ज़िन्दगी का परम सुख किसे कहेंगे?...


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साकेत कुमार

Senior Software Developer

2:00

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आप परम सुख की बात कर रहे हैं मैं सिर्फ तुम से बात करता हूं परंतु सुखी ही स्थाई अवस्था है और उसका फल है और उसका कारण है पता न था कौन है नेट वाली बात है जब आप प्रसन्न रहते हैं फलस्वरुप और सुखी रहते हैं परंतु के लिए आप को निरंतर पसंद आना पड़ेगा प्रोग्राम थोड़ा सा सोचेंगे तो आपको पता चलेगा कि आप प्रसन्नता कब होते हैं आपकी प्रसन्नता छोटे-छोटे उद्देश्यों की प्राप्ति से जुड़ी हुई है क्योंकि आप की कंडीशन इन आपकी परवरिश ही बसी हुई है हर किसी की परवरिश वैसे ही हुई है आज आपने एक अच्छा जॉब पा लिया खुश है कल को जॉब में आप के 4 साथी है वह आप से आगे थे आपकी खुशी चली गई अपने जॉब को देंगे ज्यादा सैलरी वाली तुम्हारी यही होगा यह साइकिल रिपीट होती है आज आप आएंगे वेरियस हैं जो हमने खुद से बनाए हैं जो समाज ने खुद से बनाए हैं यह समाज के लिए ही है और इसकी इससे जो प्रसन्नता है कि जो भी निराश आएगी ना वह अस्थाई है और ना ही वह कभी भी आपको परमानेंट सुख परम सुख दे पाने में सक्षम है अगर आपको परमसुख चाहिए तो आपको आपकी प्रसन्नता को इन छोटे उद्योगों से हटाकर एक बड़े उद्देश्य की ओर ले जाना पड़ेगा उसके लिए आपको ध्यान करना पड़ेगा आपको मनन करना पड़ेगा आपको इंतजार उसको समझना पड़ेगा यह डिजायर कहां से उत्पत्ति होती इसको समझे धीरे-धीरे सारी अथॉरिटी हटाए

aap param sukh ki BA at kar rahe hai sirf tum se BA at karta hoon parantu sukhi hi sthai avastha hai aur uska fal hai aur uska karan hai pata na tha kaun hai net wali BA at hai jab aap prasann rehte hai falswarup aur sukhi rehte hai parantu ke liye aap ko nirantar pasand aana padega program thoda sa sochenge toh aapko pata chalega ki aap prasannata kab hote hai aapki prasannata chote chote udyeshyon ki prapti se judi hui hai kyonki aap ki condition in aapki parvarish hi BA si hui hai har kisi ki parvarish waise hi hui hai aaj aapne ek accha job paa liya khush hai kal ko job mein aap ke 4 sathi hai vaah aap se aage the aapki khushi chali gayi apne job ko denge zyada salary wali tumhari yahi hoga yah cycle repeat hoti hai aaj aap aayenge veriyas hai jo humne khud se BA naye hai jo samaj ne khud se BA naye hai yah samaj ke liye hi hai aur iski isse jo prasannata hai ki jo bhi nirash aayegi na vaah asthai hai aur na hi vaah kabhi bhi aapko permanent sukh param sukh de paane mein saksham hai agar aapko paramsukh chahiye toh aapko aapki prasannata ko in chote udhyogo se hatakar ek BA de uddeshya ki aur le jana padega uske liye aapko dhyan karna padega aapko manan karna padega aapko intejar usko samajhna padega yah desire kahaan se utpatti hoti isko samjhe dhire dhire saree authority hataye

आप परम सुख की बात कर रहे हैं मैं सिर्फ तुम से बात करता हूं परंतु सुखी ही स्थाई अवस्था है औ

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