आपने अभिनय करियर में कैसे प्रवेश किया?...


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M H Warsi

Motivational Speaker, Teachers' Trainer, Voice Over Artist, Youtuber, Photographer, Video-Grapher, Mimicry Artist

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मैं बचपन से ही अपने स्कूल में क्लास नर्सरी से बहुत से कल्चरल प्रोग्राम में स्टेज पर पार्टिसिपेट करता था हालांकि उस समय मुझे इसका कोई ज्ञान भी नहीं था कि मेरा चौक भी नहीं था लेकिन मेरे माता पिता ने मुझे इसके लिए एस्पायर किया और उन्होंने स्कूल में जा कर के कहा क्या आपके यहां जब भी कोई सांस्कृतिक कार्यक्रम हो आप हमारे बच्चे को चाय छोटा सही प्रोग्राम दे चाहे ग्रुप प्रोग्राम दे दे और जैसे-जैसे मैं बड़ा हुआ तो क्योंकि मुझे स्टेज पर काम करने में कोई झिझक नहीं थी सब लोग मेरी तारीफ करते थे उसको प्राइस मिलते थे धीरे धीरे चलना क्लास थर्ड में पहुंचा तुम मुझे दूसरे बच्चों का एक्शन उनका डांस उनका अभिनय देख कर बहुत अच्छा लगता था और मैं भी ऐसे कार्यक्रमों में बढ़-चढ़कर के हिस्सा लेता था मुझे पता ही नहीं चला कि कब यह मेरा शौक बन गया पहुंचते-पहुंचते मैं अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी में पहुंचा वहां ड्रामा क्लब है जिसमें कभी कानन देवी क्योंकि बॉलीवुड की बहुत लोकप्रिय कलाकार रही नसरुद्दीन शाह जो किसी परिचय के मोहताज नहीं उन्होंने भी अपने कैरियर की शुरूआत अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के बिना मतलब से ही की थी वही ट्रैक्टर थे और भी बहुत से ऐसे एक्टर है जो ड्रामा क्लब अलीगढ़ यूनिवर्सिटी में b.a. बहुत से कलाकारों ने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के जिला कलेक्टर ने वहां के बाद देश की नेशनल स्कूल ऑफ ड्रामा ज्वाइन किया और वहां से उन्होंने काफी ख्याति प्राप्त की वहां मेरा एक दोस्त था उसने मुझसे कहा कि हम भी ड्रामा क्लब के एक्टर बनना चाहते हैं मैंने कहा कि बनना तुम्हें भी चाहता हूं लेकिन साथी मेरे दोस्त ने कहा कि हम बहुत खामोशी के साथ वहां पर एडमिशन लेंगे और किसी को नहीं बताएंगे क्योंकि लोग हमारा मजाक उड़ाएंगे मैं नहीं मजाक उड़ाएंगे चलिए चलते वहां गए हमने ऑडिशन दिया और ऑडिशन में हम पास हो गए हम वहां शाम में इवनिंग क्लास होती थी 4:00 बजे से वहां कैलाश करते वहां से लौटने के बाद मैंने अपने कैरियर की शुरुआत प्राइवेट स्कूल से की प्राइवेट स्कूल में सुबह की असेंबली में बोलना पड़ता है पहुंचते सांस्कृतिक कार्यक्रम 26 जनवरी 15 अगस्त गांधी जयंती और भी बहुत सारे कार्यक्रम फेयरवेल पार्टी वगैरा वगैरा होते रहते हैं उन्हें पार्टिसिपेट करता रहा उसके बाद में जहांगीराबाद इंस्टीट्यूट आफ टेक्नोलॉजी जी आईटी बाराबंकी लखनऊ में गया वहां पर मैंने वहां के डायरेक्टर चिराग डॉक्टर ख्वाजा मोहम्मद रफी साहब के अंडर में उनका पिए और उनका पीएम के रूप में कार्य किया वहां से मैंने काफी कुछ सीखा क्योंकि वहां भी मीडिया डिपार्टमेंट है जो के मास कॉम और जर्नलिज्म का कोर्स कराता है एडिटिंग वीडियो एडिटिंग वॉइस एक्टिंग वगैरा-वगैरा बहुत सारे कोर्स अभिनेत्री कोर्स कराता है वहां पर भी मैंने बढ़ चढ़के हिस्सा लिया और काफी नाम कमाया उसके बाद से ही शौक मेरा जारी है उसके बाद वहीं पर एक दूसरे डायरेक्टर अप्वॉइंट हुए जो कि अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के पीवीसी प्रोफाइल चांसलर रह चुके हैं ब्रिगेडियर सैयद अहमद अली उनके अंडर में काम करने का मौका मिला मैं उनका पर्सनल सेक्रेटरी था वह कल आपको बहुत पसंद करते थे उन्होंने बहुत सारे कलाकारों को वहां पर बुलाया उसमें ज्ञान में वृद्धि हुई बहुत से लोगों से मिला और किस प्रकार मेरा शौक आज भी है और हमेशा रहेगा मैं एक्टर हूं एक मिमिकरी आर्टिस्ट हूं एक वॉइस ओवर एक्टर हूं वॉइस माड्यूलेशन भी जानता हूं इसके अतिरिक्त कोई कविता किसी तरह की कोई डॉक्यूमेंट्री किसी भी तरह का कोई ऐसा अभिनय का पाठ मैं कर सकता हूं थैंक यू

main bachpan se hi apne school me class nursery se bahut se cultural program me stage par participate karta tha halaki us samay mujhe iska koi gyaan bhi nahi tha ki mera chauk bhi nahi tha lekin mere mata pita ne mujhe iske liye aspire kiya aur unhone school me ja kar ke kaha kya aapke yahan jab bhi koi sanskritik karyakram ho aap hamare bacche ko chai chota sahi program de chahen group program de de aur jaise jaise main bada hua toh kyonki mujhe stage par kaam karne me koi jhijhak nahi thi sab log meri tareef karte the usko price milte the dhire dhire chalna class third me pohcha tum mujhe dusre baccho ka action unka dance unka abhinay dekh kar bahut accha lagta tha aur main bhi aise karyakramon me badh chadhakar ke hissa leta tha mujhe pata hi nahi chala ki kab yah mera shauk ban gaya pahunchate pahunchate main aligarh muslim university me pohcha wahan drama club hai jisme kabhi Kanan devi kyonki bollywood ki bahut lokpriya kalakar rahi naseeruddin shah jo kisi parichay ke mohtaaz nahi unhone bhi apne carrier ki shuruat aligarh muslim university ke bina matlab se hi ki thi wahi tractor the aur bhi bahut se aise actor hai jo drama club aligarh university me b a bahut se kalakaron ne aligarh muslim university ke jila collector ne wahan ke baad desh ki national school of drama join kiya aur wahan se unhone kaafi khyati prapt ki wahan mera ek dost tha usne mujhse kaha ki hum bhi drama club ke actor banna chahte hain maine kaha ki banna tumhe bhi chahta hoon lekin sathi mere dost ne kaha ki hum bahut khamoshi ke saath wahan par admission lenge aur kisi ko nahi batayenge kyonki log hamara mazak udaenge main nahi mazak udaenge chaliye chalte wahan gaye humne audition diya aur audition me hum paas ho gaye hum wahan shaam me evening class hoti thi 4 00 baje se wahan kailash karte wahan se lautne ke baad maine apne carrier ki shuruat private school se ki private school me subah ki assembly me bolna padta hai pahunchate sanskritik karyakram 26 january 15 august gandhi jayanti aur bhi bahut saare karyakram feyaravel party vagera vagera hote rehte hain unhe participate karta raha uske baad me jahangirabad institute of technology ji it barabanki lucknow me gaya wahan par maine wahan ke director chirag doctor khwaja muhammad rafi saheb ke under me unka piye aur unka pm ke roop me karya kiya wahan se maine kaafi kuch seekha kyonki wahan bhi media department hai jo ke mass com aur journalism ka course karata hai editing video editing voice acting vagera vagera bahut saare course abhinetri course karata hai wahan par bhi maine badh chadhake hissa liya aur kaafi naam kamaya uske baad se hi shauk mera jaari hai uske baad wahi par ek dusre director apwaint hue jo ki aligarh muslim university ke pvc profile chancellor reh chuke hain brigadier saiyed ahmad ali unke under me kaam karne ka mauka mila main unka personal secretary tha vaah kal aapko bahut pasand karte the unhone bahut saare kalakaron ko wahan par bulaya usme gyaan me vriddhi hui bahut se logo se mila aur kis prakar mera shauk aaj bhi hai aur hamesha rahega main actor hoon ek mimikari artist hoon ek voice over actor hoon voice madyuleshan bhi jaanta hoon iske atirikt koi kavita kisi tarah ki koi documentary kisi bhi tarah ka koi aisa abhinay ka path main kar sakta hoon thank you

मैं बचपन से ही अपने स्कूल में क्लास नर्सरी से बहुत से कल्चरल प्रोग्राम में स्टेज पर पार्टि

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