आप कक्षा में अपने सबसे खराब दिन का वर्णन कैसे करेंगे?...


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Rajesh Dewangan

Hindi Linguistics

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

कक्षा में कभी खराब दिन मेरे साथ नहीं आया अगर किसी को लगता है कि वह खराब दिन है तो उसके दृष्टिकोण में बदलाव लाना चाहिए एक शिक्षक की मां की भूमिका इसी में है वह खराब दिन को भी चुनौती पूर्ण ढंग से स्वीकार करें ताकि वह उस खराब दिन को अच्छे दिन में बदल सके सोच हमेशा सकारात्मक रखें

kaksha me kabhi kharab din mere saath nahi aaya agar kisi ko lagta hai ki vaah kharab din hai toh uske drishtikon me badlav lana chahiye ek shikshak ki maa ki bhumika isi me hai vaah kharab din ko bhi chunauti purn dhang se sweekar kare taki vaah us kharab din ko acche din me badal sake soch hamesha sakaratmak rakhen

कक्षा में कभी खराब दिन मेरे साथ नहीं आया अगर किसी को लगता है कि वह खराब दिन है तो उसके दृष

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RAJENDRA YADAV

Career Coach

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

नमस्कार आप ने प्रश्न किया कि आप कक्षा में अपनी सबसे खराब दिन का वर्णन कैसे करें देखिए गुरु के लिए एक शिक्षक के लिए क्लास में कोई खराबी नहीं होता यदि आप खराब दिन कहना भी चाहेंगे तो मैं यह कहना चाहूंगी कि एक शिक्षक के लिए वही खराब दिन होता है या मेरे लिए भी वही खराब दिन होगा जिस दिन में अच्छे से अपने बच्चों के सामने ले चला दे सपना लेक्चर पहले से तैयार ना करके भी लेकर जांच को और वहां एक काम R15 टी का प्रयोग करो जी एक मेरे लिए खराब दिन होगा और बच्चों के लिए जो लेक्चर इंटरेस्टेड ना बने बच्चों को मतलब शिक्षक के द्वारा पढ़ाया हुआ जो भी मटेरियल है वह समझ ना आए हुए शिक्षक के लिए खराब दिन होता है और मेरे लिए भी वही खराब दिन होगा थैंक यू

namaskar aap ne prashna kiya ki aap kaksha me apni sabse kharab din ka varnan kaise kare dekhiye guru ke liye ek shikshak ke liye class me koi kharabi nahi hota yadi aap kharab din kehna bhi chahenge toh main yah kehna chahungi ki ek shikshak ke liye wahi kharab din hota hai ya mere liye bhi wahi kharab din hoga jis din me acche se apne baccho ke saamne le chala de sapna lecture pehle se taiyar na karke bhi lekar jaanch ko aur wahan ek kaam R15 T ka prayog karo ji ek mere liye kharab din hoga aur baccho ke liye jo lecture interested na bane baccho ko matlab shikshak ke dwara padhaya hua jo bhi material hai vaah samajh na aaye hue shikshak ke liye kharab din hota hai aur mere liye bhi wahi kharab din hoga thank you

नमस्कार आप ने प्रश्न किया कि आप कक्षा में अपनी सबसे खराब दिन का वर्णन कैसे करें देखिए गुरु

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Harender Kumar Yadav

Career Counsellor.

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आप कक्षा में अपने सबसे खराब दिन का वर्णन कैसी होती है बच्चों को आदत नहीं पढ़ते हैं तो लिखकर हमारे लिए सबसे खराब दिन होता है प्लानिंग के साथ पड़ा है उसको होमवर्क बैंक ट्रांसफर कराया जाए उनके एक्टिविटी क्या है यह सारी चीजें नहीं होती है

aap kaksha me apne sabse kharab din ka varnan kaisi hoti hai baccho ko aadat nahi padhte hain toh likhkar hamare liye sabse kharab din hota hai planning ke saath pada hai usko homework bank transfer karaya jaaye unke activity kya hai yah saari cheezen nahi hoti hai

आप कक्षा में अपने सबसे खराब दिन का वर्णन कैसी होती है बच्चों को आदत नहीं पढ़ते हैं तो लिखक

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DR OM PRAKASH SHARMA

Principal, Education Counselor, Best Experience in Professional and Vocational Education cum Training Skills and 25 years experience of Competitive Exams. 9212159179. dsopsharma@gmail.com

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आप अपनी कक्षा में अपने सबसे खराब जिनका वर्णन कैसे करेंगे देखिए मैंने सन उन्नीस सौ 75 में 7070 9477 में देवी कॉलेज में सिमरन एमकॉम टॉप किया था कानपुर के डीएवी कॉलेज से और अगस्त के प्रथम सप्ताह में मेरे को सुलझाने में डिग्री कॉलेज में लेक्चरर की पोस्ट यूनिटी और क्लास में बनाने के लिए मुझे मैं कॉमर्स साइट से था लेकिन मुझे हिंदी में बनाने का ऑप्शन मिला हिंदी पिक्चर बनाने का अवसर मिला मुझे कॉमर्स का मुझे कॉमर्स बनाने के लिए बोलना चाहिए था लेकिन मेरे को टाइम टेबल में हिंदी विषय पढ़ने का अवसर मिला जबकि मेरे पास हिंदी विषय ग्रेजुएशन में केवल 1 साल था और पोस्ट ग्रेजुएशन मीनिंग मेरे पास हिंदी नहीं था जब क्लास में मैं पलानी गया जाकर क्लास में खड़ा हूं या वेस्टर्न अटेंडेंस रजिस्टर था और मेरे पास उस सब्जेक्ट की पुस्तक जो पहला पीरियड में 7:10 पर क्लास में पहुंचा तो जो क्लास के लड़के के हम उम्र के थे अरुण हाथ मिलाने लगे कैसे हो भाई आज कैसे क्लास में आना हुआ आज इधर कैसे भटक गए जैसे दोस्त के साथ पेश करते हैं उसी तरह से क्लास में उन बच्चों ने हमारी मैं शूटिंग तो नहीं कहूंगा हमारा स्वागत किया लेकिन जब मैंने उन्हें बताया कि आज से मैं आपके आपके विद्यालय में आपके क्लास को इस विषय क्या शिक्षा दूंगा तो सारे के सारे अचंभित हो गए एक मजाक का दौर शुरू हो गया अच्छा जी आप कब से कॉलेज में टीचर बन गए हैं अरे भाई अभी तो आप कॉलेज के स्टूडेंट हैं क्यों मजाक कर रहे हैं मैंने बुरा नहीं माना मैंने बुरा ही नहीं माना कि जब मैं गिर जाती था तो मेरे विद्यार्थी जीवन में हमारी जो नए लक चलानिया प्रोफेसर आते थे क्लास के बच्चे उनसे इसी तरह से बदतमीजी तो नहीं कहूंगा इस तरह के प्रश्न करते थे उन प्रश्नों को हम सुनकर इस बात के लिए तैयार हो गए थे कि हमारे साथ भी यही सब कुछ होना है अन्य चीजों के साथ होता है और उनमें से एक बच्चे ने मटन खाऊंगा जमे टीचर बन गया हम जो लिखे थे मेरे हाथ से रिश्ता लेकर टेबल पर रख दिया और अटेंडेंस देनी चालू कर दिया किसी बच्चे ने उस पर ध्यान नहीं दिया क्लास में करीब 120 बच्चे थे तब उसको मस्ती से सुंदर तितली हेड ऑफ डिपार्टमेंट आए और उन्होंने आकर क्लास में परिचय दिया कि यह आपके आज से नए लेक्चर आ रहे हैं और यह आपके क्लास में इस विषयों को पढ़ाएंगे और आप लोगों को ध्यान से पढ़ना है यह सुनते ही सब जातियों की सोच एक क्षण में बदल गई तुम मेरे लिए जीवन का वह शुरुआती दिन था अगर मैं बुरा मानता तो बहुत खराब दिन था लेकिन खराब दिन होते हुए भी मैंने उस दिन का अपने आप को वेलकम माना कि यह इन्होंने मेरा जो स्वागत किया उन्होंने जानबूझकर नहीं अनजाने में किया जाना कोई और भी होता तो शायद ऐसे ही करता और यह मेरे जीवन का प्रथम घटनाएं जीवन में पहली बार घटित हुई क्योंकि आपने क्लास की बात की थी मैंने क्लास का जिक्र किया

aap apni kaksha me apne sabse kharab jinka varnan kaise karenge dekhiye maine san unnis sau 75 me 7070 9477 me devi college me simran MCom top kiya tha kanpur ke DAV college se aur august ke pratham saptah me mere ko suljhane me degree college me Lecturer ki post unity aur class me banane ke liye mujhe main commerce site se tha lekin mujhe hindi me banane ka option mila hindi picture banane ka avsar mila mujhe commerce ka mujhe commerce banane ke liye bolna chahiye tha lekin mere ko time table me hindi vishay padhne ka avsar mila jabki mere paas hindi vishay graduation me keval 1 saal tha aur post graduation meaning mere paas hindi nahi tha jab class me main palani gaya jaakar class me khada hoon ya western attendance register tha aur mere paas us subject ki pustak jo pehla period me 7 10 par class me pohcha toh jo class ke ladke ke hum umar ke the arun hath milaane lage kaise ho bhai aaj kaise class me aana hua aaj idhar kaise bhatak gaye jaise dost ke saath pesh karte hain usi tarah se class me un baccho ne hamari main shooting toh nahi kahunga hamara swaagat kiya lekin jab maine unhe bataya ki aaj se main aapke aapke vidyalaya me aapke class ko is vishay kya shiksha dunga toh saare ke saare achambhit ho gaye ek mazak ka daur shuru ho gaya accha ji aap kab se college me teacher ban gaye hain are bhai abhi toh aap college ke student hain kyon mazak kar rahe hain maine bura nahi mana maine bura hi nahi mana ki jab main gir jaati tha toh mere vidyarthi jeevan me hamari jo naye luck chalaniya professor aate the class ke bacche unse isi tarah se badatamiji toh nahi kahunga is tarah ke prashna karte the un prashnon ko hum sunkar is baat ke liye taiyar ho gaye the ki hamare saath bhi yahi sab kuch hona hai anya chijon ke saath hota hai aur unmen se ek bacche ne mutton khaunga jame teacher ban gaya hum jo likhe the mere hath se rishta lekar table par rakh diya aur attendance deni chaalu kar diya kisi bacche ne us par dhyan nahi diya class me kareeb 120 bacche the tab usko masti se sundar titli head of department aaye aur unhone aakar class me parichay diya ki yah aapke aaj se naye lecture aa rahe hain aur yah aapke class me is vishyon ko padhaenge aur aap logo ko dhyan se padhna hai yah sunte hi sab jaatiyo ki soch ek kshan me badal gayi tum mere liye jeevan ka vaah shuruati din tha agar main bura maanta toh bahut kharab din tha lekin kharab din hote hue bhi maine us din ka apne aap ko welcome mana ki yah inhone mera jo swaagat kiya unhone janbujhkar nahi anjaane me kiya jana koi aur bhi hota toh shayad aise hi karta aur yah mere jeevan ka pratham ghatnaye jeevan me pehli baar ghatit hui kyonki aapne class ki baat ki thi maine class ka jikarr kiya

आप अपनी कक्षा में अपने सबसे खराब जिनका वर्णन कैसे करेंगे देखिए मैंने सन उन्नीस सौ 75 में

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Usha Batra

Beauty Therapist

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मेरी लाइफ में कक्षा के अंदर मेरा कोई भी ऐसा खराब दिन नहीं आया जिसका मुझे वर्णन करना पड़े इस टीचर का रोल अदा किया है कोई कोशिश की है कुछ भी बताने से पहले बढ़ाने से पहले ट्रेनिंग देने से पहले उसके पर कुल का कॉन्फिडेंस क्रिएट किया है तभी आगे चलकर हमने किसी को ट्रेनिंग दी है या कक्षा में कोई क्लास सब्जेक्ट पढ़ाया जाता है क्या

meri life me kaksha ke andar mera koi bhi aisa kharab din nahi aaya jiska mujhe varnan karna pade is teacher ka roll ada kiya hai koi koshish ki hai kuch bhi batane se pehle badhane se pehle training dene se pehle uske par kul ka confidence create kiya hai tabhi aage chalkar humne kisi ko training di hai ya kaksha me koi class subject padhaya jata hai kya

मेरी लाइफ में कक्षा के अंदर मेरा कोई भी ऐसा खराब दिन नहीं आया जिसका मुझे वर्णन करना पड़े इ

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

कक्षा में सबसे खराब दिन का वर्णन में सिर्फ एक ही लक्ष्य में करूंगा जिस दिन कक्षा में बच्चे हाजिर ना हो यानी बच्चे बिल्कुल ही जॉय तो 75 फीसद गैर हाजिर हो उस दिन जो है तो उस दिन सबसे खराब दिन होता है

kaksha me sabse kharab din ka varnan me sirf ek hi lakshya me karunga jis din kaksha me bacche haazir na ho yani bacche bilkul hi joy toh 75 fisad gair haazir ho us din jo hai toh us din sabse kharab din hota hai

कक्षा में सबसे खराब दिन का वर्णन में सिर्फ एक ही लक्ष्य में करूंगा जिस दिन कक्षा में बच्चे

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

हमारी कक्षा का सबसे खराब दिन वही होता है जो दिन स्कूल में बच्चे आए हो और हमें कोई विभागीय कार्य करना हो और हम बच्चों को इसलिए बच्चे आए हैं उनको हम देना पाए तो वही दिन सबसे गाना कच्चा का खराब होता है थैंक्स

hamari kaksha ka sabse kharab din wahi hota hai jo din school me bacche aaye ho aur hamein koi vibhagiya karya karna ho aur hum baccho ko isliye bacche aaye hain unko hum dena paye toh wahi din sabse gaana kaccha ka kharab hota hai thanks

हमारी कक्षा का सबसे खराब दिन वही होता है जो दिन स्कूल में बच्चे आए हो और हमें कोई विभागीय

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Anchal

Teacher

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मेरे लिए क्लास का सबसे खराब दिन में दिन होता है जिस दिन में सफल नहीं हो पाते मेरे लिए टीचिंग में सबसे जरूरी मुझे तो लगता है वह लगता है सेटिस्फेक्शन अगर आईडी नहीं हो पाती की दो बहनें पढ़ाया है वह बच्चों को समझ में आया है या मैं जो आज तैयार करके मैंने जो सोचा हुआ था कि आज मैं यह इसका स्नेह और आउंगी हो मैं नहीं करवा पाते इसीलिए सही है या फिर बच्चे उस चीज को ज्यादा अच्छे से कॉन्सेप्ट्स नहीं समझ पाते या मेरा दिल भेज तो जाता है अगर हवा की वजह से बच्चों का टाइम वेस्ट होता है बच्चे बहुत अच्छे से सपोर्ट कोई एक्टिविटी प्लान कर जाए तो मुझे कहीं और बिजी कर दिया जाता है और मैं वह चीज बच्चों को नहीं करवा पाते तो बहुत बुरी लगती है मुझे लगता है कि यह दिन मेरा भेज दो

mere liye class ka sabse kharab din me din hota hai jis din me safal nahi ho paate mere liye teaching me sabse zaroori mujhe toh lagta hai vaah lagta hai setisfekshan agar id nahi ho pati ki do bahanen padhaya hai vaah baccho ko samajh me aaya hai ya main jo aaj taiyar karke maine jo socha hua tha ki aaj main yah iska sneh aur aungi ho main nahi karva paate isliye sahi hai ya phir bacche us cheez ko zyada acche se concepts nahi samajh paate ya mera dil bhej toh jata hai agar hawa ki wajah se baccho ka time west hota hai bacche bahut acche se support koi activity plan kar jaaye toh mujhe kahin aur busy kar diya jata hai aur main vaah cheez baccho ko nahi karva paate toh bahut buri lagti hai mujhe lagta hai ki yah din mera bhej do

मेरे लिए क्लास का सबसे खराब दिन में दिन होता है जिस दिन में सफल नहीं हो पाते मेरे लिए टीचि

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Nitesh

Engineer, Counseller

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

हा हा हा हा मुझे याद है वह दिन जब बरसात की दिन थी मैं कक्षा में प्रवेश कर रहा था और बरामदे से कहीं से पानी रिस करा रहा था क्लास सेवंथ की कक्षा में मैथ अपनी क्लास लेने जा रहा था और जैसे ही नेटवर्क में इंटर किया मैंने मेरी फेवरेट पैर फिसल गया और मैं वहां धाम से गिर गया बहुत सारे बच्चे हंसने लगे थे गिरते ही हमारा शर्ट गंदा हो गया था पानी से भीग गया था मैं बड़ा अनकंफरटेबल फील कर रहा था लेकिन बच्चों ने शरारत नहीं की फिर मैं टिफिन के बाद लंच के बाद अपना ड्रेस चेंज कर लिया

ha ha ha ha mujhe yaad hai vaah din jab barsat ki din thi main kaksha me pravesh kar raha tha aur baraamde se kahin se paani rees kara raha tha class sevanth ki kaksha me math apni class lene ja raha tha aur jaise hi network me inter kiya maine meri favourite pair fisal gaya aur main wahan dhaam se gir gaya bahut saare bacche hasne lage the girte hi hamara shirt ganda ho gaya tha paani se bheeg gaya tha main bada anakamfaratebal feel kar raha tha lekin baccho ne shararat nahi ki phir main tiffin ke baad lunch ke baad apna dress change kar liya

हा हा हा हा मुझे याद है वह दिन जब बरसात की दिन थी मैं कक्षा में प्रवेश कर रहा था और बरामदे

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हम अपने कक्षा के सबसे खराब दिन का वर्णन हम इस प्रकार कर सकते हैं कि जब हम सर्वप्रथम पढ़ने गए थे और प्रथम क्लास था तो उस दिन मुझे सबसे पीछे में बैठना पड़ा था और कोई भी लड़का या कोई भी दोस्त उस क्लास का मुझे अब जा नहीं देता तैयार मौत तो नहीं देता और मैं पीछे सर झुकाए बैठा पड़ा शिक्षक क्लास में आते थे और सबों को कुछ काम देख कर उसे कार्य करवाते थे पहले दिन तो मैं निराश होकर कुछ नहीं कर पाया किंतु दूसरे दिन जब शिक्षक आया क्लास उसने सभी व विद्यार्थियों को वाक्य बनाने का अवसर दिया जब मन ने सर्वप्रथम बना के दिखाया 10 में 10 सही हो गया तो उस दिन से मेरा क्लास में एक रोल ही अलग हो गया सारे विद्यार्थियों ने मेरा महत्व को दिया लेकिन प्रथम दिन पूरा निराशाजनक रहे चुकी वर्क शिक्षक या कोई भी शिक्षक आगे किसी प्रकार काम नहीं करवाया और ना ही हम से किसी प्रकार का का प्रश्न पूछा गया जवाब देने के लिए जिसके कारण मेरा क्लास एक खराब दिन ही कर सकते हैं इसको

hum apne kaksha ke sabse kharab din ka varnan hum is prakar kar sakte hain ki jab hum sarvapratham padhne gaye the aur pratham class tha toh us din mujhe sabse peeche me baithana pada tha aur koi bhi ladka ya koi bhi dost us class ka mujhe ab ja nahi deta taiyar maut toh nahi deta aur main peeche sir jhukayen baitha pada shikshak class me aate the aur sabon ko kuch kaam dekh kar use karya karwaate the pehle din toh main nirash hokar kuch nahi kar paya kintu dusre din jab shikshak aaya class usne sabhi va vidyarthiyon ko vakya banane ka avsar diya jab man ne sarvapratham bana ke dikhaya 10 me 10 sahi ho gaya toh us din se mera class me ek roll hi alag ho gaya saare vidyarthiyon ne mera mahatva ko diya lekin pratham din pura nirashajanak rahe chuki work shikshak ya koi bhi shikshak aage kisi prakar kaam nahi karvaya aur na hi hum se kisi prakar ka ka prashna poocha gaya jawab dene ke liye jiske karan mera class ek kharab din hi kar sakte hain isko

हम अपने कक्षा के सबसे खराब दिन का वर्णन हम इस प्रकार कर सकते हैं कि जब हम सर्वप्रथम पढ़ने

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आप कक्षा में अपने सबसे खराब दिन का 1 चर्चा करेंगे ठीक है मैं आपको इस प्रश्न का जवाब दे रहा है क्या हम जब अपने 2009 10th का गाना जो गुजर रहा था स्कूल में दोस्तों के साथ में था जो साथी क्लास में था तो मैं बड़ा घर का धनी और अपने दोस्तों के साथ अच्छा हड़ताल कुछ लोग लड़का था कुछ लोग मुझे भी डर लगता था लेकिन फिर भी मैं अपनी औलाद के वजह से मैं कभी किसी कुछ कह नहीं पा रहा था मैंने बहुत तेज होते थे उस समय हालात में कहां सबसे बड़ी चीजें सीखने को मिलता था कि मुझे बिल कितने की महिलाओं को आदर करना ग्रुप का मानना माता-पिता का सम्मान करना सबसे बड़ी संख्या में बताता हूं तो पूरा दिन चाहता हूं जैसा भी होता था मैं अपने स्कूल में पढ़ता था और मैं किसी से कहता नहीं था कि शराब मेरा लगा ऐसा क्या होता था मेरे पीछे पड़ जाती किया मेरे सामने की बात है एक लाख में नए दौर तेरा नाम लिया था जब जागे तो उसको बहुत अच्छा लग रहा था दिक्कत यह थी कि धर्म में कुछ लोग हमें अच्छा काम करते थे कि हर इंसान एक जैसा नहीं होता और कुछ तो समय समय और कुछ कर दे हंसी मजाक बहुत ज्यादा से बात करेंगे हो ना पता करके बताए थे उस समय ठीक करने के लिए बोलने के लिए तो मुझे अंदर से डर बना देता था डर बना रहता था मैं कुछ भी अगर मन में ठान लेता वहां आऊंगा लेकिन जैसे नष्ट हो जाता तो अपने अंदर भावना पैदा होता था और डरावना हो जाता था कि मैं कुछ भी बोलूंगा लग रहा है मिस्टेक हो गया चलो खाने के लिए मैं वहां पर आंसू बहा कर ऐसा ऐसा दिन में जोगी आया अपने जीवन में उस समय नया नाम रंजीत कुमार क्यों जो भी हमारे भाई-बहन माता-पिता सुन रहे होंगे तो मैं अपने जीवन काल में ही बताया हूं बुरा या बुरे समय आए थे मैं आज बहुत मस्त है जहां भी जाता हूं वहां सम्मानित दोस्तों के साथ भाइयों के साथ और सबसे बड़ी चिड़िया है कि खराब दिन तो इंसान की लगातार रहता है या खराब दिन तो माने तो इंसान के जीवन भर देता है अच्छा देना भी आता है बड़ा दिन में आता है अच्छा दिन आज उनको मानते हैं तो इंसान की हर चीज मिलता होगा जब अपनी ख्वाइश पूरी करती हो बुरा नहीं आज 1 को मानते हैं जिसके अनुसार ईश्वर तो होती है चाहत होती है लेकिन उसको कुछ होने पर करनी चाहिए कि आप लोग आपने बसंती में एक कवि को जारी है दोस्तों के साथ कई बार हम लोग उनकी इच्छाएं पूरी ना करने के लिए थैंक यू और ना कुछ पंछी काम बताते थे मैं कर जाने के बाद भी कभी-कभी हो मुझे गलत मानते किसी के अच्छा सोचेंगे कि मुझे गलत नहीं थैंक गॉड क्रिकेट फाइटर दोस्तों का साथ मिला तो मैं टेन प्लस टू भी कर लिया b.a. पार्ट 2 में भी यही है एग्जाम अभी भेज रहा पढ़ाई चल रहा है अपना मैच आज तक जो भी हो आपके सामने आपकी आवाज सुन रहे होंगे यहां पर आप समाप्त करता हूं हिमानी को धन्यवाद

aap kaksha me apne sabse kharab din ka 1 charcha karenge theek hai main aapko is prashna ka jawab de raha hai kya hum jab apne 2009 10th ka gaana jo gujar raha tha school me doston ke saath me tha jo sathi class me tha toh main bada ghar ka dhani aur apne doston ke saath accha hartal kuch log ladka tha kuch log mujhe bhi dar lagta tha lekin phir bhi main apni aulad ke wajah se main kabhi kisi kuch keh nahi paa raha tha maine bahut tez hote the us samay haalaat me kaha sabse badi cheezen sikhne ko milta tha ki mujhe bill kitne ki mahilaon ko aadar karna group ka manana mata pita ka sammaan karna sabse badi sankhya me batata hoon toh pura din chahta hoon jaisa bhi hota tha main apne school me padhata tha aur main kisi se kahata nahi tha ki sharab mera laga aisa kya hota tha mere peeche pad jaati kiya mere saamne ki baat hai ek lakh me naye daur tera naam liya tha jab jago toh usko bahut accha lag raha tha dikkat yah thi ki dharm me kuch log hamein accha kaam karte the ki har insaan ek jaisa nahi hota aur kuch toh samay samay aur kuch kar de hansi mazak bahut zyada se baat karenge ho na pata karke bataye the us samay theek karne ke liye bolne ke liye toh mujhe andar se dar bana deta tha dar bana rehta tha main kuch bhi agar man me than leta wahan aaunga lekin jaise nasht ho jata toh apne andar bhavna paida hota tha aur daravna ho jata tha ki main kuch bhi boloonga lag raha hai mistake ho gaya chalo khane ke liye main wahan par aasu baha kar aisa aisa din me jogi aaya apne jeevan me us samay naya naam ranjeet kumar kyon jo bhi hamare bhai behen mata pita sun rahe honge toh main apne jeevan kaal me hi bataya hoon bura ya bure samay aaye the main aaj bahut mast hai jaha bhi jata hoon wahan sammanit doston ke saath bhaiyo ke saath aur sabse badi chidiya hai ki kharab din toh insaan ki lagatar rehta hai ya kharab din toh maane toh insaan ke jeevan bhar deta hai accha dena bhi aata hai bada din me aata hai accha din aaj unko maante hain toh insaan ki har cheez milta hoga jab apni khwaish puri karti ho bura nahi aaj 1 ko maante hain jiske anusaar ishwar toh hoti hai chahat hoti hai lekin usko kuch hone par karni chahiye ki aap log aapne basanti me ek kavi ko jaari hai doston ke saath kai baar hum log unki ichhaen puri na karne ke liye thank you aur na kuch panchhi kaam batatey the main kar jaane ke baad bhi kabhi kabhi ho mujhe galat maante kisi ke accha sochenge ki mujhe galat nahi thank god cricket fighter doston ka saath mila toh main ten plus to bhi kar liya b a part 2 me bhi yahi hai exam abhi bhej raha padhai chal raha hai apna match aaj tak jo bhi ho aapke saamne aapki awaaz sun rahe honge yahan par aap samapt karta hoon himani ko dhanyavad

आप कक्षा में अपने सबसे खराब दिन का 1 चर्चा करेंगे ठीक है मैं आपको इस प्रश्न का जवाब दे रहा

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KL Kashyap

Teacher

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

एक अध्यापक होने के नाते मेरा मानना है कि कक्षा में जाने के पश्चात मुझे मेरा टॉपिक या जो भी कांसेप्ट है उसे स्टूडेंट के इंस्ट्रक्शन के साथ शुरू कर देना चाहिए जिससे अन्य बातों को दिमाग में आने की जगह ही ना मिले डिस्टर्बिग स्टूडेंट्स को आगे बिठाकर कक्षा का माहौल अच्छा एवं शांतिपूर्ण बनाया जा सकता है और जो भी कांसेप्ट है उसे बहुत ही गहराई के साथ कोई भी अध्यापक हुआ अगर वह उसे विस्तृत तरीके से बताता है तो मेरा यही मानना है कि कभी भी हम कक्षा में जाने के बाद ए महसूस नहीं करेंगे कि हमारा दिन कोई भी खराब हुआ है

ek adhyapak hone ke naate mera manana hai ki kaksha me jaane ke pashchat mujhe mera topic ya jo bhi concept hai use student ke instruction ke saath shuru kar dena chahiye jisse anya baaton ko dimag me aane ki jagah hi na mile distarbig students ko aage bithakar kaksha ka maahaul accha evam shantipurna banaya ja sakta hai aur jo bhi concept hai use bahut hi gehrai ke saath koi bhi adhyapak hua agar vaah use vistrit tarike se batata hai toh mera yahi manana hai ki kabhi bhi hum kaksha me jaane ke baad a mehsus nahi karenge ki hamara din koi bhi kharab hua hai

एक अध्यापक होने के नाते मेरा मानना है कि कक्षा में जाने के पश्चात मुझे मेरा टॉपिक या जो भी

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

टीचर ऐसे कैसे सोच सकता है कि कक्षा में कोई दिन मेरा खराब हो हमेशा कामयाब शिक्षक हैं आप किसी को कुछ सिखा रहे हैं किसी विषय की जानकारी दे रहे हैं आपके दिमाग में कैसे बात आ जाएगी कि कोई दिन खराब बच्चे हैं बच्चे ही होंगे जिनको आप सिखा रहे हैं तो उसमें खराब दिन का सवाल ही नहीं है जो बच्चे नहीं समझ रहे हैं नहीं पढ़ना चाहते हैं उनको आप जबरजस्ती पढ़ा रहे हैं उनके दिमाग में रोशनी रहा है तो आप को खराब महसूस होगा या फिर दोनों में समान जसना बनने की स्थिति में खराब शब्द का दिमाग में बताना हो सकता है और दूसरा कोई कारण नहीं है

teacher aise kaise soch sakta hai ki kaksha me koi din mera kharab ho hamesha kamyab shikshak hain aap kisi ko kuch sikha rahe hain kisi vishay ki jaankari de rahe hain aapke dimag me kaise baat aa jayegi ki koi din kharab bacche hain bacche hi honge jinako aap sikha rahe hain toh usme kharab din ka sawaal hi nahi hai jo bacche nahi samajh rahe hain nahi padhna chahte hain unko aap jabarjasti padha rahe hain unke dimag me roshni raha hai toh aap ko kharab mehsus hoga ya phir dono me saman jasana banne ki sthiti me kharab shabd ka dimag me batana ho sakta hai aur doosra koi karan nahi hai

टीचर ऐसे कैसे सोच सकता है कि कक्षा में कोई दिन मेरा खराब हो हमेशा कामयाब शिक्षक हैं आप कि

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

कक्षा में सबसे खराब दिन का वर्णन कक्षा 5 में वहां मैंने पहले ही बताया था कि कल मैं आपसे क्वेश्चन आंसर कैसे में रक्षा में जाता हूं समय अनुसार ज्ञात अनुसार उनको दो बच्चा चल देते हैं मेरे पैर भी तैयार भी गया था फिर मैं उनको बाकी बच्चों को बहुत बुरी तरह से मारता हूं नहीं देना चाहिए पर आवश्यकतानुसार देना बीच का समर्थन करते हुए और बच्चों में शारीरिक धन्यवाद अपने आप को दोहरा अनूप सहित पकड़ क्लास छोड़कर चला जाता हूं पिक्चर के साथ साथ स्कूल संचालक का छोड़कर चला गया दूसरा टीचर आता है क्लास मेरी लाइफ में बिना पढ़ाई उसको अपना ख्याल दिन बाद

kaksha me sabse kharab din ka varnan kaksha 5 me wahan maine pehle hi bataya tha ki kal main aapse question answer kaise me raksha me jata hoon samay anusaar gyaat anusaar unko do baccha chal dete hain mere pair bhi taiyar bhi gaya tha phir main unko baki baccho ko bahut buri tarah se maarta hoon nahi dena chahiye par aavashyakataanusaar dena beech ka samarthan karte hue aur baccho me sharirik dhanyavad apne aap ko dohra anup sahit pakad class chhodkar chala jata hoon picture ke saath saath school sanchalak ka chhodkar chala gaya doosra teacher aata hai class meri life me bina padhai usko apna khayal din baad

कक्षा में सबसे खराब दिन का वर्णन कक्षा 5 में वहां मैंने पहले ही बताया था कि कल मैं आपसे क्

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हम अपनी कक्षा में सबसे खराब दिन गवर्नर जिस दिन बच्चों को विद्याधन नहीं होती है और पढ़ाई नहीं हो पाती है अपने छात्रों को बीच में नहीं कर पाते हैं उस दिन हमारा खराब दिन होता है उसी दिन का पूरा समय नष्ट होता है उसी दिन हम सब खराब पानी में

hum apni kaksha me sabse kharab din governor jis din baccho ko vidyadhan nahi hoti hai aur padhai nahi ho pati hai apne chhatro ko beech me nahi kar paate hain us din hamara kharab din hota hai usi din ka pura samay nasht hota hai usi din hum sab kharab paani me

हम अपनी कक्षा में सबसे खराब दिन गवर्नर जिस दिन बच्चों को विद्याधन नहीं होती है और पढ़ाई नह

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मेरा सबसे खराब दिन स्कूल स्कूल खराब बड़ा जबरदस्त थप्पड़ जड़ा था क्योंकि मैं अपने क्लास टीचर के सामने टेबल पर बैठा हुआ था और मेरे को भी बताने के लिए कि मेरे एक बहुत अच्छी चीजें सेंड किया हूं थप्पड़ भी अपनी ताकत की बुक्स फॉर थे और उसके घर में बैठे बैठे हैं कि एक भारतीय संस्कृति का आदर

mera sabse kharab din school school kharab bada jabardast thappad jada tha kyonki main apne class teacher ke saamne table par baitha hua tha aur mere ko bhi batane ke liye ki mere ek bahut achi cheezen send kiya hoon thappad bhi apni takat ki books for the aur uske ghar me baithe baithe hain ki ek bharatiya sanskriti ka aadar

मेरा सबसे खराब दिन स्कूल स्कूल खराब बड़ा जबरदस्त थप्पड़ जड़ा था क्योंकि मैं अपने क्लास टीच

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HSM Chemistry ,kota

IIT NEET TEACHER @ 9672453796

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प्यारी विद्यार्थियों मेरे लिए सबसे खराब दिन वह होता है जब मैं स्कूल में पढ़ाने जाऊं और बारिश के करके विद्यार्थी ना जा बहुत कम है और उससे भी ज्यादा की विद्यार्थी कमाने की कार के जो स्कूल में है वह बनाने का बता वरना होना यह मिली सबसे दुखद बात है क्योंकि पुराने में मेरी रुचि है और मैं चाहता हूं कि एक भी क्षण जो व्यर्थ ना जाए जब भी मैं क्लास में जाता हूं कक्षा में जाता हूं तो मेरे मन में पंजाबी के कवि भाई वीर सिंह का यह बहुत ही बढ़िया जो लाइन है बनती है वह मुझे याद आती है जो दोनों एक पल भी मौत ने नहीं है देना तक क्यों है एक पल मत करना अगर प्रति शिक्षक इन पंक्तियों को याद रखेगा तो वह कभी भी अपना समय स्कूल में व्यर्थ नहीं जाएगा किसी ना किसी रचनात्मक कार्य में काम आता रहेगा और विद्यार्थी बहुत कुछ सीखेंगे और उस शिक्षक के लिए स्कूल का समय ऐसे लगेगा जैसे मिनटों में भी किया और मेरी अगर कोई शिक्षक नहीं सुन रहा है तुम मेरी उससे यही विनती है प्रार्थना है कि आप स्कूल का समय एक भी क्षण नाग वाली है हर वक्त आप अगर थोड़ी बहुत अपने व्यस्त देनी है आप बैठे हैं तो उस समय भी आप विद्यार्थियों को कार्य कर सकती हो क्या से आप विद्यार्थियों को देख सकती हो खेलते हुए दिखाओ कि कौन सबसे ज्यादा बढ़िया फैसला लेता है तो यही हम क्या कर रहे हैं उनकी आयु का निरीक्षण कर रही है यह गिरी मैं कह रहा हूं कि आप प्रत्येक क्षण को उपयोग करें और पढ़ने में रुचि लें धन्यवाद

pyaari vidyarthiyon mere liye sabse kharab din vaah hota hai jab main school me padhane jaaun aur barish ke karke vidyarthi na ja bahut kam hai aur usse bhi zyada ki vidyarthi kamane ki car ke jo school me hai vaah banane ka bata varna hona yah mili sabse dukhad baat hai kyonki purane me meri ruchi hai aur main chahta hoon ki ek bhi kshan jo vyarth na jaaye jab bhi main class me jata hoon kaksha me jata hoon toh mere man me punjabi ke kavi bhai veer Singh ka yah bahut hi badhiya jo line hai banti hai vaah mujhe yaad aati hai jo dono ek pal bhi maut ne nahi hai dena tak kyon hai ek pal mat karna agar prati shikshak in panktiyon ko yaad rakhega toh vaah kabhi bhi apna samay school me vyarth nahi jaega kisi na kisi rachnatmak karya me kaam aata rahega aur vidyarthi bahut kuch sikhenge aur us shikshak ke liye school ka samay aise lagega jaise minaton me bhi kiya aur meri agar koi shikshak nahi sun raha hai tum meri usse yahi vinati hai prarthna hai ki aap school ka samay ek bhi kshan nag wali hai har waqt aap agar thodi bahut apne vyast deni hai aap baithe hain toh us samay bhi aap vidyarthiyon ko karya kar sakti ho kya se aap vidyarthiyon ko dekh sakti ho khelte hue dikhaao ki kaun sabse zyada badhiya faisla leta hai toh yahi hum kya kar rahe hain unki aayu ka nirikshan kar rahi hai yah giri main keh raha hoon ki aap pratyek kshan ko upyog kare aur padhne me ruchi le dhanyavad

प्यारी विद्यार्थियों मेरे लिए सबसे खराब दिन वह होता है जब मैं स्कूल में पढ़ाने जाऊं और बार

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Ramakant

Teacher

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अच्छा मैं वह दिन हमारा सबसे खराब होता है जिस दिन हम बच्चों को कुछ ना बता पाए बच्चों को कुछ सिखाना पाए जिस दिन हम बच्चों को कुछ देना पाए वह दिन बहुत ही खराब होता है

accha main vaah din hamara sabse kharab hota hai jis din hum baccho ko kuch na bata paye baccho ko kuch sikhaana paye jis din hum baccho ko kuch dena paye vaah din bahut hi kharab hota hai

अच्छा मैं वह दिन हमारा सबसे खराब होता है जिस दिन हम बच्चों को कुछ ना बता पाए बच्चों को कुछ

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नमस्कार जैसा कि क्वेश्चन है कि आप कक्षा में अपने सबसे खराब दिन का वर्णन कैसे करेंगे तो सबसे खराब दिन जो होता है वह दिन होता है जिस दिन हमारी मूड ऑफ होती है और मूड ऑफ होती कैसे है कि कभी कोई प्रॉब्लम हो जाता है घरेलू वार्तालाप हो जाता है कोई भी किसी से होता है तो बच्चे कुछ बच्चे ऐसे होते हैं जो उस चीज को समझ लेते हैं लेकिन कुछ बच्चे ऐसे होते हैं कि उसी को नहीं जानता तो समझ नहीं पाते हैं तू कुछ हरकतें करते देखकर हमें गुस्सा आ जाता है और गुस्सा आ जाता है तो जैसी बातें तो हाथ धोना पड़ जाता है या डांट ना पड़ जाता है तो वह दिन और मतलब डिस्टर्ब हो जाता हम जो चीज इस टॉपिक को पढ़ा रहे होते हैं समझा रहे होते हैं उस टॉपिक से हम और डिस्टर्ब हो जाते हैं साइड हो जाते हैं हम नहीं पढ़ाते हैं हमारे कस्टर्ड जो होता है माइंड का नहीं बन पाता है तो उस दिन हमारे लिए बहुत खराब होता है और फिर बाद में हमें अफसोस होता है कि आज कुछ नहीं पढ़ा पाए बच्चों को थैंक्स

namaskar jaisa ki question hai ki aap kaksha me apne sabse kharab din ka varnan kaise karenge toh sabse kharab din jo hota hai vaah din hota hai jis din hamari mood of hoti hai aur mood of hoti kaise hai ki kabhi koi problem ho jata hai gharelu vartalaap ho jata hai koi bhi kisi se hota hai toh bacche kuch bacche aise hote hain jo us cheez ko samajh lete hain lekin kuch bacche aise hote hain ki usi ko nahi jaanta toh samajh nahi paate hain tu kuch harakatein karte dekhkar hamein gussa aa jata hai aur gussa aa jata hai toh jaisi batein toh hath dhona pad jata hai ya dant na pad jata hai toh vaah din aur matlab disturb ho jata hum jo cheez is topic ko padha rahe hote hain samjha rahe hote hain us topic se hum aur disturb ho jaate hain side ho jaate hain hum nahi padhate hain hamare Custard jo hota hai mind ka nahi ban pata hai toh us din hamare liye bahut kharab hota hai aur phir baad me hamein afasos hota hai ki aaj kuch nahi padha paye baccho ko thanks

नमस्कार जैसा कि क्वेश्चन है कि आप कक्षा में अपने सबसे खराब दिन का वर्णन कैसे करेंगे तो सबस

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Vinayak

Biology Teacher

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एक बार की बात है जब मुझे एक क्लास में अजुर रिप्लेसमेंट टीचर भेजा गया था जो एक्जिस्टिंग टीचर थे वह काफी सीनियर और काफी अच्छे अच्छे नाम थी अनु पर्सनली तो उनको कहीं और ड्यूटी हुई थी तो उसी लेफ्ट एंड मुझे रिप्लेसमेंट टीचर की तरह बाकी का सिलेबस करवाने के लिए भेजा गया था लेकिन उससे पहले ही एक बार हम मेरा और स्टूडेंट्स का कुछ इंस्ट्रक्शन हुआ था जिसमें हमारी कोई अच्छी विकास बॉन्डिंग नहीं हुई थी दूसरा वह स्टूडेंट बहुत विजिट थे तो देदे नक्षत्र में तो जब मुझे पता था उस क्लास में जाने से पहले ही कि बच्चे मुझे सपोर्ट नहीं करेंगे भी कुछ दे फोन दे एक्जिस्टिंग टीचर और मेरे साथ ना ही उनकी अच्छी कोई बॉन्डिंग है और बिल्कुल ऐसा ही हुआ जब से जैसे ही मैं पहले से तो नर्वस था और जब मैं गया और वह 7 बच्चों की क्लास थी तो जाते ही वहां पर से बातें करने लगे कुछ मेरी बात नहीं सुन रहे थे यह टीचर के लिए सबसे खराब चीज होती है कि हमें और कुछ नहीं चाहिए प्लीज इतनी रिक्वेस्ट एंड हेल्पफुल क्लास की व्हाट इस ध्यान से सुने लेकिन अगर पहले से ही बच्चे मन बना लेते हैं कि इनसे हमें नहीं पढ़ना है तो फिर कोई भी ताकत उनको यह एहसास नहीं करवा सकती कि आप उनको कितनी शिद्दत से पढ़ाना चाहते हैं तो बस वैसा ही हुआ फिर वह क्लास बहुत मुश्किल से निकली वह डेढ़ घंटा मेरे लिए 5 घंटे के बराबर बन गया था और बीच-बीच में मैंने बहुत बार संभल भी किया कुछ मिस्टेक छुपी हुई फॉरगॉटेन थे कंटेंट तो यह सब पर होने लग जाता है जब भी नहीं खराब जाता है तो फिर यह सब टीवी भी अपने आप होने लग जाती हैं

ek baar ki baat hai jab mujhe ek class me azure replacement teacher bheja gaya tha jo ekjisting teacher the vaah kaafi senior aur kaafi acche acche naam thi anu personally toh unko kahin aur duty hui thi toh usi left and mujhe replacement teacher ki tarah baki ka syllabus karwane ke liye bheja gaya tha lekin usse pehle hi ek baar hum mera aur students ka kuch instruction hua tha jisme hamari koi achi vikas bonding nahi hui thi doosra vaah student bahut visit the toh dede nakshtra me toh jab mujhe pata tha us class me jaane se pehle hi ki bacche mujhe support nahi karenge bhi kuch de phone de ekjisting teacher aur mere saath na hi unki achi koi bonding hai aur bilkul aisa hi hua jab se jaise hi main pehle se toh nervous tha aur jab main gaya aur vaah 7 baccho ki class thi toh jaate hi wahan par se batein karne lage kuch meri baat nahi sun rahe the yah teacher ke liye sabse kharab cheez hoti hai ki hamein aur kuch nahi chahiye please itni request and helpful class ki what is dhyan se sune lekin agar pehle se hi bacche man bana lete hain ki inse hamein nahi padhna hai toh phir koi bhi takat unko yah ehsaas nahi karva sakti ki aap unko kitni shiddat se padhana chahte hain toh bus waisa hi hua phir vaah class bahut mushkil se nikli vaah dedh ghanta mere liye 5 ghante ke barabar ban gaya tha aur beech beech me maine bahut baar sambhal bhi kiya kuch mistake chhupee hui fargaten the content toh yah sab par hone lag jata hai jab bhi nahi kharab jata hai toh phir yah sab TV bhi apne aap hone lag jaati hain

एक बार की बात है जब मुझे एक क्लास में अजुर रिप्लेसमेंट टीचर भेजा गया था जो एक्जिस्टिंग टीच

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Arjun jha

Rt Science Teacher

2:47

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Ritika

Teacher,life Coach,motivational Speaker

1:27
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

नमस्कार दोस्तों आज का प्रश्न है आप कक्षा में अपने सबसे खराब दिन का वर्णन कैसे करेंगे मेरा सबसे खराब दिन जो रहा था जब मैंने अपनी टीचिंग शुरू करी थी तो पहला दिन था जब मैं क्लास में जैसे ही घुसी तो वह दिन मेरा बहुत ही ज्यादा खराब रहा मेरे पैर में एक तो पहले से मोच आ गई थी तो उसके साथ साथ मेरे पैर में बहुत ज्यादा दर्द था मुझ पर चला भी नहीं जा रहा था जैसे तैसे मैं क्लास में घुसी तो वहां पर बच्चे मेरे नाम को लेकर मजाक बनाने लगे उन्होंने कहा रितिक रितिक रोशन ऐसे करके टोंट मारने लगे कमेंट पास करने लगे तो वह दिन मेरा बहुत ही ज्यादा मुझे बहुत बुरा भी लग रहा था लेकिन सर मैंने इंट्रो बच्चों से उनके नेम बगैरा पूछे अपना इंट्रोडक्शन दिया तो फिर बच्चे कुछ ना कुछ कोई ध्यान दे रहा था पढ़ाई पर कोई ध्यान नहीं दे रहा था मुझे गुस्सा भी बहुत आ रहा था पर वह हिंदी मेरे बहुत हो रहा था बहुत ज्यादा दर्द हो रहा था मुझे उस दिन तो यह जो दिल था मेरा बहुत ही ज्यादा खराब रहा लेकिन जैसे-जैसे टाइम बिता गया तब शॉट आउट होता रहा बच्चों को मेरी टीचिंग खेल समझ में आने लगी उन्हें इंटरेस्ट आने लगा मैं फनी तरीके से उन्हें पढ़ाती थी तो फिर उन्हें मजे आने लगे पढ़ने में टाइम जैसे तैसे बीत आ रहा सारी मुश्किलें खत्म होती रहें धन्यवाद आपका दिन शुभ हो

namaskar doston aaj ka prashna hai aap kaksha me apne sabse kharab din ka varnan kaise karenge mera sabse kharab din jo raha tha jab maine apni teaching shuru kari thi toh pehla din tha jab main class me jaise hi ghusi toh vaah din mera bahut hi zyada kharab raha mere pair me ek toh pehle se moch aa gayi thi toh uske saath saath mere pair me bahut zyada dard tha mujhse par chala bhi nahi ja raha tha jaise taise main class me ghusi toh wahan par bacche mere naam ko lekar mazak banane lage unhone kaha hrithik hrithik roshan aise karke tont maarne lage comment paas karne lage toh vaah din mera bahut hi zyada mujhe bahut bura bhi lag raha tha lekin sir maine intro baccho se unke name bagaira pooche apna introduction diya toh phir bacche kuch na kuch koi dhyan de raha tha padhai par koi dhyan nahi de raha tha mujhe gussa bhi bahut aa raha tha par vaah hindi mere bahut ho raha tha bahut zyada dard ho raha tha mujhe us din toh yah jo dil tha mera bahut hi zyada kharab raha lekin jaise jaise time bita gaya tab shot out hota raha baccho ko meri teaching khel samajh me aane lagi unhe interest aane laga main Funny tarike se unhe padhati thi toh phir unhe maje aane lage padhne me time jaise taise beet aa raha saari mushkilen khatam hoti rahein dhanyavad aapka din shubha ho

नमस्कार दोस्तों आज का प्रश्न है आप कक्षा में अपने सबसे खराब दिन का वर्णन कैसे करेंगे मेरा

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मैं आपको अपनी स्पीड बताना चाहता हूं कि जब मैं पहली बार कक्षा में गया पढ़ाने के लिए तो मेरा मतलब मुझे गजेंद्र सिंह निडर भरा हुआ था कि मैं कैसे टीचिंग कर पाऊंगा तू और सबसे मुझे घबराना नहीं चाहिए था मैं अपने आपको इतना कंट्रोल कर रहा था संभाला तो फिर भी मैं इंटरव्यू देने गया था पहली बार इंटरव्यू के सामने आओगे बच्चों को आप कब पड़ा है पहले इसके पहले पढ़ आए थे कि नहीं तो मैं इसके पहले तो नहीं पढ़ाया था बता रहा हूं कि मैं सबसे पहले डीएड मैंने जो भी ऐड किया है स्पेशल भी ऐड किया है या नहीं मैं विजुअल इंपेयरमेंट यानी तेरे लिए मैं अध्यापक बना हूं और मैं मैं आपको फुल कॉन्फिडेंस से कहना चाहता हूं कि मैं पढ़ लूंगा क्योंकि मैंने की थी तो 1 मिनट की थी यही कहा कि पंकज थोड़ा सा मेहनत करने की जरूरत है बाकी आपका जो मतलब एक जूही सिंह के जो कौशल होते हैं वह सारे कौशल आपके पास है और आपको इन कौशलों को और अच्छे से मतलब निकालना है तू अब वह तू मान की चिल्ली की 1 महीने की टीचिंग थी इसके बाद में जैसे वहां से विकेट किया B.Ed करने के बाद में अमरोहा में बिजी हो गया था जहां भी इससे बच्चे होते हैं तो वहां की भी छुट्टी चर्च थी वह देखनी मतलब जैसे मैं क्लास में जाऊं तो वह बाहर घूमने लगती थी वह देते थे कि मैं कैसे पड़ा रहा हूं कैसे नहीं पढ़ा रहा हूं फिर भी मैं मेरे अंदर डर भरी थी अब डर लगता था कि पता नहीं कभी एक कहने दे शिकायत नकद कि आप अच्छे से नहीं पढ़ा पा रहे हो फिर भी मैं खुद अपना मूल्यांकन जब मैं छोटा था या छुट्टी होती थी 4:00 बजे तो मैं बच्चों से पूछा था कि बेटा कैसे लगा तू मैं आपको सच्ची बता रहा हूं कि मुझे बच्ची कहते थे कि इससे बहुत ही अच्छा पढ़ाते हो अध्यापक उसकी टीचिंग तभी सफल होगी जब उसके अंदर गुण होंगे बीटीसी बीएड और डीएड पीएचडी यह सब कर लेनी थी यह तो यह तो 1 डिग्री हो गई किताबी किताबी कितना हो गया ज्ञान हो गया बढ़ाने का तरीका होता है तो एक अध्यापक के अंदर कपड़े तो सब काट लेते हैं लेकिन दर्जी इतना सेटिंग इतना अच्छा कपड़ा काटता है कि वह चीज आप नहीं कर सकती हो तो इसी तरह एक अध्यापक के अंदर वही गुण होने चाहिए सुंदरता मन की होनी चाहिए बहुत से गुण होती है अध्यापक के अंदर सारे गुण विद्यमान होने चाहिए तभी एक अध्यापक कहलाता है तू मैंने अपनी स्टाफ से भी पूछा सब क्योंकि मेरे पहले पीरियड था मेरा जो है अब पहली पहली बार में पढ़ाने गया था D.Ed B.Ed करने के लिए अब मैं आपको बताऊं मैं लखनऊ t&s मिश्रा मेडिकल कॉलेज इन हॉस्पिटल में डिप्लोमा की क्लासेस चलती हार्डी अभी चलता है इस पर चले स्कूल भी है तू इस द प्रेजेंट टाइम में मैं वहां कोर्स कोऑर्डिनेटर हूं और मैं क्या कहते टीचर ट्रेनिंग देता हूं और इस समय में अपने से बड़े बच्चों को मैं टीचिंग टीचिंग करता हूं मैं उनको पढ़ाता हूं सीख देता हूं इतना है मेरे अंदर कि मैं इन बच्चों को पढ़ाता हूं तो मुझे बहुत अच्छा लगता है और मैं आपको बता दूं अगर मेरा कॉलेज 10:00 बजे खुलता है तो मैं 9:00 बजे पहुंच जाता हूं क्योंकि मुझे पढ़ाना बहुत ही अच्छा लगता है मैं कुछ ना कुछ नेट के माध्यम से किताबों के माध्यम से में कुछ ना कुछ देखता ही रहता हूं तू मैं आपको बता रहा हूं मुझे टीचिंग बहुत पसंद है और मैं जो मेरा क्या कहते हैं इसमें कुछ आप कक्षा में अपनी सबसे खराब दिन का वर्णन कैसे करेंगे तो मैंने आपको बता दिया कि मैं सबसे पहले बिजनौर जिले में ज्वाइन किया था और जब मेरी फर्स्ट क्लास थी तो मेरे हाथ पैर सब कहां पर है थी कि मैं कैसे पढ़ाऊंगा कैसीन बच्चों को मैं डिलीट करूंगा इन बच्चों को कैसे मैं मैनेज कर लूंगा बहुत सी ऐसी मेरी मन में प्रश्न उठ रहे थे कि पता नहीं सर टीचर्स मुझे देखने आएंगे वह देखेंगे कैसे पड़ा राकेश ने बड़ा बच्चे भी स्टाफ की वार्डन सकेंगे प्रिंसिपल से कहेंगे कि मेरा नाम लेकर कि सर पढ़ा नहीं पाती तू मेरे अंदर ही सहते फिर भी मैंने आपका नाम लिया और मैंने कहा ही मां मैं आपकी ही सहारा इस क्लास में प्रवेश करने जा रहा हूं मेरा पहला दिन है तो पहले दिन तू इंट्रोडक्शन होता है बच्चों का बातचीत करने का क्या तरीका मतलब बच्चों से बात करना उनकी बात करने का तरीका हम जानना फिर धीरे-धीरे हम भी सारी चीजों को हम जानते हैं कि यह कहते हैं पुरानी टीचर कहते हैं कैसी हैं और इसके बाद हम बच्चों को हम जानते हैं बच्चे हम को जानते हैं जब आपस में जब तालमेल बैठ जाती है टीचर और छात्रों के बीच सामंजस बढ़िया चलता है तू मेरा यह सीरियल था और मैं बहुत डरा हुआ था बट मैं जितना डरा हुआ था और उसे अच्छा ही हुआ वीरेंद्र धातु जरूर था लेकिन बाद में मुझे जो मतलब बाद में मिराज मूल्यांकन हुआ लोगों ने कहा बताया बच्चों ने बताया कि चोरों ने मुझे बताया तो मुझे सुनकर की बहुत ही अच्छा लगा और मैं सब से कहूंगा कि कभी हिम्मत हारना नहीं थी और हमेशा अपने आप को एकदम आत्मविश्वास कोई भी कार्य करिए टीचिंग करिए अगर कोई कार्य करिए तो आपके अंदर मनोबल होना चाहिए उसके लिए और मनोबल जब आपके अंदर है तो फिर आपको कोई डर नहीं है आप कहीं भी आप कहीं भी जाए पढ़ाई कोचिंग पढ़ाई कॉलेज में पढ़ता हूं और सेमिनार भी नहीं चाहता हूं क्लासेस लेता हूं अब मुझे प्रॉब्लम नहीं होती है और किसी टीचर की प्रॉब्लम नहीं होती है वह तभी प्रॉब्लम होती है जब वह उसको अपने सब्जेक्ट के बारे में नहीं पता होता है तो वहां पर टीचर को दिक्कत होती है और थोड़ा सा मतलब यह होता है कि आपको इस चीज के बारे में पता नहीं आपको इसके बारे में पता नहीं है तो आप कैसे बताएंगे कैसे मैनेज करें को तो जैसा हम लोग कहीं भी सेमिनारियो के वर्कशॉप में जाती हैं काट लेते हैं प्रैक्टिकल लेती हैं तो हम पहले से टॉपिक दे दिया जाता है और उस टॉपिक के कोडिंग हम लोग तैयारी करके वहां पर चाहते हैं तू मेरा जो पहला दिन था तो मेरे अंदर बहुत डर थी बहुत डर था आप इसके बाद अब मुझे कोई डर नहीं लगता है मैं तेज इतने बड़े बच्चों को यह बुजुर्गों यह बच्ची को कहीं भी हो मैं सबके साथ आर टीचिंग करने के लिए मतलब तत्पर रहता हूं धन्यवाद

main aapko apni speed batana chahta hoon ki jab main pehli baar kaksha me gaya padhane ke liye toh mera matlab mujhe gajendra Singh nidar bhara hua tha ki main kaise teaching kar paunga tu aur sabse mujhe ghabrana nahi chahiye tha main apne aapko itna control kar raha tha sambhala toh phir bhi main interview dene gaya tha pehli baar interview ke saamne aaoge baccho ko aap kab pada hai pehle iske pehle padh aaye the ki nahi toh main iske pehle toh nahi padhaya tha bata raha hoon ki main sabse pehle died maine jo bhi aid kiya hai special bhi aid kiya hai ya nahi main visual impeyarament yani tere liye main adhyapak bana hoon aur main main aapko full confidence se kehna chahta hoon ki main padh lunga kyonki maine ki thi toh 1 minute ki thi yahi kaha ki pankaj thoda sa mehnat karne ki zarurat hai baki aapka jo matlab ek juhi Singh ke jo kaushal hote hain vaah saare kaushal aapke paas hai aur aapko in kaushalon ko aur acche se matlab nikalna hai tu ab vaah tu maan ki Chilly ki 1 mahine ki teaching thi iske baad me jaise wahan se wicket kiya B Ed karne ke baad me Amroha me busy ho gaya tha jaha bhi isse bacche hote hain toh wahan ki bhi chhutti church thi vaah dekhni matlab jaise main class me jaaun toh vaah bahar ghoomne lagti thi vaah dete the ki main kaise pada raha hoon kaise nahi padha raha hoon phir bhi main mere andar dar bhari thi ab dar lagta tha ki pata nahi kabhi ek kehne de shikayat nakad ki aap acche se nahi padha paa rahe ho phir bhi main khud apna mulyankan jab main chota tha ya chhutti hoti thi 4 00 baje toh main baccho se poocha tha ki beta kaise laga tu main aapko sachi bata raha hoon ki mujhe bachi kehte the ki isse bahut hi accha padhate ho adhyapak uski teaching tabhi safal hogi jab uske andar gun honge BTC BEd aur died phd yah sab kar leni thi yah toh yah toh 1 degree ho gayi kitabi kitabi kitna ho gaya gyaan ho gaya badhane ka tarika hota hai toh ek adhyapak ke andar kapde toh sab kaat lete hain lekin darji itna setting itna accha kapda katata hai ki vaah cheez aap nahi kar sakti ho toh isi tarah ek adhyapak ke andar wahi gun hone chahiye sundarta man ki honi chahiye bahut se gun hoti hai adhyapak ke andar saare gun vidyaman hone chahiye tabhi ek adhyapak kehlata hai tu maine apni staff se bhi poocha sab kyonki mere pehle period tha mera jo hai ab pehli pehli baar me padhane gaya tha D Ed B Ed karne ke liye ab main aapko bataun main lucknow t s mishra medical college in hospital me diploma ki classes chalti hardi abhi chalta hai is par chale school bhi hai tu is the present time me main wahan course coordinator hoon aur main kya kehte teacher training deta hoon aur is samay me apne se bade baccho ko main teaching teaching karta hoon main unko padhata hoon seekh deta hoon itna hai mere andar ki main in baccho ko padhata hoon toh mujhe bahut accha lagta hai aur main aapko bata doon agar mera college 10 00 baje khulta hai toh main 9 00 baje pohch jata hoon kyonki mujhe padhana bahut hi accha lagta hai main kuch na kuch net ke madhyam se kitabon ke madhyam se me kuch na kuch dekhta hi rehta hoon tu main aapko bata raha hoon mujhe teaching bahut pasand hai aur main jo mera kya kehte hain isme kuch aap kaksha me apni sabse kharab din ka varnan kaise karenge toh maine aapko bata diya ki main sabse pehle bijnor jile me join kiya tha aur jab meri first class thi toh mere hath pair sab kaha par hai thi ki main kaise padhaunga kaisin baccho ko main delete karunga in baccho ko kaise main manage kar lunga bahut si aisi meri man me prashna uth rahe the ki pata nahi sir teachers mujhe dekhne aayenge vaah dekhenge kaise pada rakesh ne bada bacche bhi staff ki vardan sakenge principal se kahenge ki mera naam lekar ki sir padha nahi pati tu mere andar hi sahate phir bhi maine aapka naam liya aur maine kaha hi maa main aapki hi sahara is class me pravesh karne ja raha hoon mera pehla din hai toh pehle din tu introduction hota hai baccho ka batchit karne ka kya tarika matlab baccho se baat karna unki baat karne ka tarika hum janana phir dhire dhire hum bhi saari chijon ko hum jante hain ki yah kehte hain purani teacher kehte hain kaisi hain aur iske baad hum baccho ko hum jante hain bacche hum ko jante hain jab aapas me jab talmel baith jaati hai teacher aur chhatro ke beech samanjas badhiya chalta hai tu mera yah serial tha aur main bahut dara hua tha but main jitna dara hua tha aur use accha hi hua virendra dhatu zaroor tha lekin baad me mujhe jo matlab baad me miraj mulyankan hua logo ne kaha bataya baccho ne bataya ki choron ne mujhe bataya toh mujhe sunkar ki bahut hi accha laga aur main sab se kahunga ki kabhi himmat harana nahi thi aur hamesha apne aap ko ekdam aatmvishvaas koi bhi karya kariye teaching kariye agar koi karya kariye toh aapke andar manobal hona chahiye uske liye aur manobal jab aapke andar hai toh phir aapko koi dar nahi hai aap kahin bhi aap kahin bhi jaaye padhai coaching padhai college me padhata hoon aur seminar bhi nahi chahta hoon classes leta hoon ab mujhe problem nahi hoti hai aur kisi teacher ki problem nahi hoti hai vaah tabhi problem hoti hai jab vaah usko apne subject ke bare me nahi pata hota hai toh wahan par teacher ko dikkat hoti hai aur thoda sa matlab yah hota hai ki aapko is cheez ke bare me pata nahi aapko iske bare me pata nahi hai toh aap kaise batayenge kaise manage kare ko toh jaisa hum log kahin bhi seminariyo ke workshop me jaati hain kaat lete hain practical leti hain toh hum pehle se topic de diya jata hai aur us topic ke coding hum log taiyari karke wahan par chahte hain tu mera jo pehla din tha toh mere andar bahut dar thi bahut dar tha aap iske baad ab mujhe koi dar nahi lagta hai main tez itne bade baccho ko yah bujurgon yah bachi ko kahin bhi ho main sabke saath R teaching karne ke liye matlab tatpar rehta hoon dhanyavad

मैं आपको अपनी स्पीड बताना चाहता हूं कि जब मैं पहली बार कक्षा में गया पढ़ाने के लिए तो मेरा

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जिस प्रकार हम अपनी अच्छाई अपने अच्छे कार्यों का वर्णन सबके सामने करते इसी प्रकार हम कक्षा में अपने खराब दिन का वर्णन हम करेंगे यह होना चाहिए क्योंकि जब हम अच्छे कार्य वर्णन चारों तरफ करते हैं तो हमें अपने खराब दिन के अवकाश को भी कक्षा में बताना चाहिए

jis prakar hum apni acchai apne acche karyo ka varnan sabke saamne karte isi prakar hum kaksha me apne kharab din ka varnan hum karenge yah hona chahiye kyonki jab hum acche karya varnan charo taraf karte hain toh hamein apne kharab din ke avkash ko bhi kaksha me batana chahiye

जिस प्रकार हम अपनी अच्छाई अपने अच्छे कार्यों का वर्णन सबके सामने करते इसी प्रकार हम कक्षा

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कक्षा में कोई भी दिन खराब नहीं हो सकता या अध्यापकों का कोई भी अनुभव गलत नहीं हो सकता वह अनुभव उसके किसी ना किसी कार्य में आगे सहायता पहुंचाता है कक्षा में हम प्रत्येक दिन कुछ नया सीखने जाते हैं वहां हम केवल प्राप्त कर सकते हैं होने का हमें कोई डर नहीं होता क्योंकि वहां निस्वार्थ भाव से शिक्षक हमें शिक्षा देते हैं और अगर हम शिक्षार्थी हैं सीखने वाले हैं तो हमें शिक्षा प्राप्त होती हैं धन्यवाद

kaksha me koi bhi din kharab nahi ho sakta ya adhyapakon ka koi bhi anubhav galat nahi ho sakta vaah anubhav uske kisi na kisi karya me aage sahayta pohchta hai kaksha me hum pratyek din kuch naya sikhne jaate hain wahan hum keval prapt kar sakte hain hone ka hamein koi dar nahi hota kyonki wahan niswarth bhav se shikshak hamein shiksha dete hain aur agar hum shiksharthi hain sikhne waale hain toh hamein shiksha prapt hoti hain dhanyavad

कक्षा में कोई भी दिन खराब नहीं हो सकता या अध्यापकों का कोई भी अनुभव गलत नहीं हो सकता वह अन

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किसी भी कक्षा को लेकर समय सबसे दुखद अगर एक टीचर्स के लिए अगर होता है तो यह होता है कि या तो उसका स्टूडेंट्स कोई भी एक स्टूडेंट अगर क्लास में अब्सेंट किसी भी कारण से रहता है तू एक अध्यापक के लिए यह बड़ा दुखद होता है और सेकेंडरी अगर किसी कारण से जो टीचर अपने सब्जेक्ट और अपने स्टूडेंट के प्रति गंभीर हैं और किसी कारण से अपनी क्लास मिस कर देते हैं या किसी कारण से क्लास में सो जाती है तू यह बहुत ही दुखद होता है कोई भी टीचर्स नहीं चाहता कि मैं अपने बच्चे अपने स्टूडेंट्स का नुकसान करूं उनकी कोशिश होती है कि कोई भी क्लास में सुना हो और प्रॉपर हम बच्चों को बेहतर शिक्षा देने के लिए अपने सब्जेक्ट की क्लास लेते रहें ताकि हमारे विद्यार्थी बेहतर रिजल्ट बेहतर परिणाम के साथ अपने कैरियर में अपने पथ पर आगे बढ़ते रहें

kisi bhi kaksha ko lekar samay sabse dukhad agar ek teachers ke liye agar hota hai toh yah hota hai ki ya toh uska students koi bhi ek student agar class me absent kisi bhi karan se rehta hai tu ek adhyapak ke liye yah bada dukhad hota hai aur secondary agar kisi karan se jo teacher apne subject aur apne student ke prati gambhir hain aur kisi karan se apni class miss kar dete hain ya kisi karan se class me so jaati hai tu yah bahut hi dukhad hota hai koi bhi teachers nahi chahta ki main apne bacche apne students ka nuksan karu unki koshish hoti hai ki koi bhi class me suna ho aur proper hum baccho ko behtar shiksha dene ke liye apne subject ki class lete rahein taki hamare vidyarthi behtar result behtar parinam ke saath apne carrier me apne path par aage badhte rahein

किसी भी कक्षा को लेकर समय सबसे दुखद अगर एक टीचर्स के लिए अगर होता है तो यह होता है कि या

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एक बार मैंने कक्षा में बहुत ही अपने आप को एक ऐड महसूस किया जाए और जब मैंने अपना काम देखा कि जो मैं रजिस्टर में अटेंडेंस ले रही थी उस अटेंडेंस को कोई बदल के मुझे डाउन कर रहा था कि सबसे मेरा बहुत ही खराब दिन गया था दो-चार दिन चल रहे थे मैंने कहा कि वह अपने सर को बोला मैंने तुम को बोला लेकिन कंटिन्यू चीजें खत्म नहीं होगी बड़ी मुश्किल से नई सराय हमारे उनकी वजह से मेरा काफी मान सम्मान बड़ा उन्होंने ध्यान देना शुरू किया प्लीज मेरी अटेंडेंस काउंटिंग में खराब कर दी गई थी तो उस दिन मेरा सबसे खराब था तब से मैं बहुत अपसेट हो गई

ek baar maine kaksha me bahut hi apne aap ko ek aid mehsus kiya jaaye aur jab maine apna kaam dekha ki jo main register me attendance le rahi thi us attendance ko koi badal ke mujhe down kar raha tha ki sabse mera bahut hi kharab din gaya tha do char din chal rahe the maine kaha ki vaah apne sir ko bola maine tum ko bola lekin continue cheezen khatam nahi hogi badi mushkil se nayi sarai hamare unki wajah se mera kaafi maan sammaan bada unhone dhyan dena shuru kiya please meri attendance counting me kharab kar di gayi thi toh us din mera sabse kharab tha tab se main bahut upset ho gayi

एक बार मैंने कक्षा में बहुत ही अपने आप को एक ऐड महसूस किया जाए और जब मैंने अपना काम देखा क

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एक टीचर का जो एक टीचर का जो एक मैन मोटो होता है कि अरे किसको पॉजिटिवली बताएं चाहे जितना भी हमारी लाइफ में चाहे जितना भी क्रिटिकल मोमेंट क्यों ना हो चाहे जितना भी बैठ मोमेंट क्यों ना हो पर हमें उसको इस तरह से बताना है कि हमें ही बताना है कि कोई भी चीज कितनी भी विषम परिस्थिति में हो गलत नहीं हो सकती उसको उस उस तरीके से बताएंगे पॉजिटिवली बताएंगे कि हम कैसे किन परिस्थितियों में अपने खराब मोमेंट को भी अच्छे में चेंज चेंज तो कोई भी चीज जैसे केपीटीएम होती है तो हम बच्चों को ही बताते कोई भी अगर नेगेटिव फीडबैक आती तो मुझको पॉजिटिव भी बताते हैं ना कि पॉइंट करते हैं तो अगर हमारी लाइफ में कोई ऐसा मोमेंट से जो बहुत-बहुत बेड है बहुत खराब है तो उसको भी अगर हम बच्चों के सामने में अगर करना पड़े तो उसको हम बात ही पॉजिटिव वे मेट डिस्क्राइब करेंगे ताकि उस मोमेंट का इफेक्ट उन बच्चों मरना पड़े कि वह चीजें उन बच्चों के अंदर यह सोचकर हैबिट मदद 11 के बच्चों के अंदर जो चीजें बचपन में आ जाती है तो ऑनलाइन में रहती है तो हमें उस चीज को एंबेडमेंट को हमें निकेत मैंने डिस्क्राइब करना पॉजिटिव में डिस्क्राइब करना थैंक यू

ek teacher ka jo ek teacher ka jo ek man moto hota hai ki are kisko positively bataye chahen jitna bhi hamari life me chahen jitna bhi critical moment kyon na ho chahen jitna bhi baith moment kyon na ho par hamein usko is tarah se batana hai ki hamein hi batana hai ki koi bhi cheez kitni bhi visham paristhiti me ho galat nahi ho sakti usko us us tarike se batayenge positively batayenge ki hum kaise kin paristhitiyon me apne kharab moment ko bhi acche me change change toh koi bhi cheez jaise KPTM hoti hai toh hum baccho ko hi batatey koi bhi agar Negative feedback aati toh mujhko positive bhi batatey hain na ki point karte hain toh agar hamari life me koi aisa moment se jo bahut bahut bed hai bahut kharab hai toh usko bhi agar hum baccho ke saamne me agar karna pade toh usko hum baat hi positive ve mate describe karenge taki us moment ka effect un baccho marna pade ki vaah cheezen un baccho ke andar yah sochkar habit madad 11 ke baccho ke andar jo cheezen bachpan me aa jaati hai toh online me rehti hai toh hamein us cheez ko embedament ko hamein niket maine describe karna positive me describe karna thank you

एक टीचर का जो एक टीचर का जो एक मैन मोटो होता है कि अरे किसको पॉजिटिवली बताएं चाहे जितना भी

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