरलाल नेहरू थे उसके बाद लाल बहादुर शास्त्री प्रधानमंत्री बने लेकिन लाल बहादुर शास्त्री को मैनेज करके निकाल दिया गया या उनको मरवा दिया गया तुम के बाद उसकी बेटी इंदिरा गांधी आई इंदिरा गांधी के बाद उसका बेटा राजीव गांधी प्रधानमंत्री बना तो राजीव गांधी के बाद बीच में कुछ काल के लिए मिक्स सरकारें आई और उसके बाद जो है सोनिया गांधी ने इलाज किया और आप यह समझिए कि अक्षर में सोनिया गांधी ही प्रधानमंत्री थी वह सरदार जी क्या नाम में भूल गई उनका वह तो नाममात्र के प्रधानमंत्री थे आप सोनिया गांधी का बेटा राहुल गांधी और प्रियंका गांधी तो अब राहुल गांधी जो है अपने पैतृक जो है जैसे राजाओं का चलता था कि उनका बेटा है जो है शासक बनेगा तो हिंदुस्तान में ऐसा ही चल रहा है तो इसमें कोई दो राय नहीं है कि चाहे राहुल गांधी में कोई योग्यता है या नहीं है लेकिन कोशिश उनकी यही है कि राहुल गांधी को प्रधानमंत्री बनाया जाए लेकिन उसके चांसेस मुझे कम लगते हैं

aapne kaha ki congress me itne anubhavi neta hone ke bawajud rahul gandhi ko hi party ki kamaan kyon di gayi hai agar aap kangresaka itihas dekhen toh kangresaka sabse pehle jo prime minister bane ho jawaharlal nehru the uske baad laal bahadur shastri pradhanmantri bane lekin laal bahadur shastri ko manage karke nikaal diya gaya ya unko marava diya gaya tum ke baad uski beti indira gandhi I indira gandhi ke baad uska beta rajeev gandhi pradhanmantri bana toh rajeev gandhi ke baad beech me kuch kaal ke liye mix sarkaren I aur uske baad jo hai sonia gandhi ne ilaj kiya aur aap yah samjhiye ki akshar me sonia gandhi hi pradhanmantri thi vaah sardar ji kya naam me bhool gayi unka vaah toh naammatra ke pradhanmantri the aap sonia gandhi ka beta rahul gandhi aur priyanka gandhi toh ab rahul gandhi jo hai apne paitrik jo hai jaise rajaon ka chalta tha ki unka beta hai jo hai shasak banega toh Hindustan me aisa hi chal raha hai toh isme koi do rai nahi hai ki chahen rahul gandhi me koi yogyata hai ya nahi hai lekin koshish unki yahi hai ki rahul gandhi ko pradhanmantri banaya jaaye lekin uske chances mujhe kam lagte hain

आपने कहा कि कांग्रेस में इतने अनुभवी नेता होने के बावजूद राहुल गांधी को ही पार्टी की कमान

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खानदेश भारत की सबसे पुरानी पार्टी है और वह एक ऐसी पार्टी है जो अपने परिवारवाद वंशवाद के चक्कर में चलती है उस वार्ड में कितनी महिलाएं और कितने भी हम लोग उस चीज को मुझसे से देश भर की काबिल होगा तो मैंने नहीं देखा से परिवार के समस्त सर जी आप हमारे से कोई ले जाता है अन्यथा वह नगर जो व्यापारिक विवाह के लिए जीती होने के लिए क्लिक कर दी है ऐसी पार्टी से देश को खतरा है और इसलिए शासन कितने बड़े नेताओं पर के गुण की परिभाषा ही कोई अध्यक्ष बनता है

khandesh bharat ki sabse purani party hai aur wah ek aisi party hai jo apne parivaarvaad vanshavad ke chakkar mein chalti hai us ward mein kitni mahilaye aur kitne bhi hum log us cheez ko mujhse se desh bhar ki kaabil hoga toh maine nahi dekha se parivar ke samast sar ji aap hamare se koi le jata hai anyatha wah nagar jo vyaparik vivah ke liye jeeti hone ke liye click kar di hai aisi party se desh ko khatra hai aur isliye shasan kitne bade netaon par ke gun ki paribhasha hi koi adhyaksh baata hai

खानदेश भारत की सबसे पुरानी पार्टी है और वह एक ऐसी पार्टी है जो अपने परिवारवाद वंशवाद के चक

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कांग्रेस पार्टी कभी नहीं चाहेगी कि उस पार्टी का नेतृत्व प्रधानमंत्री पीएम कोई उस पार्टी का कार्यकर्ता या किसी भी दल का कोई छोटा सा कार्यकर्ता जब बड़ा बड़ा राजनेता हो पर कभी नहीं चाहेगी कि वह इस लीड रोल में आए वह पार्टी को पूरी पार्टी को पूरे देश में लीड करें यदि ऐसा होता है तो फिर उनकी उपेक्षा हो जाएगी और आने वाले समय में जो बंदा उस पार्टी को लीड करेगा उस पार्टी का सर्वे सर्वा बॉस बन जाएगा बॉस हो जाएगा और यह कांग्रेस पार्टी कभी नहीं चाहेगी कि मेरे परिवार के सिवाय कोई दूसरा बंदा आ गया है पार्टी करें

congress party kabhi nahi chahegi ki us party ka netritva Pradhanmantri pm koi us party ka karyakarta ya kisi bhi dal ka koi chota sa karyakarta jab bada bada raajneta ho par kabhi nahi chahegi ki wah is lead roll mein aaye wah party ko puri party ko poore desh mein lead karein yadi aisa hota hai toh phir unki upeksha ho jayegi aur aane wale samay mein jo banda us party ko lead karega us party ka survey surva boss ban jayega boss ho jayega aur yeh congress party kabhi nahi chahegi ki mere parivar ke shivaay koi doosra banda aa gaya hai party karein

कांग्रेस पार्टी कभी नहीं चाहेगी कि उस पार्टी का नेतृत्व प्रधानमंत्री पीएम कोई उस पार्टी का

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