आपके टीम में कितने लोग है? क्या वो लोग आपके स्टूडेंट्स हैं? वो किस तरह के काम करते हैं?...


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Saurav Anuraj

Award winning photographer

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

बैकग्राउंड 25 लोगों के प्रोसेस में डिज़ाइनर है जिससे फोटोग्राफर ग्राफिक डिजाइनर सोते-सोते वीडियो एडिटर हर 2 महीने पर लगभग 10 से 15 स्टूडेंट्स हम लोग को मिली जाता है जिसमें सब लोग क्या दोस्त को अपने जरूरत के बाद बोलोगे आमीन फोटोग्राफी हो जाते हैं

background 25 logo ke process mein designer hai jisse photographer graphic designer sote sote video editor har 2 mahine par lagbhag 10 se 15 students hum log ko mili jata hai jisme sab log kya dost ko apne zarurat ke baad bologe amin photography ho jaate hain

बैकग्राउंड 25 लोगों के प्रोसेस में डिज़ाइनर है जिससे फोटोग्राफर ग्राफिक डिजाइनर सोते-सोते

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DR OM PRAKASH SHARMA

Principal, Education Counselor, Best Experience in Professional and Vocational Education cum Training Skills and 25 years experience of Competitive Exams. 9212159179. dsopsharma@gmail.com

9:54
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आपने कहा कि टीम में कितने लोग हैं क्या वह लोग आपके फ्रेंड से किस तरह के काम करते हैं देखिए आप टेंशन क्यों से प्रश्न पूछ लिया है क्योंकि हम अध्यापक और अध्यापन पेशे से हैं और अध्यापक के जो मेंबर होते हैं गोश्त के शिष्य होते बच्चों और रिश्तेदारों की तुलना में उनके शिष्यों के बड़े-बड़े घनिष्ठ उनके रिलेशन होते हैं क्योंकि खाना या तो बहुत मुश्किल काम है या बहुत आसान का दूध शिशु सीखने की कामना रखते हैं वह बहुत सॉफ्ट होते हैं हॉट व्हाट्सएप से नकली चेंज करते हैं वह बहुत हार्ड को सिखाना दांतों में पसीना लाना है हमारी टीम में आज तक अधिकांश लोग विद्यार्थी ही रहेंगे और विद्यार्थियों के परिवार के सदस्य नहीं और जो विद्यार्थी के परिवार में सरकारी नौकरी अधिकांश सरकारी नौकरी प्राइवेट नौकरी और मीडियम क्लास के लोगों पर क्लास के लोग भी कनेक्टेड रहे हैं फैमिली के लोग भी इंडस्ट्री कनेक्टेड बड़े-बड़े प्रमोटर्स कनेक्टेड रहे हैं कि हमारे दो तू बहुत बड़ा डिफरेंस है हमारी सोच झूठ है वह साइंटिफिक है और पेंट की फोटो है वह दोनों में फर्क हमेशा रिजेक्ट करती है किसी चीज के ऊपर टॉपिक का अध्ययन करने के बाद प्रयोग करती है अब करने के बाद सफलता और असफलता जो हासिल होती है उसके ऊपर फिर रिसर्च की जाती है और उसके बाद क्या होता है कि उनमें से कुछ पॉजिटिव कुछ नेगेटिव पॉइंट मिलते हैं पॉजिटिव पॉइंट को आगे प्रेषित करते हैं और नेगेटिव प्वाइंट को रिमूव करने के लिए हमें डिफरेंट टेक्निकल प्वाइंट मराठी प्रोसेस टाइम कंजूमिंग क्योंकि सॉलिड प्रोसेशन ऑफ साइंटिफिक प्रोजेक्ट में जो भी हम अपनी फ्रेंड को चार करने की कोशिश करते हैं उसका टाइम लगता है और टाइम लगता है तो रिजल्ट भी सॉलिड आते हैं अब ट्रेडिशनल की बच्चियों को हम पढ़ा रहे हैं बच्चों को बच्चों की फीस दे रहे हैं हजारों रुपए साल का खर्च कर रही हैं तो बच्चे पढ़ लिखकर सरकारी नौकरी करनी है और तो नौकरी के आवेदन फॉर्म 4 नौकरी के आवेदन फॉर्म 6 नौकरी के आवेदन फॉर्म भरे तूने नौकरी करने में उनको नौकरी के फॉर्म की फीस हजार रुपे ₹500 rs.750 एग्जाम के ऊपर पांच सदस्य पर खर्च जिलानी बीके तो नौकरी क्यों नहीं मिलती बच्चे कुछ नहीं कर सकते बच्चे ना काबिल है यह बच्चे बेकार है इनको कुछ भी नहीं आता जानते हैं कि हम नींद को पैदा किया कुछ भी नहीं बची वाकई में ट्रेडिशनल बैलेंस के बच्चे ट्रेडिशनल होते हैं क्योंकि जेनेटिक देना अरुण जैनेटिक जैविक इन बच्चों को साइंटिफिक बनाने के लिए मैंने कहा ना पसीना आ जाते हैं छा जाते हैं क्योंकि जब जब उनको समझ में आती तब तक बहुत देर हो जाती लेकिन फिर भी हम प्यार कर सकते तो डर क्या होता है कि बच्चे इंटरनेशनल जाते हैं बच्चों को अपनी कमजोरी सी महसूस होती जिंदगी में फेलियर ने कुछ कर ही नहीं सकते वह जिंदगी में सफल नहीं हो सकते कुछ कर नहीं सकते रिपोर्ट जो चाहिए जीवन को एकदम नकारा बना देती है ऐसी स्थिति में बच्चों को तो सपोर्ट कर सकते हैं बच्चों को पॉजिटिव करते हैं लेकिन दुर्भाग्य मारे देश का तुम्हारे पेरेंट्स बच्चों की पेंट में आज के बैलेंस वह बच्चों से क्विक डिसीजन 4K पॉर्न स्टार संभव नहीं नहीं ऐसी पोस्टों की आपने क्यों नहीं यह सब हासिल कर लिया तो जानती हमारी मां बाप से नहीं जी हम तो जान गए थे उन्होंने पर खर्च नहीं किया हम तो खर्च करते मतलब वही पुरानी सोच किसी बेटी तो अरे बच्चों को जन्म दिया है तूफानी पूजन करना आपका धर्म है और पालन-पोषण कर रहे हैं तो विश्वास भी करिए जो गिरता है वही उठता जो उड़ता है वही देता है जिस के साथ क्या होता है वही प्रखंड मेरी जिंदगी का अनुभव है जिसके पीछे अपनी सारी जिंदगी का मकसद लगा देते वह नकारा साबित होते हैं और जो जिसे हौंडा कारा समझते हैं वह चमत्कार कर दिखाता है क्यों मसीही तो समझ मनोवैज्ञानिक साइंटिफिक और ट्रेडिशनल इच्छाधारी कॉपर में क्या अंतर है तो हमारी टीम में हर तरह के लोग हैं और हानि मैं कभी भी पैंट के साथ बदतमीजी से नहीं बोलता हूं कि बात सुनता हूं समझता हूं और उन्हें समझाने की कोशिश नहीं करता हूं जो कि समझाऊं तुमको जो समझना चाहिए कि हम नहीं समझते हैं कि हमें जो करना है वह करो लेकिन आज की पर्ची फुल फॉर्म भरने उनकी पूरा नॉलेज ऐप को खुदा समझते इंटरनेट के जरिए अपने आपको विधाता समझते हैं उन्हें विधि का ज्ञान नहीं है विधान का ज्ञान क्या होगा तो टेक मी टू मेनी के विद्यार्थी और गुरु और बैलेंस इन सबके बीच में डिफरेंट डिफरेंट के फोटो और उनके को रिकवर करना और उसको दूर करना कितने परेशानी का कारण होता है क्या हमें इस बात का पता होता कि मेरी बच्ची क्या आप मुझे जल्दी से चार हूं और जल्दी से वह अच्छा रोजगार करें और हमारे देश की सेवा करें हमारा नाम रोशन करें और हमारे देश में ऐसा चमत्कार करें कि हां भाई कृषि कृषि थे जिन्होंने एक नया कारनामा कर दिखाया चमत्कार कर दिखाए हमें भरोसा है कि बच्चों को जब रात दिन टॉर्चर किया जाता है छोटे बड़े सभी करते हैं तो तालचर का रिजल्ट क्या होता है कि बच्चों की अंडा खा जाती है हमारी मैं बेटी के बराबर करता हूं कुछ उन्हें राजकुमार हैं जो बहुत जल्दी हताशा की स्थिति में आ जाते हैं क्योंकि परिवार का गहरा रूप में देखता हूं तो उनका तो भाभी के बच्चे बच्चे जिंदगी में सफल करने की जरूरत नहीं समझते एक पेड़ में साइक्लोफन खराब नहीं करते हैं और उनमें से कुछ फल अच्छे नहीं करते तभी तो शबरी ने बेशक चक्कर राम के लिए रखे थे जो मीठे के वो रख ली है जो कर दिए थे वह फिल्म

aapne kaha ki team mein kitne log kya vaah log aapke friend se kis tarah ke kaam karte hain dekhiye aap tension kyon se prashna puch liya hai kyonki hum adhyapak aur adhyapan peshe se hain aur adhyapak ke jo member hote hain gosht ke shishya hote baccho aur rishtedaron ki tulna mein unke shishyon ke bade bade ghanishth unke relation hote hain kyonki khana ya toh bahut mushkil kaam hai ya bahut aasaan ka doodh shishu sikhne ki kamna rakhte hain vaah bahut soft hote hain hot whatsapp se nakli change karte hain vaah bahut hard ko sikhaana danton mein paseena lana hai hamari team mein aaj tak adhikaansh log vidyarthi hi rahenge aur vidyarthiyon ke parivar ke sadasya nahi aur jo vidyarthi ke parivar mein sarkari naukri adhikaansh sarkari naukri private naukri aur medium class ke logo par class ke log bhi connected rahe hain family ke log bhi industry connected bade bade promoters connected rahe hain ki hamare do tu bahut bada difference hai hamari soch jhuth hai vaah scientific hai aur paint ki photo hai vaah dono mein fark hamesha reject karti hai kisi cheez ke upar topic ka adhyayan karne ke baad prayog karti hai ab karne ke baad safalta aur asafaltaa jo hasil hoti hai uske upar phir research ki jaati hai aur uske baad kya hota hai ki unmen se kuch positive kuch Negative point milte hain positive point ko aage preshit karte hain aur Negative point ko remove karne ke liye hamein different technical point marathi process time kanjuming kyonki solid procession of scientific project mein jo bhi hum apni friend ko char karne ki koshish karte hain uska time lagta hai aur time lagta hai toh result bhi solid aate hain ab traditional ki bachiyo ko hum padha rahe hain baccho ko baccho ki fees de rahe hain hazaro rupaye saal ka kharch kar rahi hain toh bacche padh likhkar sarkari naukri karni hai aur toh naukri ke avedan form 4 naukri ke avedan form 6 naukri ke avedan form bhare tune naukri karne mein unko naukri ke form ki fees hazaar rupay Rs rs 750 exam ke upar paanch sadasya par kharch jilani BK toh naukri kyon nahi milti bacche kuch nahi kar sakte bacche na kaabil hai yah bacche bekar hai inko kuch bhi nahi aata jante hain ki hum neend ko paida kiya kuch bhi nahi bachi vaakai mein traditional balance ke bacche traditional hote hain kyonki genetic dena arun jainetik Jaivik in baccho ko scientific banane ke liye maine kaha na paseena aa jaate hain cha jaate hain kyonki jab jab unko samajh mein aati tab tak bahut der ho jaati lekin phir bhi hum pyar kar sakte toh dar kya hota hai ki bacche international jaate hain baccho ko apni kamzori si mehsus hoti zindagi mein failure ne kuch kar hi nahi sakte vaah zindagi mein safal nahi ho sakte kuch kar nahi sakte report jo chahiye jeevan ko ekdam nakara bana deti hai aisi sthiti mein baccho ko toh support kar sakte hain baccho ko positive karte hain lekin durbhagya maare desh ka tumhare parents baccho ki paint mein aaj ke balance vaah baccho se quick decision 4K porn star sambhav nahi nahi aisi poston ki 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bharne unki pura knowledge app ko khuda samajhte internet ke jariye apne aapko vidhata samajhte hain unhe vidhi ka gyaan nahi hai vidhan ka gyaan kya hoga toh take me to many ke vidyarthi aur guru aur balance in sabke beech mein different different ke photo aur unke ko recover karna aur usko dur karna kitne pareshani ka karan hota hai kya hamein is baat ka pata hota ki meri bachi kya aap mujhe jaldi se char hoon aur jaldi se vaah accha rojgar kare aur hamare desh ki seva kare hamara naam roshan kare aur hamare desh mein aisa chamatkar kare ki haan bhai krishi krishi the jinhone ek naya karnama kar dikhaya chamatkar kar dekhiye hamein bharosa hai ki baccho ko jab raat din torture kiya jata hai chote bade sabhi karte hain toh talachar ka result kya hota hai ki baccho ki anda kha jaati hai hamari main beti ke barabar karta hoon kuch unhe rajkumar hain jo bahut jaldi hatasha ki sthiti mein aa jaate hain kyonki parivar ka gehra roop mein dekhta hoon toh unka toh bhabhi ke bacche bacche zindagi mein safal karne ki zarurat nahi samajhte ek ped mein saiklofan kharab nahi karte hain aur unmen se kuch fal acche nahi karte tabhi toh shabri ne beshak chakkar ram ke liye rakhe the jo meethe ke vo rakh li hai jo kar diye the vaah film

आपने कहा कि टीम में कितने लोग हैं क्या वह लोग आपके फ्रेंड से किस तरह के काम करते हैं देखिए

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