आपको एक उद्यमी बनने के लिए किसने प्रेरित किया?...


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Rohit Nagdewani

Entrepreneur working in Controlled Environment Agriculture

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

इन सब से कोई आप मोटीवेटिंग फैक्टर एसएस नहीं था सिंह का क्योंकि मैं काम करता हूं जो हमेशा से ही मैंने उससे पहले कुछ तो नौकरी करके देखा जो कि फिर मुझे अपना बिजनेस करने में डर लगता क्योंकि उसमें अपनी पर्सनल अकाउंट सिक्योरिटी रहती है आपका कोई सीनियर है आपकी जॉब में क्योंकि आप उसको किसी चीज के लिए मना नहीं कर सकते इस सिर्फ अपनी पोजीशन के हिसाब से क्योंकि वह अपने सीनियर हैं आप उनके सामने अपने थॉट्स एंड आईडियाज नहीं डिसकस तुमको क्या लगेगा हम कैसे हैं किसी को जसबीर कौर को मेरे सीनियर से ऐसा नहीं होता तू बहुत बड़ा बिजनेस सुनाता है उसको

in sab se koi aap motivating factor SS nahi tha Singh ka kyonki main kaam karta hoon jo hamesha se hi maine usse pehle kuch toh naukri karke dekha jo ki phir mujhe apna business karne mein dar lagta kyonki usme apni personal account Security rehti hai aapka koi senior hai aapki job mein kyonki aap usko kisi cheez ke liye mana nahi kar sakte is sirf apni position ke hisab se kyonki vaah apne senior hain aap unke saamne apne thoughts and ideas nahi discuss tumko kya lagega hum kaise hain kisi ko jasbir kaur ko mere senior se aisa nahi hota tu bahut bada business sunata hai usko

इन सब से कोई आप मोटीवेटिंग फैक्टर एसएस नहीं था सिंह का क्योंकि मैं काम करता हूं जो हमेशा स

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आवश्यकता आविष्कार की जननी है इसलिए पता था कि इंसान कभी भी खुद शास्त्र नहीं देता कुदरत उसे उस तरफ लेकर जाती है जो भी उसके जरूरत के हिसाब से बनता है क्योंकि तुम तो तभी सकते ना जब हमारे को पता हो कि मैं क्या बनना है लाइफ हमेशा कुछ सोचकर चलते हैं और क्या हो जाता है

avashyakta avishkar ki janani hai isliye pata tha ki insaan kabhi bhi khud shastra nahi deta kudrat use us taraf lekar jaati hai jo bhi uske zarurat ke hisab se baata hai kyonki tum toh tabhi sakte na jab hamare ko pata ho ki main kya banna hai life hamesha kuch sochkar chalte hain aur kya ho jata hai

आवश्यकता आविष्कार की जननी है इसलिए पता था कि इंसान कभी भी खुद शास्त्र नहीं देता कुदरत उसे

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DR OM PRAKASH SHARMA

Principal, Education Counselor, Best Experience in Professional and Vocational Education cum Training Skills and 25 years experience of Competitive Exams. 9212159179. dsopsharma@gmail.com

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

ने कहा कि आपको कुछ नहीं बनने के लिए कितने प्रेरित किया वैसे मैं उद्यमी तो कभी नहीं रहा मैं हमेशा एक पेशेवर के रूप में राम बचपन से मैंने टीचिंग प्रोफेशन अपनाया और कवि के रूप में लेखक के रूप में समाज सेवक के रूप में काउंसलर के रूप में हमेशा ही जो है सर्विस प्रोवाइडर बनकर हां आज भी मैं रात को 1:30 आपके प्रश्न का उत्तर दे रहा हूं यह देख सेवा भाव है जो मैं उत्तर दे रहा हूं लेकिन हां कई बार ऐसा अवसर आया कि मैं रात दिन उस काम को करने में लगाना तुम ऐसा लगा कि हां मैं एक जिम्मी की तरह से काम कर रहा हूं जैसे अब जब से मैं वह कल से जुड़ा मुझे को करके आंसर देने में बहुत आनंद की प्राप्ति होती है और मैं मैक्सिमम लोगों की जरूरतों को पूरा करने की कोशिश करता हूं हां मैं स्पष्ट बाध्यता का प्रयोग करता कुछ लोगों को सकता मेरी बात बुरी लगती हो क्योंकि बात को घुमा छुपाकर फिरा कर देना मेरी शक्ल में नहीं है और ना ही मैं आधी अधूरी बात करता हूं मेरी कोशिश होती है कि अगर मेरी बात कड़वी जरूर है लेकिन आपके लिए फायदेमंद होगी यह सोचकर निसंकोच में अपने फोन पर रखता हूं बिना किसी डर के बिना किसी भय के बिना किसी संकोच के तो मैं दे उनकी पिछली तीन चार महीने से मैं बोकन में मैक्सिमम क्वेश्चन के आंसर देने की कोशिश करता हूं जब भी वक्त मिलता है मेंढक जाता हूं थोड़ा समय पहले नहीं मिलता था निकालने की कोशिश की और अब मैं नेट बंद करने का जो भी खाली होता है जब भी खाली होता है मैं वह कर के प्रश्नों के उत्तर देने में का प्यार करता हूं बिना किसी लालच के बिना किसी लोग के सिवाय लोकहित के लोग समाज के तो लगने लगा कि शायद वो करनी मुझे उद्यमी बनने के लिए प्रेरित कर दिया और साथ साथ में वह कल मुझे प्रशंसनीय प्रमाण पत्र जो कहूंगा प्राप्त हो चुके 1000 प्रश्न के लिए ढाई जाटनी के लिए 5000 प्रश्नों के लिए अब बहुत प्रश्न अरे वह प्रमाण पत्र जिसके लिए में वह कल कुछ ने मार दूंगा कि यह जो परिश्रम करते हैं उनका सम्मान करना जानते और उनको सम्मान के साथ-साथ उनको यह विशेष आमंत्रण भी देते हैं अभिषेक उनको रेवाड़ी भेजे थे क्योंकि सम्मान की ओर प्रमाण पत्र नहीं मनोभावों से भी देखते हैं और इनकी चेष्टा वह चाहिए मैनेजमेंट की क्या आप हर हाल में हमारी बुक असिस्टेंट से जुड़े हैं वह कल सिस्टम में अपडेट होने भी कई बार टाइम लग जाता है सिस्टम नहीं अपडेट हो पाता नेटवर्क नहीं काम कर पाता बहुत सी समस्याएं आती हैं लेकिन इनके समय-समय पर संदेशों से यही मुझे ऐसा लगता है कि वाकई उन्होंने मुझे उस दिन भी बनाने में प्रेरित कर दिया हां मैंने अपनी जिंदगी में बहुत तुमको जिम्मी बनाए हैं मेरा एक बहुत प्रिय से छह राजकुमार जो जितने गर्लफ्रेंड किया टॉप टेन से पोस्ट लीव्स इन एमबीए कर रहे हैं अच्छी पोजीशन से कंपनी से कटेगी बेचारी कर रहे हैं लेकिन उद्योग में इनके पिताजी का काम गुड़ से संबंधित नेकेड का बनाना मूंगफली से संबंधित में खेल का बनाना और उसको मैन्युफैक्चरिंग करना है उसमें किसी हद तक काफी हद तक में मान के चलूंगा लेकिन 90% तक उस व्यवसाय में यह पूरी तरह समर्पित हो गए और एक अच्छे इंटरथ्योरी कच्चे उद्यमी की हैसियत से मिलने तक पर हो गए एक बहुत बड़ा काम है कि पढ़ाई के साथ-साथ आप रोजगार को देखना और उसके देर रात दिन एक करना तो मैं समझता हूं इधर यह अपने उद्योग में लग गए और मुझे काफी हद तक समय मिला अपनी लेडी की ड्यूटी देनी चेकअप के बाद और मैं इधर बुक में अपने समय को देने लगा

ne kaha ki aapko kuch nahi banne ke liye kitne prerit kiya waise main udyami toh kabhi nahi raha main hamesha ek peshevar ke roop mein ram bachpan se maine teaching profession apnaya aur kabhi ke roop mein lekhak ke roop mein samaj sevak ke roop mein counselor ke roop mein hamesha hi jo hai service provider bankar haan aaj bhi main raat ko 1 30 aapke prashna ka uttar de raha hoon yah dekh seva bhav hai jo main uttar de raha hoon lekin haan kai baar aisa avsar aaya ki main raat din us kaam ko karne mein lagana tum aisa laga ki haan main ek jimmy ki tarah se kaam kar raha hoon jaise ab jab se main vaah kal se jinko mujhe ko karke answer dene mein bahut anand ki prapti hoti hai aur main maximum logo ki jaruraton ko pura karne ki koshish karta hoon haan main spasht baadhyata ka prayog karta kuch logo ko sakta meri baat buri lagti ho kyonki baat ko ghuma cchupakar fira kar dena meri shakl mein nahi hai aur na hi main aadhi adhuri baat karta hoon meri koshish hoti hai ki agar meri baat kadvi zaroor hai lekin aapke liye faydemand hogi yah sochkar nisankoch mein apne phone par rakhta hoon bina kisi dar ke bina kisi bhay ke bina kisi sankoch ke toh main de unki pichali teen char mahine se main bokan mein maximum question ke answer dene ki koshish karta hoon jab bhi waqt milta hai mendak jata hoon thoda samay pehle nahi milta tha nikalne ki koshish ki aur ab main net band karne ka jo bhi khaali hota hai jab bhi khaali hota hai vaah kar ke prashnon ke uttar dene mein ka pyar karta hoon bina kisi lalach ke bina kisi log ke shivaay lokhit ke log samaj ke toh lagne laga ki shayad vo karni mujhe udyami banne ke liye prerit kar diya aur saath saath mein vaah kal mujhe prashansaniya pramaan patra jo kahunga prapt ho chuke 1000 prashna ke liye dhai jatni ke liye 5000 prashnon ke liye ab bahut prashna are vaah pramaan patra jiske liye mein vaah kal kuch ne maar dunga ki yah jo parishram karte hain unka sammaan karna jante aur unko sammaan ke saath saath unko yah vishesh aamantran bhi dete hain abhishek unko revaadi bheje the kyonki sammaan ki aur pramaan patra nahi manobhavon se bhi dekhte hain aur inki cheshta vaah chahiye management ki kya aap har haal mein hamari book assistant se jude hain vaah kal system mein update hone bhi kai baar time lag jata hai system nahi update ho pata network nahi kaam kar pata bahut si samasyaen aati hain lekin inke samay samay par sandeshon se yahi mujhe aisa lagta hai ki vaakai unhone mujhe us din bhi banane mein prerit kar diya haan maine apni zindagi mein bahut tumko jimmy banaye hain mera ek bahut priya se cheh rajkumar jo jitne girlfriend kiya top ten se post leaves in mba kar rahe hain achi position se company se kategi bechari kar rahe hain lekin udyog mein inke pitaji ka kaam good se sambandhit naked ka banana mungfaali se sambandhit mein khel ka banana aur usko manufacturing karna hai usme kisi had tak kaafi had tak mein maan ke chalunga lekin 90 tak us vyavasaya mein yah puri tarah samarpit ho gaye aur ek acche intarathyori kacche udyami ki haisiyat se milne tak par ho gaye ek bahut bada kaam hai ki padhai ke saath saath aap rojgar ko dekhna aur uske der raat din ek karna toh main samajhata hoon idhar yah apne udyog mein lag gaye aur mujhe kaafi had tak samay mila apni lady ki duty deni checkup ke baad aur main idhar book mein apne samay ko dene laga

ने कहा कि आपको कुछ नहीं बनने के लिए कितने प्रेरित किया वैसे मैं उद्यमी तो कभी नहीं रहा मैं

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