अगर आप व्यापारी हैं या व्यापार करना चाहते हैं, आपको व्यापर से सम्बंधित क्या क्या समस्याओं का सामना करना पड़ेगा?...


user
1:10
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

व्यापार करना चाहते हैं तो व्यापार के संबंध में बहुत ज्यादा परेशान नहीं आती है केवल एक तो लाइसेंस इसके बाद जान दुकान दे रहे हो दुकान दुकान का सब कुछ फर्नीचर करना पड़ेगा जिस टाइप दुकान खोली को सामान बनना पड़ेगा मेरा को को देखना पड़ेगा बसा देंगे तो फिर उसके बाद बैंक से भी लोन लेना पड़ता है एक चक्कर लगाने पड़ते हैं और आए दिन गोरमेंट का कोई न कोई भी सब हरामखोर होते हैं और अभी तो आपको सीधा अच्छा है उसके ऑनलाइन रिकॉर्डिंग करके भेज दें तो वह फिर उस शख्स बन सकता है मैं तो अभी तक दोबारा परी बाजार करें इन सब को देखना पड़ता है तब जाकर दुकानदारी होती है ग्राहकों से वहां से बड़ी होती है सब चीजों से माता पूरी करने के बाद जो पैसा कर पगली जान ओके बाय

vyapar karna chahte hain toh vyapar ke sambandh me bahut zyada pareshan nahi aati hai keval ek toh license iske baad jaan dukaan de rahe ho dukaan dukaan ka sab kuch furniture karna padega jis type dukaan kholi ko saamaan banna padega mera ko ko dekhna padega basa denge toh phir uske baad bank se bhi loan lena padta hai ek chakkar lagane padate hain aur aaye din garment ka koi na koi bhi sab haramkhor hote hain aur abhi toh aapko seedha accha hai uske online recording karke bhej de toh vaah phir us sakhs ban sakta hai main toh abhi tak dobara pari bazaar kare in sab ko dekhna padta hai tab jaakar dukandari hoti hai grahakon se wahan se badi hoti hai sab chijon se mata puri karne ke baad jo paisa kar pagli jaan ok bye

व्यापार करना चाहते हैं तो व्यापार के संबंध में बहुत ज्यादा परेशान नहीं आती है केवल एक तो ल

Romanized Version
Likes  186  Dislikes    views  2132
WhatsApp_icon
13 जवाब
qIcon
ask
ऐसे और सवाल
Loading...
Loading...
user

Ridhaan Panwar

Entrepreneur

3:21
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आपका क्वेश्चन है कि अगर आप व्यापारी हैं यह व्यापार करना चाहते हो आपको व्यापार से संबंधित क्या-क्या समस्याओं का सामना करना पड़ेगा देखिए व्यापार में समस्याएं तो बहुत होती है छोटी से छोटी और बड़ी से बड़ी हर दिन आपको चैलेंज फेस करने पड़ेंगे स्टार्टिंग में जब तक आप चेक ना हो जाओ फिर धीरे-धीरे आपका सिस्टम मजबूत होगा आप चीजों को समझ जाएंगे कि कहां पर मुझे सावधानी बरतनी है कहां पर मुझे लीनियंट रहना है स्टार्टिंग में आपको थोड़ा चैलेंज थोड़ा ज्यादा आएंगे तेरे हाथों में चूर होंगे चीजों को समझते नहीं है तो पहले से चैलेंज इसके लिए तैयार रहेंगे तो किस तरह की समस्या है मैं आपको बताता हूं जैसे अपने बिजनेस खोला तो स्टार्टिंग में आपने कुछ रिप्लाई भी रखें और एंपलॉयर्स खुश टाइम काम किया फिर छोड़कर बीच-बीच में गजलें गए मैं घर छुट्टी जा रहा हूं मुझे पैसे दे दिए वह घर गया उसके बाद ही पाया है नहीं आप देख लो बड़ा नुकसान हो गया काम का आप उसके भरोसे बैठे हुए हैं या आप के बीच में हो एकदम भाग्य चला जाए कोई एक बार तो फिर भी बहुत प्रॉब्लम होती है तो उसका आपकी ख्वाइश को इस तरह से मैनेज करिए कि आपको बिजनेस में आपकी प्रोडक्शन में कोई प्रॉब्लम ना हो और इसी तरह से एक दूसरी प्रॉब्लम होती है जब रॉ मैटेरियल आता है तो जो आपका सप्लायर है वह कुछ तो उसने कुछ बहाना बना दिया है उसके पास सामान नहीं है कुछ झूठ बोल दिया इस तरह से आप अपनी को सप्लाई चैन है उसे मजबूत मजबूत रखी है अपना जो जहां से आप का रो मटेरियल आता है जो आपका सप्लायर है उन्हें अच्छे ढंग से मैनेज कीजिए एक की जगह दो आपका ऑप्शन भी भी आपके पास होना चाहिए ऑप्शन ए के साथ-साथ ऑप्शन भी भी होना हर चीज तो आप इस तरह से आप धीरे-धीरे यह चीज समझ पाएंगे तो अपनी सफाई से नाचे रखी है आपका लॉजिस्टिक वाला जो सेक्शन है वह भी बात अच्छा होना चाहिए ऐसा नहीं आपका माल तैयार बैठा पड़ा हुआ है और आपका जो ड्राइवर है या गाड़ी जो आपकी है वह उसने फोन बंद करके बैठ गया और आप सिर्फ उसे फोन ट्राई ट्राई करते रह गए और वहां से जिनका ऑर्डर था उनका फोन आ रहा है कि भाई माल अभी तक नहीं पहुंचा अभी झूठ पर झूठ बोलते हैं तो इसमें आपके रिलेशनशिप होंगे और आपके बिजनेस को आगे जाकर काफी नुकसान होगा इसलिए आप जो कमिटमेंट कस्टमर से करते हैं तो उसे फुलफिल करने के लिए है आपने अपना लॉजिस्टिक और सफाई मैनेजमेंट का पूरा ध्यान रखना है इसी तरह से छोटी बड़ी काफी सारी प्रॉब्लम साथी है चैलेंज जाते हैं पर यह तो बस का एक पाठ होती है स्टार्टिंग में आपको बड़ी लगेंगे धीरे-धीरे आपको हैं और मन लगने लगेंगे और आपसे तैयार रहेंगे इस चीज को फेस करने के लिए

aapka question hai ki agar aap vyapaari hain yah vyapar karna chahte ho aapko vyapar se sambandhit kya kya samasyaon ka samana karna padega dekhiye vyapar me samasyaen toh bahut hoti hai choti se choti aur badi se badi har din aapko challenge face karne padenge starting me jab tak aap check na ho jao phir dhire dhire aapka system majboot hoga aap chijon ko samajh jaenge ki kaha par mujhe savdhani bartani hai kaha par mujhe lenient rehna hai starting me aapko thoda challenge thoda zyada aayenge tere hathon me chur honge chijon ko samajhte nahi hai toh pehle se challenge iske liye taiyar rahenge toh kis tarah ki samasya hai main aapko batata hoon jaise apne business khola toh starting me aapne kuch reply bhi rakhen aur empalayars khush time kaam kiya phir chhodkar beech beech me gajlen gaye main ghar chhutti ja raha hoon mujhe paise de diye vaah ghar gaya uske baad hi paya hai nahi aap dekh lo bada nuksan ho gaya kaam ka aap uske bharose baithe hue hain ya aap ke beech me ho ekdam bhagya chala jaaye koi ek baar toh phir bhi bahut problem hoti hai toh uska aapki khwaish ko is tarah se manage kariye ki aapko business me aapki production me koi problem na ho aur isi tarah se ek dusri problem hoti hai jab raw material aata hai toh jo aapka supplier hai vaah kuch toh usne kuch bahana bana diya hai uske paas saamaan nahi hai kuch jhuth bol diya is tarah se aap apni ko supply chain hai use majboot majboot rakhi hai apna jo jaha se aap ka ro material aata hai jo aapka supplier hai unhe acche dhang se manage kijiye ek ki jagah do aapka option bhi bhi aapke paas hona chahiye option a ke saath saath option bhi bhi hona har cheez toh aap is tarah se aap dhire dhire yah cheez samajh payenge toh apni safaai se nache rakhi hai aapka logistic vala jo section hai vaah bhi baat accha hona chahiye aisa nahi aapka maal taiyar baitha pada hua hai aur aapka jo driver hai ya gaadi jo aapki hai vaah usne phone band karke baith gaya aur aap sirf use phone try try karte reh gaye aur wahan se jinka order tha unka phone aa raha hai ki bhai maal abhi tak nahi pohcha abhi jhuth par jhuth bolte hain toh isme aapke Relationship honge aur aapke business ko aage jaakar kaafi nuksan hoga isliye aap jo commitment customer se karte hain toh use fulfil karne ke liye hai aapne apna logistic aur safaai management ka pura dhyan rakhna hai isi tarah se choti badi kaafi saari problem sathi hai challenge jaate hain par yah toh bus ka ek path hoti hai starting me aapko badi lagenge dhire dhire aapko hain aur man lagne lagenge aur aapse taiyar rahenge is cheez ko face karne ke liye

आपका क्वेश्चन है कि अगर आप व्यापारी हैं यह व्यापार करना चाहते हो आपको व्यापार से संबंधित क

Romanized Version
Likes  23  Dislikes    views  242
WhatsApp_icon
user

Ravindra

Entrepreneur

8:11
Play

Likes  8  Dislikes    views  182
WhatsApp_icon
play
user

Prof. Deepti Storyteller

Founder Truth Institute, Brand Consultant,Ex NID: Follow My You Tube Channel.9910114584

0:35

Likes  31  Dislikes    views  395
WhatsApp_icon
user

Nikhil Ranjan

HoD - NIELIT

0:36
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मस्कारा का प्रश्न है अगर आप व्यापारी हैं या पार करना चाहते हैं आपको ही पाठ से संबंधित क्या-क्या समस्याओं का सामना करना पड़ेगा तो आपको बता दें कि सबसे पहले अगर आप जीएसटी के अंदर आना चाहते हैं आपको ऐसी ऐसी वस्तुओं का पेड़ करना चाहते हैं जिस पर जीएसटी लगता है या आप ऑनलाइन से तुम्हें आना चाहते हैं तो उसके लिए आपको जीएसटी नंबर की आवश्यकता होगी फिर यहां पर जीएसटी फाइलिंग भी करनी रहती है टाइम भी अगर आप जस्टिस फाइल नहीं करेंगे तो फिर पलटी भी लगती है तो बहुत सारी चीजें यहां पर आपको देख कर चल नहीं पड़ती है तो बहुत सोच समझकर बिजनेस करिएगा मैं शुभकामनाएं आपके साथ हैं धन्यवाद

mascara ka prashna hai agar aap vyapaari hain ya par karna chahte hain aapko hi path se sambandhit kya kya samasyaon ka samana karna padega toh aapko bata de ki sabse pehle agar aap gst ke andar aana chahte hain aapko aisi aisi vastuon ka ped karna chahte hain jis par gst lagta hai ya aap online se tumhe aana chahte hain toh uske liye aapko gst number ki avashyakta hogi phir yahan par gst Filing bhi karni rehti hai time bhi agar aap justice file nahi karenge toh phir palati bhi lagti hai toh bahut saari cheezen yahan par aapko dekh kar chal nahi padti hai toh bahut soch samajhkar business kariega main subhkamnaayain aapke saath hain dhanyavad

मस्कारा का प्रश्न है अगर आप व्यापारी हैं या पार करना चाहते हैं आपको ही पाठ से संबंधित क्या

Romanized Version
Likes  830  Dislikes    views  10459
WhatsApp_icon
play
user

रवि प्रकाश सिंह"रमण"

Industrialist/Businessman/Poet/Writer

4:19

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आपका प्रश्न है अगर आप व्यापारी हैं या व्यापार करना चाहते हैं आपको व्यापार से संबंधित क्या-क्या समस्याओं का सामना करना पड़ेगा व्यापार में समस्याएं ही समस्याएं हैं और यदि आप सचेत नहीं है तो आपका व्यापार कभी भी कहीं भी डूब सकता है व्यापार में हर समय जो आपका दिमाग है वह परेशानियों से निकलने में सक्षम होना चाहिए अगर एक लिंक पर चलकर व्यापार किया जाए तो व्यापार की सफलता में संदेह है यहां हमेशा माइंड को एक्टिव होना चाहिए काम कौन सी झंझट आएगी और कब हम उससे कैसे निकलेंगे इसमें व्यक्ति को सक्षम होना पड़ेगा व्यापार शुरू करने में तो समस्याएं ही समस्याएं हैं योजना आपका होना चाहिए पूरी आपकी होनी चाहिए या स्थान का चयन होना चाहिए इस अवसर पर क्या व्यापार सूटेबल होगा देखना होगा उसमें क्या-क्या कानूनी प्रावधान आएगा इन सभी बातों पर दृष्टि रखने हो व्यापार आपका ठीक-ठाक चल रहा है चलने लगा आपने लाख 1000000 20 लाख 50 लाख लगा कि आपने व्यापार शुरु किया और व्यापार ठीक है पटरी पर अभी चल रहा है आपकी पूंजी जो है और सही ढंग से रोटेट हो रही है तब तक स्कूोला जैसी कोई महामारी आ जाती है फिर क्या होगा फिर आपने जो भी पूंजी लगाई उसको उसको हंड्रेड परसेंट दूर जाने की संभावना है कि हम क्या करें फिर हम सड़क पर आ गए तो इतनी बड़ी पूंजी जब रुकने की संभावना हो जाती है तो व्यक्ति के पास हार कर बैठ जाना और आत्महत्या करने के अलावा कोई दूसरा रास्ता नहीं होती है वह व्यक्ति ने क्या जाने कहां-कहां से मेहनत की होती है उन समूह को देना होता है और यदि फौजी सिर्फ आपकी है आपने कहीं से ली नहीं है फिर भी आप कुछ और करने के लिए अब फिर उसने फौजी आप कहां से लाए हैं ऐसो सोच इंसान पागल होने लगता है तो व्यापार को उद्यम बोलते हैं उद्या उद्या उद्या मतलब होता है तो प्यार के लिए होना बहुत जरूरी है और व्यापार का मूल मंत्र है ऐसा भी होता है कि कोई व्यापार महीना 2 महीना 6 महीना 1 साल 10 साल 2 साल नहीं चला घाटे में जा रहा है कि वह आगे धीरे-धीरे फिर वह फायदे में आने लगता है आगे बढ़ने लगता है तो बहुत सारी बातें हैं उस पर आपको भी सोचना होगा और जानकारों से उस बारे में चर्चा करके सहयोग लेना होगा धन्यवाद

aapka prashna hai agar aap vyapaari hain ya vyapar karna chahte hain aapko vyapar se sambandhit kya kya samasyaon ka samana karna padega vyapar me samasyaen hi samasyaen hain aur yadi aap sachet nahi hai toh aapka vyapar kabhi bhi kahin bhi doob sakta hai vyapar me har samay jo aapka dimag hai vaah pareshaniyo se nikalne me saksham hona chahiye agar ek link par chalkar vyapar kiya jaaye toh vyapar ki safalta me sandeh hai yahan hamesha mind ko active hona chahiye kaam kaun si jhanjhat aayegi aur kab hum usse kaise nikalenge isme vyakti ko saksham hona padega vyapar shuru karne me toh samasyaen hi samasyaen hain yojana aapka hona chahiye puri aapki honi chahiye ya sthan ka chayan hona chahiye is avsar par kya vyapar suitable hoga dekhna hoga usme kya kya kanooni pravadhan aayega in sabhi baaton par drishti rakhne ho vyapar aapka theek thak chal raha hai chalne laga aapne lakh 1000000 20 lakh 50 lakh laga ki aapne vyapar shuru kiya aur vyapar theek hai patri par abhi chal raha hai aapki punji jo hai aur sahi dhang se rotate ho rahi hai tab tak skuola jaisi koi mahamari aa jaati hai phir kya hoga phir aapne jo bhi punji lagayi usko usko hundred percent dur jaane ki sambhavna hai ki hum kya kare phir hum sadak par aa gaye toh itni badi punji jab rukne ki sambhavna ho jaati hai toh vyakti ke paas haar kar baith jana aur atmahatya karne ke alava koi doosra rasta nahi hoti hai vaah vyakti ne kya jaane kaha kaha se mehnat ki hoti hai un samuh ko dena hota hai aur yadi fauji sirf aapki hai aapne kahin se li nahi hai phir bhi aap kuch aur karne ke liye ab phir usne fauji aap kaha se laye hain aiso soch insaan Pagal hone lagta hai toh vyapar ko udyam bolte hain udya udya udya matlab hota hai toh pyar ke liye hona bahut zaroori hai aur vyapar ka mul mantra hai aisa bhi hota hai ki koi vyapar mahina 2 mahina 6 mahina 1 saal 10 saal 2 saal nahi chala ghate me ja raha hai ki vaah aage dhire dhire phir vaah fayde me aane lagta hai aage badhne lagta hai toh bahut saari batein hain us par aapko bhi sochna hoga aur jankaron se us bare me charcha karke sahyog lena hoga dhanyavad

आपका प्रश्न है अगर आप व्यापारी हैं या व्यापार करना चाहते हैं आपको व्यापार से संबंधित क्या-

Romanized Version
Likes  21  Dislikes    views  378
WhatsApp_icon
user

N. Lal

Banking & Finance, Business Idea https://www.nutanprabhat.com

1:13
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

सबसे पहला सामना करना पड़ेगा कि आपके प्रोडक्ट की डिमांड रखी है मार्केट में नंबर दो आपके प्रोडक्ट में कितना कंपटीशन है कितना मार्जिन है और कंपटीशन कितना खतरनाक है वह भी एक डिपेंड करता है कि अगर कंपटीशन बहुत ही खतरनाक है तो नए व्यापारी को बहुत मुश्किल हो सकती है क्योंकि जो पुराने व्यापारी होते हैं वह सस्ते में माल भेज सकते हैं पर सुलाया व्यापारी के लिए मुश्किल होता है क्योंकि उसको किराया भाड़ा ब्याज वगैरह खाकर खर्चे ज्यादा होते हैं तो वह प्रोडक्ट सकता नहीं दे सकता है तो उसको मार देगा यह और साफ करने का कानून ने जो प्रावधान है उसकी भी समस्या हो सकती है कि आप जिस चीज का बिजनेस करते हैं उसमें कानून कैसा है उसमें पदसे दारू का बिजनेस है तो सरकार उनके लिए अलग है एक कराना में कानून प्रक्रिया अलग है तो वह देखना होता है साथ में आपका प्रोडक्ट का के बेचने के लिए क्या तकनीक उपयोग करते हैं आपको नई तकनीक का उपयोग करना चाहिए ताकि आपका बिजनेस में फायदा उठाओ

sabse pehla samana karna padega ki aapke product ki demand rakhi hai market me number do aapke product me kitna competition hai kitna margin hai aur competition kitna khataranaak hai vaah bhi ek depend karta hai ki agar competition bahut hi khataranaak hai toh naye vyapaari ko bahut mushkil ho sakti hai kyonki jo purane vyapaari hote hain vaah saste me maal bhej sakte hain par sulaya vyapaari ke liye mushkil hota hai kyonki usko kiraaya bhada byaj vagera khakar kharche zyada hote hain toh vaah product sakta nahi de sakta hai toh usko maar dega yah aur saaf karne ka kanoon ne jo pravadhan hai uski bhi samasya ho sakti hai ki aap jis cheez ka business karte hain usme kanoon kaisa hai usme padase daaru ka business hai toh sarkar unke liye alag hai ek krana me kanoon prakriya alag hai toh vaah dekhna hota hai saath me aapka product ka ke bechne ke liye kya taknik upyog karte hain aapko nayi taknik ka upyog karna chahiye taki aapka business me fayda uthao

सबसे पहला सामना करना पड़ेगा कि आपके प्रोडक्ट की डिमांड रखी है मार्केट में नंबर दो आपके प्र

Romanized Version
Likes  10  Dislikes    views  201
WhatsApp_icon
user

Amit S

Life Coach

4:24
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जी नमस्कार यह आपने बड़ा इंटरेस्टिंग सवाल कहां है मेरे से पूछा पूछा है कि क्या समस्याएं आएंगी और क्या समस्याओं का सामना करना पड़ेगा टिकट क्षेत्र कोई भी हो व्यवसाय हो कोई खेल जगत हो या फिर अभिनय हो या पॉलिटिक्स हो किसी भी क्षेत्र में मुश्किलें आती हैं और समस्याओं को दिखा दिखा जाए तो दो रूप में लिया जाता है एक तो यह कि जब हम किसी चीज से डर के और रुक जाते हैं या फिर उनका सामना करते हैं सामना करते हैं तो दो बातें होती हैं या तो हम उसके आगे निकल जाते हैं या तो फिर वहीं पर रुक जाते हैं पीछे हो जाते पीछे होना एक अपने हाथ में है लेकिन एक कहां गया इस संकल्प किसका नाम है अगर आप उसको लेते हैं तो फिर वह संकल्प आपको पीछे नहीं हटने देता तो जिसके साथ भी आपकी लड़ाई है कहा जाए तो जिसमें समस्या के सामने आपको आपका सामना हो रहा है या तो आप उसे जीतेंगे या तो फिर लड़ते रहेंगे लड़ते रहेंगे अंटील अनलेस तब तक लड़ेंगे जब तक आपके अंदर परफेक्शन नहीं आ जाता क्योंकि समस्या तो वही रहेगी समस्या तो बड़ी भाई अपने स्वभाव से होगी मानकी चली आपको बस कुछ लिमिटेड पैसे हैं और आप अपने बिजनेस में लॉस करते जा रहे करते जाने हैं आप देख रहे हैं खत्म होने वाले हैं और क्या करेंगे तो आप उसको और बेहतर तरीके से परफॉर्म करेंगे उसमें और अच्छे तरीके से उससे उसका सामना किया जाएगा तो दो बातें हैं वही कहा या तो आप उसको अपने अंदर परफेक्शन लाते रहिए गलतियां सुधारते रहिए और तब तक सुधार है जब तक आप उसी से विजय प्राप्त कर लें क्योंकि जीत तो होनी ही है निश्चित होनी है इससे पहले भी कई लोग उस बैरियर को उत्सव चैलेंज को पूरा किया है कई लोगों ने आगे भी करते रहेंगे और जो मेरे सामने अगर मैं नहीं उसको पछाड़ पारो या उससे आगे नहीं निकल पा रहा हूं तो गलती मेरी है उस चुनौती की नहीं है क्योंकि वह चुनौती है ऐसी चुनौतियां तो बहुत सारी आने वाली है आगे भी आएंगे तो हमें अपना एक सौ भाव इस तरीके से डेवलप करना पड़ेगा कि जब भी कोई चुनौती आती है तो उसका सामना करें इसकी व्याख्या करना उचित नहीं है शब्दों में कि कौन से चैलेंजर्स और कौन सी समस्या चुनौतियां आएंगी चुनौतियां हर रूप में आती है हर तरह से आती हैं अपना रंग बदल बदल के आती हैं तो उनके साथ फ्रेंडली होना उनको समझना उनके साथ कहा जाए तो उनका उपचार निकालना यह एक मैनेजमेंट स्किल है और यह सीखनी पड़ेगी तो जरूरी नहीं है कि हर क्षेत्र में आती है और जब तक हम उनसे इंटरेस्ट नहीं होते उसे पीछे जाते हैं या फिर रुक जाते हैं और संकल्प से बड़ी बातें कीजिए क्षेत्र से संकल्प लेना बहुत आवश्यक है आपका डिटरमिनेशन कितना स्ट्रांग है यही आपको वहां पर लड़ने की ताकत देता है और डिटरमिनेशन रहेगा तो इंसान लड़की से सामना करेगा उसका और जो कंडीशन है उनका उसका फेस करते रहेंगे लेकिन अगर अपने अंदर डिटरमिनेशन की कमी है तो हम रुक जाएंगे पीछे तू कोई हाथ पकड़ के हमारा आगे नहीं बढ़ाने वाला यह प्रकृति है आप देखेंगे कि कोई भी हो ऐसा उदाहरण के तौर पर गैर राजनीतिक परिवारों की बात करी जाए तो आप देख सकते हैं बहुत सारे उदाहरण है से कि कुछ चीजें ऐसी होती हैं जीवन में जो हमें खुद को करनी होती है चाय हमारा परिवार चाय हमारे माता-पिता कितने भी संपन्न क्यों न हो कुछ भी क्यों ना हो कितनी भी सोशल क्यों न हो लेकिन कर नहीं तो खुद को है तो जब करनी है तो उस चीज के लिए तैयार रहना चाहिए अगर हम तैयार नहीं है इसमें जो भी हम इस टाइम तक यूज करेंगे वह हमारे फायदे की नहीं है क्योंकि आगे चलकर अगर हम हार जाएंगे इस चैलेंज के बाद तब तो ठीक है लेकिन अगर आप डूबने से नहीं डरते तो तैरने से आपको कोई नहीं रोक सकता धन्यवाद

ji namaskar yah aapne bada interesting sawaal kaha hai mere se poocha poocha hai ki kya samasyaen aayengi aur kya samasyaon ka samana karna padega ticket kshetra koi bhi ho vyavasaya ho koi khel jagat ho ya phir abhinay ho ya politics ho kisi bhi kshetra me mushkilen aati hain aur samasyaon ko dikha dikha jaaye toh do roop me liya jata hai ek toh yah ki jab hum kisi cheez se dar ke aur ruk jaate hain ya phir unka samana karte hain samana karte hain toh do batein hoti hain ya toh hum uske aage nikal jaate hain ya toh phir wahi par ruk jaate hain peeche ho jaate peeche hona ek apne hath me hai lekin ek kaha gaya is sankalp kiska naam hai agar aap usko lete hain toh phir vaah sankalp aapko peeche nahi hatane deta toh jiske saath bhi aapki ladai hai kaha jaaye toh jisme samasya ke saamne aapko aapka samana ho raha hai ya toh aap use jitenge ya toh phir ladte rahenge ladte rahenge antil unless tab tak ladenge jab tak aapke andar parafekshan nahi aa jata kyonki samasya toh wahi rahegi samasya toh badi bhai apne swabhav se hogi manki chali aapko bus kuch limited paise hain aur aap apne business me loss karte ja rahe karte jaane hain aap dekh rahe hain khatam hone waale hain aur kya karenge toh aap usko aur behtar tarike se perform karenge usme aur acche tarike se usse uska samana kiya jaega toh do batein hain wahi kaha ya toh aap usko apne andar parafekshan laate rahiye galtiya sudharte rahiye aur tab tak sudhaar hai jab tak aap usi se vijay prapt kar le kyonki jeet toh honi hi hai nishchit honi hai isse pehle bhi kai log us Barrier ko utsav challenge ko pura kiya hai kai logo ne aage bhi karte rahenge aur jo mere saamne agar main nahi usko pachhaad paro ya usse aage nahi nikal paa raha hoon toh galti meri hai us chunauti ki nahi hai kyonki vaah chunauti hai aisi chunautiyaan toh bahut saari aane wali hai aage bhi aayenge toh hamein apna ek sau bhav is tarike se develop karna padega ki jab bhi koi chunauti aati hai toh uska samana kare iski vyakhya karna uchit nahi hai shabdon me ki kaun se challengers aur kaun si samasya chunautiyaan aayengi chunautiyaan har roop me aati hai har tarah se aati hain apna rang badal badal ke aati hain toh unke saath friendly hona unko samajhna unke saath kaha jaaye toh unka upchaar nikalna yah ek management skill hai aur yah sikhni padegi toh zaroori nahi hai ki har kshetra me aati hai aur jab tak hum unse interest nahi hote use peeche jaate hain ya phir ruk jaate hain aur sankalp se badi batein kijiye kshetra se sankalp lena bahut aavashyak hai aapka ditaramineshan kitna strong hai yahi aapko wahan par ladane ki takat deta hai aur ditaramineshan rahega toh insaan ladki se samana karega uska aur jo condition hai unka uska face karte rahenge lekin agar apne andar ditaramineshan ki kami hai toh hum ruk jaenge peeche tu koi hath pakad ke hamara aage nahi badhane vala yah prakriti hai aap dekhenge ki koi bhi ho aisa udaharan ke taur par gair raajnitik parivaron ki baat kari jaaye toh aap dekh sakte hain bahut saare udaharan hai se ki kuch cheezen aisi hoti hain jeevan me jo hamein khud ko karni hoti hai chai hamara parivar chai hamare mata pita kitne bhi sampann kyon na ho kuch bhi kyon na ho kitni bhi social kyon na ho lekin kar nahi toh khud ko hai toh jab karni hai toh us cheez ke liye taiyar rehna chahiye agar hum taiyar nahi hai isme jo bhi hum is time tak use karenge vaah hamare fayde ki nahi hai kyonki aage chalkar agar hum haar jaenge is challenge ke baad tab toh theek hai lekin agar aap dubne se nahi darte toh tairne se aapko koi nahi rok sakta dhanyavad

जी नमस्कार यह आपने बड़ा इंटरेस्टिंग सवाल कहां है मेरे से पूछा पूछा है कि क्या समस्याएं आएं

Romanized Version
Likes  8  Dislikes    views  154
WhatsApp_icon
user

Hemamt Pathak

Businessman, Social Worker

4:11
Play

Likes  29  Dislikes    views  460
WhatsApp_icon
user

Ishwar Bansode

Business Owner

1:07
Play

Likes  20  Dislikes    views  479
WhatsApp_icon
user

Rakesh Samdadiya

Business Owner

4:31
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

नमस्कार आपने पूछा कि अगर आप व्यापारी हैं या व्यापार करना चाहते हैं आपको व्यापार में संबंधित क्या-क्या समस्याओं का सामना करना पड़ेगा देखिए व्यापार एक जोखिम का खेल है और इस जोखिम भरे खेल में कई समस्याओं का सामना व्यापारी को करना पड़ता है पहली समस्या पूंजी से संबंधित अगर व्यापार में पर्याप्त मात्रा में पूंजी नहीं होती है तो वे व्यापार धीरे-धीरे समाप्त हो जाता है और कम पूंजी व्यापार को खा जाती है इसे सबसे विकट समस्या पूंजी की समस्या दूसरी समस्या माल क्रय विक्रय संबंधित समस्या उसका भी व्यापारिक सामना करना पड़ता है कई बार माल की आवश्यकता होने पर बाजार में माल अवेलेबल नहीं होता है और कई बार माल का स्टॉक रहते हुए भी माल बिकता नहीं है एक्सपायरी डेट में चला जाता है मौसम और समय का माल पर प्रभाव पड़ता है वह खराब भी हो जाता है तीसरी समस्या लेनदेन से संबंधित कई बार हम माल को उधार भेजते हैं और सामने से उधारी वापस नहीं आती है तुम्हें भी एक व्यापार का बहुत बड़ा जख्म है चौथी समस्या कर्मचारियों की कर्मचारियों से काम लेना उन्हें उचित वेतन पर नियुक्त करना और उन पर देखने को निगरानी रखना अगर कर्मचारियों की निगरानी नहीं रखी जाए तो व्यवसाय में चोरी होने की संभावना भी रहती है उसके बाद अपना सीए वगैरह श्री श्याम इनकम टैक्स के अपने अकाउंट मेंटेन करवाते हैं उनकी भी समस्याओं का कई बार सामना करना पड़ता है कई बार सरकारी अड़चनें भी आती है जैसे किसी का लाइसेंस लेना खाद्य का लाइसेंस लेना या दुकान का जीएसटी नंबर लेना यह इस प्रकार की कुछ सरकारी समस्याएं भी सामने आती है तो इन सभी समस्याओं से एक व्यापारी को सामान्यता सतर्क और सजग रहना पड़ता है इसके साथ-साथ प्रॉफिट एंड लॉस का भी एक बात बड़ा सुख बना रहता है साथी खर्चे और इनकम का भी बैलेंस करवाना बड़ा निष्कर्ष कौन देता है इस तरह व्यापार में बहुत सी समस्याएं हैं बहुत से जोखिम है और इन चौकियों से डरे बिना जो व्यापार करता है निश्चित ही व्यापार के क्षेत्र में आगे बढ़ता है कमाता है निगाह पड़ी अपनी सूझबूझ अपनी दूरदृष्टि और अपने आत्मविश्वास वर्ग में से व्यापार करें तो व्यापार के उपरोक्त जो अपनों को भी और कम किया जा सकता है धन्यवाद

namaskar aapne poocha ki agar aap vyapaari hain ya vyapar karna chahte hain aapko vyapar me sambandhit kya kya samasyaon ka samana karna padega dekhiye vyapar ek jokhim ka khel hai aur is jokhim bhare khel me kai samasyaon ka samana vyapaari ko karna padta hai pehli samasya punji se sambandhit agar vyapar me paryapt matra me punji nahi hoti hai toh ve vyapar dhire dhire samapt ho jata hai aur kam punji vyapar ko kha jaati hai ise sabse vikat samasya punji ki samasya dusri samasya maal kray vikray sambandhit samasya uska bhi vyaparik samana karna padta hai kai baar maal ki avashyakta hone par bazaar me maal available nahi hota hai aur kai baar maal ka stock rehte hue bhi maal bikta nahi hai expiry date me chala jata hai mausam aur samay ka maal par prabhav padta hai vaah kharab bhi ho jata hai teesri samasya lenden se sambandhit kai baar hum maal ko udhaar bhejate hain aur saamne se udhari wapas nahi aati hai tumhe bhi ek vyapar ka bahut bada jakhm hai chauthi samasya karmachariyon ki karmachariyon se kaam lena unhe uchit vetan par niyukt karna aur un par dekhne ko nigrani rakhna agar karmachariyon ki nigrani nahi rakhi jaaye toh vyavasaya me chori hone ki sambhavna bhi rehti hai uske baad apna ca vagera shri shyam income tax ke apne account maintain karwaate hain unki bhi samasyaon ka kai baar samana karna padta hai kai baar sarkari adchanein bhi aati hai jaise kisi ka license lena khadya ka license lena ya dukaan ka gst number lena yah is prakar ki kuch sarkari samasyaen bhi saamne aati hai toh in sabhi samasyaon se ek vyapaari ko samanyata satark aur sajag rehna padta hai iske saath saath profit and loss ka bhi ek baat bada sukh bana rehta hai sathi kharche aur income ka bhi balance karwana bada nishkarsh kaun deta hai is tarah vyapar me bahut si samasyaen hain bahut se jokhim hai aur in chaukiyon se dare bina jo vyapar karta hai nishchit hi vyapar ke kshetra me aage badhta hai kamata hai nigah padi apni sujhbujh apni door dristy aur apne aatmvishvaas varg me se vyapar kare toh vyapar ke uparokt jo apnon ko bhi aur kam kiya ja sakta hai dhanyavad

नमस्कार आपने पूछा कि अगर आप व्यापारी हैं या व्यापार करना चाहते हैं आपको व्यापार में संबंधि

Romanized Version
Likes  45  Dislikes    views  704
WhatsApp_icon
user
0:40
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आपको उधार का सामना करना पड़ेगा आपको चंदा मांगने वाला व सामना करना पड़ेगा आपको ग्राहकों के खराब है घर का भी सामना करना पड़ सकता है आपको अधिकारियों के उत्पीड़न का भी सामना करना पड़ सकता है आपको मानसिक टेंशन ही हो सकती हैं और आपको कर देगा कर्जे के शोषण का भी सामना करना पड़ सकता है

aapko udhaar ka samana karna padega aapko chanda mangne vala va samana karna padega aapko grahakon ke kharab hai ghar ka bhi samana karna pad sakta hai aapko adhikaariyo ke utpidan ka bhi samana karna pad sakta hai aapko mansik tension hi ho sakti hain aur aapko kar dega karje ke shoshan ka bhi samana karna pad sakta hai

आपको उधार का सामना करना पड़ेगा आपको चंदा मांगने वाला व सामना करना पड़ेगा आपको ग्राहकों के

Romanized Version
Likes  231  Dislikes    views  2646
WhatsApp_icon
user

Rajender

Business Owner

1:41
Play

Likes  16  Dislikes    views  157
WhatsApp_icon
qIcon
ask
QuestionsProfiles

Vokal App bridges the knowledge gap in India in Indian languages by getting the best minds to answer questions of the common man. The Vokal App is available in 11 Indian languages. Users ask questions on 100s of topics related to love, life, career, politics, religion, sports, personal care etc. We have 1000s of experts from different walks of life answering questions on the Vokal App. People can also ask questions directly to experts apart from posting a question to the entire answering community. If you are an expert or are great at something, we invite you to join this knowledge sharing revolution and help India grow. Download the Vokal App!