आनंद की खोज किसने की थी और कब की थी?...


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Shivendra Pratap Singh

Engineer , Assistant Professor

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

नमस्कार आपके पास टंकी आनंद की खोज किसने की और कब की थी तो बताना चाहता हूं कि आनंद हमारे अंदर ही विद्यमान होता है इसी को आर्ट ऑफ लिविंग गए थे जो व्यक्ति आनंद को बाहर खोजते हैं उनको ऐसा नहीं करना चाहिए बेसिकली अब वह लोग जो हमारी दुनिया है उसकी तरसता में खोए रहते हैं सबसे जरूरी है कि हम एकांत में सांसदों पर बैठे मेडिटेशन करें और अपने अंदर ही आना की खोज करें धन्यवाद

namaskar aapke paas tanki anand ki khoj kisne ki aur kab ki thi toh batana chahta hoon ki anand hamare andar hi vidyaman hota hai isi ko art of living gaye the jo vyakti anand ko bahar khojate hain unko aisa nahi karna chahiye basically ab vaah log jo hamari duniya hai uski tarsata me khoe rehte hain sabse zaroori hai ki hum ekant me sansadon par baithe meditation kare aur apne andar hi aana ki khoj kare dhanyavad

नमस्कार आपके पास टंकी आनंद की खोज किसने की और कब की थी तो बताना चाहता हूं कि आनंद हमारे अं

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आनंद की खोज किसने की थी और कब की थी हर इंसान के लिए आनंद अलग रूप हैं हमारे सनातन धर्म में आनंद या लक्ष्य प्राप्ति का जो बात कही गई है वह है ईश्वर को प्राप्त करना लेकिन पश्चिमी सभ्यता में यूरोप के देशों में आनंद का मतलब होता है भौतिक सुख शारीरिक दुख लेकिन हमारे सनातन धर्म में आनंद के कई अच्छा किए गए हमारे धर्मों में हमारे ग्रंथों में कई चीजें लिखे गए हैं जिसमें आत्मा को परमात्मा से मिलाने के लिए योग पद्धति या कई तरीके की बताई गई

anand ki khoj kisne ki thi aur kab ki thi har insaan ke liye anand alag roop hain hamare sanatan dharm me anand ya lakshya prapti ka jo baat kahi gayi hai vaah hai ishwar ko prapt karna lekin pashchimi sabhyata me europe ke deshon me anand ka matlab hota hai bhautik sukh sharirik dukh lekin hamare sanatan dharm me anand ke kai accha kiye gaye hamare dharmon me hamare granthon me kai cheezen likhe gaye hain jisme aatma ko paramatma se milaane ke liye yog paddhatee ya kai tarike ki batai gayi

आनंद की खोज किसने की थी और कब की थी हर इंसान के लिए आनंद अलग रूप हैं हमारे सनातन धर्म में

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Ashwani Thakur

👤Teacher & Advisor🙏

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

अरे नमस्कार गुड इवनिंग आप एक प्रश्न क्या है और आप अपने पर्सनल में पूछेगा नल की खोज किसने की थी और कब की थी जो है का पुस्तक का नाम है और इस पुस्तक के लेखक हैं स्वामी बड़े हैंडसम टिकेंद्र साहू दर्शानंद जो है

are namaskar good evening aap ek prashna kya hai aur aap apne personal me puchhega nal ki khoj kisne ki thi aur kab ki thi jo hai ka pustak ka naam hai aur is pustak ke lekhak hain swami bade handsome tikendra sahu darshanand jo hai

अरे नमस्कार गुड इवनिंग आप एक प्रश्न क्या है और आप अपने पर्सनल में पूछेगा नल की खोज किसने क

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