क्या राहुल गांधी को राफेल डील मामले पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को तोड़-मरोड़ कर पेश करने पर आरोपी बनाना उचित था?...


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प्रिय मित्र राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले को तोड़ मरोड़ कर जनता के सामने प्रस्तुत किया उसके पीछे उनका उद्देश्य था कि वह जनता को भ्रमित कर सके और हमारे प्रधानमंत्री की छवि को धूमिल कर सकें इसलिए उनके विरुद्ध इस प्रकार का मुकदमा सुप्रीम कोर्ट में पेश किया गया

priya mitra rahul gandhi ne supreme court ke faisle ko tod marod kar janta ke saamne prastut kiya uske peeche unka uddeshya tha ki vaah janta ko bharmit kar sake aur hamare pradhanmantri ki chhavi ko dhumil kar sake isliye unke viruddh is prakar ka mukadma supreme court me pesh kiya gaya

प्रिय मित्र राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले को तोड़ मरोड़ कर जनता के सामने प्रस्तुत

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जी नमस्कार अब राहुल गांधी के मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने जो कुछ है इसमें संज्ञान लिया था राहुल गांधी के बयान पर निश्चित तौर पर भी उस पर ध्यान देना पड़ेगा कि राहुल गांधी जी का बयान राहुल गांधी का बयान इफेक्टिव राफेल की डील हुई है वह पूर्व के लिए लिखने में है मुझे आज रात याद नहीं है जो भी 600 साल और नई सरकार ने इतने में डील किया है पूर्व की टीम कब हुई थी वर्तमान के दिल कब हुई बीच में मकैनिज्म का टेक्नोलॉजी का भी बहुत सारा समावेश हो गए इस कारण से उसके रेट बढ़ गया राहुल गांधी जी का आरोप था कि उन्होंने बाद में सरकार ने बाप को छुपाया और मां के दिल पर जो है सुप्रीम कोर्ट के संज्ञान में मामला आया तो सुप्रीम कोर्ट ने हर पहलू को देखा और सुप्रीम कोर्ट ने पाया राफेल पर जो है केंद्र सरकार सही है उन्होंने कोई बात छुपाई नहीं है राहुल जी ने सुप्रीम कोर्ट के फैसले को तोड़ मरोड़ कर पेश किया और उनको नहीं करना चाहिए था जब अंतरराष्ट्रीय कोई मुद्दा होता है तब उसके सर जो है अपने देश की मिट्टी में नहीं रहते हैं देश के बाहर ही होता देश का जो मान सम्मान देने देसी गाय में है कहीं ना कहीं उसे प्रभावित होती है और जो कि सुप्रीम कोर्ट के उन्होंने इस मंत्र को गलत तरीके से आम जनता के बीच में प्रचारित और प्रसारित किया था इस कारण से उनको जो है आरोपी बनाया गया था मेरे विचार से सुप्रीम कोर्ट का निर्णय सही निर्णय और एक एकता अखंडता और इससे अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर जो है भ्रमित करने का काम उन्होंने किया था यह काम नहीं करना चाहिए और उनके द्वारा फिर बाद में अगर सुप्रीम कोर्ट में सफाई दी गई और अनकंडीशनल अपॉलिजी जो है मांगी गई है तो अब एक पार्टी के वरिष्ठ नेता हैं हो सकता है कि आने वाला है कल मैं आप पर देश के पीएम बनने या जो कुछ भी स्थिति है कि आपको अपनी गंभीरता के साथ कोई बात करनी चाहिए थी मीडिया में कोई बात करने से पहले सोचना चाहिए आपको करोड़ देशवासी देखते हैं और करोड़ देशवासी के अलावा आपकी बात मीडिया के माध्यम से विदेश में हो जाती है उसे देश का गौरव मान सम्मान भी करता है और सबसे जरूरी बातें सिंह सुप्रीम कोर्ट ने जो कहा उसका तोड़ मरोड़ कर पेश करेगी है पब्लिक के बीच में जो मीडिया के बीच में प्रचारित किया गलत प्रचारित किस कारण से सुप्रीम कोर्ट ने इस टाइम के गलत ढंग से पेश करने के कारण लिया और उन को आरोपी बनाया

ji namaskar ab rahul gandhi ke mamle par supreme court ne jo kuch hai isme sangyaan liya tha rahul gandhi ke bayan par nishchit taur par bhi us par dhyan dena padega ki rahul gandhi ji ka bayan rahul gandhi ka bayan effective rafael ki deal hui hai vaah purv ke liye likhne me hai mujhe aaj raat yaad nahi hai jo bhi 600 saal aur nayi sarkar ne itne me deal kiya hai purv ki team kab hui thi vartaman ke dil kab hui beech me makainijm ka technology ka bhi bahut saara samavesh ho gaye is karan se uske rate badh gaya rahul gandhi ji ka aarop tha ki unhone baad me sarkar ne baap ko chupaya aur maa ke dil par jo hai supreme court ke sangyaan me maamla aaya toh supreme court ne har pahaloo ko dekha aur supreme court ne paya rafael par jo hai kendra sarkar sahi hai unhone koi baat chupai nahi hai rahul ji ne supreme court ke faisle ko tod marod kar pesh kiya aur unko nahi karna chahiye tha jab antararashtriya koi mudda hota hai tab uske sir jo hai apne desh ki mitti me nahi rehte hain desh ke bahar hi hota desh ka jo maan sammaan dene desi gaay me hai kahin na kahin use prabhavit hoti hai aur jo ki supreme court ke unhone is mantra ko galat tarike se aam janta ke beech me pracharit aur prasarit kiya tha is karan se unko jo hai aaropi banaya gaya tha mere vichar se supreme court ka nirnay sahi nirnay aur ek ekta akhandata aur isse antararashtriya muddon par jo hai bharmit karne ka kaam unhone kiya tha yah kaam nahi karna chahiye aur unke dwara phir baad me agar supreme court me safaai di gayi aur unconditional apaliji jo hai maangi gayi hai toh ab ek party ke varishtha neta hain ho sakta hai ki aane vala hai kal main aap par desh ke pm banne ya jo kuch bhi sthiti hai ki aapko apni gambhirta ke saath koi baat karni chahiye thi media me koi baat karne se pehle sochna chahiye aapko crore deshvasi dekhte hain aur crore deshvasi ke alava aapki baat media ke madhyam se videsh me ho jaati hai use desh ka gaurav maan sammaan bhi karta hai aur sabse zaroori batein Singh supreme court ne jo kaha uska tod marod kar pesh karegi hai public ke beech me jo media ke beech me pracharit kiya galat pracharit kis karan se supreme court ne is time ke galat dhang se pesh karne ke karan liya aur un ko aaropi banaya

जी नमस्कार अब राहुल गांधी के मामले पर सुप्रीम कोर्ट ने जो कुछ है इसमें संज्ञान लिया था रा

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Adv Anil Agarwal

Tanushka Associates, Advocate High Court

0:59
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जी बहुत जरूरी था अगर इस तरीके से कोई भी इंसान सुप्रीम कोर्ट के निर्णय को तोड़ मरोड़ के जनता के सामने पेश करेगा तो हमारे देश की नई बस्ती बिगड़ जाएगी सुप्रीम कोर्ट हमारे देश की सर्वोच्च न्याय प्रणाली है अगर उसकी छवि खराब होती है तो आप कुछ सोच सकते हैं कि देश की जनता ने क्या संदेश जाएगा गलत संदेश जाएगा इसलिए राहुल गांधी को अभी बनाना जरूरी था लेकिन राहुल गांधी को बरी करना भी बहुत बड़ी गलती थी इस केस में सजा होनी चाहिए थी यह बात अलग है कि हमारे देश के नेताओं में आपस में साठगांठ करके राजीनामा करके उसको माफी दे दी वह एक बहुत गलत निर्णय था कायदे से तो उसको सजा होनी चाहिए थी

ji bahut zaroori tha agar is tarike se koi bhi insaan supreme court ke nirnay ko tod marod ke janta ke saamne pesh karega toh hamare desh ki nayi basti bigad jayegi supreme court hamare desh ki sarvoch nyay pranali hai agar uski chhavi kharab hoti hai toh aap kuch soch sakte hain ki desh ki janta ne kya sandesh jaega galat sandesh jaega isliye rahul gandhi ko abhi banana zaroori tha lekin rahul gandhi ko bari karna bhi bahut badi galti thi is case me saza honi chahiye thi yah baat alag hai ki hamare desh ke netaon me aapas me sathganth karke rajinama karke usko maafi de di vaah ek bahut galat nirnay tha kayade se toh usko saza honi chahiye thi

जी बहुत जरूरी था अगर इस तरीके से कोई भी इंसान सुप्रीम कोर्ट के निर्णय को तोड़ मरोड़ के जन

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Daulat Ram Sharma Shastri

Psychologist | Ex-Senior Teacher

2:39
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

यस टर्न ऑन गांधीजी को महत्वपूर्ण जानकारी रहते हैं ना ना ना पूरे ग्रुप देते हैं वाकई में को सुप्रीम कोर्ट ने जब सब क्लीन चिट दे दी है तो मिस सही है यह और आज राफेल क्या जाने से भारत की जवाई सकती है उसमें बदली हुई है भारत का है भारत का डिफेंस मजबूत हुआ है और यह भारतीय जनता इस बार सर पसंद है और भारतीय जनता इस बात के लिए मिस्टर मोदी को बधाई भी दे रही है आपने देखा कि राहुल सामने पूरी अपनी जोर लगाकर पूरे विपक्ष ने इस मुद्दे को छाला था लेकिन जनता ने श्री सिंह ने गलत कर दिया प्रणब उसका उदाहरण है कि 2019 के जो एमपी के चुनाव थे उसमें पूरे विपक्ष को दूरी दूसरे धोना पड़ा श्री से कैंसिल कर दिया गया और जनता एकदम कोने में बैठा दिया इस बात से होता है कि जनता इनकी बातों पर कभी विश्वास नहीं करेगी क्योंकि जनता जानती है चंपा शिक्षित है क्वालिफाइड वर्क है लोग जानते हैं बेसिर पैर की बातें करना हिना राजनीतिज्ञों की आदत है यह सब अपने स्वार्थ के लिए लड़ते हैं अपने स्वार्थ के लिए दिखाते हैं जनहित के मामले में 70 सालों में कांग्रेस ने क्या किया कभी राहुल साहब को यह भी स्वीकार करना चाहिए राहुल साहब कभी अपने भविष्य के बारे में देखे हैं कि कांग्रेस के 70 साल के इतिहास में क्या ऐसी चीजें दिए सिर्फ देशभक्त प्रजा बड़ा सिर्फ देश के नागरिक बुके से गमला में क्यों हो गए उनकी आर्थिक समस्याएं बढ़ती गई उनके समय में क्या ऐसा हुआ उसको बनाया जा सकता हूं क्या भारत का डिफेंसर मजबूत था मैं सिर्फ इनके पास किस शासनकाल में सिर्फ एक अंदाज जी के शासनकाल को ही मजबूत मानता हूं मेरी कोई सशक्त प्रधानमंत्री हुआ था कांग्रेसियों में पुष्पेंद्र राजनीति जिनको देश के श्रेष्ठ 3:00 पीएम अकाउंट किया जाता है कांग्रेस का इतिहास कितना नहीं रहा है कांग्रेस में के राज में जितना अन्याय अधर्म शोषण हुआ है उतना किसी का युवा सिर्फ कांग्रेसियों ने पीछे बड़ी सदस्यों ने अपने घर बने प्रदेश का कोई विकास नहीं कर सकते तो मेरे विचार से राहुल साहब को कभी आप विशेषण करना चाहिए और बिना पूछे कोई बात नहीं करें क्योंकि हम तो यह समझ लेना चाहिए

Yes turn on gandhiji ko mahatvapurna jaankari rehte hai na na na poore group dete hai vaakai mein ko supreme court ne jab sab clean chit de di hai toh miss sahi hai yah aur aaj rafael kya jaane se bharat ki javai sakti hai usme badli hui hai bharat ka hai bharat ka defence majboot hua hai aur yah bharatiya janta is baar sir pasand hai aur bharatiya janta is baat ke liye mister modi ko badhai bhi de rahi hai aapne dekha ki rahul saamne puri apni jor lagakar poore vipaksh ne is mudde ko chaala tha lekin janta ne shri Singh ne galat kar diya pranab uska udaharan hai ki 2019 ke jo mp ke chunav the usme poore vipaksh ko doori dusre dhona pada shri se cancel kar diya gaya aur janta ekdam kone mein baitha diya is baat se hota hai ki janta inki baaton par kabhi vishwas nahi karegi kyonki janta jaanti hai champa shikshit hai qualified work hai log jante hai besir pair ki batein karna heena rajaneetigyon ki aadat hai yah sab apne swarth ke liye ladte hai apne swarth ke liye dikhate hai janhit ke mamle mein 70 salon mein congress ne kya kiya kabhi rahul saheb ko yah bhi sweekar karna chahiye rahul saheb kabhi apne bhavishya ke bare mein dekhe hai ki congress ke 70 saal ke itihas mein kya aisi cheezen diye sirf deshbhakt praja bada sirf desh ke nagarik Buke se gamala mein kyon ho gaye unki aarthik samasyaen badhti gayi unke samay mein kya aisa hua usko banaya ja sakta hoon kya bharat ka difensar majboot tha main sirf inke paas kis shasankal mein sirf ek andaaz ji ke shasankal ko hi majboot manata hoon meri koi sashakt pradhanmantri hua tha congressiyo mein pushpendra raajneeti jinako desh ke shreshtha 3 00 pm account kiya jata hai congress ka itihas kitna nahi raha hai congress mein ke raj mein jitna anyay adharma shoshan hua hai utana kisi ka yuva sirf congressiyo ne peeche baadi sadasyon ne apne ghar bane pradesh ka koi vikas nahi kar sakte toh mere vichar se rahul saheb ko kabhi aap visheshan karna chahiye aur bina pooche koi baat nahi kare kyonki hum toh yah samajh lena chahiye

यस टर्न ऑन गांधीजी को महत्वपूर्ण जानकारी रहते हैं ना ना ना पूरे ग्रुप देते हैं वाकई में को

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Ajay Sinh Pawar

Founder & M.D. Of Radiant Group Of Industries

2:28

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

क्या राहुल गांधी को राफेल डील मामले पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को तोड़ मरोड़ कर पेश करने पर आरोपी बनाना उचित था पॉलिटिक्स जो राजकरण होता है उसमें स्टेटमेंट एक दूसरे के आरोप-प्रत्यारोप हमेशा चलते रहते हैं राफेल डील पर शंका जताना राहुल गांधी के द्वारा यह चित्र वजूद के कारण था इसका उन्होंने कोई कारण नहीं दिखाया और बहुत सारे उन्होंने जो प्रमाण दिए वह प्रमाण सुप्रीम कोर्ट के गले नहीं सुप्रीम कोर्ट ने जब राफेल डील को पूरा जब सरकार में सब कुछ टाइप कर दिया बंद कवर में जब नोट सब पहुंचा दी फिर बाद में राहुल गांधी का इस तरह का स्टेटमेंट देना उस समय कतई गयादीन नहीं था लेकिन कोर्ट के फैसले को तोड़ मरोड़ कर राहुल गांधी ने पेश किया आम जनता के सामने चुनाव में इसलिए उनके ऊपर यह आरोप लगाए गए सुप्रीम कोर्ट के जो फैसले होते हैं उसे आम जनता में तोड़ मरोड़ कर पेश करना वह खुद राहुल गांधी अपने हाथ से उन्होंने अपनी छवि खराब थी और उसका खामियाजा उनको चुनाव में भुगतना पड़ा जितनी चुनावी सभा थी उत्सव में वह चौकीदार चोर है और राफेल डील इसके बारे में ही बात करते हैं और लोगों ने इस पर प्रतिभाओं या उनको सहमति नहीं दी और इतनी ज्यादा सीटें भी नहीं मिली और वोट प्रतिशत काफी कम इसलिए जो उनके विरोधी जो सत्ताधारी पार्टी थे उन्होंने उनको यह आरोपी बना दिया करो राहुल गांधी की भूल की वजह से ही इस तरह से राहुल गांधी को नहीं करना चाहिए था ऐसा मेरा मानना है

kya rahul gandhi ko rafael deal mamle par supreme court ke faisle ko tod marod kar pesh karne par aaropi banana uchit tha politics jo rajyakaran hota hai usme statement ek dusre ke aarop pratyarop hamesha chalte rehte hain rafael deal par shanka jatana rahul gandhi ke dwara yah chitra wajood ke karan tha iska unhone koi karan nahi dikhaya aur bahut saare unhone jo pramaan diye vaah pramaan supreme court ke gale nahi supreme court ne jab rafael deal ko pura jab sarkar mein sab kuch type kar diya band cover mein jab note sab pohcha di phir baad mein rahul gandhi ka is tarah ka statement dena us samay katai gayadin nahi tha lekin court ke faisle ko tod marod kar rahul gandhi ne pesh kiya aam janta ke saamne chunav mein isliye unke upar yah aarop lagaye gaye supreme court ke jo faisle hote hain use aam janta mein tod marod kar pesh karna vaah khud rahul gandhi apne hath se unhone apni chhavi kharab thi aur uska khamiyaja unko chunav mein bhugatna pada jitni chunavi sabha thi utsav mein vaah chaukidaar chor hai aur rafael deal iske bare mein hi baat karte hain aur logo ne is par pratibhaon ya unko sahmati nahi di aur itni zyada seaten bhi nahi mili aur vote pratishat kaafi kam isliye jo unke virodhi jo sattadhari party the unhone unko yah aaropi bana diya karo rahul gandhi ki bhool ki wajah se hi is tarah se rahul gandhi ko nahi karna chahiye tha aisa mera manana hai

क्या राहुल गांधी को राफेल डील मामले पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को तोड़ मरोड़ कर पेश करने पर

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Dr. KRISHNA CHANDRA

Rehabilitation Psychologist

0:20
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अगर आप ने राहुल गांधी की प्रोफेसर और चुनाव के समय की लेरियन भाषण सुने होंगे तो आपको आभास हो जाएगा कि किस लड़के से राहुल गांधी ने सुप्रीम कोर्ट के डिसीजन को तोड़ मरोड़ कर पेश किया था

agar aap ne rahul gandhi ki professor aur chunav ke samay ki leriyan bhashan sune honge toh aapko aabhas ho jaega ki kis ladke se rahul gandhi ne supreme court ke decision ko tod marod kar pesh kiya tha

अगर आप ने राहुल गांधी की प्रोफेसर और चुनाव के समय की लेरियन भाषण सुने होंगे तो आपको आभास ह

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Abhay Pratap

Advocate | Social Welfare Activist

0:33
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राफेल डील पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को तोड़ मरोड़ कर पेश करने जैसे आरोप बेबुनियाद हैं राहुल गांधी जैसा व्यक्ति तो डांस के साथ हर समय खिलवाड़ ही करता है और राष्ट्र की किसी भी फैसले को वह जनता में तोड़ मरोड़ कर मजाक या उसे निंदनीय ही बनाता है फिर अगर वह आरोपी बनता है तो उस या अनुचित नहीं है

rafael deal par supreme court ke faisle ko tod marod kar pesh karne jaise aarop bebuniyad hain rahul gandhi jaisa vyakti toh dance ke saath har samay khilwad hi karta hai aur rashtra ki kisi bhi faisle ko vaah janta mein tod marod kar mazak ya use nindaniya hi banata hai phir agar vaah aaropi banta hai toh us ya anuchit nahi hai

राफेल डील पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले को तोड़ मरोड़ कर पेश करने जैसे आरोप बेबुनियाद हैं राहु

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Dr.Swatantra Sharma

Yoga Expert & Consultant

1:54
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए यह जो नेता है अभी पूरी तरह परिपक्व नहीं हो पाए हैं और मुझे लगता है कि शायद यह परिपक्वता इनमें नहीं आ पाएगी क्योंकि इनको लीगेसी तो बहुत अच्छी मिल गई है लेकिन उस लीगेसी का बोझ यह अपने विवेक से उठा नहीं पा रहे हैं अंततोगत्वा उल्टे सीधे जाम लगाकर और भारत की संवैधानिक व्यवस्था का मखौल उड़ा कर अपनी राजनीति चलाना चाहते हैं लेकिन राजनीति ऐसे नहीं चलती है राजनीति के लिए कुछ परिश्रम करना पड़ता है अपने विवेक का इस्तेमाल करना पड़ता है और मुझे लगता है कि इनमें बुद्धि तो है किंतु विवेक का सर्वथा अभाव है जिसके कारण से इनकी बुद्धि सकारात्मक चिंतन कर ही नहीं पाती इसलिए मुझे लगता है यह जहां कहीं भी जाएंगे या जिस भी रुप में इनको कोई बात मालूम पड़ेगी तो उसको उल्टे सीधे तरीके से पेश करके अपना उल्लू सीधा करने का प्रयास करेंगे लेकिन यह आप यह भूल गए हैं कि भारत की जनता समझदार हो गई है उसके पास एक ऐसी ताकत आ गई है जिससे अब इनकी झूठ की पोल पट्टी नहीं चल सकती इनको हर जगह मुंह की खानी पड़ेगी क्योंकि अब इनका कोई भी तथ्य या इनके द्वारा प्रकट किया कोई भी साक्षर भारत की जनता को भ्रमित नहीं कर पाएगा और मुझे लगता है कि अब इनका भविष्य पूर्णतया अंधकार में है और भारत का भविष्य पूर्ण रूप से सक्षम है और उज्जवल है

dekhiye yah jo neta hai abhi puri tarah paripakva nahi ho paye hain aur mujhe lagta hai ki shayad yah paripakvata inme nahi aa payegi kyonki inko ligesi toh bahut achi mil gayi hai lekin us ligesi ka bojh yah apne vivek se utha nahi paa rahe hain antatogatwa ulte sidhe jam lagakar aur bharat ki samvaidhanik vyavastha ka makhaul uda kar apni raajneeti chalana chahte hain lekin raajneeti aise nahi chalti hai raajneeti ke liye kuch parishram karna padta hai apne vivek ka istemal karna padta hai aur mujhe lagta hai ki inme buddhi toh hai kintu vivek ka sarvatha abhaav hai jiske karan se inki buddhi sakaratmak chintan kar hi nahi pati isliye mujhe lagta hai yah jaha kahin bhi jaenge ya jis bhi roop mein inko koi baat maloom padegi toh usko ulte sidhe tarike se pesh karke apna ullu seedha karne ka prayas karenge lekin yah aap yah bhool gaye hain ki bharat ki janta samajhdar ho gayi hai uske paas ek aisi takat aa gayi hai jisse ab inki jhuth ki pole patti nahi chal sakti inko har jagah mooh ki khaani padegi kyonki ab inka koi bhi tathya ya inke dwara prakat kiya koi bhi sakshar bharat ki janta ko bharmit nahi kar payega aur mujhe lagta hai ki ab inka bhavishya purnataya andhakar mein hai aur bharat ka bhavishya purn roop se saksham hai aur ujjawal hai

देखिए यह जो नेता है अभी पूरी तरह परिपक्व नहीं हो पाए हैं और मुझे लगता है कि शायद यह परिपक्

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