Ayodhya Case: अयोध्या पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर भारतीय पीस पार्टी ने दाखिल की पुनर्विचार याचिका, आपकी राय?...


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Ajay Sinh Pawar

Founder & M.D. Of Radiant Group Of Industries

1:23

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

आज्ञा पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर भारतीय पीस पार्टी में दाखिल की पुनर्विचार याचिका कोई भी कर सकता है पुनर्विचार याचिका रिट पिटिशन आज तक का कोई भी पक्ष को सुप्रीम कोर्ट की बंद करने में पार्षदों की मीटिंग होती है कि रिक्त स्थान को दाखिल करना है नहीं करना है उसके लिए भी है या नहीं क्योंकि सुप्रीम कोर्ट का पांच जजों पर फैसला होता है उस पर चश्मा कैसे शिकार करना जरूरी होता है लेकिन फिर भी अगर नीतीश पाते हैं इस तरह की रिस्ट्रिक्शंस तो उसे सुप्रीम कोर्ट के प्रपोजल मिलकर और सोचेंगे और मेरे पर आएंगे लेकिन इस तरह का ना होना चाहिए लेकिन फिर भी अगर हो रहा है तो सुप्रीम कोर्ट

aagya par supreme court ke faisle par bharatiya peace party mein dakhil ki punarvichar yachika koi bhi kar sakta hai punarvichar yachika writ pitishan aaj tak ka koi bhi paksh ko supreme court ki band karne mein parshadon ki meeting hoti hai ki rikt sthan ko dakhil karna hai nahi karna hai uske liye bhi hai ya nahi kyonki supreme court ka paanch judgon par faisla hota hai us par chashma kaise shikaar karna zaroori hota hai lekin phir bhi agar nitish paate hain is tarah ki ristrikshans toh use supreme court ke proposal milkar aur sochenge aur mere par aayenge lekin is tarah ka na hona chahiye lekin phir bhi agar ho raha hai toh supreme court

आज्ञा पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर भारतीय पीस पार्टी में दाखिल की पुनर्विचार याचिका कोई भी

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N. K. SINGH 'Nitesh'

Educator, Life Coach, Writer and Expert in British English Language, Author of Book/Fiction Lucky Girl (Love vs Marriage)

1:03
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

कहने के तो नाम भारतीय पीस पार्टी है और उसने पुनर्विचार याचिका दाखिल कर इस कानून में संविधान में अधिकार है तो भर्ती किस पार्टी की सरकार का उपयोग कर दिया समझ गई लिया गया है और फैसला जो लिया गया उसने इस बात का ख्याल रखा गया है कि शांति कायम रहे पीस पार्टी है जिसे हम नाम दे रहे हैं या पीस पार्टी कहीं शांति के चक्कर में और अशांति ना फैलाएं उसे सुप्रीम कोर्ट के फैसले का सम्मान करना चाहिए था मेरे लिए आते और पुनर्विचार याचिका दाखिल करने जैसा कोई काम यहां करना नहीं चाहिए का प्रयोग

kehne ke toh naam bharatiya peace party hai aur usne punarvichar yachika dakhil kar is kanoon mein samvidhan mein adhikaar hai toh bharti kis party ki sarkar ka upyog kar diya samajh gayi liya gaya hai aur faisla jo liya gaya usne is baat ka khayal rakha gaya hai ki shanti kayam rahe peace party hai jise hum naam de rahe hain ya peace party kahin shanti ke chakkar mein aur ashanti na failaen use supreme court ke faisle ka sammaan karna chahiye tha mere liye aate aur punarvichar yachika dakhil karne jaisa koi kaam yahan karna nahi chahiye ka prayog

कहने के तो नाम भारतीय पीस पार्टी है और उसने पुनर्विचार याचिका दाखिल कर इस कानून में संविधा

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K.L.Salvi Advocate (Ret.D,C,Mp)

Seva Nivrt.Deeputy,Collector

0:29
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फैसला न्यायिक कम और राजनीतिक ज्यादा लगता है यदि वहां पर बाबरी मस्जिद नहीं थी राम मंदिर तोड़ के मंदिर मस्जिद बनाई गई थी तो फिर मुसलमानों को बाबरी मस्जिद के लिए 5 एकड़ जमीन देना गैर वाजिब है इससे इस केस का इमोशनल बिगड़ गया है कि उनका यह भी कोई हक था तभी आपने 5 एकड़ जमीन भी है यदि महामंदिर ही आप साबित कर दिए हैं तो 5 एकड़ जमीन देने की जरूरत नहीं थी

faisla nyaayik kam aur raajnitik zyada lagta hai yadi wahan par babari masjid nahi thi ram mandir tod ke mandir masjid banai gayi thi toh phir musalmanon ko babari masjid ke liye 5 acre jameen dena gair wajib hai isse is case ka emotional bigad gaya hai ki unka yah bhi koi haq tha tabhi aapne 5 acre jameen bhi hai yadi mahamandir hi aap saabit kar diye hain toh 5 acre jameen dene ki zaroorat nahi thi

फैसला न्यायिक कम और राजनीतिक ज्यादा लगता है यदि वहां पर बाबरी मस्जिद नहीं थी राम मंदिर तोड

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वारीस

Software Engineer

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

अयोध्या में सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर भारतीय पीस पार्टी में दाखिल की पुनर्विचार याचिका प्राइस में चाहिए है कि कोर्ट को दोबारा फैसला करना चाहिए क्योंकि स्मिथ पक्ष नाखुश है मुसलमान और उनको अभी तक फैसला सही नहीं हुआ

ayodhya mein supreme court ke faisle par bharatiya peace party mein dakhil ki punarvichar yachika price mein chahiye hai ki court ko dobara faisla karna chahiye kyonki smith paksh nakhush hai musalman aur unko abhi tak faisla sahi nahi hua

अयोध्या में सुप्रीम कोर्ट के फैसले पर भारतीय पीस पार्टी में दाखिल की पुनर्विचार याचिका प्र

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