हार्दिक पटेल, जिग्नेश मेवणी, कन्हैया कुमार जैसे युवा लीडर मुस्लिम समाज में क्यों नहीं?...


play
user

Vijay Singh

Social Worker

1:46

Likes  92  Dislikes    views  1376
WhatsApp_icon
4 जवाब
qIcon
ask
ऐसे और सवाल
Loading...
Loading...
user

Vikas Singh

Political Analyst

1:55
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए हार्दिक पटेल जिग्नेश मेवाड़ी और कन्हैया कुमार जैसे लोग मुस्लिम में क्यों नहीं है लेकिन यह मुस्लिम वोट बैंक की राजनीति करते हैं यह लोग आतंकवाद का समर्थन करते हैं और आतंकवादी विचारधारा के हैं मैं आपको बताना चाहता हूं कि यह जो हार्दिक पटेल जी हैं इनकी बहन का कुछ चेक बाउंस हो गया था ट्वेल्थ में जब पढ़ती थी तो कोई स्कॉलरशिप कुछ देर से आया था या नहीं आया था तो उसके बाद उन्होंने उसको राजनीतिक मुद्दा बनाया और अपनी बहन की शादी में इन्होंने ₹100000000 खर्चा किया ₹100000000 इन को कहां से मिला ₹100000000 या तो माननीय राहुल गांधी जी दिए होंगे या आम आदमी पार्टी के अरविंद केजरीवाल जी दिए होंगे यही लोग देखते होंगे रही बात कन्हैया कुमार जिग्नेश मेवाड़ी की तो यह लोग आतंकवादी विचारधारा के हैं और कट्टर आतंकवाद के सपोर्टर हैं कन्हैया कुमार के ऊपर देशद्रोह का आरोप लगा था 4 सीट भी फाइल न हो पाई है लेकिन प्रोसेस में है और इनके ऊपर यह आज या कल जरूर इनको कानून हमारे देश का छोड़ेगा नहीं और यह सब हम लोग हम लोगों को भ्रमित करने की कोशिश करते रहते हैं और हमेशा करते रहेंगे देखिए इन के ऊपर अपना ध्यान नहीं देना है हमारी हम पूरे देश की जनता से ही कहना चाहते हैं कि यह सारे कम्युनिस्ट विचारधारा के हैं और कम्युनिस्ट विचारधारा के लोग सब कुछ खाते हैं वह गाय भी खाते हैं सूअर बिठाते हैं वह उनकी कोई विचारधारा नहीं होती है तो ऐसे विचारधारा के लोगों को हमेशा के लिए खत्म करना होगा आइए हम सभी लोग मिलजुल कर अपना महत्वपूर्ण वोट भारतीय जनता पार्टी को दें ताकि कन्हैया कुमार जिग्नेश मेवाड़ी हार्दिक पटेल मायावती मुलायम अखिलेश यादव राहुल गांधी ऐसे सारे नेताओं से अपने देश की सुरक्षा की जा सके धन्यवाद

dekhiye hardik patel jignesh mevadi aur kanhaiya kumar jaise log muslim mein kyon nahi hai lekin yah muslim vote bank ki raajneeti karte hain yah log aatankwad ka samarthan karte hain aur aatankwadi vichardhara ke hain main aapko bataana chahta hoon ki yah jo hardik patel ji hain inki behen ka kuch check bounce ho gaya tha twelfth mein jab padhati thi toh koi scholarship kuch der se aaya tha ya nahi aaya tha toh uske baad unhone usko raajnitik mudda banaya aur apni behen ki shadi mein inhone Rs kharcha kiya Rs in ko kahaan se mila Rs ya toh mananiya rahul gandhi ji diye honge ya aam aadmi party ke arvind kejriwal ji diye honge yahi log dekhte honge rahi baat kanhaiya kumar jignesh mevadi ki toh yah log aatankwadi vichardhara ke hain aur kattar aatankwad ke supporter hain kanhaiya kumar ke upar deshdroh ka aarop laga tha 4 seat bhi file na ho payi hai lekin process mein hai aur inke upar yah aaj ya kal zaroor inko kanoon hamare desh ka chodega nahi aur yah sab hum log hum logo ko bharmit karne ki koshish karte rehte hain aur hamesha karte rahenge dekhiye in ke upar apna dhyan nahi dena hai hamari hum poore desh ki janta se hi kehna chahte hain ki yah saare communist vichardhara ke hain aur communist vichardhara ke log sab kuch khate hain vaah gaay bhi khate hain suar bithate hain vaah unki koi vichardhara nahi hoti hai toh aise vichardhara ke logo ko hamesha ke liye khatam karna hoga aaiye hum sabhi log miljul kar apna mahatvapurna vote bharatiya janta party ko de taki kanhaiya kumar jignesh mevadi hardik patel mayawati mulayam akhilesh yadav rahul gandhi aise saare netaon se apne desh ki suraksha ki ja sake dhanyavad

देखिए हार्दिक पटेल जिग्नेश मेवाड़ी और कन्हैया कुमार जैसे लोग मुस्लिम में क्यों नहीं है लेक

Romanized Version
Likes  16  Dislikes    views  439
WhatsApp_icon
user

Bhaskar Saurabh

Politics Follower | Engineer

1:48
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

हार्दिक पटेल जिग्नेश मेवानी और कन्हैया कुमार जैसे युवा नेता मुस्लिम धर्म से इस वजह से नहीं आ पाते हैं क्योंकि मुझे लगता है कि जो मुस्लिम है वह भारतीय राजनीति में ज्यादा सक्रिय नहीं है और खासतौर से युवा क्योंकि हम देखते हैं कि बहुत सारे हिंदू धर्म के युवा नेता उभर कर सामने आ रहे हैं जिसके यह जीता जागता उदाहरण हैं जैसे की हार्दिक पटेल पाटीदार समाज से बिलॉन्ग करते हैं और उन्होंने पाटीदार समाज की जो भी परेशानियां हैं उस को आगे लेकर आए हो और इसी की वजह से वह फेमस हुए उसके बाद अगर हम जिग्नेश मेवानी की बात करें तो वह आरक्षित वर्ग से आते हैं और उन्होंने वह सारी चीजें की जो कि एक नेता को जरूरी है अपने समाज को ऊपर उठाने के लिए तो मुझे लगता है कि मुस्लिम धर्म में भी कुछ युवा नेता जरूर हैं लेकिन उन्हें यह कोशिश करनी चाहिए कि वह राष्ट्रीय स्तर तक किस तरह अपनी पहचान बनाए तो उन्हें कुछ इस तरह के का

hardik patel jignesh mevani aur kanhaiya kumar jaise yuva neta muslim dharm se is wajah se nahi aa paate hai kyonki mujhe lagta hai ki jo muslim hai vaah bharatiya raajneeti mein zyada sakriy nahi hai aur khaasataur se yuva kyonki hum dekhte hai ki bahut saare hindu dharm ke yuva neta ubhar kar saamne aa rahe hai jiske yah jita jaagta udaharan hai jaise ki hardik patel patidaar samaj se Belong karte hai aur unhone patidaar samaj ki jo bhi pareshaniya hai us ko aage lekar aaye ho aur isi ki wajah se vaah famous hue uske baad agar hum jignesh mevani ki baat kare toh vaah arakshit varg se aate hai aur unhone vaah saree cheezen ki jo ki ek neta ko zaroori hai apne samaj ko upar uthane ke liye toh mujhe lagta hai ki muslim dharm mein bhi kuch yuva neta zaroor hai lekin unhe yah koshish karni chahiye ki vaah rashtriya sthar tak kis tarah apni pehchaan banaye toh unhe kuch is tarah ke ka

हार्दिक पटेल जिग्नेश मेवानी और कन्हैया कुमार जैसे युवा नेता मुस्लिम धर्म से इस वजह से नहीं

Romanized Version
Likes  12  Dislikes    views  199
WhatsApp_icon
user

Anukrati

Journalism Graduate

1:54
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

गुजरात का एक समुदाय है जो पीड़ित भी है और आक्रोश में भी गुजरात के मुस्लिम आबादी 10% के करीब है पहले यह समुदाय राज्य के उत्पाद व संगठित क्षेत्र में बड़ी ताकत हुआ करता था कामगारों को 30% हिस्सा किसी समुदाय का था आज 53% मुस्लिम स्वयं का धंधा करते हैं या ऐसे कार्यों में लगे हैं जिनसे आमदनी व कारोबार बड़ी-बड़ी है किसी भी आंदोलन के लिए पर्याप्त संसाधन चाहिए जिससे इस समुदाय के पास कमी है इनमें समृद्ध व्यापारी वर्ग भी हैं लेकिन वह खुलकर समर्थन नहीं देते हैं भाई की वजह से क्योंकि फिर पहला निशाना वही बनते हैं दंगों के वक्त समृद्ध मुस्लिम परिवार भी अपनी संपत्ति और परिवार को लूटना हमले से बचाने के लिए अपने समुदाय की निम्न बस्तियों की ओर पलायन कर गए थे और यह समुदाय अपने बस्तियों में सिमट कर रह गया यही कारण है कि वह 11

gujarat ka ek samuday hai jo peedit bhi hai aur aakrosh mein bhi gujarat ke muslim aabadi 10 ke kareeb hai pehle yah samuday rajya ke utpaad va sangathit kshetra mein badi takat hua karta tha kamgaron ko 30 hissa kisi samuday ka tha aaj 53 muslim swayam ka dhandha karte hain ya aise karyo mein lage hain jinse aamdani va karobaar badi badi hai kisi bhi andolan ke liye paryapt sansadhan chahiye jisse is samuday ke paas kami hai inme samriddh vyapaari varg bhi hain lekin vaah khulkar samarthan nahi dete hain bhai ki wajah se kyonki phir pehla nishana wahi bante hain dango ke waqt samriddh muslim parivar bhi apni sampatti aur parivar ko lootna hamle se bachane ke liye apne samuday ki nimn bastiyon ki aur palayan kar gaye the aur yah samuday apne bastiyon mein simat kar reh gaya yahi karan hai ki vaah 11

गुजरात का एक समुदाय है जो पीड़ित भी है और आक्रोश में भी गुजरात के मुस्लिम आबादी 10% के करी

Romanized Version
Likes    Dislikes    views  191
WhatsApp_icon
qIcon
ask

Related Searches:
kanhaiya kumar hardik patel ;

QuestionsProfiles

Vokal App bridges the knowledge gap in India in Indian languages by getting the best minds to answer questions of the common man. The Vokal App is available in 11 Indian languages. Users ask questions on 100s of topics related to love, life, career, politics, religion, sports, personal care etc. We have 1000s of experts from different walks of life answering questions on the Vokal App. People can also ask questions directly to experts apart from posting a question to the entire answering community. If you are an expert or are great at something, we invite you to join this knowledge sharing revolution and help India grow. Download the Vokal App!