कोयला घोटाला: मधु कोडा की सज़ा पर हाईकोर्ट ने रोक लगा दी, क्या भारतीय कानून शक्तिशाली राजनेताओं के सामने कमज़ोर है?...


user

Ansh jalandra

Motivational speaker

0:34
Play

Likes  120  Dislikes    views  1737
WhatsApp_icon
11 जवाब
qIcon
ask
ऐसे और सवाल
Loading...
Loading...
play
user

Awdhesh Singh

Former IRS, Top Quora Writer, IAS Educator

0:60

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

दीदी जब भी कोई लोअर कोर्ट जो है किसी भी अपराधी को सजा सुनाती है तो यह उसका एक लीगल राइट होता है कि वो हाई कोर्ट में जाए और सुप्रीम कोर्ट तक जाए और उसके खिलाफ में अपील करें और सबसे पहला स्टेप होता है जो कोई हाईकोर्ट करता है वो होता है कि जो आदेश है उस पे वो रोक लगाया अगर उसको ऐसा लगता है कि इस में कुछ कमी की गुंजाइश है, लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि जो भी आदेश लोअर कोर्ट ने दिया उस को निरस्त कर दिया गया हैl यह केवल स्टे किया गया है और कुछ समय के लिए स्टे किया गया है और उसके बाद में दोनों साइड सीबीआई और जो इनके कोडा के वकील है वो अपना अपना पक्ष प्रस्तुत करेंगे और उसके बाद में फिर कोई डिसाइड करेगा कि इसमें आगे क्या फैसला करना हैl तो अभी इस स्टेज पे यह कहने की जो है राजनेताओं के सामने जो है कोर्ट जो है नमन कर रहा है या कोर्ट स्टैंड नहीं कर प् रहा है यह उचित नहीं है, हमें कोर्ट के फैसले का इंतजार करना चाहिएl

didi jab bhi koi lower court jo hai kisi bhi apradhi ko saja sunati chahiye hai to yeh uska ek legal right hota hai ki vo hi court mein jaye aur supreme court tak jaye aur uske khilaf mein appeal kare chahiye aur sabse pehla step hota hai jo koi highcourt karta hai vo hota hai ki jo aadesh hai us pe vo rok lagaya agar usko aisa lagta hai ki is mein kuch kami ki gunjan hai lekin iska matlab yeh nahi hai ki jo bhi aadesh lower court ne diya us ko nirast kar diya gaya hai yeh kewal stay kiya gaya hai aur kuch samay ke liye stay kiya gaya hai aur uske baad mein dono side cbi aur jo inke coda ke vakil hai vo apna apna paksh prastut karenge aur uske baad mein phir koi decide karega ki isme aage kya faisla karna hai to abhi is stage pe yeh kehne ki jo hai rajnetao ke samane jo hai court jo hai chahiye naman kar raha hai ya court stand nahi kar p raha hai yeh uchit nahi hai hume court ke faisle ka intejar karna chahiye

दीदी जब भी कोई लोअर कोर्ट जो है किसी भी अपराधी को सजा सुनाती है तो यह उसका एक लीगल राइट हो

Romanized Version
Likes  20  Dislikes    views  462
WhatsApp_icon
user
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

नहीं भारतीय कानून किसी भी राजनेता या किसी भी व्यक्ति के सामने कभी भी कमजोर नहीं हुआ है हाईकोर्ट ने और मधु कोड़ा की सजा पर रोक लगाई है और रुक तो एक सामान्य अपील के आधार पर भी की लगाई जा सकती है आप कानून को हमेशा शक्तिशाली समझे और शक्तिशाली कानूनी रहेगा इस देश में जब भी 2 लोग भी लड़ते हैं तो उन्हें सिर्फ कानून पर भरोसा है

nahi bharatiya kanoon kisi bhi raajneta ya kisi bhi vyakti ke saamne kabhi bhi kamjor nahi hua hai highcourt ne aur madhu koda ki saza par rok lagayi hai aur ruk toh ek samanya appeal ke aadhaar par bhi ki lagayi ja sakti hai aap kanoon ko hamesha shaktishali samjhe aur shaktishali kanooni rahega is desh mein jab bhi 2 log bhi ladte hai toh unhe sirf kanoon par bharosa hai

नहीं भारतीय कानून किसी भी राजनेता या किसी भी व्यक्ति के सामने कभी भी कमजोर नहीं हुआ है हाई

Romanized Version
Likes  20  Dislikes    views  294
WhatsApp_icon
user
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

चौटाला को बेल मिल गई लालू को जेल हो गई इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि भारतीय कानून ताकतवर शासन ओके हाथ की कठपुतली है

chautala ko bell mil gayi lalu ko jail ho gayi isi se andaja lagaya ja sakta hai ki bharatiya kanoon takatwar shasan ok hath ki kathaputali hai

चौटाला को बेल मिल गई लालू को जेल हो गई इसी से अंदाजा लगाया जा सकता है कि भारतीय कानून ताकत

Romanized Version
Likes  10  Dislikes    views  150
WhatsApp_icon
user

Sefali

Media-Ad Sales

0:60
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मधु कोडा जो की झारखंड के चीफ मिनिस्टर रह चुके, २००६ से लेकर २००८ तक और कोयले, कोयला का घोटाला में शामिल थे और जहां तक बात आती है भारतीय कानून के शक्तिशाली होने की, तो मैं यह नहीं कहूँगी कीहमारा जो कानून है वह कमज़ोर है, हमारा कानून उतना ही शक्तिशाली है जितना दुसरे देशों का होता है, बहोत पावरफुल है l पर यह है कभी-कभी कुछ जो डिसीजन है, सबूत इकट्ठा करने में, उन्हें प्रूव करने में, सारे फोर्मलिटीज़ करने मे l वो जो प्रोसेस है, वोह काफी लैंदी है और हमारे देश में इतने सारे पैंडिंग केसेस है इसीलिए ये जो चीज है वह फास्ट प्रोसेस में नहीं हो पा रही है l बस वही प्रॉब्लम है अदरवाइज़ ऐसा कुछ भी नहीं है, कि हमारा देश का जो कानून है वह कमजोर है या कुछ यह बस जो सिस्टम है उसे बस थोडा फ़ास्ट करने की जरूरत है, अदरवाइज़ ऐसा बिल्कुल भी नहीं है l

madhu coda jo ki jharkhand ke chief minister rah chuke 2006 se lekar 2008 tak aur koyle koyla ka ghotala mein shamil the aur jaha tak baat aati hai bhartiya kanoon ke shaktishaali hone ki to main yeh nahi kahoongee kihmara jo kanoon hai wah kamazor hai hamara kanoon utana chahiye hi shaktishaali hai jitna dusre deshon ka hota hai bahut powerful hai l par yeh hai kabhi kabhi kuch jo decision hai sabut ikattha karne mein unhen chahiye prove karne mein sare formalities karne me l vo jo process hai woh kaafi laindi hai aur hamare desh mein itne sare painding cases hai isliye ye jo cheez hai wah fast process mein nahi ho pa rahi hai l bus wahi problem hai adaravaiz aisa kuch bhi nahi hai ki hamara desh ka jo kanoon hai wah kamjor hai ya kuch yeh bus jo system hai use bus thoda fast karne ki zarurat hai adaravaiz aisa bilkul bhi nahi hai l

मधु कोडा जो की झारखंड के चीफ मिनिस्टर रह चुके, २००६ से लेकर २००८ तक और कोयले, कोयला का घोट

Romanized Version
Likes    Dislikes    views  118
WhatsApp_icon
user

.

Hhhgnbhh

1:18
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

नहीं, मैं को ऐसा नहीं लगता है क्योंकि मेरे को सिर्फ यही लगता है कि जो भारत कर लो है वह बहुत ज्यादा मजबूत है किसी के आगे नहीं रुकता चाहेगा बड़ा इंसान हो चाहे वोह छोटा इंसान हो l हां, ऐसा काफी बार देखा गया कि जब बड़े इंसान होते हैं तो जो केस है वह काफी लंबा चलता है, सुप्रीम कोर्ट तक जाना पड़ता है और काफी ज्यादा समय जरुर लगता है पर फिर भी जो अल्टीमेट निर्णय आता है वह बिल्कुल सही होता है ऐसा मेरा मानना है l और ऐसा ही मैंने देखा है अब तक तो वह जो यह हाई कोर्ट ने भी डिसीजन लिया है तो इसके पीछे कोई ना कोई कारण जरुर रहा होगा जो अब तक बाहर निकल कर नहीं आ पा रहा है ढ़ंग से l तो हमें ऐसा लग रहा है कि उन्होंने थोड़ा भेदभाव करा है पर उसके बाद हम तो सुप्रीम कोर्ट का भी इरादा है तो सुप्रीम कोर्ट पर भी जाकर वह एक बार देख सकते हैं और अगर ऐसा नहीं है और वह बेकसूर है नेता तो उनको अपना जो चीज में छुपा मतलब रचित छुपी हुई आ रही है कि मैं बेकसूर क्यों है वह बाहर आनी चाहिए और उनकी जगह कौन कसूरवार है यह भी बाहर आना चाहिए l तो हां हम लोग अभी थोड़ी देर वेट ही कर सकते है क्योंकि ऐसे कैसे से एकदम से नहीं सोल्वे होते हैं यह थोड़ा टाइम जरुर ले लेते हैं पर l हाँ, मै को पूरा भरोसा भारत के लॉ पर कि वह कोई भेदभाव ना करते हुए जो असली गुनहगार होगा उसको सजा मिलेगी और काफी कड़ी सजा ही मिलेगी l

nahi main ko aisa nahi lagta hai kyonki mere ko sirf yahi lagta hai ki jo bharat kar lo hai wah bahut jyada majboot hai kisi ke aage nahi rukata chahega bada insaan ho chahe woh chota insaan ho l haan aisa kaafi baar dekha gaya ki jab bade insaan hote hain to jo case hai wah kaafi lamba chalta hai supreme court tak jana padata hai aur kaafi jyada samay zaroor lagta hai par phir bhi jo altimet nirnay aata hai wah bilkul sahi hota hai aisa mera manana hai l aur aisa hi maine dekha hai ab tak to wah jo yeh hi court ne bhi decision liya hai to iske piche koi na koi kaaran zaroor raha hoga jo ab tak bahar nikal kar nahi aa pa raha hai dhang se l to hume aisa lag raha hai ki unhone thoda bhedbhav kra hai par uske baad hum to supreme court ka bhi irada hai to supreme court par bhi jaakar wah ek baar dekh sakte hain aur agar aisa nahi hai aur wah bekasoor hai neta to unko apna jo cheez mein chupa matlab rachit chhupee hui aa rahi hai ki main bekasoor kyu hai wah bahar aani chahiye chahiye aur unki jagah kaun kasurvar hai yeh bhi bahar aana chahiye l to haan hum log abhi thodi der wait hi kar sakte hai kyonki aise kaise se ekdam se nahi solve hote hain yeh thoda time zaroor le lete hain par l haan mai ko pura bharosa bharat ke law par ki wah koi bhedbhav na karte hue jo asli gunahagar hoga usko saja milegi aur kaafi kadi saja hi milegi l

नहीं, मैं को ऐसा नहीं लगता है क्योंकि मेरे को सिर्फ यही लगता है कि जो भारत कर लो है वह बहु

Romanized Version
Likes  7  Dislikes    views  188
WhatsApp_icon
user

Bhaskar Saurabh

Politics Follower | Engineer

1:39
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मधु कोड़ा जॉब झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री थे उन्हें सीबीआई अदालत ने कोल ब्लॉक आवंटन घोटाले में दोषी ठहराते हुए 3 साल कैद और ₹25000 जुर्माने की सजा सुनाई थी लेकिन जब उन्होंने इस फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती दी तब हाईकोर्ट ने इस सजा भेजो कि सीबीआई कोर्ट ने उन्हें दी थी उस पर रोक लगा दी तो कई लोग ऐसा सोच रहे हैं कि भारतीय कानून शक्तिशाली राजनेताओं के सामने कमजोर पड़ जाता है क्योंकि उन्हें सजा नहीं मिल पाती है या फिर उन्हें सजा देने में काफी देर हो जाती है जबकि वहीं अगर आम नागरिक की बात की जाए तो उन्हें जल्दी से सजा मिल जाती है और कई बार गलत फैसले भी हो जाते हैं उनके साथ लेकिन मेरा मानना है ऐसा है कि अपना जो कानून है वह सभी के लिए एक समान है अगर कोई राजनेता या फिर कोई बड़ा आदमी जो कि काफी पहुंच वाला है या शक्तिशाली है तो समय तो जरुर लगता है उन्हें सच मिलने में लेकिन अगर वह दोषी होते हैं या फिर उनके खिलाफ सारे सबूत हो जाते हैं तो उन्हें भी सजा अपना कानून जरूर देता है तो मेरा मानना यह है कि हमें अपने कानून-व्यवस्था पर पूरी निष्ठा बनाए रखने चाहिए और ऐसा कभी नहीं सोचना चाहिए कि हमारा कानून कमजोर है और हाल के दिनों में ही हम अगर देखें तो लालू प्रसाद यादव को भी सजा हुई है जो कि चारा घोटाले में दोषी साबित हुए हैं तो वह भी एक काफी शक्तिशाली और बहुत पुराने राजनेता थे तो जब उन्हें सजा हो सकती है तो फिर हम ऐसा कैसे सोच सकते हैं कि हमारा कानून कमजोर है

madhu koda job jharkhand ke purv mukhyamantri the unhen chahiye cbi adalat ne kal block aawantan ghotale mein doshi thahrate hue 3 saal kaid aur ₹25000 jurmane ki saja sunayi thi lekin jab unhone is faisle ko highcourt mein chunauti di tab highcourt ne is saja bhejo ki cbi court ne unhen chahiye di thi us par rok laga di to kai log aisa soch rahe hai ki bhartiya kanoon shaktishaali rajnetao ke samane kamjor padh jata hai kyonki unhen chahiye saja nahi mil pati hai ya phir unhen chahiye saja dene mein kaafi der ho jati hai jabki wahi agar aam nagarik ki baat ki jaye to unhen chahiye jaldi se saja mil jati hai aur kai baar galat faisle bhi ho jaate hai unke saath lekin mera manana hai aisa hai ki apna jo kanoon hai wah sabhi ke liye ek saman hai agar koi rajneta ya phir koi bada aadmi jo ki kaafi pohch wala hai ya shaktishaali hai to samay to zaroor lagta hai unhen chahiye sach milne mein lekin agar wah doshi hote hai ya phir unke khilaf sare sabut ho jaate hai to unhen chahiye bhi saja apna kanoon jarur deta hai to mera manana yeh hai ki hume apne kanoon vyavastha par puri nishtha banaye rakhne chahiye aur aisa kabhi nahi sochna chahiye ki hamara kanoon kamjor hai aur haal ke dinon chahiye mein hi hum agar dekhen to lalu prasad yadav ko bhi saja hui hai jo ki chara ghotale mein doshi saabit hue hai to wah bhi ek kaafi shaktishaali aur bahut purane rajneta the to jab unhen chahiye saja ho sakti hai to phir hum aisa kaise soch sakte hai ki hamara kanoon kamjor hai

मधु कोड़ा जॉब झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री थे उन्हें सीबीआई अदालत ने कोल ब्लॉक आवंटन घोटाले

Romanized Version
Likes  10  Dislikes    views  174
WhatsApp_icon
user

Sameer Tripathy

Political Critic

0:56
Play

Likes  1  Dislikes    views  11
WhatsApp_icon
user

Sachin Bharadwaj

Faculty - Mathematics

0:52
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देख ऐसा बहुत बार होता है जब सेशन कोर्ट से किसी को व्यक्ति को सजा मिलती है और हाई कोर्ट से रोक लगा देता है तो मुझे नहीं लगता कि इस केवल इसी विषय को देखते हुए हम को यह कहना चाहिए कि हमारे राजनेताओं के सामने हमारा कानून कमजोर है मैं इस बात को बिल्कुल एग्री नहीं करता हूं हमने बहुत बार देखा ऐसा होता है लेकिन यह अल्टीमीटर रिजल्ट नहीं होता उसके बाद भी सुप्रीम कोर्ट का रास्ता है ठीक है बिल्कुल उनको अगर वह डिजाइन करते हैं सजा के लिए तो उनको सजा मिलेगी उन्होंने कुल कुल घोटाले में 1 बॉल में तो बिल्कुल को सजा मिलेगी तो मुझे नहीं लगता ऐसा कहना चाहिए कि राजनेताओं के सामने हमारा कानून कमजोर कानून सभी के लिए बराबर है हमने बहुत सारे ऐसे एग्जांपल से देखे हैं जो बहुत बड़े बड़े पॉलिटिशियन लीटर होते हैं बाबा लोग होते हैं उनके इतनी पॉपुलैरिटी के बाद भी उनको सजा मिली है और वह जेल के अंदर हैं

dekh aisa bahut baar hota hai jab session court se kisi ko vyakti ko saja milti hai aur hi court se rok laga deta hai to mujhe nahi lagta ki is kewal isi vishay ko dekhte hue hum ko yeh kehna chahiye ki hamare rajnetao ke samane hamara kanoon kamjor hai is baat ko bilkul agree chahiye nahi karta hoon humne bahut baar dekha aisa hota hai lekin yeh ALTIMETER result nahi hota uske baad bhi supreme court ka rasta hai theek hai bilkul unko agar wah design karte hain saja ke liye to unko saja milegi unhone kul kul ghotale mein 1 ball mein to bilkul ko saja milegi to mujhe nahi lagta aisa kehna chahiye ki rajnetao ke samane hamara kanoon kamjor kanoon sabhi ke liye barabar hai humne bahut sare aise example se dekhe hain jo bahut bade bade politician liter hote hain baba log hote hain unke itni popularity ke baad bhi unko saja mili hai aur wah jail ke andar hain

देख ऐसा बहुत बार होता है जब सेशन कोर्ट से किसी को व्यक्ति को सजा मिलती है और हाई कोर्ट से

Romanized Version
Likes  6  Dislikes    views  197
WhatsApp_icon
user

Amber Rai

सुनो ..सुनाओ..सीखो!

0:47
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

अजीत क्या मेरी सेंटर में जॉब कैसे मैं कोर्ट का आज ऐसे रिएक्शन रहा है अभी टूजी घोटाले में भी जो दूषित है उनके सारे दोस्तों को बरी कर दिया गया था और अमेरिका कोयला घोटाले में मधु कोड़ा की सजा पर रोक लगा दी गई है तो हो सकता है कि हमारे जो जुडिशल सिस्टम वस में कोई खामी है और पॉलिटिशंस जो हो सकते हैं करीना कैसे सेटिंग करके अपने आप को बचा ले रहे हैं तो इसको जो है इस पर गौर करने की जरूरत है सरकार को कि ऐसा ना हो और जो हमारे जुडिशल सिस्टम में को करप्शन और दोपहर को लेता है उनसे अलग रहे हैं और चाहे वह अमीर आदमी है चाहे गरीब हो चाहे पास हो चाहे पावर लेते हो उसको सामान टाइट करना चाहिए

ajit kya meri center mein job kaise main court ka aaj aise reaction raha hai abhi tuji ghotale mein bhi jo dushit hai unke sare doston ko bari chahiye kar diya gaya tha aur america koyla ghotale mein madhu koda ki saja par rok laga di gayi hai to ho sakta hai ki hamare jo judicial system vas mein koi khami hai aur politicians jo ho sakte hain kareena kaise setting karke apne aap ko bacha le rahe hain to isko jo hai is par gaur karne ki zarurat hai sarkar ko ki aisa na ho aur jo hamare judicial system mein ko corruption aur dopahar ko leta chahiye hai unse alag rahe hain aur chahe wah amir aadmi hai chahe garib ho chahe paas ho chahe power lete ho usko saamaan tight karna chahiye

अजीत क्या मेरी सेंटर में जॉब कैसे मैं कोर्ट का आज ऐसे रिएक्शन रहा है अभी टूजी घोटाले में भ

Romanized Version
Likes  1  Dislikes    views  149
WhatsApp_icon
user

Kunjansinh Rajput

Aspiring Journalist

1:12
Play

Likes    Dislikes    views  163
WhatsApp_icon
qIcon
ask
QuestionsProfiles

Vokal App bridges the knowledge gap in India in Indian languages by getting the best minds to answer questions of the common man. The Vokal App is available in 11 Indian languages. Users ask questions on 100s of topics related to love, life, career, politics, religion, sports, personal care etc. We have 1000s of experts from different walks of life answering questions on the Vokal App. People can also ask questions directly to experts apart from posting a question to the entire answering community. If you are an expert or are great at something, we invite you to join this knowledge sharing revolution and help India grow. Download the Vokal App!