क्या समय नहीं आया कि बच्चों के बचपन को बचाने के लिए उम्र का निर्धारण करना अनिवार्य हो गया हो? इसके लिए कोई ठोस कानून लाया जाए? कहाँ तक आप लोग इस बात से सहमत हैं?...


user

Dr. Priya Shatanjib Jha

Psychologist|Counselor|Dentist

1:53
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

नमस्ते दोस्तों मेरी रानी डॉक्टर प्रिया झा के तरफ से आप सबको दिन की बहुत सारी शुभकामनाएं दिखे बचपन एक इंसान के जीवन में सबसे इंपॉर्टेंट हिस्सा होता है बचपन क्योंकि बचपन लाइक आरबीएस मतलब वह जो एक वृक्ष है बड़ा उसके जो जड़ है वह वह वह मजबूत है तो वृक्ष जो है वह एकदम मजबूत और सॉलिड होता है उसको आंधी आंधी कुछ नहीं मिटा सकती है सिमिलरली अगर आपका बचपन अच्छा गया है गया है और अगर आपको कोई भी समय अगर आपको बहुत ज्यादा गहरा सदमा और घरेलू तरीके से या फिर अपनी कक्षा में पाठशाला में आपको कहीं भी लाइफ में तकलीफ नहीं अगर नहीं हो तो आगे जाकर आपको आपके लाइफ में क्लेरिटी होती है कम पर 2:00 उन लोग जिनको बहुत ज्यादा कुछ साइकोलॉजिकली मेंटली काफी कुछ झेलना पड़ा है उन उनसे बेहतर होता है कंडीशन जिनका चाइल्डहुड स्मूद हुआ होता है तो इसीलिए बचपना मेंटेन करना बहुत नर्सरी है लोगों में और इसके लिए अगर कोई कानून अगर निकाला तो मेरे हिसाब से तो निकालना चाहिए क्योंकि जिन लोगों को भी मैंने जिन से बातचीत की है जिन से जिनका जिनको ट्वीट किया है जिनसे इंटरेक्शंस हुई है मेरी यह मैंने अक्सर देखा हुआ है कि उनके बचपन में बचपन के मेमोरी जो है उनको आज तक तकलीफ दे रहे हैं तो दूसरे पड़ोसी नहीं मैं तो यह चाहूंगी कि बचपन जो है वह सॉलिड होना बहुत जरूरी है और बचपना नहीं जाना चाहिए और बच्चे का जो फर्स्ट 10 ईयर्स 10:00 12 साल जो है वह बहुत अच्छा होना चाहिए तो इसका ख्याल उनके इर्द-गिर्द जो है सबको रखना बिल्कुल जरूरी है

namaste doston meri rani doctor priya jha ke taraf se aap sabko din ki bahut saree subhkamnaayain dikhe bachpan ek insaan ke jeevan mein sabse important hissa hota hai bachpan kyonki bachpan like RBS matlab wah jo ek vriksh hai bada uske jo jad hai wah wah wah majboot hai toh vriksh jo hai wah ekdam majboot aur solid hota hai usko aandhi andhi kuch nahi mita sakti hai similarali agar aapka bachpan accha gaya hai gaya hai aur agar aapko koi bhi samay agar aapko bahut zyada gehra shadma aur gharelu tarike se ya phir apni kaksha mein pathashala mein aapko kahin bhi life mein takleef nahi agar nahi ho toh aage jaakar aapko aapke life mein kleriti hoti hai kam par 2:00 un log jinako bahut zyada kuch saikolajikli mentally kaafi kuch jhelna pada hai un unse behtar hota hai condition jinka childhood smooth hua hota hai toh isliye bachapana maintain karna bahut nursery hai logo mein aur iske liye agar koi kanoon agar nikaala toh mere hisab se toh nikalna chahiye kyonki jin logo ko bhi maine jin se batchit ki hai jin se jinka jinako tweet kiya hai jinse intarekshans hui hai meri yeh maine aksar dekha hua hai ki unke bachpan mein bachpan ke memory jo hai unko aaj tak takleef de rahe hai toh dusre padosi nahi main toh yeh chahungi ki bachpan jo hai wah solid hona bahut zaroori hai aur bachapana nahi jana chahiye aur bacche ka jo first 10 years 10:00 12 saal jo hai wah bahut accha hona chahiye toh iska khayal unke ird gird jo hai sabko rakhna bilkul zaroori hai

नमस्ते दोस्तों मेरी रानी डॉक्टर प्रिया झा के तरफ से आप सबको दिन की बहुत सारी शुभकामनाएं दि

Romanized Version
Likes  181  Dislikes    views  2619
KooApp_icon
WhatsApp_icon
8 जवाब
no img
qIcon
ask
ऐसे और सवाल
Loading...
Loading...
qIcon
ask

Related Searches:
mujhe game chahiye ;

QuestionsProfiles

Vokal App bridges the knowledge gap in India in Indian languages by getting the best minds to answer questions of the common man. The Vokal App is available in 11 Indian languages. Users ask questions on 100s of topics related to love, life, career, politics, religion, sports, personal care etc. We have 1000s of experts from different walks of life answering questions on the Vokal App. People can also ask questions directly to experts apart from posting a question to the entire answering community. If you are an expert or are great at something, we invite you to join this knowledge sharing revolution and help India grow. Download the Vokal App!