दुर्गा माता की मूर्ति में वेश्यालय की मिट्टी क्यों लगाई जाती है?...


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ज्योतिषी झा मेरठ (Pt. K L Shashtri)

Astrologer Jhaमेरठ,झंझारपुर और मुम्बई

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Paras

Blessing Baba

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

ऐसा कुछ नहीं है यह एक रूढ़िवादी पता है यह अपनी-अपनी एक मानसिकता है इसके पीछे कोई भी कहानियां कर लेते हैं क्योंकि मूर्ति माध्यम है अपनी आवाज लक्ष्य को भगवान तक पहुंचाने का बाकी कुछ भी आप लगाओ उससे कोई फर्क नहीं पड़ता है भगवान को भगवान तो हर जगह व्याप्त हो सकता है इसके पीछे कोई अपनी आस्था छुपी हो लोग अपनी आस्था है कुछ भी बना कर कर सकते हैं तो यह अपनी अपनी आंख सब निर्भर करता है मुझे लगता है ऐसा कुछ करने से कुछ होता होगा या अपने आप पर निर्भर करता है भगवान तो हर जगह जरूरी थोड़ी ना है जो समय वेश्यालय की मिट्टी लगाई जाए तो सब होता है चेक मानव को भ्रमित करने वाली स्थित एक भ्रमित करके इमोशनल करने वाली स्थिति है इससे लोग हो सकता है ज्यादा मानते हो या ऐसा कुछ होता हो या इनको ऐसे लोग रिस्पेक्ट करने के लिए एचडी वीडियो सकती है कि उनका समाज में प्रकार किया जाता है ऐसी कोई कहीं शास्त्रों में तो ऐसा कहीं है नहीं यह बाद में कोई रूढ़ीवादी प्रथा आई है या कोई सालों में किसी ने किया होगा यह कैसा करना चाहिए यह अपनी मानसिकता के आधार पर आधारित है

aisa kuch nahi hai yah ek rudhivadi pata hai yah apni apni ek mansikta hai iske peeche koi bhi kahaniya kar lete hain kyonki murti madhyam hai apni awaaz lakshya ko bhagwan tak pahunchane ka baki kuch bhi aap lagao usse koi fark nahi padta hai bhagwan ko bhagwan toh har jagah vyapt ho sakta hai iske peeche koi apni astha chhupee ho log apni astha hai kuch bhi bana kar kar sakte hain toh yah apni apni aankh sab nirbhar karta hai mujhe lagta hai aisa kuch karne se kuch hota hoga ya apne aap par nirbhar karta hai bhagwan toh har jagah zaroori thodi na hai jo samay vaishyalaya ki mitti lagayi jaaye toh sab hota hai check manav ko bharmit karne wali sthit ek bharmit karke emotional karne wali sthiti hai isse log ho sakta hai zyada maante ho ya aisa kuch hota ho ya inko aise log respect karne ke liye hd video sakti hai ki unka samaj mein prakar kiya jata hai aisi koi kahin shastron mein toh aisa kahin hai nahi yah baad mein koi rudhivadi pratha I hai ya koi salon mein kisi ne kiya hoga yah kaisa karna chahiye yah apni mansikta ke aadhar par aadharit hai

ऐसा कुछ नहीं है यह एक रूढ़िवादी पता है यह अपनी-अपनी एक मानसिकता है इसके पीछे कोई भी कहानिय

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SAPNA RANA

Teacher of Biology( Msc. Zoology .3time Ctet . 1time Htet Qualify)

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

के काफी शुद्ध मानी जाती हो वैसे की संकल्पना है कि अगर इस मिट्टी का प्रयोग किया जाए तो मां भगवती सॉन्ग सॉन्ग बहुत ही खुश हो कर के अपने भक्तों को मनचाहा वरदान प्रदान करती है

ke kaafi shudh maani jaati ho waise ki sankalpana hai ki agar is mitti ka prayog kiya jaaye toh maa bhagwati song song bahut hi khush ho kar ke apne bhakton ko manchaha vardaan pradan karti hai

के काफी शुद्ध मानी जाती हो वैसे की संकल्पना है कि अगर इस मिट्टी का प्रयोग किया जाए तो मां

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