पश्चिमी देशों में इतने ज़्यादा तलाक़ के मामले क्यों होते हैं?...


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Bhim Singh Kasnia

Acupunctrist,Motivational Speaker

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

नमस्कार आपका सवाल है कि पश्चिमी देशों में इतने ज्यादा तलाक के मामले क्यों होते हैं देखिए वहां की सामाजिक व्यवस्था ही इस तरह की है वहां पर परिवारों को बांध के नहीं रखा जाता वह लोग रिश्तो में ज्यादा नहीं बने हुए हैं हम लोगों की संस्कृति हमारा समाज और हमारे लोग और हमारी भावना एक दूसरे से जब जुड़ जाती है तो हम लोग इमोशनली बहुत ही बहुत गहराई से जुड़ जाते हैं उन लोगों में ऐसा नहीं होता है उनमें से अधिकांश लोग प्रोफेशनली एक दूसरे से जुड़े होते हैं ना कि रिश्तो की गहराई से या फिर उनको केवल महज शारीरिक आकर्षण ही मात्र होता है इसलिए वहां ज्यादा तलाक के मामले पाए जाते हैं नमस्कार धन्यवाद

namaskar aapka sawaal hai ki pashchimi deshon me itne zyada talak ke mamle kyon hote hain dekhiye wahan ki samajik vyavastha hi is tarah ki hai wahan par parivaron ko bandh ke nahi rakha jata vaah log rishto me zyada nahi bane hue hain hum logo ki sanskriti hamara samaj aur hamare log aur hamari bhavna ek dusre se jab jud jaati hai toh hum log emotionally bahut hi bahut gehrai se jud jaate hain un logo me aisa nahi hota hai unmen se adhikaansh log professionally ek dusre se jude hote hain na ki rishto ki gehrai se ya phir unko keval mahaj sharirik aakarshan hi matra hota hai isliye wahan zyada talak ke mamle paye jaate hain namaskar dhanyavad

नमस्कार आपका सवाल है कि पश्चिमी देशों में इतने ज्यादा तलाक के मामले क्यों होते हैं देखिए व

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Shipra Ranjan

Life Coach

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

सबसे ज्यादा जो मुझे लगता है कि वो एक दूसरे को अंडरस्टैंड कितना तक नहीं करते हैं जितना कि यहां पर इंडियन के साथ में है कि हम लोग रहने की कोशिश करते हैं सबसे बड़ी बातों को समझने की कोशिश करते हैं शॉर्ट टेंपर्ड नहीं है और इसके अलावा जो हम दोनों के यहां पर ग्रुप है शादी के लिए एज है वह क्यों हो जाता है दोनों मिलते मिलते हैं आने के लिए फौरन कंट्री इन ए रिलेशनशिप के बारे में अपनी नॉलेज नहीं होती है जहां पर वह अपनी खुशी के लिए दूसरे के साथ में रह रहे हैं और पेंट का कंट्रोल इतना ज्यादा रहता नहीं है वहां पर जो इंडियन सोसायटी में बहुत ज्यादा रहता है इस वजह से भी एक ऑप्शन है और इंटरफेयर नहीं होता है जो हमारे यहां पर रहता है इस वजह से यह बहुत बड़ा फैक्टर मुझे लगता है जिसकी वजह से जो 1 घंटे में डालो ज्यादा होते हैं और इंडिया में जो है इतना ज्यादा नहीं होते तो हमारे यहां तो है इंडिया से बात करें तो कोई प्रॉब्लम आएगी तो लड़का और लड़की कोई प्रॉब्लम है उनको वहां पर बच्चों से कोई मतलब होता ही नहीं है वह अपने कंट्रोल में होता ही नहीं है तो बच्चा किसके साथ ले रहा है क्या प्रॉब्लम हो रहा है नहीं हो रहा है कि नहीं आती है

sabse zyada jo mujhe lagta hai ki vo ek dusre ko understand kitna tak nahi karte hain jitna ki yahan par indian ke saath mein hai ki hum log rehne ki koshish karte hain sabse badi baaton ko samjhne ki koshish karte hain short tempard nahi hai aur iske alava jo hum dono ke yahan par group hai shadi ke liye age hai wah kyon ho jata hai dono milte milte hain aane ke liye phauran country in a Relationship ke bare mein apni knowledge nahi hoti hai jaha par wah apni khushi ke liye dusre ke saath mein reh rahe hain aur paint ka control itna zyada rehta nahi hai wahan par jo indian sociaty mein bahut zyada rehta hai is wajah se bhi ek option hai aur intarafeyar nahi hota hai jo hamare yahan par rehta hai is wajah se yeh bahut bada factor mujhe lagta hai jiski wajah se jo 1 ghante mein dalo zyada hote hain aur india mein jo hai itna zyada nahi hote toh hamare yahan toh hai india se baat karein toh koi problem aayegi toh ladka aur ladki koi problem hai unko wahan par baccho se koi matlab hota hi nahi hai wah apne control mein hota hi nahi hai toh baccha kiske saath le raha hai kya problem ho raha hai nahi ho raha hai ki nahi aati hai

सबसे ज्यादा जो मुझे लगता है कि वो एक दूसरे को अंडरस्टैंड कितना तक नहीं करते हैं जितना कि य

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Porshia Chawla Ban

Psychologist

2:30
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आपका जो क्वेश्चन है कि पश्चिमी देशों में इतनी तलाक के मामले क्यों होते हैं उसको सिंपल आंसर यह है कि आखिर क्यों उन लोगों में डॉलर रेंस नहीं है सहनशीलता नहीं है जिसे हमारे यहां जो हमारे संस्कार है भारत में वह क्या बताते हैं कि आप एक रिश्ते को निभाएं और यह सात जन्म का रिश्ता है तो शादी के बाद जो है यह एक्सेप्ट किया जाता है कि दूसरे को समय देंगे समझेंगे जानते हैं कि बचेंगे देखेंगे और यहां पर आप देखो कि डिवोर्स भी ज्यादा होने लगे हैं और उसका रीजन भी भारत में भी इसीलिए अभी संख्या बढ़ती जा रही है रिपोर्ट की प्रति लोगों में सहनशीलता की कमी है और दूसरा जो बहुत बड़ा फैक्टर है वह यह है कि जो लेडीस हैं वहां पर मैंने वह डिपेंडेंट नहीं है इमोशनली और कांचली हस्बैंड के ऊपर और इमोशनल इंडिपेंडेंट नहीं है तो वह लगता है उनको कि के पट नहीं रहा है तो बैटर है कि इस रिलेशनशिप से वॉकआउट करना छोड़ दो उसको लाइक इंडिया में भी यही सेनारियो है तो जो अंडरस्टैंडिंग का लेवल है चैरिटी है इमोशनल मेच्योरिटी वह भी कम हो गई है लोगों में और कंज्यूमैरिज्म पर भोक्ता वाटते उपभोक्तावाद पर ज्यादा ध्यान है तू ज्यादा से ज्यादा लोग कंज्यूम करना चाहते हैं और वही उनके लिए खुशी का सबब बनता है उसे ही उन चीजों से ही उनको खुशी मिलती है पैसों से ही खुशी मिलती है यह भी है कि लोग जो है रिश्तो को जो है तूल नहीं देते हैं ज्यादा उनके लिए उनके मूल्य हैं वहीं बदलते हैं लालू जी चेंज हो गई है रिश्तो को देते ही नहीं है यह भी बहुत लेट कहां पर ज्यादा है और अभी देखने में आ रहा है कि इंडिया में भी बढ़ रहा है रोज ऐसे कैसे जाते हैं हमारे पास आ काउंसलिंग के जिसमें बिल्कुल डॉलर रेट कर पाते हैं वह मतलब 1 जून के दिमाग में ईमेल है कि ऐसा ऐसा होना चाहिए यही चाहिए तो वह जरा सा भी ऊंच-नीच हो जाती है तो फिर वह बर्दाश्त नहीं होता है और उनका वही से डिसेटिस्फेक्शन की हद जब बढ़ जाती है और किसी भी तरह से एग्रीमेंट नहीं हो पाते हैं तो लोग पहला जो देखते हैं वह आजकल सलूशन डिवोर्स देखते हैं अलग हो जाना आसान लगता है तो यह भी पहुंचा है धन्यवाद

aapka jo question hai ki pashchimi deshon mein itni talak ke mamle kyon hote hai usko simple answer yah hai ki aakhir kyon un logo mein dollar reigns nahi hai sahansheelta nahi hai jise hamare yahan jo hamare sanskar hai bharat mein vaah kya batatey hai ki aap ek rishte ko nibhayen aur yah saat janam ka rishta hai toh shadi ke baad jo hai yah except kiya jata hai ki dusre ko samay denge samjhenge jante hai ki bachenge dekhenge aur yahan par aap dekho ki divorce bhi zyada hone lage hai aur uska reason bhi bharat mein bhi isliye abhi sankhya badhti ja rahi hai report ki prati logo mein sahansheelta ki kami hai aur doosra jo bahut bada factor hai vaah yah hai ki jo ladies hai wahan par maine vaah dependent nahi hai emotionally aur kanchali husband ke upar aur emotional independent nahi hai toh vaah lagta hai unko ki ke pat nahi raha hai toh better hai ki is Relationship se walkout karna chod do usko like india mein bhi yahi senariyo hai toh jo understanding ka level hai charity hai emotional maturity vaah bhi kam ho gayi hai logo mein aur kanjyumairijm par bhokta watate upbhogtavad par zyada dhyan hai tu zyada se zyada log consume karna chahte hai aur wahi unke liye khushi ka sabab baata hai use hi un chijon se hi unko khushi milti hai paison se hi khushi milti hai yah bhi hai ki log jo hai rishto ko jo hai tool nahi dete hai zyada unke liye unke mulya hai wahi badalte hai lalu ji change ho gayi hai rishto ko dete hi nahi hai yah bhi bahut late kahaan par zyada hai aur abhi dekhne mein aa raha hai ki india mein bhi badh raha hai roj aise kaise jaate hai hamare paas aa kaunsaling ke jisme bilkul dollar rate kar paate hai vaah matlab 1 june ke dimag mein email hai ki aisa aisa hona chahiye yahi chahiye toh vaah zara sa bhi unch neech ho jaati hai toh phir vaah bardaasht nahi hota hai aur unka wahi se disetisfekshan ki had jab badh jaati hai aur kisi bhi tarah se Agreement nahi ho paate hai toh log pehla jo dekhte hai vaah aajkal salution divorce dekhte hai alag ho jana aasaan lagta hai toh yah bhi pohcha hai dhanyavad

आपका जो क्वेश्चन है कि पश्चिमी देशों में इतनी तलाक के मामले क्यों होते हैं उसको सिंपल आंसर

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Dr.Nisha Joshi

Psychologist

1:30
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

बहुत अच्छा प्रश्न है पश्चिमी देशों में इतने ज्यादा तलाक के मामले क्यों होता है वहां पर क्या होता है प्रैक्टिकल है सब अपने काम से काम रखो फटाफट सेवर करना फास्ट से खाना पर एक दूसरे को टाइम भी वक्त कम देते हैं मगर किसी और पर शक है तो उसको तलाक देते फिरते और सेट हो जाता है चाहे तुम मेल हो या फीमेल हो यही रहता है ठीक है और यहां पर क्या होता है एक दूसरे को टाइम देते हैं अच्छे से बातचीत करते हैं क्या-क्या का नहीं सब कुछ कुछ ना करना यह रहता है और वह कैसे इतनी ज्यादा कोई चीज नहीं रहती सब बिजी अपने अपने लाइफ में बिजी हो जाते हैं तो यहां पर चला का कम रहता है वहां पर जाता रहता है लेकिन अब तो यहां भी तलाक का सिस्टम ज्यादा हो चुका है अब तो वहां पर कम हो रहा है पश्चिमी देशों में तलाक और यहां पर सबसे ज्यादा हो रहा है ओके वह लोग पश्चिम में पश्चिम में जो आउट ऑफ कंट्री इंडिया की भारतीय संस्कृति को यूज में ले रहे और भारत के लोग पश्चिमी संस्कृति यूज में ले रहे तो दोनों में क्रॉस हो चुका है वह सामने वाला तुम्हें वहां समय तक कम हो रहे और यहां पर इंडिया में ज्यादा हो रहे हैं तो बस यही अर्थव्यवस्था है अपने रूठे को थोड़ा पकड़ते रहिए तो तलाक पर मामला नहीं आएगा ठीक है

bahut accha prashna hai pashchimi deshon mein itne zyada talak ke mamle kyon hota hai wahan par kya hota hai practical hai sab apne kaam se kaam rakho phataphat sevar karna fast se khana par ek dusre ko time bhi waqt kam dete hain magar kisi aur par shak hai toh usko talak dete phirte aur set ho jata hai chahen tum male ho ya female ho yahi rehta hai theek hai aur yahan par kya hota hai ek dusre ko time dete hain acche se batchit karte kya kya ka nahi sab kuch kuch na karna yah rehta hai aur vaah kaise itni zyada koi cheez nahi rehti sab busy apne apne life mein busy ho jaate hain toh yahan par chala ka kam rehta hai wahan par jata rehta hai lekin ab toh yahan bhi talak ka system zyada ho chuka hai ab toh wahan par kam ho raha hai pashchimi deshon mein talak aur yahan par sabse zyada ho raha hai ok vaah log paschim mein paschim mein jo out of country india ki bharatiya sanskriti ko use mein le rahe aur bharat ke log pashchimi sanskriti use mein le rahe toh dono mein cross ho chuka hai vaah saamne vala tumhe wahan samay tak kam ho rahe aur yahan par india mein zyada ho rahe hain toh bus yahi arthavyavastha hai apne roothe ko thoda pakadten rahiye toh talak par maamla nahi aayega theek hai

बहुत अच्छा प्रश्न है पश्चिमी देशों में इतने ज्यादा तलाक के मामले क्यों होता है वहां पर क्य

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Ajay Sinh Pawar

Founder & M.D. Of Radiant Group Of Industries

2:44
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

पश्चिम देशों ने तलाक के मामले क्या वह बहुत ही सीमित मात्रा में लोग अपने काम से काम रखते हैं बहुत ज्यादा एक्टिव होते हैं जो भावनाएं भावनाओं का विस्तार होता है वह लोगों में अलग-अलग होता है हमारे यहां बहुत परिवार के सदस्य जो जुड़े रहते हैं एक दूसरे लेकिन वहां पर जुड़े रहते हैं ऐसी बात नहीं है लेकिन वहां पर लिव इन रिलेशनशिप जो है वह काफी बड़े पैमाने पर होता है कि लोग पहले एक दूसरे को पढ़ते हैं 1 साल 2 साल 5 साल 10 साल लिव इन रिलेशनशिप में रहते हैं फिर स्टार्ट होने के बाद प्रेम करते हैं और जब पति से प्रेम विजाती पात्र में होता है फिर उसके बाद आकर्षण का नियम लागू होता कृष्ण होता है तब तक तो एक दूसरे से ऊब चुके होते हैं इसलिए अलग हो जाता है प्यार करता हूं बोल जल्दी ही पूरा कर लेते जादू डीजे में हूं चाय पेड़ के नीचे हो चाहे घर में हो या कहीं भी मन में हो उनके प्यार का कोटा जल्दी पूरा हो जाता है जो प्यार का कोटा पूरा होता है तो पता चलता है वह हर जगह पर अलग हो जाते हैं तलाक लेने साथी की तलाश करते इसलिए यहां पर हमारे भारत का प्रमाण है लेकिन अब भी हमारे देश बढ़ता जा रहा है और हमें इस बारे में नकल नहीं करना चाहिए अपनी पारिवारिक भावना और जो हमारे यहां कहा जाता है कि सात जन्मों का बंधन होता है लेकिन कम से कम इस जन्म में जो साथी जैसा मिला है उसके अच्छाई और बुराई के साथ शिकायत करते हैं और अपना जीवन खुशी-खुशी जीते वहां के लोग आर्थिक जो प्रकृति उसे प्यार के साथ चोदते हैं इसलिए तलाक के प्रमाण ज्यादा धन्यवाद

paschim deshon ne talak ke mamle kya vaah bahut hi simit matra mein log apne kaam se kaam rakhte hain bahut zyada active hote hain jo bhaavnaye bhavnao ka vistaar hota hai vaah logo mein alag alag hota hai hamare yahan bahut parivar ke sadasya jo jude rehte hain ek dusre lekin wahan par jude rehte hain aisi baat nahi hai lekin wahan par live in Relationship jo hai vaah kaafi bade paimane par hota hai ki log pehle ek dusre ko padhte hain 1 saal 2 saal 5 saal 10 saal live in Relationship mein rehte hain phir start hone ke baad prem karte hain aur jab pati se prem vijati patra mein hota hai phir uske baad aakarshan ka niyam laagu hota krishna hota hai tab tak toh ek dusre se ub chuke hote hain isliye alag ho jata hai pyar karta hoon bol jaldi hi pura kar lete jadu DJ mein hoon chai ped ke niche ho chahen ghar mein ho ya kahin bhi man mein ho unke pyar ka quota jaldi pura ho jata hai jo pyar ka quota pura hota hai toh pata chalta hai vaah har jagah par alag ho jaate hain talak lene sathi ki talash karte isliye yahan par hamare bharat ka pramaan hai lekin ab bhi hamare desh badhta ja raha hai aur hamein is bare mein nakal nahi karna chahiye apni parivarik bhavna aur jo hamare yahan kaha jata hai ki saat janmon ka bandhan hota hai lekin kam se kam is janam mein jo sathi jaisa mila hai uske acchai aur burayi ke saath shikayat karte hain aur apna jeevan khushi khushi jeete wahan ke log aarthik jo prakriti use pyar ke saath chodte hain isliye talak ke pramaan zyada dhanyavad

पश्चिम देशों ने तलाक के मामले क्या वह बहुत ही सीमित मात्रा में लोग अपने काम से काम रखते है

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satyaveer singh

Satya Traders

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

कितने जिले में उनको जाकर राजाओं की कहानियों की चौथे दिन की इच्छा होती है एक लड़की पसंद आ गई

kitne jile me unko jaakar rajaon ki kahaniyan ki chauthe din ki iccha hoti hai ek ladki pasand aa gayi

कितने जिले में उनको जाकर राजाओं की कहानियों की चौथे दिन की इच्छा होती है एक लड़की पसंद आ ग

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Rihan Shah

I want to become An IAS Officer (Love Realationship Full Experience)

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

लेकिन मेरा मानना यह है कि वे कि उनके अंदर कहीं न कहीं कुछ नहीं दिक्कत हो जाएगा के घर से तो कहीं ना कहीं दिक्कत महसूस होती है उनकी शादी हो जाती है जिसका उनके मामले सुनाओ

lekin mera manana yah hai ki ve ki unke andar kahin na kahin kuch nahi dikkat ho jaega ke ghar se toh kahin na kahin dikkat mehsus hoti hai unki shadi ho jaati hai jiska unke mamle sunao

लेकिन मेरा मानना यह है कि वे कि उनके अंदर कहीं न कहीं कुछ नहीं दिक्कत हो जाएगा के घर से तो

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Kanhaiya Lal

Professional Thinker

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

पश्चिमी देशों में ज्यादा तलाक होने के मामले इसलिए आते हैं क्योंकि वहां पर शादियां जो होती है वह समझौता होती हैं लेकिन हमारे देश में भारत जैसे देश में शादियां एक संस्कार है जो जीवन में एक बार होती है इसमें तलाक के लिए कोई स्थान नहीं होता है और किन पश्चिमी देशों में लोगों के बीच शादियां तब तक चलती है जब तक उनके बीच प्रेम कायम रहता है और उनके बीच मतभेद होने पर वह तलाक ले सकते हैं इसलिए उनके यहां कानूनी रूप से तलाक लेने के प्रावधान सुनिश्चित है लेकिन भारत जैसे देश में विवाह को तोड़ने के लिए तरह जैसे सुविधा अनुपलब्ध है परंतु ऐसे देख मामले देखने को थोड़े बहुत चाहते हैं जहां पर पति पत्नी में मिलना होने पर वह एक दूसरे से तलाक ले सकते हैं यह भी केवल कानून द्वारा संभव है

pashchimi deshon mein zyada talak hone ke mamle isliye aate hain kyonki wahan par shadiyan jo hoti hai vaah samjhauta hoti hain lekin hamare desh mein bharat jaise desh mein shadiyan ek sanskar hai jo jeevan mein ek baar hoti hai isme talak ke liye koi sthan nahi hota hai aur kin pashchimi deshon mein logo ke beech shadiyan tab tak chalti hai jab tak unke beech prem kayam rehta hai aur unke beech matbhed hone par vaah talak le sakte hain isliye unke yahan kanooni roop se talak lene ke pravadhan sunishchit hai lekin bharat jaise desh mein vivah ko todne ke liye tarah jaise suvidha anupalabdh hai parantu aise dekh mamle dekhne ko thode bahut chahte hain jaha par pati patni mein milna hone par vaah ek dusre se talak le sakte hain yah bhi keval kanoon dwara sambhav hai

पश्चिमी देशों में ज्यादा तलाक होने के मामले इसलिए आते हैं क्योंकि वहां पर शादियां जो होती

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Pawan Garg

Business Owner

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

पश्चिम देशों में ज्यादा तलाक के कारण इसलिए हो जाते हैं क्योंकि वहां पर संस्कारों की कमी है दूसरा एक दूसरे को टाइम नहीं दे पाते और तीसरा जोत से ज्यादा स्वतंत्रता इन तीनों की तीनों चीजों की वजह से चौथा है एक दूसरे को समझे की कमी से ज्यादा तलाक विदेशों में हो जाते हैं

paschim deshon me zyada talak ke karan isliye ho jaate hain kyonki wahan par sanskaron ki kami hai doosra ek dusre ko time nahi de paate aur teesra jot se zyada swatantrata in tatvo ki tatvo chijon ki wajah se chautha hai ek dusre ko samjhe ki kami se zyada talak videshon me ho jaate hain

पश्चिम देशों में ज्यादा तलाक के कारण इसलिए हो जाते हैं क्योंकि वहां पर संस्कारों की कमी है

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TS Bhanot

Teacher

1:05

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Dilsh Sheikh

Journalist

0:52

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Snehasish Gupta

Journalist / Traveller

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

पश्चिमी देश में जो है वहां पर इतनी ज्यादा तलाक का जो कहते थे वह बहुत ज्यादा होता है क्योंकि वहां पर ही जो है पश्चिम में जो आदमी है या औरत है वह एक दूसरे से प्यार तो करते लेकिन वहां पर पैसा टिकता नहीं है बोलो बहुत झगड़ा करते हैं आपस में अपने क्लाइमेट की वजह से वगैरह फिर वहां का कल्चर भी ऐसा है कि वह किसी से प्यार नहीं तो तुरंत ही बहुत ही बहुत बढ़ जाते हैं

pashchimi desh mein jo hai wahan par itni zyada talak ka jo kehte the vaah bahut zyada hota hai kyonki wahan par hi jo hai paschim mein jo aadmi hai ya aurat hai vaah ek dusre se pyar toh karte lekin wahan par paisa tikta nahi hai bolo bahut jhagda karte hai aapas mein apne climate ki wajah se vagera phir wahan ka culture bhi aisa hai ki vaah kisi se pyar nahi toh turant hi bahut hi bahut badh jaate hain

पश्चिमी देश में जो है वहां पर इतनी ज्यादा तलाक का जो कहते थे वह बहुत ज्यादा होता है क्योंक

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Riya

Artist, Traveller

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पश्चिमी देशों में तलाक के जो सच्चे में वह काफी आसान होते हैं इसीलिए उनके वहां ताला करके से ज्यादा इजीली हो पाते हैं

pashchimi deshon mein talak ke jo sacche mein vaah kaafi aasaan hote hain isliye unke wahan tala karke se zyada ijili ho paate hain

पश्चिमी देशों में तलाक के जो सच्चे में वह काफी आसान होते हैं इसीलिए उनके वहां ताला करके से

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Kavita

Writer

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

दिलीप पश्चिमी देशों में तलाक इसलिए ज्यादा होता है क्योंकि दोनों में से कोई भी डोमिनेटिंग नहीं रहता डोमिनेटिंग का अर्थ यह है कि हमारे इंडियन सोसायटी में जनरल क्या होता है मेरी जो ज्यादा डोमिनेटिंग होता है अपना अधीक्षण जो है अपनी अपनी वाइफ के ऊपर थूक देता है और ऐसी ही होती है और ज्यादा कुछ बोलने का हक जो है उनको उन पर नहीं रखा जाता तू होता है हालांकि हां अच्छी अच्छी बात है लेकिन वहां पर कि क्या होता है कि थोड़ी सी भी आपके अंदर कोई अनबन बन जाती है थोड़ा सा आपका डिसीजन जो है किसी का इधर उधर हो जाता है जो है झगड़े होते हैं और उनका यह मानना है कि एक आदमी एक औरत के साथ रहकर क्या है क्या फायदा मिला जबकि वह मेरे तरीके से जो है नहीं चलेंगे तुम एडजस्टमेंट थोड़ा कम होता है और मैं अपनी मां बाप का अपनी फैमिली का प्रेशर नहीं रहता है जबकि इंडियन सोसायटी में मौसी से ज्यादा तरजीह अपने मां बाप की बातों पर चलते हैं और लोगों की अपनी जो डिसिशन कम होती है बल्कि मां बाप की इंश्योरेंस ज्यादा होती है अगर हम कहें कि हम को तलाक करना है मार्केट में शनि युति बैटरी अपने मां बाप के साथ मिलते हैं बैठ के बात करती है

dilip pashchimi deshon mein talak isliye zyada hota hai kyonki dono mein se koi bhi domineting nahi rehta domineting ka arth yah hai ki hamare indian sociaty mein general kya hota hai meri jo zyada domineting hota hai apna adhikshan jo hai apni apni wife ke upar thuk deta hai aur aisi hi hoti hai aur zyada kuch bolne ka haq jo hai unko un par nahi rakha jata tu hota hai halaki haan achi achi baat hai lekin wahan par ki kya hota hai ki thodi si bhi aapke andar koi anban ban jaati hai thoda sa aapka decision jo hai kisi ka idhar udhar ho jata hai jo hai jhagde hote hain aur unka yah manana hai ki ek aadmi ek aurat ke saath rahkar kya hai kya fayda mila jabki vaah mere tarike se jo hai nahi chalenge tum adjustment thoda kam hota hai aur main apni maa baap ka apni family ka pressure nahi rehta hai jabki indian sociaty mein mausi se zyada tarajih apne maa baap ki baaton par chalte hain aur logo ki apni jo decision kam hoti hai balki maa baap ki insurance zyada hoti hai agar hum kahein ki hum ko talak karna hai market mein shani yuti battery apne maa baap ke saath milte hain baith ke baat karti hai

दिलीप पश्चिमी देशों में तलाक इसलिए ज्यादा होता है क्योंकि दोनों में से कोई भी डोमिनेटिंग न

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Aradhya Gupta

Life Coach

1:59
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हेलो दोस्तो पश्चिमी देश मेरा तलाक होते हैं वह क्यों होते हैं क्योंकि हमारे जो संस्कार है मेरे भारतीय संस्कृति में कोई भी रिलीज उन्होंने हमारे को यहीं सिखाया जाता है कि जो आपका पति है वह आपका परमेश्वर है मैं नहीं मानती कि पति को परमेश्वर मानो इसके माध्यम से मैसेज नहीं दे रही हो लेकिन हमारे रिलेशन है ना वह सात जन्मों का बंधन हम लोगों की जो प्रवृत्ति है हम लोग क्या हम अपने जो एसएक्स जो अपनी संस्कृति है उसको मत जोड़ कर बात करते हैं हम सोच लेंगे तो हमारे घर वाले क्या बोलेंगे हमारे लोग सोसाइटी में क्या-क्या लोग हमारी गलती नहीं निकालेंगे पर एक औरत लेगी तो बोला जाता है सो गई होगी लड़की को भी करते हैं और होता है क्लिक हमारी बॉन्डिंग होती हमारी बिरादरी होती है समाज होता है हम लोग बोलते हैं हम उस समाज के सदस्य भी होते हैं हमें फर्क पड़ता लोग क्या बोलते हैं वह भी देशी देशी देशी है पश्चिमी देशों अमेरिका ऑस्ट्रेलिया यूएसए सिलेंडर टीचिंग जॉब यूरोप में पढ़ते हीरो कॉन्टिनेंट में वहां लोगों से कोई कांटेक्ट नहीं होता आप कुछ भी पहने कुछ भी करें कोई फर्क नहीं पड़ता 30 ईयर्स के बाद सेक्स फ्री कंट्री है वहां आपको जो करना है कर सकते हैं 30 ईयर के बाद उनको 4 साल की उम्र से ही काम करना भी पड़ता है उनके ऊपर एक रूल है कि अब ओबामा की औलाद हो या फिर डॉनल्ड ट्रंप की लेकिन को काम करना है तो करना पड़ेगा वरना उनके अजुकेशन पूरी नहीं होगी बात है नाइस नहीं होता तो मैं आपको रोक भी नहीं सकते इसी के लिए सोसायटी कभी कोई रोल नहीं तो सोसाइटी में आप को रोक नहीं सकती और उनकी इतनी इतनी बिजी होती कोई धर्म कुछ नहीं है इसलिए और हमारा दिमाग वाली बॉन्डिंग ज्यादा होती आत्मा आत्मा आत्मा से प्यार होता है लेकिन उन लोगों में ज्यादा होती है बॉन्डिंग नहीं होती

hello doston pashchimi desh mera talak hote hai vaah kyon hote hai kyonki hamare jo sanskar hai mere bharatiya sanskriti mein koi bhi release unhone hamare ko yahin sikhaya jata hai ki jo aapka pati hai vaah aapka parmeshwar hai nahi maanati ki pati ko parmeshwar maano iske madhyam se massage nahi de rahi ho lekin hamare relation hai na vaah saat janmon ka bandhan hum logo ki jo pravritti hai hum log kya hum apne jo SX jo apni sanskriti hai usko mat jod kar baat karte hai hum soch lenge toh hamare ghar waale kya bolenge hamare log society mein kya kya log hamari galti nahi nikalenge par ek aurat legi toh bola jata hai so gayi hogi ladki ko bhi karte hai aur hota hai click hamari bonding hoti hamari biradari hoti hai samaj hota hai hum log bolte hai hum us samaj ke sadasya bhi hote hai hamein fark padta log kya bolte hai vaah bhi deshi deshi deshi hai pashchimi deshon america austrailia usa cylinder teaching job europe mein padhte hero Continent mein wahan logo se koi Contact nahi hota aap kuch bhi pehne kuch bhi kare koi fark nahi padta 30 years ke baad sex free country hai wahan aapko jo karna hai kar sakte hai 30 year ke baad unko 4 saal ki umr se hi kaam karna bhi padta hai unke upar ek rule hai ki ab obama ki aulad ho ya phir danald trump ki lekin ko kaam karna hai toh karna padega varna unke ajukeshan puri nahi hogi baat hai nice nahi hota toh main aapko rok bhi nahi sakte isi ke liye sociaty kabhi koi roll nahi toh society mein aap ko rok nahi sakti aur unki itni itni busy hoti koi dharm kuch nahi hai isliye aur hamara dimag wali bonding zyada hoti aatma aatma aatma se pyar hota hai lekin un logo mein zyada hoti hai bonding nahi hoti

हेलो दोस्तो पश्चिमी देश मेरा तलाक होते हैं वह क्यों होते हैं क्योंकि हमारे जो संस्कार है म

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