अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए?...


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Kaushik Chaitnya

Spiritual expert

1:46
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अपने अपने लक्ष्य पर ध्यान रखने का सबसे उत्तम उच्चतम तरीका यह है कि आप तो अपने आप को एकाग्र कर लो आपको आपके टारगेट के अलावा और कुछ दिखे ना एक छोटा सा दृष्टांत है यद्यपि शायद आपको अच्छा ना लगे लेकिन दृष्टांत बहुत समीचीन है हमारे जीवन के लिए आप लोगों ने घोड़े को देखा होगा जब घोड़े को उसका मालिक पर ले चलने के लिए आगे ले जाता है एक काम करता है उन घोड़ों की दोनों आंखों के बगल एक पट्टा बांध देता है ध्यान दिया होगा नहीं दिया होगा तो देना चाहिए पट्टा बांध देता है और फिर उसको आगे वह लेकर चलता है क्यों लेकर चलता है क्योंकि अगर घोड़े की आंखें खुली रहेंगी और इधर-उधर भूत देखेगा तो हरी हरी घास देखकर वह अपने लक्ष्य पर नहीं जाएगा बल्कि हरी घास खाने के लिए अपने उस लक्ष्य की ओर ना बढ़कर हरी घास की ओर बढ़ जाएगा इसलिए उसका मालिक जो है गाड़ी वाला वह उनकी आंखों के अरे पट्टी बांध देता है जिससे उनको वह घर से दिखाई ना दे और उसके मुख्य में एक हरे घास किया भूसे की थैली लटका देता लेकिन ध्यान रहे थे ऐसी लगाई जाती है कि भूसा उसको मिलता नहीं है 2 इंच 4 इंच 1 फुट छोटा ही रहता है नीचे क्यों लटका रहता है तो उस भूसे की चाहत को पाने के लिए नीचे से लड़का है और आगे ईश्वर मालिक ले जाना चाहता है चलता चला जाता है और आंखों से हरी घास नहीं दिख रही है तो वह आगे बढ़ता चला जाता है ठीक इसी प्रकार हमको भी देखना है हम भी अपने लक्ष्य की ओर से नीचे करके आगे बढ़ते चले जाएं और अपनी आंखों की तरफ अपने मन की तरफ दोनों तरफ पट्टा बांदे कि मुझे मेरे लक्ष्य के अलावा कुछ और कोई देखे ही ना तो पहचानते मैं अपने लक्ष्य पर एकाग्र होकर आगे बढ़ सकेंगे

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अपने अपने लक्ष्य पर ध्यान रखने का सबसे उत्तम उच्चतम तरीका यह है कि आप तो अपने आप को एकाग्र

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Monika Sharma

Psychologist

2:15
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अपने गोल पर ध्यान देने के लिए यह जरूरी है कि सबसे पहले आपके अंदर बोर्ड डिटरमिनेशन होना चाहिए कि आपको आपका बोल अचीव करना ही है क्योंकि जब तक बनाते बनाते बनाते एक टाइम के बाद फिर से मतलब ब्रेक में आ जाती है उस दिन चलती है फिर रुक जाता है क्योंकि अंदर सबसे पहले अपने अंदर एक बुड्ढे टर्मिनेशन की भावना को बढ़ाने की कोशिश करिए उस पॉजिटिविटी के साथ काम कोशिश करिए और छोटे-छोटे मतलब पार्ट में डिवाइड करने की कोशिश करने की कोशिश करते हो चीजें नहीं होती है इसलिए नहीं बोल बोल चीज करने के लिए सबसे पहले अपने अंदर एक दृढ़ निश्चय कहते हैं जिसको देखने के लिए आपका भी हो जाएगा धीरे-धीरे डिटरमिनेशन है मुझे बनाने की कोशिश की थी मोटिवेशन की जाएगी उज्जैन तरीके से मोटिवेटेड रहनी चाहिए एनर्जेटिक लेनी चाहिए वह हम नहीं रह पाएंगे अपने गोल को अचीव करने के लिए सबसे पहले डिटरमिनेशन पर काम करिए स्ट्रांग डिटरमिनेशन के साथ जरूर

apne gol par dhyan dene ke liye yah zaroori hai ki sabse pehle aapke andar board ditaramineshan hona chahiye ki aapko aapka bol achieve karna hi hai kyonki jab tak banate banate banate ek time ke baad phir se matlab break me aa jaati hai us din chalti hai phir ruk jata hai kyonki andar sabse pehle apne andar ek buddhe termination ki bhavna ko badhane ki koshish kariye us positivity ke saath kaam koshish kariye aur chote chote matlab part me divide karne ki koshish karne ki koshish karte ho cheezen nahi hoti hai isliye nahi bol bol cheez karne ke liye sabse pehle apne andar ek dridh nishchay kehte hain jisko dekhne ke liye aapka bhi ho jaega dhire dhire ditaramineshan hai mujhe banane ki koshish ki thi motivation ki jayegi ujjain tarike se motivated rehni chahiye energetic leni chahiye vaah hum nahi reh payenge apne gol ko achieve karne ke liye sabse pehle ditaramineshan par kaam kariye strong ditaramineshan ke saath zaroor

अपने गोल पर ध्यान देने के लिए यह जरूरी है कि सबसे पहले आपके अंदर बोर्ड डिटरमिनेशन होना चाह

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आचार्य सुशील मिश्र

आध्यात्मिक गुरु

9:51
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लक पर ध्यान कैसे दें कि वैसे ही ऐसे बबला ध्यान देता है और हमारे संस्कृत शब्दों में एक सुंदर श्लोक आता है काक चेष्टा बको ध्यानं श्वान निद्रा तथैव च अल्पाहारी गृह त्याग विद्यार्थी पंच लक्षणं विद्यार्थी जीवन को लेकर ही बड़ी सुंदर बात कही गई है जैसे कौवा चेष्टा करता है हार नहीं मानता और बगुला जैसा ध्यान करता है कुत्ता जैसे सोता है विद्यार्थी के लक्षण बताए गए हुए को आपने चेष्टा करते हुए कथा सुनी होगी सब ने सुनी होगी वह कल का डाल डाल की और पानी के शतकों पर ले आता है विशेषता है ध्यान कैसे बकुला करता है अपने बगुले को देखा होगा वह एक टांग उठा कर पानी के में एकदम का रहता है अगले को लेकर बहुत से नकारात्मक बातें होती हैं क्योंकि लगता है वह ध्यान करता हुआ पर वह ध्यान नहीं करता है उसका ध्यान है मछली दुनिया क्या कहती है उसे फर्क नहीं पड़ता हम हर दृष्टांत से सकारात्मक और नकारात्मक दोनों बातें सीख सकते हैं दुनिया क्या कहती है इसे ध्यान मत दो अपने लक्ष्य पर ध्यान दो जैसे बगुला ध्यान करता है तुम्हारा कुछ सीखने का लक्ष्य है तुम्हारा कुछ बनने का लक्ष्य है तुम्हारा कुछ हासिल करने का लक्ष्य है उसे हासिल किए बिना विरामना लो उसे हासिल किए बिना वे शाम डालो समय अवधि होती है ना लक्ष्य प्राप्ति करने से पहले इस समय अपने धैर्य को बनाए रखना इस समय धैर्य के साथ अपनी चेष्टा में बारंबारता बनाए रखना जरूरी है हमें किसी तरह का एक प्रश्न पूर्व में भी आया था मैं सूत्र आपसे साझा करना चाहूंगा और अगर यह सूत्र आपके जीवन में उतर गया क्या जिसके भी जीवन में यह सुधर गया तो फिर उसके लक्ष्य को ब्रह्मांड की कोई शक्ति नहीं है जो दूर करते हैं क्योंकि इस ब्रह्मांड में 1 नियम लागू है इस पूरी सृष्टि में कायनात में के नियम लागू है पिक्चर में भी एक संवाद के रूप में लिया गया कि शिद्दत से जिसे भी चाहो कायनात की सारी शक्तियों से मिलाने में लग जाती है तुम्हारी चाहना सिर्फ वाचिक नहीं होनी चाहिए तुम्हारी चाहना सिर्फ केवल काल्पनिक या मौखिक नहीं होनी चाहिए जीवन मंत्र है कनेक्टिविटी कंटिन्यूटी और क्रिएटिविटी फिर से दोहरा रहा हूं कनेक्टिविटी कंटिन्यूटी और क्रिएटिविटी तुम जिस भी लक्ष्य को पाना चाहते हो उससे लक्ष्य के से कभी रिमूव मत हो उसे कनेक्ट नमो हर समय तक तुम्हारे सामने हुआ जैसे एक बच्चा जो कंपटीशन की तैयारी कर रहा है या जो परीक्षा किसी तरह देता है तो उसके कमरे में जब जाएंगे तो जगह-जगह से दीवारों पर फार्मूले लिखे होते हैं अपने उसके जो इंपॉर्टेंट नोट्स होते हैं वह के दृष्टि के ठीक सामने होते हैं उठते बैठते सोते जागते वह देखता रहता है यह जो इंपॉर्टेंट डेट्स होती है किस दिन मेरा एग्जाम है जिंदा इंटरव्यू है ताकि लक्ष्य कहीं छूट न जाए तो वह सामने और के टेबल पर कैलेंडर अपना जो है अपने सामने रखो तुम्हें क्या हासिल करना है और किस दिन हासिल करना है और वह जो है तुम्हें देर से बनानी होगी उसके साथ कनेक्ट दुनिया से साझा करने की जरूरत नहीं है होता क्या है कि मैं धर्म के क्षेत्र में देख रहा हूं कि लोग जो चार माला जाप करने लगते हैं तो वह यह चाहते हैं कि लोग हमें जाने क्या माल आज करते हैं इससे कोई फर्क नहीं पड़ता है कोई तुम्हें देख रहा है या नहीं देख रहा है तुम अपने लक्ष्य को देखते रहो उसके साथ कनेक्टर और कनेक्शन कंटीन्यूअस होना चाहिए आज जुड़े और कल फिर छोड़ दिया कंटिन्यूटी में हो रोज को बारंबार हो करत करत अभ्यास के जनमत होत सुजान अपने लक्ष्य से जुड़े रहो और रोज उसका अभ्यास करो रोज उसकी तरफ पढ़ने का प्रयास करो और उस लक्ष्य के प्रति क्रिएटिव रहो यानी कि तुम्हारे भीतर एक थकावट नहीं होनी चाहिए बोझिल बना नहीं होना चाहिए क्योंकि ध्यान रखना जिस भी विषय को लेकर हमारे भीतर नवीनता नहीं होती क्रिएटिविटी नहीं होती यह जिज्ञासा शांत हो जाती है वहां पर उस विषय के प्रति आकर्षण भी शांत हो जाता है वह लक्ष्य प्राप्त होगा तो क्या होगा मैं उसे कैसे एक्टिव करूंगा और क्या-क्या तरीके अपना सकता हूं और अपने जीवन में कैसे निखार ला सकता हूं यह सकारात्मक संरचनात्मक सुधारात्मक प्रक्रिया चलती रहनी चाहिए लक्ष्य स्वयं तुम्हारे संगी पाएगा बहुत सुंदर किसी शायर ने कहा कि खुद ही को कर बुलंद इतना कि हर तकदीर से पहले खुदा तुझ से पूछे बता तेरी रजा क्या है इतना बुलंद करने एकलव्य को तीरंदाजी दिखाने से मना कर दिया एकलव्य का लक्ष्य अधिक था और उसने गुरु द्रोण की नीति की प्रतिमा बनाकर अपने विद्या नबी के लक्ष्य को प्राप्त किया यह तमाम बहुत अच्छा लगा जाएगा कि गुरु द्रोण ने गलत किया या सही किया है एकलव्य ने अपने लक्ष्य को प्राप्त किया इससे कोई फर्क नहीं पड़ता है कि तुम्हारा कोई साथ दे या तुम्हारा साथ ना दे सदैव अपने लक्ष्य को अपने सामने रखो और उस लक्ष्य के प्रति ऊर्जा बनी रहे इसलिए रोमांचकारी बने रहो शिक्षित बनो उस विषय के प्रति बने रहो क्योंकि जहां हम अनासक्त हो जाते हैं ना कि मैं गीता की भाषा में अभी आना सरस्वती बात नहीं कर रहा हूं यहां शक्ति का मतलब है कि वो मिलना है उसको सामने रखो निष्काम भाव से कर्म करो वह तो बड़ी चीज क्या है लेकिन क्या मिलना है तुम प्राप्त करना चाह रहे हो उसके बाद होगा क्या उसको अपने जीवन में हमेशा जीवंत रखो उसे मरने मत दो अक्सर लोग बुझी बातें करते थे क्या होगा निराशावादी की सोच समय अगर बन ही गया तो क्या होगा अब इतनी सारी बातें जो आ जाती है फिर उसको प्राप्त क्या करेगा लेकिन अगर अध्यात्म ही लक्ष्य बन गया तो फिर यही निराशावादी बातें आज भी बन जाएंगे इस संसार से विमुख होना ही पड़ेगा और आप हो जाओगे तो चाहे संसार में लक्ष्य प्राप्त करना हो या अध्यात्म एल बात करना हो तुम्हें किसी भौतिक वस्तु का तुम्हारे जीवन में लक्ष्य हो या तुम्हारे जीवन में कोई सेवा सत्कर्म का लक्ष्य हो किसी प्रियतम को प्राप्त करने का लक्ष्य हो या संसार का सबसे प्रिय बनने का लक्ष्य हो तुम्हें राजनीति किस चीज पर पहुंचने का लक्ष्य हो या व्यापार के चरम पर पहुंचने का लक्ष्य लक्ष्य तुम्हारा चाहे जो भी हो तीन मिरेकल जीवन मंत्र है कनेक्टिविटी कंटिन्यूटी और क्रिएटिविटी सदैव आप अपना जीवन मंत्र बनाकर अपने साथ रखो आपको लक्ष्मी मिलकर ही रहेगा हर हाल में दक्षिण आपके कदम चूमे गाल का सकारात्मक रही है बी पॉजिटिव निषेधात्मक नकारात्मक बातों को अपने बिताने मत दीजिए और चरेवेति चरेवेति चलते रहो चलते रहो

luck par dhyan kaise de ki waise hi aise babla dhyan deta hai aur hamare sanskrit shabdon me ek sundar shlok aata hai kake cheshta bko dhyanan shwan nidra tathaiv ch alpahari grah tyag vidyarthi punch lakshanan vidyarthi jeevan ko lekar hi badi sundar baat kahi gayi hai jaise kauwa cheshta karta hai haar nahi maanta aur bagula jaisa dhyan karta hai kutta jaise sota hai vidyarthi ke lakshan bataye gaye hue ko aapne cheshta karte hue katha suni hogi sab ne suni hogi vaah kal ka daal daal ki aur paani ke shatakon par le aata hai visheshata hai dhyan kaise bakula karta hai apne bagule ko dekha hoga vaah ek taang utha kar paani ke me ekdam ka rehta hai agle ko lekar bahut se nakaratmak batein hoti hain kyonki lagta hai vaah dhyan karta hua par vaah dhyan nahi karta hai uska dhyan hai machli duniya kya kehti hai use fark nahi padta hum har drishtant se sakaratmak aur nakaratmak dono batein seekh sakte hain duniya kya kehti hai ise dhyan mat do apne lakshya par dhyan do jaise bagula dhyan 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raho

लक पर ध्यान कैसे दें कि वैसे ही ऐसे बबला ध्यान देता है और हमारे संस्कृत शब्दों में एक सुंद

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Hemant Jat

Digital Marketing Expert

2:12
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान को केंद्रित किया जाए जी हां दोस्तों आज के समय में बहुत ही ज्यादा पूछे जाने वाला एक सवाल है जो कि आज की जो नव जवान है यूथ है अपने टारगेट को जो है बार-बार अपने टारगेट से भटक रहे हैं अपने टारगेट की ओर केंद्रित नहीं हो पा रहे हैं यह एक बहुत ही बड़ी प्रॉब्लम है जो कि अपने इंडिया कंट्रीज के लिए ही नहीं अधिक कंट्रीज के लिए भी है इसका के अनेक रीजन सो सकते हैं आपने टारगेट से भटक रहे वह एडमिन कुछ ऐसी चीजें हो सकती है और एग्जांपल आप जो है अपने टारगेट को कम इंपोर्टेंस दे रहे हो किसी अन्य चीजें जो कि आपके लिए आपके जीवन के लिए बिल्कुल भी जरूरी नहीं है उन चीजों को ज्यादा महत्व दे रहे हो बिकाऊ उन चीजों का ट्रिक सनल प्रजेंट टाइम में ज्यादा है बैटरी दे आपके टारगेट से तो सो दैट आप क्या कर रहे हो उन चीजों को ज्यादा इंपोर्टेंस तेरो आपका माइंड किस तरह से काम करता है आपका माइंड जो है एक की अट्रैक्शन की तरह काम करता है वो एग्जांपल कोई चीज आपको ऐसी चीज दिख गए जो कि काफी ब्यूटीफुल वंडरफुल है जो कि बाहर से काफी कॉस्मेटिक तरस के ब्यूटीफुल है तो आपका माइंड उसकी तरफ से क्या करेगा उसको अपडेट करेगा उसको अचीवमेंट करने की कोशिश करेगा बट रियल में क्या है अपनी जो कुछ ऐसी चीजें हैं जो आपके लक्ष्य को फटकार भी है वह ऐसे लाएगी ब्यूटीफुल हो सकती है सुंदरता की दौड़ते हो सकती है वह मतलब एंटरटेनमेंट हो सकता एंटरटेनमेंट करना चाहिए बट इतना नहीं कि आप अपने टारगेट से ही भटक जाओ यह बिल्कुल भी सही नहीं है जमीन जमीन की बात खुद गेमिंग भी खेलना चाहिए बट एग्जाम इन को अपना एडिक्शन लत नहीं बनाना चाहिए मोबाइल का भी सेम यही है कि आप मोबाइल को बिल्कुल यूज़ में करो आजकल आजकल टाइम है वह बिल्कुल टेक्नोलॉजी का टाइम है यूज़ करना चाहिए बट उसका उसकी जरूरत है उसको लत को बिल्कुल भी उसकी लत पर अंदर नहीं आना है समझ रहे हो किस बात से मैं आपको क्या समझा नहीं कुछ आप जो अपने टारगेट को कैसे अच्छी हो कर सकते हो दैट इज एमपी क्वेश्चंस शो

apne lakshya par kaise dhyan ko kendrit kiya jaaye ji haan doston aaj ke samay me bahut hi zyada pooche jaane vala ek sawaal hai jo ki aaj ki jo nav jawaan hai youth hai apne target ko jo hai baar baar apne target se bhatak rahe hain apne target ki aur kendrit nahi ho paa rahe hain yah ek bahut hi badi problem hai jo ki apne india countries ke liye hi nahi adhik countries ke liye bhi hai iska ke anek reason so sakte hain aapne target se bhatak rahe vaah admin kuch aisi cheezen ho sakti hai aur example aap jo hai apne target ko kam importance de rahe ho kisi anya cheezen jo ki aapke liye aapke jeevan ke liye bilkul bhi zaroori nahi hai un chijon ko zyada mahatva de rahe ho bikau un chijon ka trick sanal present time me zyada hai battery de aapke target se toh so that aap kya kar rahe ho un chijon ko zyada importance tharo aapka mind kis tarah se kaam karta hai aapka mind jo hai ek ki attraction ki tarah kaam karta hai vo example koi cheez aapko aisi cheez dikh gaye jo ki kaafi beautiful WONDERFUL hai jo ki bahar se kaafi cosmetic taras ke beautiful hai toh aapka mind uski taraf se kya karega usko update karega usko achievement karne ki koshish karega but real me kya hai apni jo kuch aisi cheezen hain jo aapke lakshya ko fatkar bhi hai vaah aise layegi beautiful ho sakti hai sundarta ki daudte ho sakti hai vaah matlab Entertainment ho sakta Entertainment karna chahiye but itna nahi ki aap apne target se hi bhatak jao yah bilkul bhi sahi nahi hai jameen jameen ki baat khud gaming bhi khelna chahiye but exam in ko apna addiction lat nahi banana chahiye mobile ka bhi same yahi hai ki aap mobile ko bilkul use me karo aajkal aajkal time hai vaah bilkul technology ka time hai use karna chahiye but uska uski zarurat hai usko lat ko bilkul bhi uski lat par andar nahi aana hai samajh rahe ho kis baat se main aapko kya samjha nahi kuch aap jo apne target ko kaise achi ho kar sakte ho that is MP questions show

अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान को केंद्रित किया जाए जी हां दोस्तों आज के समय में बहुत ही ज्यादा

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bhaand's Theatre and Acting Classes

Acting And drama Coach Casting director Drama Director

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Akash {Chaudhary}

Motivation Speaker

5:28
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नमस्कार मैं आकाश चौधरी आपका छोटा भाई आपका बहुत प्यारा दुआ है और मैं जवाब देने का प्रयास करूंगा तो आप का सवाल है अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए काफी अच्छा सवाल है तो पहले आप शब्द को समझिए यानी की लगन लगन किसे कहते हैं संस्कृत में लगना शरीर को कहते हैं वैसे लगन एक चाहत मुझे को काम करना है अगर आपको अपने लक्ष्य को प्राप्त करना है तो आपको उस कार्य के प्रति लगन बहुत जरूरी लगन किस मतलब इस तरह का प्यार आवश्यक है अगर आपको लक्ष्य को प्राप्त करना और एक तरह से देखा जाए तो छोटी सी बात है कि लक्ष्य और लगन का बहुत गहरा संबंध है कि हम उस चीज को प्राप्त कर सकते हैं या नहीं कि दूसरा शब्द आप दिखे छत्र क्षत्रिय क्षमता लग्न और क्षमता और इन दोनों का आपस में मिल आएंगे तो लक्ष्य लक्ष्य मतलब आप समझ रहे हैं मेरी पूरी बात को मैं शब्द के आधार पर आपको समझा रहा हूं कि लादेन और क्षमता को आप सब आपस में लड़ आएंगे लगन और क्षमता को आपस में लड़ा देंगे तो वहां पर तीसरी चीज खुद निकलकर आएगी लक्ष्य लेकिन लक्ष्य को कोई बना पाता है बहुत सुधारने में आपको भी उदाहरण देता हूं छोटा था कि लंदन में एक बहुत बड़ी यूनिवर्सिटी है और पक्ष पर यूनिवर्सिटी अपने नाम भी सुनाओ वापस सन 2002 में एक सर्वे किया गया सन् 2002 में वह सर्वे खत्म हुआ तो राशि में घुसता हुआ था 1984 में स्टार्ट हुआ था वह सर्वे और सन 2002 में वह खत्म हुआ तू सर्वे में एक चीज बच्चों से पूछी गई जहां पर बड़े-बड़े बच्चे थे 100 बच्चों का चयन किया गया तो 100 बच्चों का चयन करने के बाद में तो उनसे पूछा कि तुम्हारे टारगेट्स क्या हिट क्या है तुम्हारा तो उन 100 बच्चों में से कुल 5 बच्चों के लिखित टारगेट थे मतलब लिखित लक्ष्य थे उनकी तमिल में लिखे हुए मुझे इंजीनियर बनना है मुझे साइंटिस्ट बनना है मुझे डॉक्टर टीचर बनना तो और कुछ बच्चों के लिखित नहीं थे मतलब मन में थे कि वही में मेरे टारगेट है लेकिन पचास पचास परसेंट बच्चों का टारगेट ही नहीं था और कितनी तो उनके पास तो वह 2002 में 2002 में वह बच्ची फिर से बुलाई गई उसी ऑक्सफर्ड यूनिवर्सिटी के अंदर और जो विशेषण करते उन्होंने उनसे पूछा उन 5 बच्चों से कि आप की कमाई कितनी है तो जो कैलकुलेशन निकल कर आया तो जो पूरे 100 बच्चे थे उन 95 बच्चों से 4 गुना ज्यादा वह 5 बच्चे कमा रहे थे किस वजह से क्योंकि उनके पास लक्ष्य था और उन्होंने लक्ष्य प्राप्त भी कर लिया था बाकी जो बचे हुए थे उनके पास नौकरियां थी अच्छी थी और रोज 50 बच्चे लास्ट में बचे हुए थे उनके पास कुछ नहीं था वह अपने घर द्वारा ही निकला हुआ खर्चा चला रहे थे मतलब घर ही रह कर अपने काम कर रहे थे छोटा मोटा बिजनेस कर रहे थे जैसे जुगाड़ू बिजनेस और लक्ष्य बहुत बड़ी चीज है लगन और क्षमता को आप आपस में लड़ाना होगा और टारगेट बनाना होगा क्योंकि टारगेट बहुत ही आवश्यक है अगर आपके पास क्षमता और लगन है तो आप अपनी जरूरत का यज्ञ कर सकते हैं अपनी जरूरतों को प्राप्त कर सकते हैं कि बिना टारगेट के कुछ नहीं आपने देखा होगा कि एडिशन उसे अपने लक्ष्य से कभी हार नहीं मानी उसके कम से कम हजारों एक्सपेरिमेंट फेल हुए लेकिन वह अपने टारगेट पर स्थापित था उसमें लगना और क्षमता दोनों उसे ना अपनी कमी अपनी क्षमता को कभी कम होने दिया ना अपनी लगन को कभी कब होनी थी मेहनत की और उसका फल आज हम सब देखते हैं धन्यवाद अगर आपको मेरा जवाब अच्छा लगा तो आप मुझे लाइक कर सकते हैं फॉलो कर सकते हैं फॉलो जरूर करिए भाई और ऐसा ही सवाल आप मुझसे डायरेक्ट सवाल भी कर सकते हैं उम्मीद करूंगा आप सब भाई बड़े भाई मुझे फॉलो करेंगे मेरी ज्यादा उमर नहीं अभी की नासमझ हूं अगर कोई गलती हो गई हो तो माफ करें और पोलो जरूर कर दें और धन्यवाद आपका दिन शुभ हो शुभ रात्रि आपका छोटा भाई आकाश चौधरी

namaskar main akash choudhary aapka chota bhai aapka bahut pyara dua hai aur main jawab dene ka prayas karunga toh aap ka sawaal hai apne lakshya par kaise dhyan dena chahiye kaafi accha sawaal hai toh pehle aap shabd ko samjhiye yani ki lagan lagan kise kehte hain sanskrit me lagna sharir ko kehte hain waise lagan ek chahat mujhe ko kaam karna hai agar aapko apne lakshya ko prapt karna hai toh aapko us karya ke prati lagan bahut zaroori lagan kis matlab is tarah ka pyar aavashyak hai agar aapko lakshya ko prapt karna aur ek tarah se dekha jaaye toh choti si baat hai ki lakshya aur lagan ka bahut gehra sambandh hai ki hum us cheez ko prapt kar sakte hain ya nahi ki doosra shabd aap dikhe chatr kshatriya kshamta lagn aur kshamta aur in dono ka aapas me mil aayenge toh lakshya lakshya matlab aap samajh rahe hain meri puri baat ko main shabd ke aadhar par aapko samjha raha hoon ki laden aur kshamta ko aap sab aapas me lad aayenge lagan aur kshamta ko aapas me lada denge toh wahan par teesri cheez khud nikalkar aayegi lakshya lekin lakshya ko koi bana pata hai bahut sudhaarne me aapko bhi udaharan deta hoon chota tha ki london me ek bahut badi university hai aur paksh par university apne naam bhi sunao wapas san 2002 me ek survey kiya gaya san 2002 me vaah survey khatam hua toh rashi me ghuste hua tha 1984 me start hua tha vaah survey aur san 2002 me vaah khatam hua tu survey me ek cheez baccho se puchi gayi jaha par bade bade bacche the 100 baccho ka chayan kiya gaya toh 100 baccho ka chayan karne ke baad me toh unse poocha ki tumhare targets kya hit kya hai tumhara toh un 100 baccho me se kul 5 baccho ke likhit target the matlab likhit lakshya the unki tamil me likhe hue mujhe engineer banna hai mujhe scientist banna hai mujhe doctor teacher banna toh aur kuch baccho ke likhit nahi the matlab man me the ki wahi me mere target hai lekin pachaas pachaas percent baccho ka target hi nahi tha aur kitni toh unke paas toh vaah 2002 me 2002 me vaah bachi phir se bulaai gayi usi oxford university ke andar aur jo visheshan karte unhone unse poocha un 5 baccho se ki aap ki kamai kitni hai toh jo calculation nikal kar aaya toh jo poore 100 bacche the un 95 baccho se 4 guna zyada vaah 5 bacche kama rahe the kis wajah se kyonki unke paas lakshya tha aur unhone lakshya prapt bhi kar liya tha baki jo bache hue the unke paas naukriyan thi achi thi aur roj 50 bacche last me bache hue the unke paas kuch nahi tha vaah apne ghar dwara hi nikala hua kharcha chala rahe the matlab ghar hi reh kar apne kaam kar rahe the chota mota business kar rahe the jaise jugadu business aur lakshya bahut badi cheez hai lagan aur kshamta ko aap aapas me ladana hoga aur target banana hoga kyonki target bahut hi aavashyak hai agar aapke paas kshamta aur lagan hai toh aap apni zarurat ka yagya kar sakte hain apni jaruraton ko prapt kar sakte hain ki bina target ke kuch nahi aapne dekha hoga ki edition use apne lakshya se kabhi haar nahi maani uske kam se kam hazaro experiment fail hue lekin vaah apne target par sthapit tha usme lagna aur kshamta dono use na apni kami apni kshamta ko kabhi kam hone diya na apni lagan ko kabhi kab honi thi mehnat ki aur uska fal aaj hum sab dekhte hain dhanyavad agar aapko mera jawab accha laga toh aap mujhe like kar sakte hain follow kar sakte hain follow zaroor kariye bhai aur aisa hi sawaal aap mujhse direct sawaal bhi kar sakte hain ummid karunga aap sab bhai bade bhai mujhe follow karenge meri zyada umar nahi abhi ki nasamajh hoon agar koi galti ho gayi ho toh maaf kare aur polo zaroor kar de aur dhanyavad aapka din shubha ho shubha ratri aapka chota bhai akash choudhary

नमस्कार मैं आकाश चौधरी आपका छोटा भाई आपका बहुत प्यारा दुआ है और मैं जवाब देने का प्रयास कर

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P Narahari (IAS)

IAS Officer-2001Batch-MP Cadre

2:00
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अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए इसमें दो शब्द महत्वपूर्ण है एक लक्ष्य है और दूसरा ध्यान देना मेरे हिसाब से अगर हमारा लक्ष्य स्पष्ट होगा तो हमें अपने लक्ष्य पर ध्यान देना आसान हो जाता है यहां पर लक्ष्य को निर्धारित करना हर व्यक्ति के लिए महत्वपूर्ण है हमारा लक्ष्य क्या है हमारा लक्ष्य कमाना है हमारा लक्ष्य तकरीर बनाना है हमारा लक्ष्य किसी चीज को हासिल करना है यह पहले हमें अपने लक्ष्य को स्पष्ट करना होगा अगर हमारे लक्ष्य स्पष्ट करेंगे तो ऑटोमेटिकली हमारा ध्यान जो है वह लग जाता है जैसे मैं कहूंगा कि मुझे एक आईएएस अफसर बनना है तो आईएएस अफसर बनना मेरे लिए स्पष्ट लक्ष्य है अगर लक्ष्य स्पष्ट है और मुझे पता है कि मैं घर में आईएएस अफसर बनूंगा मैं अपने काम से खुश रहूंगा मैं संपूर्ण ईमानदारी के साथ और प्यार उनके साथ और बहुत ही खुशी खुशी अपना काम करूंगा तो ऐसा अगर मेरा लक्ष्य स्पष्ट रहता है तो मुझे अपने लक्ष्य हासिल करने के लिए कौन सी रणनीति अपना है किस तरह से काम करना है किस तरह का स्मार्ट लर्निंग करना है स्मार्ट प्रिपरेशन करना है तब मेरा ध्यान जो है बहुत आसानी से लग जाता है तो मैं यह देखता हूं जितने भी लोग जैसे आविष्कार किए हैं किसी फिल्म इंडस्ट्री में है या फिर इंटरटेनमेंट इंडस्ट्री में है किसी स्पोर्ट्स में है वह अपना काम को बहुत पसंद करते हैं अब मैं काम से बहुत संतुष्ट रहते हैं अपने शरीर में जो है बहुत खुश रहते हैं तो ऐसा करीब 10 करिए जिसमे आप खुश रहेंगे हमेशा आप खुश दिखेंगे क्या खुशी महसूस करेंगे तो ऐसा करीब चयन करने से आपका लक्ष्य स्पष्ट हो जाएगा आपका ध्यान लगेगा

apne lakshya par kaise dhyan dena chahiye ismein do shabd mahatvapurna hai ek lakshya hai aur doosra dhyan dena mere hisab se agar hamara lakshya spasht hoga toh humein apne lakshya par dhyan dena aasaan ho jata hai yahan par lakshya ko nirdharit karna har vyakti ke liye mahatvapurna hai hamara lakshya kya hai hamara lakshya kamana hai hamara lakshya takrir banana hai hamara lakshya kisi cheez ko hasil karna hai yeh pehle humein apne lakshya ko spasht karna hoga agar hamare lakshya spasht karenge toh automatically hamara dhyan jo hai wah lag jata hai jaise main kahunga ki mujhe ek IAS officer banana hai toh IAS officer banana mere liye spasht lakshya hai agar lakshya spasht hai aur mujhe pata hai ki main ghar mein IAS officer banunga main apne kaam se khush rahunga main sampurna imandari ke saath aur pyar unke saath aur bahut hi khushi khushi apna kaam karunga toh aisa agar mera lakshya spasht rehta hai toh mujhe apne lakshya hasil karne ke liye kaun si rananiti apna hai kis tarah se kaam karna hai kis tarah ka smart learning karna hai smart preparation karna hai tab mera dhyan jo hai bahut aasani se lag jata hai toh main yeh dekhta hoon jitne bhi log jaise avishkar kiye hain kisi film industry mein hai ya phir entertainment industry mein hai kisi sports mein hai wah apna kaam ko bahut pasand karte hain ab main kaam se bahut santusht rehte hain apne sharir mein jo hai bahut khush rehte hain toh aisa kareeb 10 kariye jisme aap khush rahenge hamesha aap khush dikhenge kya khushi mehsus karenge toh aisa kareeb chayan karne se aapka lakshya spasht ho jayega aapka dhyan lagega

अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए इसमें दो शब्द महत्वपूर्ण है एक लक्ष्य है और दूसरा ध्य

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आचार्य प्रशांत

IIT-IIM Alumnus, Ex Civil Services Officer, Mystic

2:13
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जुड़ना चाहते हो अपने आप करना चाहते हो अच्छी प्रेरणा क्या है पिक्चर दिखाइए बड़ी मेहनत सो जाओ और अगर गए जीत गए उसका अंजाम क्या अंजाम में जरूर कोई कीमत होगी तभी तो जो तुम्हें चाहे उसको याद करते रहो

judna chahte ho apne aap karna chahte ho achi prerna kya hai picture dikhaaiye badi mehnat so jao aur agar gaye jeet gaye uska anjaam kya anjaam mein zaroor koi kimat hogi tabhi toh jo tumhe chahen usko yaad karte raho

जुड़ना चाहते हो अपने आप करना चाहते हो अच्छी प्रेरणा क्या है पिक्चर दिखाइए बड़ी मेहनत सो जा

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Megh Achaarya

vastu Expert,Motivational Speaker Meditation Studio.

1:19
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आप अपने लक्ष्य पर ध्यान देना चाहते हैं सीधी सीधी सी बातें आप समझना शुरू कर दीजिए अपने लक्ष्य से संबंधित विषयों पर ही ध्यान दीजिए जो विषय आपके लक्ष्य को आपसे दूर ले जाता है उस विषय को उसी समय छोड़ दी थी इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस जैसे टेलीविजन मोबाइल फोन वगैरा इन सब चीजों का इस्तेमाल कम से कम करें या बंद कर दें आप अपने लक्ष्य की तरफ चलना नहीं तोड़ना शुरू कर दोगे जितना हो सके कम खाना खाई है सुबह का एक वक्त का खाना आप अच्छे से पेट भर के खा सकते हैं लेकिन उसके बाद बाकी के दो टाइम क्या एक टाइम जब भी आप खाना खाते हैं वह 50% खाना शुरू कर दीजिए क्योंकि जितना आप भूखे पेट रहोगे ना दोस्त इतनी कामयाबी की भूखा के अंदर और बढ़ती चली जाएगी जितना आप भूखे रहेंगे उतना आपका फोकस और ज्यादा तेज होता रहेगा खाली शरीर को उतनी ही ऊर्जा दीजिए जितनी उसे चाहिए जितना खाना उसको देना है उससे कम देने की कोशिश कीजिए और अपने लक्ष्य को सिर्फ अपने लक्ष्य को याद रखिए बीच में आने वाले किसी भी विषय पर ध्यान नहीं दे नहीं तो आप भी स्ट्राइक हो जाएंगे और डिस्टिक होने के बाद आप कुल 95% लोगों में से आ जाएंगे जो अक्सर सोचते हैं लेकिन फेल हो जाते हैं मेरी शुभकामनाएं आपके साथ हैं बहुत-बहुत धन्यवाद

aap apne lakshya par dhyan dena chahte hain seedhi seedhi si batein aap samajhna shuru kar dijiye apne lakshya se sambandhit vishyon par hi dhyan dijiye jo vishay aapke lakshya ko aapse dur le jata hai us vishay ko usi samay chod di thi electronic device jaise television mobile phone vagera in sab chijon ka istemal kam se kam kare ya band kar de aap apne lakshya ki taraf chalna nahi todna shuru kar doge jitna ho sake kam khana khai hai subah ka ek waqt ka khana aap acche se pet bhar ke kha sakte hain lekin uske baad baki ke do time kya ek time jab bhi aap khana khate hain vaah 50 khana shuru kar dijiye kyonki jitna aap bhukhe pet rahoge na dost itni kamyabi ki bhukha ke andar aur badhti chali jayegi jitna aap bhukhe rahenge utana aapka focus aur zyada tez hota rahega khaali sharir ko utani hi urja dijiye jitni use chahiye jitna khana usko dena hai usse kam dene ki koshish kijiye aur apne lakshya ko sirf apne lakshya ko yaad rakhiye beech mein aane waale kisi bhi vishay par dhyan nahi de nahi toh aap bhi strike ho jaenge aur district hone ke baad aap kul 95 logo mein se aa jaenge jo aksar sochte hain lekin fail ho jaate hain meri subhkamnaayain aapke saath hain bahut bahut dhanyavad

आप अपने लक्ष्य पर ध्यान देना चाहते हैं सीधी सीधी सी बातें आप समझना शुरू कर दीजिए अपने लक्ष

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Kavita Panyam

Certified Award Winning Counseling Psychologist

1:51
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पहले एक सपना देखिए ऐसा सपना जिसमें आपने अपने सारे रंग दिल के सारे अरमान अचीवर की जो एंबिशन है उसको पूरा भर दिया हुआ अपने सपने को अब देखिए कुछ सपना को छोटे से बड़ा बनाइए इतना बड़ा कि आपके सामने रास्ता अपने आप बन जाए और आपको वह करने में कोई रोके ना इन्हीं पर शक ना हो आप को रोकने के लिए बॉक्स उस राह पर अपना चल पड़े तो जैसे ही आप अपना बड़ा हो जाता है और आपको लगता है कि अब यह करना ही है सपना रेडी है अजीब होने के लिए अपने छोटे होते हैं तो उत्तराखंड टाइम नहीं होता आपको लगता है कि ठीक है कर लूंगा बाद में करूंगा देख लेंगे लेकिन सपना बड़ा हो जाता है और आपके सामने देख रहा होता है तो तब आपको वह फीलिंग आती है कि नहीं अभी यह करना ही है यह पाना ही है उसे कल तक सपने को लेकर आई है फिर आप देखेंगे कि आप लोग एनर्जी आ जाएगी उस अपने सपने को पूरा करने के लिए तो उस लक्ष्य को आप इतना बड़ा बनाई है उसके बाद उस लक्ष्य पाने के लिए जो कोर्स है जो आपको नया सीखना है मुश्किल सेट दिखने उसमें आप एंड रोल हुई है वह सब सीखे थोड़ा टाइम दीजिए अपने क्वालिफिकेशन फॉर स्किल सेट को बढ़ाने के लिए जब आप उसमें तैयार हो जाएंगे तो फिर उसके बाद का रास्ता आपके सामने सामने आता रहेगा आप कहां से कहां तक पहुंचे गलतियां और आगे बढ़ते रहिए लग जाते हैं तो आपको डिस्ट्रेक्शंस नहीं होने चाहिए प्यार के चक्कर में जैसे दोस्तों के चक्कर में फिर घर में प्रॉब्लम्स के चक्कर में सब मिलना पड़ेगा आपको लक्ष्मी देखना है इन सब के टाइम निकालिए लेकिन पूरा दिन नहीं थोड़ा वक्त निकालिए समस्याओं को सॉल्व कीजिए उसके बाद आते जाते रहिए आपका लक्ष्य का फल जो सबसे मीठा फल होता है वह उसे बड़ा फल भी हो सकता सारी खुशियां लगा दीजिए और फिर देखिए क्या की जिंदगी कैसे बदल जाती है आई विश यू ऑल द बेस्ट

pehle ek sapna dekhie aisa sapna jisme aapne apne saare rang dil ke saare armaan achiver ki jo embishan hai usko pura bhar diya hua apne sapne ko ab dekhie kuch sapna ko chote se bada banaiye itna bada ki aapke saamne rasta apne aap ban jaye aur aapko wah karne mein koi roke na inhin par shak na ho aap ko rokne ke liye box us raah par apna chal pade toh jaise hi aap apna bada ho jata hai aur aapko lagta hai ki ab yeh karna hi hai sapna ready hai ajib hone ke liye apne chote hote hain toh uttarakhand time nahi hota aapko lagta hai ki theek hai kar lunga baad mein karunga dekh lenge lekin sapna bada ho jata hai aur aapke saamne dekh raha hota hai toh tab aapko wah feeling aati hai ki nahi abhi yeh karna hi hai yeh pana hi hai use kal tak sapne ko lekar I hai phir aap dekhenge ki aap log energy aa jayegi us apne sapne ko pura karne ke liye toh us lakshya ko aap itna bada banai hai uske baad us lakshya pane ke liye jo course hai jo aapko naya sikhna hai mushkil set dikhne usme aap end roll hui hai wah sab sikhe thoda time dijiye apne qualification for skill set ko badhane ke liye jab aap usme taiyaar ho jaenge toh phir uske baad ka rasta aapke saamne saamne aata rahega aap kahaan se kahaan tak pahuche galtiya aur aage badhte rahiye lag jaate hain toh aapko distrekshans nahi hone chahiye pyar ke chakkar mein jaise doston ke chakkar mein phir ghar mein problem ke chakkar mein sab milna padega aapko laxmi dekhna hai in sab ke time nikaliye lekin pura din nahi thoda waqt nikaliye samasyaon ko solve kijiye uske baad aate jaate rahiye aapka lakshya ka fal jo sabse meetha fal hota hai wah use bada fal bhi ho sakta saree khushiya laga dijiye aur phir dekhie kya ki zindagi kaise badal jati hai I wish you all the best

पहले एक सपना देखिए ऐसा सपना जिसमें आपने अपने सारे रंग दिल के सारे अरमान अचीवर की जो एंबिशन

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Chandraprakash Joshi

Ex-AGM RBI & CEO@ixamBee.com

1:25
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बहुत ही आसान है अगर आपको अपने लक्ष्य पर ध्यान देना है तो आपको मेहनत इस पर नहीं करनी है कि आपको अपने लक्ष्य पर ध्यान कैसे देना है आपको सारी मेहनत इस बात पर करनी है कि बाकी चीजों से ध्यान कैसे हटाना है इतने डिस्ट्रेक्शन है आज की लाइफ में खासकर पहले भी थे आपको याद है वह अर्जुन वाली स्टोरी जब द्रोणाचार्य ने उनको बोला था कि किस-किस को चिड़िया दिख रही है और सारे भाई बहन भाइयों को बुलाया था पांडवों को बुलाया था और अर्जुन को केवल आंख दिख रही थी उसमें भी डिस्ट्रक्शन दे वह पेड़ पौधे हवा जो बाकी भाइयों को दिख रही थी और अर्जुन को केवल चिड़िया की आंख दिख रही थी जब उस समय डिस्ट्रेक्शन थे और आज तो आपके पास मोबाइल है टीवी है लैपटॉप है दोस्त हैं ज्यादा डिस्ट्रक्शन है घूमने जाना है मूवी देखनी है तो अगर आप वह निकाल लेंगे कि क्या नहीं कर और एक ही पर फोकस रखेंगे बस मछली के आंख के जैसे देख चिड़िया की आंख के जैसे बाद में मछली की आंख भी दिखी थी जब अर्जुन ने तीर मारा था मछली की आंख पर तो वैसे निशाना रखना आप अपने लक्ष्य नहीं भट्ट के ंगे बाकी चीजों को छोड़ दीजिए डिस्ट्रेक्शन से दूर रहना सीखना पड़ेगा आप अपने लक्ष्य पर केंद्रित कर पाएंगे

bahut hi aasaan hai agar aapko apne lakshya par dhyan dena hai toh aapko mehnat is par nahi karni hai ki aapko apne lakshya par dhyan kaise dena hai aapko saree mehnat is baat par karni hai ki baki chijon se dhyan kaise hatana hai itne distrekshan hai aaj ki life mein khaskar pehle bhi the aapko yaad hai wah arjun wali story jab dronacharya ne unko bola tha ki kis kis ko chidiya dikh rahi hai aur saare bhai behen bhaiyo ko bulaya tha pandavon ko bulaya tha aur arjun ko keval aankh dikh rahi thi usme bhi destruction de wah pedh paudhe hawa jo baki bhaiyo ko dikh rahi thi aur arjun ko keval chidiya ki aankh dikh rahi thi jab us samay distrekshan the aur aaj toh aapke paas mobile hai TV hai laptop hai dost hain zyada destruction hai ghoomne jana hai movie dekhani hai toh agar aap wah nikaal lenge ki kya nahi kar aur ek hi par focus rakhenge bus machli ke aankh ke jaise dekh chidiya ki aankh ke jaise baad mein machli ki aankh bhi dikhi thi jab arjun ne teer mara tha machli ki aankh par toh waise nishana rakhna aap apne lakshya nahi bhatt ke enge baki chijon ko chod dijiye distrekshan se dur rehna sikhna padega aap apne lakshya par kendrit kar payenge

बहुत ही आसान है अगर आपको अपने लक्ष्य पर ध्यान देना है तो आपको मेहनत इस पर नहीं करनी है कि

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Dr.Nisha Joshi

Psychologist

0:29
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बहुत अच्छा प्रश्न है अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए दिखे लक्ष्य पर ध्यान देने के लिए आपको फोकस करना जरूरी ठीक है छोड़ देना चाहिए मेडिटेशन करिए यू काकरिया प्राणी एक्सरसाइज करने की

bahut accha prashna hai apne lakshya par kaise dhyan dena chahiye dikhe lakshya par dhyan dene ke liye aapko focus karna zaroori theek hai chod dena chahiye meditation kariye you kakriya prani exercise karne ki

बहुत अच्छा प्रश्न है अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए दिखे लक्ष्य पर ध्यान देने के लिए

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Dr. Suman Aggarwal

Personal Development Coach

0:41
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अपने लक्ष्य पर हमें हमेशा पूरी तरह से ध्यान देना चाहिए अर्जुन को जब द्रोणाचार्य चिड़िया को मारने के लिए कहा तो अर्जुन को सिर्फ चिड़िया की आंख दिखाई दे रही थी उसके अलावा कुछ नहीं दिखाई दिया आपको सिर्फ वह लक्ष्य दिखाई देना चाहिए और बाकी सारी चीजें और आप सिर्फ हंड्रेड परसेंट पोकर

apne lakshya par hamein hamesha puri tarah se dhyan dena chahiye arjun ko jab dronacharya chidiya ko maarne ke liye kaha toh arjun ko sirf chidiya ki aankh dikhai de rahi thi uske alava kuch nahi dikhai diya aapko sirf vaah lakshya dikhai dena chahiye aur baki saree cheezen aur aap sirf hundred percent poker

अपने लक्ष्य पर हमें हमेशा पूरी तरह से ध्यान देना चाहिए अर्जुन को जब द्रोणाचार्य चिड़िया को

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Dr. Chinmaya Behera

Eco.,Fin., Pol.,life.,&career

0:08
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आपका लक्ष्य एक होना चाहिए और जरिया बहुत सारे

aapka lakshya ek hona chahiye aur jariya bahut sare

आपका लक्ष्य एक होना चाहिए और जरिया बहुत सारे

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Govind Saraf

Entrepreneur

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अपने लक्ष्य पर ध्यान देने के लिए सबसे पहले आपको ही गोल सेट करना पड़ेगा कि हर चीज के पीछे क्या रीजन होता है चाहे वह विज़न कुछ हो सकता है हर सक्सेसफुल सक्सेसफुल बनता है उसके पीछे देखने क्लब से पूछे एक भुजा होती है बिना वजह के कोई आदमी अपने मकसद तक इतना जल्दी नहीं पहुंच पाता भी कोई आदमी कहीं ना फिर भटकता है लेकिन वह मकसद से मिल जाए तो उसकी स्पीड और ए सैलरीड हो जाती है तो सबसे पहले आप अपने लक्ष्य तक पहुंचने के लिए एक मकसद को ढूंढ ही मकसद जवाब मिले तो और अपने स्वीट कार्न सिगरेट की जो जज्बा को जरुर लाइक ए डेफिनिटी आप अपने लक्ष्य पर ध्यान दे पाएंगे साथ में आपको पूरा स्टेज स्टडी जी को भी मैं आपको पूरा प्लान करना पड़ेगा किस तरह से आप अपने को तकलीफ पहुंचे तो मुझे बहुत जरूरी है इससे आप लक्ष्य पर ध्यान दीजिए डिफेक्ट आप उसे जरूर अपनी लाइफ गोल को पूरा करें

apne lakshya par dhyan dene ke liye sabse pehle aapko hi gol set karna padega ki har cheez ke piche kya reason hota hai chahe wah vizan kuch ho sakta hai har successful successful baata hai uske piche dekhne club se puche ek bhuja hoti hai bina wajah ke koi aadmi apne maksad tak itna jaldi nahi pohch pata bhi koi aadmi kahin na phir bhatakta hai lekin wah maksad se mil jaye to uski speed aur a sailrid ho jati hai to sabse pehle aap apne lakshya tak pahuchne ke liye ek maksad ko dhundh hi maksad jawab mile to aur apne sweet corn cigarette ki jo jajba ko zaroor like a definiti aap apne lakshya par dhyan de payenge saath mein aapko pura stage study G ko bhi main aapko pura plan karna padega kis tarah se aap apne ko takleef pahuche to mujhe bahut zaroori hai isse aap lakshya par dhyan dijiye Defect aap use jarur apni life gol ko pura karen

अपने लक्ष्य पर ध्यान देने के लिए सबसे पहले आपको ही गोल सेट करना पड़ेगा कि हर चीज के पीछे क

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Umesh Upaadyay

Life Coach | Motivational Speaker

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डीलक्स क्या होता है लक्ष्य नहीं होता कि मुझे ऑफिस टाइम पर पहुंचना है स्कूल टाइम पर पहुंचने मूवी के लिए टाइम पर पहुंच ने यह काम ऐसे करें यह लक्ष्य नहीं होता लक्ष्य हमेशा बड़ा होता बहुत बड़ा होता है कुछ ऐसा होता है जिसे पाने के लिए आपके अंदर एक जुनून होता है वह चीज ऐसी होती है जो आप समझते हैं कि मेरी लाइफ की सबसे बड़ी अकांप्लिशमेंट होगी अचीवमेंट होगा हां कई लोगों के लिए यह बात कुछ और हो सकती है कि फिलहाल मेरा लक्ष्य है उसके आगे कुछ और होगा उसके आगे कुछ और होगा वह अलग बात है मैं खाली उस लक्ष्य की बात कराओ जो एक लक्ष्य जो अभी फिलहाल आपको देख रहा है आप ने बना रखा है तो अगर यह आपके अंदर एकदम क्लियर है कि मेरा लक्ष्य क्या है मेरा गोल किया है उद्देश्य क्या है मैं क्या पाना चाहता हूं अगर यह एकदम क्लियर है तू अब आपको मेहनत करने की जरूरत है तो सबसे पहले अगर लक्ष्य क्लियर नहीं है तो आपको लक्ष्य देखना चाहिए और जो भी नहीं कि दूसरों का है तो आपको भी बनाने नहीं वह अंदर से नीचे कि मुझे वो काम करना है मुझे पैसा बंद है मुझे वह चाहिए चाहिए जब वो एकदम क्लियर हो गया आप सोते जागते उठते बैठते हैं उसके बारे में सोच रहे हैं उसके बारे में यह सोचे कि मैं वैसा देखूंगा वैसा बन जाऊंगा एडल्ट है उसके बाद आता है कि आप को उसके लिए तैयारी करनी पड़ेगी मैं सोचने से वह पूरा नहीं होगा तैयारी क्या होती है उसको पाने के लिए आपको क्या चाहिए क्या आपको कुछ संसाधन की जरूरत क्या आपको प्रेक्टिस करने की जरूरत है आपको क्या करना है आपको कुछ नया सीखने की जरूरत है कुछ नई स्कीम चाहिए कुछ रेफरेंस चाहिए किसी की मदद चाहिए बहुत अभ्यास करना है झूठी कुछ करने आपको वह सारा कुछ करते रहना पड़ेगा जितना बड़ा लक्ष्य उतनी बड़ी मेहनत थोड़ी सी भी कमी रह जाएगी तो आप लक्ष्य को पानी पाएंगे तो आपको क्या करना है आप को इतनी मेहनत लगातार कंटीन्यूअसली बिना डिमोटिवेटेड हुए आपको करते रहना पड़ेगा तब आपके लक्ष्य की पूर्ति होगी

deluxe kya hota hai lakshya nahi hota ki mujhe office time par pahunchana hai school time par pahuchne movie ke liye time par pohch ne yeh kaam aise karein yeh lakshya nahi hota lakshya hamesha bada hota bahut bada hota hai kuch aisa hota hai jise pane ke liye aapke andar ek junun hota hai wah cheez aisi hoti hai jo aap samajhte hain ki meri life ki sabse badi akamplishament hogi achievement hoga haan kai logo ke liye yeh baat kuch aur ho sakti hai ki filhal mera lakshya hai uske aage kuch aur hoga uske aage kuch aur hoga wah alag baat hai khaali us lakshya ki baat karao jo ek lakshya jo abhi filhal aapko dekh raha hai aap ne bana rakha hai toh agar yeh aapke andar ekdam clear hai ki mera lakshya kya hai mera gol kiya hai uddeshya kya hai kya pana chahta hoon agar yeh ekdam clear hai tu ab aapko mehnat karne ki zarurat hai toh sabse pehle agar lakshya clear nahi hai toh aapko lakshya dekhna chahiye aur jo bhi nahi ki dusro ka hai toh aapko bhi banane nahi wah andar se niche ki mujhe vo kaam karna hai mujhe paisa band hai mujhe wah chahiye chahiye jab vo ekdam clear ho gaya aap sote jagte uthte baithate hain uske bare mein soch rahe hain uske bare mein yeh soche ki main waisa dekhunga waisa ban jaunga adult hai uske baad aata hai ki aap ko uske liye taiyari karni padegi main sochne se wah pura nahi hoga taiyari kya hoti hai usko pane ke liye aapko kya chahiye kya aapko kuch sansadhan ki zarurat kya aapko practice karne ki zarurat hai aapko kya karna hai aapko kuch naya sikhne ki zarurat hai kuch nayi scheme chahiye kuch reference chahiye kisi ki madad chahiye bahut abhyas karna hai jhuthi kuch karne aapko wah saara kuch karte rehna padega jitna bada lakshya utani badi mehnat thodi si bhi kami reh jayegi toh aap lakshya ko pani payenge toh aapko kya karna hai aap ko itni mehnat lagatar kantinyuasali bina demotivated hue aapko karte rehna padega tab aapke lakshya ki purti hogi

डीलक्स क्या होता है लक्ष्य नहीं होता कि मुझे ऑफिस टाइम पर पहुंचना है स्कूल टाइम पर पहुंचने

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महेश दुबे

कवि साहित्यकार

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अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए यह आप अर्जुन से सीखिए अर्जुन ने जब तेल के कड़ाही में ताकते हुए ऊपर की ओर बाण चलाकर मछली की आंख को भेद कर द्रोपदी को जीता था उस स्वयंवर में बाद में सब से पूछा गया कि जिस समय आप बाण चला रहे थे आपको क्या दिखाई पड़ा जिन जिन के निशाने चूक गए थे उन्होंने बताया कि हमें बहुत सी चीजें दिखाई पड़ रही थी हमें तेल की कड़ा दिख रही थी हमें उसमें मछली का प्रतिबिंब दिख रहा था हमें उसमें एक फोटो दिखाई पड़ रहा था सर मछली लटकी हुई थी ऐसी बातें बताइए लेकिन जब अर्जुन से पूछा गया कि तुम्हें क्या दिखाई पड़ रहा था तो अर्जुन ने कहा कि मुझे इस पूरे ब्रह्मांड में सिर्फ और सिर्फ मछली की एक आंख दिखाई पड़ रही थी जिसे मुझे भेजना था और मैंने उस उसे पानी चला कर भेज दिया तो लक्ष्य को पाना हो तो लक्ष्य को इस तरह से कांकेर हो करके आप अपने भीतर समाहित कर लीजिए उसके अलावा आपको दुनिया में कुछ ना दिखाई पड़े

apne lakshya par kaise dhyan dena chahiye yah aap arjun se sikhiye arjun ne jab tel ke kadahi mein takte hue upar ki aur baan chalakar machli ki aankh ko bhed kar draupadi ko jita tha us sawamber mein baad mein sab se poocha gaya ki jis samay aap baan chala rahe the aapko kya dikhai pada jin jin ke nishane chuk gaye the unhone bataya ki hamein bahut si cheezen dikhai pad rahi thi hamein tel ki kada dikh rahi thi hamein usme machli ka pratibimb dikh raha tha hamein usme ek photo dikhai pad raha tha sir machli lataki hui thi aisi batein bataye lekin jab arjun se poocha gaya ki tumhe kya dikhai pad raha tha toh arjun ne kaha ki mujhe is poore brahmaand mein sirf aur sirf machli ki ek aankh dikhai pad rahi thi jise mujhe bhejna tha aur maine us use paani chala kar bhej diya toh lakshya ko paana ho toh lakshya ko is tarah se kanker ho karke aap apne bheetar samahit kar lijiye uske alava aapko duniya mein kuch na dikhai pade

अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए यह आप अर्जुन से सीखिए अर्जुन ने जब तेल के कड़ाही में

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Amit Chowdhry

Operational Head

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

बहुत ही अच्छा प्रश्न है इस प्रश्न के अपने ही माने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए लक्ष्य और ध्यान इसमें दो महत्वपूर्ण शब्दों पर बहुत ही इंपॉर्टेंट देने की जरूरत है अगर हम लक्ष्य को लेकर के चलते हैं तो लक्ष्य क्या है जब तक आप को ध्यान क्यों नहीं आ रहा है या किसी को ध्यान क्यों नहीं आता है जब तक कोई भी आदमी किसी भी चीज के लिए नहीं होता है उस चीज को लेकर के बहुत उसको अच्छा नहीं लगता सुकून नहीं मिलता उसका अल्टीमेट गोल नहीं होता तब तक उसकी ओर ध्यान नहीं दे पाता है उदाहरण के लिए कि कोई एक बच्चा अगर 10th की एग्जामिनेशन देने के बाद उसका मन डॉक्टरी की ओर है और वह बायोलॉजी की क्या बात ले लेना सबसे पहले अपने वर्क की और बहुत ज्यादा जरूरी है आप जितना अपने काम को ऊपर पैशनेट होंगे जिस काम के लिए आप पैशनेट हो जिस काम को आपको लगे कि यह करने से मेरे को सबसे ज्यादा सुखी होगी और यह काम करने से मैं बहुत ही खुश रहूंगा उसका अपना लक्ष्य निर्धारित करिए मैं फिर कहूंगा कि इसके लिए सबसे पहले अपनी क्षमताओं को भी देखिए लक्ष्य निर्धारण से पहले अपनी क्षमताओं को देखना बहुत ही महत्वपूर्ण होता है कई बार हम अपनी क्षमताओं के लक्ष्य का निर्धारण कर लेते हैं जिसके पीछे हमारे को कई बार गिरते हैं और उसके बाद हमें आत्मसम्मान की भी हानि होती है इसलिए लक्ष्य निर्धारण से पहले अपनी क्षमताओं को देखिए फिर अपनी क्षमताओं के अनुसार जो सबसे अच्छी चीज आपको लगती हो जो आपको लगता हो कि इसके लिए मैं कुछ भी कर जाऊंगा उसमें अपना लक्ष्य निर्धारित के लिए कि इस जगह का हमें टॉप बनाना है यह अल्टीमेट कॉल निर्धारण के उपरांत जब अपने लक्ष्य को निर्धारित कर लोगे उसके बाद आप उसके ऊपर प्लानिंग करके कुछ भी करके अगर आप देखोगे तो आप का प्लान भी उस पर उसके ऊपर एटीट्यूट करेगा हो सकता है आपका लक्ष्य और कुछ समझ में ना आ रहा हो सकता है आप किसी और परिस्थितियों में गिरकर के किसी और के साथ किसी और कार का कार्य को कार्यान्वित करने लगे हैं और जिसके कारण आप कमल उसमें ना लग रहा हो जैसा मैंने के उदाहरण दिया है कि एक बच्चे को बल्कि में जाना था बट उसको मैच में किसी प्रेशर के लिए डाल दिया गया तो वह अपना हंड्रेड परसेंट नहीं दे पा रहा है इसलिए सबसे पहले जो चीज आपको अच्छी लग रही हो उसको समझ लिया कि यह हमें अच्छा लग रहा है यह मेरा लक्ष्य है फिर उसके ऊपर अगर कोई मुसीबत आती है क्या देखा जाता है या आपको कोई भी व्यक्ति उसके लिए नेगेटिव एनर्जी पर पहले बोलता है क्योंकि उसने क्यों बोलता है वह नेगेटिव एनर्जी के लिए बोलने के लिए बोलता है उनकी बातों को नजरअंदाज कर दीजिए क्योंकि आपकी सफलता ही मुझे आवाजों को चुप कर पाएगी उससे आप अपने लक्ष्य से मत भटक गई है अपने लक्ष्मी अपने लक्ष्य के लिए तो उस काम पर आपका ध्यान अवश्य लगेगा आप किसी का भी ग्राम पर लिस्ट में ले सकते हैं पैशनेट के लिए मैं एक लाइक जाम पर लगा लेता हूं बादशाह का बादशाह ने इंजीनियरिंग कल की डिग्री कर रहा था बीटेक इन्होंने बीच में उड़ने की विचारधारा और रात में उतारा है रात में उतरने के बाद दो आदमी अपने काम में इतना ज्यादा निपुण है कि वह शब्दों के खेल से ही कैसे बना रहे हैं उनके लिए उस शब्दों का खेल ही सब कुछ है वह अपने काम के लिए बहुत पास नेट है उनका अल्टीमेट गोल है कि मुझे नंबर वन को लेकर के पास लेटे जहां गलती होती है जहां कुछ काम करते हैं सबसे पहले जिस काम के लिए आप बैंक नेट है अभी कविताओं के अनुसार उसके लक्ष्य निर्धारण कर उसको कार्यान्वित करिए आपका ध्यान शत-प्रतिशत उसी कार्य पर रहेगा

bahut hi accha prashna hai is prashna ke apne hi maane lakshya par kaise dhyan dena chahiye lakshya aur dhyan ismein do mahatvapurna shabdo par bahut hi important dene ki zarurat hai agar hum lakshya ko lekar ke chalte hain toh lakshya kya hai jab tak aap ko dhyan kyon nahi aa raha hai ya kisi ko dhyan kyon nahi aata hai jab tak koi bhi aadmi kisi bhi cheez ke liye nahi hota hai us cheez ko lekar ke bahut usko accha nahi lagta sukoon nahi milta uska ultimate gol nahi hota tab tak uski aur dhyan nahi de pata hai udaharan ke liye ki koi ek baccha agar 10th ki examination dene ke baad uska man doctaree ki aur hai aur wah biology ki kya baat le lena sabse pehle apne work ki aur bahut zyada zaroori hai aap jitna apne kaam ko upar passionate honge jis kaam ke liye aap passionate ho jis kaam ko aapko lage ki yeh karne se mere ko sabse zyada sukhi hogi aur yeh kaam karne se main bahut hi khush rahunga uska apna lakshya nirdharit kariye main phir kahunga ki iske liye sabse pehle apni kshamataon ko bhi dekhie lakshya nirdharan se pehle apni kshamataon ko dekhna bahut hi mahatvapurna hota hai kai baar hum apni kshamataon ke lakshya ka nirdharan kar lete hain jiske peeche hamare ko kai baar girte hain aur uske baad humein atmasamman ki bhi hani hoti hai isliye lakshya nirdharan se pehle apni kshamataon ko dekhie phir apni kshamataon ke anusaar jo sabse acchi cheez aapko lagti ho jo aapko lagta ho ki iske liye main kuch bhi kar jaunga usme apna lakshya nirdharit ke liye ki is jagah ka humein top banana hai yeh ultimate call nirdharan ke uprant jab apne lakshya ko nirdharit kar loge uske baad aap uske upar planning karke kuch bhi karke agar aap dekhoge toh aap ka plan bhi us par uske upar attitude karega ho sakta hai aapka lakshya aur kuch samajh mein na aa raha ho sakta hai aap kisi aur paristhitiyon mein girkar ke kisi aur ke saath kisi aur car ka karya ko Karyanvit karne lage hain aur jiske kaaran aap kamal usme na lag raha ho jaisa maine ke udaharan diya hai ki ek bacche ko balki mein jana tha but usko match mein kisi pressure ke liye daal diya gaya toh wah apna hundred percent nahi de pa raha hai isliye sabse pehle jo cheez aapko acchi lag rahi ho usko samajh liya ki yeh humein accha lag raha hai yeh mera lakshya hai phir uske upar agar koi musibat aati hai kya dekha jata hai ya aapko koi bhi vyakti uske liye Negative energy par pehle bolta hai kyonki usne kyon bolta hai wah Negative energy ke liye bolne ke liye bolta hai unki baaton ko najarandaj kar dijiye kyonki aapki safalta hi mujhe avajon ko chup kar payegi usse aap apne lakshya se mat bhatak gayi hai apne laxmi apne lakshya ke liye toh us kaam par aapka dhyan avashya lagega aap kisi ka bhi gram par list mein le sakte hain passionate ke liye main ek like jam par laga leta hoon badshah ka badshah ne Engineering kal ki degree kar raha tha btech inhone beech mein udane ki vichardhara aur raat mein utara hai raat mein utarane ke baad do aadmi apne kaam mein itna zyada nipun hai ki wah shabdo ke khel se hi kaise bana rahe hain unke liye us shabdo ka khel hi sab kuch hai wah apne kaam ke liye bahut paas net hai unka ultimate gol hai ki mujhe number van ko lekar ke paas lete jaha galti hoti hai jaha kuch kaam karte hain sabse pehle jis kaam ke liye aap bank net hai abhi kavitao ke anusaar uske lakshya nirdharan kar usko Karyanvit kariye aapka dhyan shat pratishat usi karya par rahega

बहुत ही अच्छा प्रश्न है इस प्रश्न के अपने ही माने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए लक्ष्य औ

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Anil Ramola

Yoga Instructor | Engineer

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कि अपने लक्ष्य पर ध्यान देने के लिए आपको सच लिखना पड़ेगा कि अपना जो भी गोल है वह आपको डिफाइन करना पड़ेगा कि मेरा यही लक्ष्य और मुझे इस को प्राप्त कर के लक्ष्य को और डिफाइन करने के बाद कुछ समय में उस राह से भटकने हो जाते हैं क्योंकि क्या होता है कि किसी भी लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए उसका एक निर्धारित मार्ग होता है और यह निश्चित रूप से है कि बहुत कम होता है कि जब हम पहले ही प्रयास में हम पर लक्ष्य की ओर सही दिशा में अग्रसर हो जाए और सूर्य में मुसीबत आती है तो उसी होते हुए हमारा मन थोड़ा चंचल होता है और वहां पर लक्ष्य से भटकने जाते हैं तो हमेशा जब भी लक्ष्य की और फोकस करें अपने लक्ष्य को हमेशा एक बार एक बार करने की कोशिश ना करें क्योंकि अक्सर देखा गया है कि अगर हमें कहीं ऊपर चढ़ना है तो हम जोशी दिया है एक ही बार में नहीं जा सकते हमें एक ही सिद्धि चंडी पड़े और एक सीडी में आने के बाद चढ़ने के बाद थोड़ी देर उसमें से रहना पड़ेगा और भी लक्ष्य की ओर अपडेट करते उसको का

ki apne lakshya par dhyan dene ke liye aapko sach likhna padega ki apna jo bhi gol hai vaah aapko define karna padega ki mera yahi lakshya aur mujhe is ko prapt kar ke lakshya ko aur define karne ke baad kuch samay mein us raah se bhatakne ho jaate hain kyonki kya hota hai ki kisi bhi lakshya ko prapt karne ke liye uska ek nirdharit marg hota hai aur yah nishchit roop se hai ki bahut kam hota hai ki jab hum pehle hi prayas mein hum par lakshya ki aur sahi disha mein agrasar ho jaaye aur surya mein musibat aati hai toh usi hote hue hamara man thoda chanchal hota hai aur wahan par lakshya se bhatakne jaate hain toh hamesha jab bhi lakshya ki aur focus kare apne lakshya ko hamesha ek baar ek baar karne ki koshish na kare kyonki aksar dekha gaya hai ki agar hamein kahin upar chadhna hai toh hum joshi diya hai ek hi baar mein nahi ja sakte hamein ek hi siddhi chandi pade aur ek CD mein aane ke baad chadhne ke baad thodi der usme se rehna padega aur bhi lakshya ki aur update karte usko ka

कि अपने लक्ष्य पर ध्यान देने के लिए आपको सच लिखना पड़ेगा कि अपना जो भी गोल है वह आपको डिफा

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Norang sharma

Social Worker

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हेलो दोस्तो नमस्कार आज हम बात करने जा रहे हैं अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए दोस्तों जब भी हम कोई लक्ष्य बनाते हैं और उस लक्ष्य का पीछा करने लगते हैं तो बहुत सारे भटकाव हमारे सामने आते हैं बहुत सारे डिस्ट्रक्शन आते हैं और वह डिस्ट्रक्शन कई बार तो एक्सटर्नल होते हैं और कई बार इंटरनल होते हैं तो बाहरी बाधाएं आती है और एक अंदरूनी बाधाएं तो जो एक्सटर्नल फैक्टर्स है वह क्या है वह कई बार शोरगुल रही हो सकता है आप का आसपास का माहौल हो सकता है आपकी जिम्मेदारियां आपके रिश्तेदार आपके दोस्त आपको परेशान करते हैं और आपको उस लक्ष्य का पीछा नहीं करने देते या जो जो भी लोग आपको ऐसा करने से रोकते हैं तो सारे बाधक हैं आपकी मंजिल में रुकावट है और आजकल तो सबसे बड़ा बाधक तो यह मोबाइल फोन है दो हम बिना मोबाइल के एवं टॉयलेट में भी नहीं जा सकते तो लक्ष्य पर फोकस करने के लिए तो कम से कम आप को सोशल मीडिया लॉग आउट होना पड़ेगा यह भी एक बिग चैलेंज है आज के दौर में तो अगर आप मोबाइल वाला डिस्ट्रक्शन दूर कर लेते हैं तो बहुत आसान हो जाती है आपकी ए जर्नी उसके बाद इंटरनल यह है कि आपके जब हम की का किसी काम पर फोकस करना शुरू करते हैं तो इधर उधर की थिंकिंग इधर-उधर के थॉट्स बहुत आने लगते हैं तो बार-बार क्या है कि अपने ध्यान को खींच खींचकर प्रेक्टिस से लाना पड़ता है अपने टारगेट पर और अपने काम को थोड़ा सा इंटरेस्टिंग बनाई है कि आपको काम करके मजा आए जो भी लक्ष्य को आप अचीव करने वाले हैं आप उसके लिए सीरियस हो जाइए और कल्पनाएं करें सपने देखे और सुने पूरा करें और यही सब कारण थे जो मैंने आपको बताए हैं इन्हें दूर करके आप कोई भी लक्ष्य पर पूरी तरह से फोकस होकर अच्छा रिजल्ट ला सकते हैं धन्यवाद

hello dosto namaskar aaj hum baat karne ja rahe hain apne lakshya par kaise dhyan dena chahiye doston jab bhi hum koi lakshya banate hain aur us lakshya ka picha karne lagte hain toh bahut saare bhatkaav hamare saamne aate hain bahut saare destruction aate hain aur wah destruction kai baar toh external hote hain aur kai baar internal hote hain toh bahri baadhayain aati hai aur ek andaruni baadhayain toh jo external factors hai wah kya hai wah kai baar shoragul rahi ho sakta hai aap ka aaspass ka maahaul ho sakta hai aapki zimmedariyan aapke rishtedar aapke dost aapko pareshan karte hain aur aapko us lakshya ka picha nahi karne dete ya jo jo bhi log aapko aisa karne se rokte hain toh saare badhak hain aapki manjil mein rukavat hai aur aajkal toh sabse bada badhak toh yeh mobile phone hai do hum bina mobile ke evam toilet mein bhi nahi ja sakte toh lakshya par focus karne ke liye toh kam se kam aap ko social media log out hona padega yeh bhi ek big challenge hai aaj ke daur mein toh agar aap mobile vala destruction dur kar lete hain toh bahut aasaan ho jati hai aapki a journey uske baad internal yeh hai ki aapke jab hum ki ka kisi kaam par focus karna shuru karte hain toh idhar udhar ki thinking idhar udhar ke thoughts bahut aane lagte hain toh baar baar kya hai ki apne dhyan ko khinch khichkar practice se lana padta hai apne target par aur apne kaam ko thoda sa interesting banai hai ki aapko kaam karke maza aaye jo bhi lakshya ko aap achieve karne wale hain aap uske liye serious ho jaiye aur kalpanaen karein sapne dekhe aur sune pura karein aur yahi sab kaaran the jo maine aapko bataye hain inhen dur karke aap koi bhi lakshya par puri tarah se focus hokar accha result la sakte hain dhanyavad

हेलो दोस्तो नमस्कार आज हम बात करने जा रहे हैं अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए दोस्तों

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अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए आपको अपने लक्ष्य पर ध्यान देना है तो आप को लड़की को और औरत को इग्नोर कर दो को आपको कुछ भी दिखाएं पूरा बताएं उनके उत्तर मध्य को अपने लक्ष्य के साथ पूरा ध्यान दो कठोर मेहनत करो साधना कठोर परिश्रम से आप अपने लक्ष्य पर सफलता हासिल कर सकते हो आप को कटाने के लिए नहीं अपने लक्ष्य को पार करना है आना है अपना नहीं है अपने मन के अंदर में गांठ बांध लो मैं यह लक्ष्य हासिल करके रहूंगा और कामयाब ओके दिखाऊंगा मैं जीतूंगा तो आप जरूर अपने रक्त का लिंग आसमान को छू ले हैं आप लक्ष्य नहीं है आपका जो लक्ष्य है वह अच्छा अच्छा होना चाहिए और चालक योगा काकू फोटोग्राफी डूंगरपुर कहां से देखें आपको उस लक्ष्य पर मेहनत करनी है कड़ी तपस्या कभी आपका लक्ष्य हासिल होगा कि मुझे आपके शॉप से शुभकामनाएं गुड लक आपका दिन शुभ हो शुभ रात्रि गुड नाइट गुड नाइट स्वीट ड्रीम ओके गुड नाइट धन्यवाद

apne lakshya par kaise dhyan dena chahiye aapko apne lakshya par dhyan dena hai toh aap ko ladki ko aur aurat ko ignore kar do ko aapko kuch bhi dikhaen pura bataye unke uttar madhya ko apne lakshya ke saath pura dhyan do kathor mehnat karo sadhna kathor parishram se aap apne lakshya par safalta hasil kar sakte ho aap ko katane ke liye nahi apne lakshya ko par karna hai aana hai apna nahi hai apne man ke andar mein ganth bandh lo main yah lakshya hasil karke rahunga aur kamyab ok dikhaunga main jeetunga toh aap zaroor apne rakt ka ling aasman ko chu le hain aap lakshya nahi hai aapka jo lakshya hai vaah accha accha hona chahiye aur chaalak yoga kaku photography dungarpur kahaan se dekhen aapko us lakshya par mehnat karni hai kadi tapasya kabhi aapka lakshya hasil hoga ki mujhe aapke shop se subhkamnaayain good luck aapka din shubha ho shubha ratri good night good night sweet dream ok good night dhanyavad

अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए आपको अपने लक्ष्य पर ध्यान देना है तो आप को लड़की को औ

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Nikunj Sodagar

Environmental Engineer, Life Coach, Astro Vastu Consultant, Hypnotherapist

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अगर आप अपना कोई भी लक्ष्य हासिल करना चाहते हो तो सबसे पहले वह लक्स आप के लिए प्राप्त करना क्यों जरूरी है उसके बारे में सोचिए जब तक आप कैसे क्लियर नहीं होगा यह तो स्पष्ट नहीं बनेगा क्या आपको क्यों यह लक्ष्य हासिल करना है तब तक आप मोटी बेटी हो गए आप लोग उत्साह नहीं आएगा स्पष्ट हो जाए क्या आप क्यों हासिल करना चाहते उसके बाद उसके प्राप्त करने के लिए आपको क्या-क्या करना पड़ेगा वह डिसाइड कीजिए और वह बड़े गोल को जय को हासिल करने के लिए छोटे-छोटे पाठ में डिवाइड कर दीजिए आपके उस चीज को क्या आपको सबसे पहले क्या करना है वह कितने समय में आप प्राप्त करेंगे या वह स्किल डिवेलप करेंगे इस तरह से उसको छोटे-छोटे विभागों में डिवाइड कर दीजिए बांट दीजिए और तय किए हुए समय में उसको आप प्राप्त करते जाइए आप जो छोटे छोटे गोल को कंप्लीट करके आप बड़े पुल को जरूर से हासिल कर सकते हैं अगर कोई बहुत बड़ा है आप उसको भी मानसिक आप का 5 साल या 2 साल के बाद का घोड़ा पप्पू डिसाइड कर लीजिए क्या आपको पहले 1 साल में क्या प्राप्त करना है पहले 606 महीने में क्या प्राप्त करना क्या अचीवमेंट करना है इस तरह से आप काम कीजिए अच्छे-अच्छे महीने दिन 3 महीने के फूल बनाकर आप फाइनली बड़े गोल 2 साल के बाद हासिल कर सकते

agar aap apna koi bhi lakshya hasil karna chahte ho toh sabse pehle wah lux aap ke liye prapt karna kyon zaroori hai uske bare mein sochie jab tak aap kaise clear nahi hoga yeh toh spasht nahi banega kya aapko kyon yeh lakshya hasil karna hai tab tak aap moti beti ho gaye aap log utsaah nahi aaega spasht ho jaye kya aap kyon hasil karna chahte uske baad uske prapt karne ke liye aapko kya kya karna padega wah decide kijiye aur wah bade gol ko jai ko hasil karne ke liye chote chhote path mein divide kar dijiye aapke us cheez ko kya aapko sabse pehle kya karna hai wah kitne samay mein aap prapt karenge ya wah skill develop karenge is tarah se usko chote chhote vibhagon mein divide kar dijiye baant dijiye aur tay kiye hue samay mein usko aap prapt karte jaiye aap jo chote chhote gol ko complete karke aap bade pool ko zaroor se hasil kar sakte hain agar koi bahut bada hai aap usko bhi mansik aap ka 5 saal ya 2 saal ke baad ka ghoda pappu decide kar lijiye kya aapko pehle 1 saal mein kya prapt karna hai pehle 606 mahine mein kya prapt karna kya achievement karna hai is tarah se aap kaam kijiye acche acche mahine din 3 mahine ke fool banakar aap finally bade gol 2 saal ke baad hasil kar sakte

अगर आप अपना कोई भी लक्ष्य हासिल करना चाहते हो तो सबसे पहले वह लक्स आप के लिए प्राप्त करना

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Tabinda Arif

Psychologist, Trainer and Clinical Hypnotherapist

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DR OM PRAKASH SHARMA

Principal, Education Counselor, Best Experience in Professional and Vocational Education cum Training Skills and 25 years experience of Competitive Exams. 9212159179. dsopsharma@gmail.com

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प्रश्न 11 में कैसे ध्यान देना चाहिए एक ध्यान ही तो है जो लगता नहीं लगाऊं तो टिकता नहीं और टिकाऊ तो रुकता नहीं अभी तीन बातें आएंगे हमारी जिंदगी का लक्ष्य क्या है सबके जीवन का लक्ष्य एक नहीं है हर इंसान ने अपनी जिंदगी को अनुसार ढाल लिया है और वह जैसा जी रहा है वेबसाइट ने जिंदगी का लक्ष्य बना लिया जिंदगी का लक्ष्य जननेना पढ़ना लिखना रोजगार पाना घर बचाने ना और बच्चों को जन्म देना और इसी संसार के जाल में उलझ कर रह जाना और अपने जीवन का जो है बहुमूल्य योगदान है वहीं को समर्पित कर देना के ही जीवन का लक्ष्य हम दुनिया में आए हैं तो कुछ करने के लिए अपनी योग्यताओं चटनी गुणों से अपने संस्कारों से अपनी शिक्षा से और अपनी सोच से यह सब के पास देखनी है मैं यह नहीं कहूंगा कि चाची सूट मीडियम अच्छी आपकी कमी है या जिस नजरिए से आप सोचते हैं उस नजरिए से मैं भी सोचो नहीं कहूंगा क्योंकि जो माता मानो फिल्म शैतान आपको मिले वहीं वर्तमान हिंदी मीनिंग यह जरूरी नहीं कि परिवार किस-किस गांव या शहर किस राज्य में है किस देश में हुआ किस परिवार में हमारा कोई दोस्त नहीं है हम मनुष्य की और प्रकृति देंगे क्योंकि मानव क्रिया के बिना संतान के रूप में मना जब नहीं हो सकता था लेकिन प्रकृति इसलिए कह रहे हैं कि बाकी सब कुछ प्रकृति की अजय महाराज जन्म हुआ तो हम उस धर्म जाति गांव शहर देश के सब कुछ बन गए पैदा होते नामकरण मिल गई हमें अदृश्य सर्टिफिकेट बस हम उसी के यहां हमारा दोस्त है हम उन सबसे अलग से ऊपर उठकर जब इस देश में आएंगे पृथ्वी पर आए तो हमें कुछ नया करना चाहिए और मानवीय रूप में करना चाहिए जिससे मानो जनकल्याण जन समाज शाहिद क्योंकि हमें जो संस्कार या वातावरण मिलने उसी वर्तमान से हम एक नए संसार की रचना का एक नए वतन की रचना करें आज हम उचित रचना की तरफ बढ़ते हैं तो निश्चित रूप से मारी जिंदगी का एक लक्ष्य निर्धारित हो जाता है यह कहना चाहूंगा कि मैंने शिक्षा का प्रसार अपनी जिंदगी का नक्श बनानी है क्योंकि यह माना अगर जिंदगी में कुछ बनना है या कुछ किसी को बना पाना है किसी को कुछ करना है जिंदगी में मकसद टोने-टोटके लिए शिक्षा 1 मार्च में एक शिक्षित व्यक्ति समाज के समस्त बुराइयों का अंत आक्रमण कर सकता है हर बुराई का निराकरण कर सकता है और हर बुराई को जड़ से मिटा सकता है

prashna 11 mein kaise dhyan dena chahiye ek dhyan hi toh hai jo lagta nahi lagau toh tikta nahi aur tikauu toh rukata nahi abhi teen batein aayenge hamari zindagi ka lakshya kya hai sabke jeevan ka lakshya ek nahi hai har insaan ne apni zindagi ko anusaar dhal liya hai aur vaah jaisa ji raha hai website ne zindagi ka lakshya bana liya zindagi ka lakshya jannena padhna likhna rojgar paana ghar bachane na aur baccho ko janam dena aur isi sansar ke jaal mein ulajh kar reh jana aur apne jeevan ka jo hai bahumulya yogdan hai wahi ko samarpit kar dena ke hi jeevan ka lakshya hum duniya mein aaye hai toh kuch karne ke liye apni yogyata chatni gunon se apne sanskaron se apni shiksha se aur apni soch se yah sab ke paas dekhni hai yah nahi kahunga ki chachi suit medium achi aapki kami hai ya jis nazariye se aap sochte hai us nazariye se main bhi socho nahi kahunga kyonki jo mata maano film shaitaan aapko mile wahi vartaman hindi meaning yah zaroori nahi ki parivar kis kis gaon ya shehar kis rajya mein hai kis desh mein hua kis parivar mein hamara koi dost nahi hai hum manushya ki aur prakriti denge kyonki manav kriya ke bina santan ke roop mein mana jab nahi ho sakta tha lekin prakriti isliye keh rahe hai ki baki sab kuch prakriti ki ajay maharaj janam hua toh hum us dharm jati gaon shehar desh ke sab kuch ban gaye paida hote namakaran mil gayi hamein adrishya certificate bus hum usi ke yahan hamara dost hai hum un sabse alag se upar uthakar jab is desh mein aayenge prithvi par aaye toh hamein kuch naya karna chahiye aur manviya roop mein karna chahiye jisse maano jankalyan jan samaj shahid kyonki hamein jo sanskar ya vatavaran milne usi vartaman se hum ek naye sansar ki rachna ka ek naye vatan ki rachna kare aaj hum uchit rachna ki taraf badhte hai toh nishchit roop se mari zindagi ka ek lakshya nirdharit ho jata hai yah kehna chahunga ki maine shiksha ka prasaar apni zindagi ka naksh banani hai kyonki yah mana agar zindagi mein kuch banna hai ya kuch kisi ko bana paana hai kisi ko kuch karna hai zindagi mein maksad tone totake liye shiksha 1 march mein ek shikshit vyakti samaj ke samast buraiyon ka ant aakraman kar sakta hai har burayi ka nirakaran kar sakta hai aur har burayi ko jad se mita sakta hai

प्रश्न 11 में कैसे ध्यान देना चाहिए एक ध्यान ही तो है जो लगता नहीं लगाऊं तो टिकता नहीं और

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Piyush Goel

Mech Engg, Motivator.

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कृष्ण कुमार बेलखेड़ा के साथ अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए दोनों मिले क्वेश्चन है उसको मैं एग्जांपल के साथ देना चाहूंगा अपना हाईस्कूल कर लिया इंटर कर लिया एग्जाम पर लिया है कि आप बिजनेस करना चाहते हैं बिजनेस करना चाहते हैं कि इंडस्ट्री लगाना चाहते हैं आप का टारगेट है कि मैं 22 साल का उम्र 25 साल का हूं मैं 3 साल के अंदर मुझे इंडस्ट्री लगानी है आपने बोल दिया कि 3 साल में एक कंपनी लगानी है जो कंपनी लगा ले जाएंगे तो क्या-क्या चीज आप का टारगेट है कंपनी लगाना अब उसके बीच में आपको जो समस्याएं होंगी उन समस्याओं का समाधान निकाल कर के वहां तक पहुंचना है तो यह एक शंकु की तरह शंभू देखा आपने कौन ऊपर से बड़ा होता नीचे जाकर के छोटा-छोटा होता है चलता है ठीक है ना तो इसलिए कह रहा हूं कि आपने टारगेट डिसाइड कर लिया कि मुझे कंपनी लगानी है तो उसके लिए आप क्या करेंगे सबसे पहले आपको कंपनी का नाम लैंड रजिस्ट्रेशन जितने फॉर मल्टी सेगमेंट की बुआ पूरी करें ठीक है उसके बाद आप क्या करेंगे सब कुछ काम हो गए आपको 6 महीने लगे आज मैं ठीक है आज लैंड भी आप ने ले ली मूवी आप पूरा हो गया फिर उसकी आप चारदीवारी कराएंगे कंस्ट्रक्शन होगा बिल्डिंग बनेगी बिल्डिंग पूरी हो गई आप अपने जो लागत लगा रहे हैं उसके हिसाब से सारा कुछ सेट अप सेट करें हैं ठीक है ना तू आपके कौन की तरह हो गया पहले बड़ी समस्या कंपनी लगा ले मुझे जमीन भी देनी है मशीन भी लेनी है लेकिन अब धीरे-धीरे आप सोचते चले गए नाम रखा लैंड लिया कागज रजिस्ट्रेशन जितने भी फॉर्मेलिटीज गोरमेंट की पूरी करी कस्टम शुरू हो गया इंजीनियर्स कंस्ट्रक्शन के बाद यूनिवर्स रखी आपने किसकी आपको कंपनी लगानी है उसके एक्सपर्ट आपने अपने साथ लिए मशीनें आनी शुरू होगी इरेक्शन शुरू हो गया मशीन सेटअप हो गया आपने मुहूर्त कर दिया इसी दौरान वह बिल्डिंग बंदे बंदे आपने मैनपावर ठीक है मन बावरा गीत एक्सप्रेस आगे मशीन से आगे इलेक्शन हो गया उसके बाद मैटेरियल्स मेन पावर मैट्रियल मनी ठीक है मैं दिलाना शुरू हो गया शुरू से शुरू हो गया आपने बात करके और प्रश्नों के आ गया अब डिस्टेंस होना है आपको मार्केटिंग की टीम करनी है आपको माल कहां कहां का फोटो नियामक ठीक है ना तो यह चीजें हैं वह अपने कंपनी लगा ली अब आपको भी आपके पास इन्वेंटरी होगी wi-fi होगी ठीक है ना तो आप का 3 साल में जो आपने टारगेट बनाया था वह चुप कर लिया समस्याएं बड़ी-बड़ी थी पहले स्टार्ट हो गया दोस्त निर्धारित करके उसका काम करना शुरू कर दो जो भी समस्या है उनको उनका समाधान निकाल कर उसे अभी शुरू हो जाओ और मैं समझता हूं कि आप लक्ष्य तक पहुंच यह जानने का तरीका ध्यान भी दिया जाएगा ठीक है ना तो कौन बना ले टारगेट बना ले ऐसी करना है

krishna kumar belkheda ke saath apne lakshya par kaise dhyan dena chahiye dono mile question hai usko main example ke saath dena chahunga apna highschool kar liya inter kar liya exam par liya hai ki aap business karna chahte hain business karna chahte hain ki industry lagana chahte hain aap ka target hai ki main 22 saal ka umar 25 saal ka hoon main 3 saal ke andar mujhe industry lagani hai aapne bol diya ki 3 saal mein ek company lagani hai jo company laga le jaenge toh kya kya cheez aap ka target hai company lagana ab uske beech mein aapko jo samasyaen hongi un samasyaon ka samadhan nikaal kar ke wahan tak pahunchana hai toh yeh ek shanku ki tarah sambhu dekha aapne kaun upar se bada hota niche jaakar ke chota chota hota hai chalta hai theek hai na toh isliye keh raha hoon ki aapne target decide kar liya ki mujhe company lagani hai toh uske liye aap kya karenge sabse pehle aapko company ka naam land registration jitne for multi Segment ki buaa puri karein theek hai uske baad aap kya karenge sab kuch kaam ho gaye aapko 6 mahine lage aaj main theek hai aaj land bhi aap ne le li movie aap pura ho gaya phir uski aap chaardeewari karayenge construction hoga building banegi building puri ho gayi aap apne jo laagat laga rahe hain uske hisab se saara kuch set up set karein hain theek hai na tu aapke kaun ki tarah ho gaya pehle badi samasya company laga le mujhe jameen bhi deni hai machine bhi leni hai lekin ab dhire dhire aap sochte chale gaye naam rakha land liya kagaz registration jitne bhi formalities garment ki puri kari custom shuru ho gaya engineers construction ke baad Universe rakhi aapne kiski aapko company lagani hai uske expert aapne apne saath liye machine aani shuru hogi erection shuru ho gaya machine setup ho gaya aapne muhurt kar diya isi dauran wah building bande bande aapne manpower theek hai man bawra geet express aage machine se aage election ho gaya uske baad Materials main power maitriyal money theek hai dilana shuru ho gaya shuru se shuru ho gaya aapne baat karke aur prashnon ke aa gaya ab distance hona hai aapko marketing ki team karni hai aapko maal kahaan kahaan ka photo niyamak theek hai na toh yeh cheezen hain wah apne company laga li ab aapko bhi aapke paas inventory hogi wi-fi hogi theek hai na toh aap ka 3 saal mein jo aapne target banaya tha wah chup kar liya samasyaen badi badi thi pehle start ho gaya dost nirdharit karke uska karna shuru kar do jo bhi samasya hai unko unka samadhan nikaal kar use abhi shuru ho jao aur main samajhata hoon ki aap lakshya tak pohch yeh jaanne ka tarika dhyan bhi diya jayega theek hai na toh kaun bana le target bana le aisi karna hai

कृष्ण कुमार बेलखेड़ा के साथ अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान देना चाहिए दोनों मिले क्वेश्चन है उस

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Satyam Singh

Yoga Instructor

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मैं आपको यह बताना चाहता हूं कि अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान दें देखें सबसे पहले किसी भी लक्ष्य को आपका आपके सामने होना चाहिए जो आपका लक्ष्य वह आपके सामने होना चाहिए आपका मन एकदम कुछ सीखने को आतुर होना चाहिए आप सीखने के इच्छुक होने चाहिए इसके अलावा यदि आप मोटिवेशनल व्यक्ति हैं तो बहुत अच्छी बात है अपने लक्ष्य को हमेशा ध्यान में रखना चाहिए कि आपको अपने जीवन का लक्ष्य प्राप्त करना है और वह किस तरह से प्राप्त करना है परिश्रम से मेहनत कठिन परिश्रम से यदि आप इस मेहनत को नहीं करेंगे तो आपको आपका लक्ष्य प्राप्त नहीं होगा और उस को ध्यान में रखते हुए आपके अंदर जिज्ञासा होनी चाहिए कि आपका लक्ष्य आप बोल तो नहीं रहे हैं आपके हमेशा सामने आप अपने कमरे में दीवार पर अपने लक्ष्य के बारे में लिखकर कुछ ना कुछ सुविचार डाल सकते हैं कि आपको कुछ बनना है या जो भी आपका लक्ष्य है उसको लेकर आप हमेशा सजग रहेंगे थोड़ा सा खुद को मोटिवेट करें आजकल मोटिवेशन मोटिवेशनल बहुत सारे साधन है अब यूट्यूब पर बहुत अच्छी-अच्छी वीडियो देख सकते हैं किसी अच्छे गुरु किसी अच्छे मित्र किसी अच्छे साथी का सहारा भी ले सकते हैं जो पॉजिटिव व्यक्ति आपके आसपास आपसे समाज में हो उनसे आप लगातार बने रह सकते हैं और कुछ पुस्तकें भी आप इसमें ध्यान रख सकते हैं और सदैव अपने लक्ष्य को अपने दिल में दिल में समेट कर रखें अपने दिमाग में समेट कर के उसके बाद अपने कमरे में अपने घर परिवार में सभी को बता देना अपने परिवार में बता देना चाहिए कि मम्मी पापा मुझे बनना है उसके बाद आप निश्चित ही अपने लक्ष्य पर पहुंच जाएंगे बशर्ते जरूरी है तो सिर्फ कठिन परिश्रम और मेहनत जय हिंद

main aapko yah bataana chahta hoon ki apne lakshya par kaise dhyan de dekhen sabse pehle kisi bhi lakshya ko aapka aapke saamne hona chahiye jo aapka lakshya vaah aapke saamne hona chahiye aapka man ekdam kuch sikhne ko aatur hona chahiye aap sikhne ke icchhuk hone chahiye iske alava yadi aap Motivational vyakti hain toh bahut achi baat hai apne lakshya ko hamesha dhyan mein rakhna chahiye ki aapko apne jeevan ka lakshya prapt karna hai aur vaah kis tarah se prapt karna hai parishram se mehnat kathin parishram se yadi aap is mehnat ko nahi karenge toh aapko aapka lakshya prapt nahi hoga aur us ko dhyan mein rakhte hue aapke andar jigyasa honi chahiye ki aapka lakshya aap bol toh nahi rahe hain aapke hamesha saamne aap apne kamre mein deewaar par apne lakshya ke bare mein likhkar kuch na kuch suvichar daal sakte hain ki aapko kuch banna hai ya jo bhi aapka lakshya hai usko lekar aap hamesha sajag rahenge thoda sa khud ko motivate kare aajkal motivation Motivational bahut saare sadhan hai ab youtube par bahut achi achi video dekh sakte hain kisi acche guru kisi acche mitra kisi acche sathi ka sahara bhi le sakte hain jo positive vyakti aapke aaspass aapse samaj mein ho unse aap lagatar bane reh sakte hain aur kuch pustakein bhi aap isme dhyan rakh sakte hain aur sadaiv apne lakshya ko apne dil mein dil mein samet kar rakhen apne dimag mein samet kar ke uske baad apne kamre mein apne ghar parivar mein sabhi ko bata dena apne parivar mein bata dena chahiye ki mummy papa mujhe banna hai uske baad aap nishchit hi apne lakshya par pohch jaenge basharte zaroori hai toh sirf kathin parishram aur mehnat jai hind

मैं आपको यह बताना चाहता हूं कि अपने लक्ष्य पर कैसे ध्यान दें देखें सबसे पहले किसी भी लक्ष्

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Vikas Singh

Political Analyst

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अपने लक्ष्य पर ध्यान देने के लिए सबसे पहले आपके पास एक दृढ़ संकल्प होना चाहिए जो भी आपका लक्ष्य है उसके लिए आपको कड़ी मेहनत करनी पड़ती है अगर आपके पास दृढ़ संकल्प है उस लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए कि मैं उसको प्राप्त करूंगा और आप मेहनत करोगे तो आप अपने लक्ष्य को जरूर हासिल करोगे उसमें आपको कामयाबी मिलेगी लेकिन कामयाबी के लिए देखिए थोड़ा मेहनत करना पड़ता है अगर आपको आईएएस बनना है तो आईएस के लिए लगना पड़ता है घर परिवार समाज दुनियादारी सब कुछ छोड़कर बस स्टडी पर फोकस करना होता है 18 घंटे 20 घंटे आपके दिमाग में यह होना चाहिए कि मैं बनूंगा तो सिर्फ आईएस बनूंगा किसी का आईटी आईआईटी क्वालीफाई करने का इच्छा होता है तो मैं बनूंगा तो सिर्फ आईआईटीएन बनूंगा कुछ लोग पॉलीटिशियन बनना चाहते हैं तो उनके दिमाग में होता है कि नहीं मैं बनूंगा तो सिर्फ बड़ा पॉलिटिशियन नहीं बनूंगा तो उसके लिए मेहनत करना पड़ता है अगर आज से भी अगर आप शुरू करोगे अभी से मेहनत करना तो आपको कामयाबी जरूर मिलेगी धन्यवाद

apne lakshya par dhyan dene ke liye sabse pehle aapke paas ek dridh sankalp hona chahiye jo bhi aapka lakshya hai uske liye aapko kadi mehnat karni padti hai agar aapke paas dridh sankalp hai us lakshya ko prapt karne ke liye ki main usko prapt karunga aur aap mehnat karoge toh aap apne lakshya ko zaroor hasil karoge usme aapko kamyabi milegi lekin kamyabi ke liye dekhie thoda mehnat karna padta hai agar aapko IAS banana hai toh ias ke liye lagna padta hai ghar parivar samaj duniyaadaari sab kuch chhodkar bus study par focus karna hota hai 18 ghante 20 ghante aapke dimag mein yeh hona chahiye ki main banunga toh sirf ias banunga kisi ka it IIT qualify karne ka iccha hota hai toh main banunga toh sirf IITN banunga kuch log politician banana chahte hain toh unke dimag mein hota hai ki nahi main banunga toh sirf bada politician nahi banunga toh uske liye mehnat karna padta hai agar aaj se bhi agar aap shuru karoge abhi se mehnat karna toh aapko kamyabi zaroor milegi dhanyavad

अपने लक्ष्य पर ध्यान देने के लिए सबसे पहले आपके पास एक दृढ़ संकल्प होना चाहिए जो भी आपका ल

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सबसे पहले आपका लक्ष्य होना चाहिए बैलच इंजीनियर डॉक्टर आईएस कंपटीशन एग्जाम की प्रिपरेशन कुछ भी हो सकता है हमारे लक्ष्य में बिल्कुल भी क्लेरिटी होनी चाहिए स्पष्ट पता होनी चाहिए अगर उसमें स्पष्ट नहीं है तो लक्ष्य पाना कठिन रहता है हमारा लक्ष्य बिल्कुल एक क्लियर होना चाहिए एक लक्ष्य होना चाहिए अगर आपके 23 लक्ष्य आपने बहुत कुछ सोच कर रखा है कई सारी लालच क्लियर नहीं है तो हम अगर हमें कोई 23 लक्ष्य तो हम दो तीन गोल के बारे में सोचते रहते हैं कि हमें यह बनना है यह बन्ना आगरा कोई कंपटीशन एग्जाम की तैयारी कर रहा है जिसे एसएससी की तैयारी कर एसएससी सीजीएल की तैयारी कर रहे हैं तो आप उधर बैंक की भी तैयारी करने लगते तो हमारा एक होंगे तो एसएससी सीजीएल की तैयारी कर लिया बैंकिंग की हो क्योंकि हमारा सोचना यह हो जाता है लोग सोचते हैं कि अगर एसएससी सीजीएल करंट नहीं हो पाया तो बैंकिंग क्रैक कर लेंगे बैंकिंग की तैयारी करने लगे बैंक कि नहीं हो पाया तो कोई कलर के लेवल की जॉब क्या कर लेंगे तो ऐसा नहीं होना चाहिए आपका लक्ष्य बिल्कुल भी स्पष्ट नहीं है तो आप एसएससी सीजीएल आईएएस का एग्जाम कभी प्ले नहीं सकता आपका एक लक्ष्य बिल्कुल स्पष्ट होना चाहिए अगर आपका लक्ष्य स्पष्ट है तभी आप उससे जुड़े संसाधन जूस और इस सारी स्टूमेंट जुटा सकते हैं तो जो भी आप का लक्ष्य आईएएस बनना है कंपटीशन एग्जाम की तैयारी करनी है तो उससे जुड़े स्टडी मैटेरियल रिसोर्सेज आज जो भी साधन संसाधन उनसे जुड़े जो भी इंस्टिट्यूशन हैं उनको आप उनसे जानकारी जुटाई उसकी दिशा में होने वाली जितने प्रयास है लक्ष्य की दिशा में में सारे प्रयास करिए उस लक्ष्य की दिशा में ही दौड़े जो लक्ष्य आपका उसी दिशा में आप अगर आपके कई लक्ष्य हैं तो आप एक्जाम ना दौड़कर कई दिशाओं में दौड़ेगी तो ऐसे ही खींचतान हो जाएगी आपकी ही स्थानों के आपका बिल्कुल भी डिस्ट्रक्शन हो जाएगा ना आप इधर के रहे ना उधर करेंगे तो यह स्थिति बहुत खराब होती

sabse pehle aapka lakshya hona chahiye bailach engineer doctor ias competition exam ki preparation kuch bhi ho sakta hai hamare lakshya mein bilkul bhi kleriti honi chahiye spasht pata honi chahiye agar usme spasht nahi hai toh lakshya pana kathin rehta hai hamara lakshya bilkul ek clear hona chahiye ek lakshya hona chahiye agar aapke 23 lakshya aapne bahut kuch soch kar rakha hai kai saree lalach clear nahi hai toh hum agar humein koi 23 lakshya toh hum do teen gol ke bare mein sochte rehte hain ki humein yeh banana hai yeh banna agra koi competition exam ki taiyari kar raha hai jise ssc ki taiyari kar ssc cgl ki taiyari kar rahe hain toh aap udhar bank ki bhi taiyari karne lagte toh hamara ek honge toh ssc cgl ki taiyari kar liya banking ki ho kyonki hamara sochna yeh ho jata hai log sochte hain ki agar ssc cgl current nahi ho paya toh banking crack kar lenge banking ki taiyari karne lage bank ki nahi ho paya toh koi color ke level ki job kya kar lenge toh aisa nahi hona chahiye aapka lakshya bilkul bhi spasht nahi hai toh aap ssc cgl IAS ka exam kabhi play nahi sakta aapka ek lakshya bilkul spasht hona chahiye agar aapka lakshya spasht hai tabhi aap usse jude sansadhan juice aur is saree instrument juta sakte hain toh jo bhi aap ka lakshya IAS banana hai competition exam ki taiyari karni hai toh usse jude study material resources aaj jo bhi sadhan sansadhan unse jude jo bhi Institution hain unko aap unse jankari jutai uski disha mein hone wali jitne prayas hai lakshya ki disha mein mein saare prayas kariye us lakshya ki disha mein hi daude jo lakshya aapka usi disha mein aap agar aapke kai lakshya hain toh aap exam na daudakar kai dishaon mein daudegi toh aise hi khinchtan ho jayegi aapki hi sthano ke aapka bilkul bhi destruction ho jayega na aap idhar ke rahe na udhar karenge toh yeh sthiti bahut kharab hoti

सबसे पहले आपका लक्ष्य होना चाहिए बैलच इंजीनियर डॉक्टर आईएस कंपटीशन एग्जाम की प्रिपरेशन कुछ

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Dr.Swatantra Sharma

Yoga Expert & Consultant

1:02
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जीवन में प्रत्येक व्यक्ति का लक्ष्य निर्धारित होना चाहिए सर्वप्रथम हम अपने लक्ष्य पर अपना ध्यान केंद्रित करें और फिर उसकी प्राप्ति के लिए पूर्ण समर्पण भाव से लग जाए हमारी सारी भावनाएं हमारी बौद्धिक शक्ति हमारी शारीरिक शक्ति हमारी भावनात्मक शक्ति यह सब उस लक्ष्य प्राप्ति के लिए ही हो और इतना ही नहीं हम अपने जीवन का प्रत्येक क्षण उसका उपयोग करते रहे ध्यान पूर्वक अपने समय का पालन करें फेसबुक व्हाट्सएप मोबाइल इत्यादि से दूर रहें और जितना अधिक संभव हो सके अपना शुद्ध सात्विक आहार रखें और यदि थोड़ा ध्यान योग प्राणायाम इत्यादि का भी हम साधना करते हैं तो मुझे लगता है जीवन में कोई भी लक्ष्य प्राप्त किया जा सकता है

jeevan mein pratyek vyakti ka lakshya nirdharit hona chahiye sarvapratham hum apne lakshya par apna dhyan kendrit kare aur phir uski prapti ke liye purn samarpan bhav se lag jaaye hamari saree bhaavnaye hamari baudhik shakti hamari sharirik shakti hamari bhavnatmak shakti yah sab us lakshya prapti ke liye hi ho aur itna hi nahi hum apne jeevan ka pratyek kshan uska upyog karte rahe dhyan purvak apne samay ka palan kare facebook whatsapp mobile ityadi se dur rahein aur jitna adhik sambhav ho sake apna shudh Satvik aahaar rakhen aur yadi thoda dhyan yog pranayaam ityadi ka bhi hum sadhna karte hain toh mujhe lagta hai jeevan mein koi bhi lakshya prapt kiya ja sakta hai

जीवन में प्रत्येक व्यक्ति का लक्ष्य निर्धारित होना चाहिए सर्वप्रथम हम अपने लक्ष्य पर अपना

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