अभी तक आपने कोई ऐसे स्टोरी कवर करी है जिसमें आपकी जान को ख़तरा था?...


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Rihana Panwar

Journalist

1:01
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

हां एक स्टोरी कवर की थी जिसमें एक पुलिस ने दरोगा ने खतौली थाने के दरोगा ने दो नाबालिग लड़कियों को गोकशी के आरोप में पकड़ लिया था उसके बाप को पकड़ा था लेकिन लड़कियों को बिठा लिया था हमने कहा यह नाबालिक लड़कियां तो रोने का कोई बात नहीं जेल में जाकर बालिक हो जाएंगे तब हमारे सोनकी 9:00 बजे कोई और उन्होंने उन पर आरोप लगाने की पूरी कोशिश की तब हम मां से बच गए लेकिन मैंने वह स्टोरी छापी थी के गोकशी की आड़ में नाबालिग लड़कियों पर पुलिस का कहर दूसरा था हमारे मुरादनगर क्षेत्र में एक रेप का मामला आया था एक मौत मुरादनगर के जाने-माने हस्ती का बेटा था उसने एक लड़की का रेप कर लिया था मैंने वीडियो बना ली थी तो मुझ पर मुकदमा कायम होने के पूरे पूरे चांस है क्योंकि लड़कों वाले ने पैसे देकर उनका मुंह बंद करा देता और वह मुझ पर आगे तक इसमें झूठी खबर चलाइए तब मेरे पर मैं बाल-बाल बची थी

haan ek story cover ki thi jisme ek police ne daroga ne khatauli thane ke daroga ne do nabalik ladkiyon ko gokshi ke aarop me pakad liya tha uske baap ko pakada tha lekin ladkiyon ko bitha liya tha humne kaha yah nabalik ladkiya toh rone ka koi baat nahi jail me jaakar baalik ho jaenge tab hamare shaunki 9 00 baje koi aur unhone un par aarop lagane ki puri koshish ki tab hum maa se bach gaye lekin maine vaah story chapi thi ke gokshi ki aad me nabalik ladkiyon par police ka kahar doosra tha hamare muradnagar kshetra me ek rape ka maamla aaya tha ek maut muradnagar ke jaane maane hasti ka beta tha usne ek ladki ka rape kar liya tha maine video bana li thi toh mujhse par mukadma kayam hone ke poore poore chance hai kyonki ladko waale ne paise dekar unka mooh band kara deta aur vaah mujhse par aage tak isme jhuthi khabar chalaiye tab mere par main baal baal bachi thi

हां एक स्टोरी कवर की थी जिसमें एक पुलिस ने दरोगा ने खतौली थाने के दरोगा ने दो नाबालिग लड़क

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Naresh Kumar Sharma

COUNSELOR ( EDUCATION, EMPLOYMENT, MARRIAGE, FAMILY DISPUTE @ MEDIA)

2:28
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

बिल्कुल हमने ऐसी चीजें कवर की है जिसमें जान का खतरा था लेकिन उस कहानी का यहां जिक्र करना उचित नहीं होगा खतरा यह नहीं कहा जा सकता कि स्टोरी को कवर करने में खतरा है खतरा कभी भी कहीं भी हो सकता है बंदूक के साए गुणों की बौछार से ज्यादा खतरा आज के करुणा वायरस की महामारी में है फिर भी हमारे पत्रकार भाई हमारे डॉक्टर भाई पूरा हेल्थ डिपार्टमेंट हमारी सेना हमारे नेतागण और हमारे समाजसेवी भाई जो खाना वितरण कर रहे हैं हमारे सफाई से जुड़े हुए भाई बहन जो खतरा मोल लेकर सड़कों पर गांव को शहर को देश को साफ करते हैं और देश हित में हर बड़े से बड़ा खतरा उठाने के लिए हो तैयार रहते हैं और तैयार ही नहीं रहता उठा रहे हैं हमारा हिंदुस्तान पूरे विश्व में यह चीज की मिसाल है जो आज के दौर के हिंदुस्तान के यशस्वी प्रधानमंत्री मोदी जी के दिशा निर्देशों में चल रहा है अगर पूरा देश उनके हिसाब से नियमों का पालन करता रहे तो मैं समझता हूं यह करो ना वायरस का खतरा भी कम हो जाएगा आप घर में रहे अपना ध्यान रखें अपनों का ध्यान रखें स्वस्थ रहें सभी को स्वस्थ रखें धन्यवाद

bilkul humne aisi cheezen cover ki hai jisme jaan ka khatra tha lekin us kahani ka yahan jikarr karna uchit nahi hoga khatra yah nahi kaha ja sakta ki story ko cover karne me khatra hai khatra kabhi bhi kahin bhi ho sakta hai bandook ke saye gunon ki bauchar se zyada khatra aaj ke corona virus ki mahamari me hai phir bhi hamare patrakar bhai hamare doctor bhai pura health department hamari sena hamare netagan aur hamare samajsevi bhai jo khana vitaran kar rahe hain hamare safaai se jude hue bhai behen jo khatra mole lekar sadkon par gaon ko shehar ko desh ko saaf karte hain aur desh hit me har bade se bada khatra uthane ke liye ho taiyar rehte hain aur taiyar hi nahi rehta utha rahe hain hamara Hindustan poore vishwa me yah cheez ki misal hai jo aaj ke daur ke Hindustan ke yashashvi pradhanmantri modi ji ke disha nirdeshon me chal raha hai agar pura desh unke hisab se niyamon ka palan karta rahe toh main samajhata hoon yah karo na virus ka khatra bhi kam ho jaega aap ghar me rahe apna dhyan rakhen apnon ka dhyan rakhen swasth rahein sabhi ko swasth rakhen dhanyavad

बिल्कुल हमने ऐसी चीजें कवर की है जिसमें जान का खतरा था लेकिन उस कहानी का यहां जिक्र करना उ

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जी हां लेकिन मैं उस स्टोरी को जाहिर नहीं करना चाहूंगा क्योंकि वह घटना एक बार घटित हो चुकी है मैं नहीं चाहता कि वह खत्म दोबारा घटित हो

ji haan lekin main us story ko jaahir nahi karna chahunga kyonki vaah ghatna ek baar ghatit ho chuki hai main nahi chahta ki vaah khatam dobara ghatit ho

जी हां लेकिन मैं उस स्टोरी को जाहिर नहीं करना चाहूंगा क्योंकि वह घटना एक बार घटित हो चुकी

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1:10
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

कई बार ऐसे समाचार होते हैं या ऐसे मामले होते हैं कि जहां जान को खतरा बन जाता है ऐसा जैसी कोई स्टोरी सामने से चलकर आती नहीं हमारे यहां हरियाणा में कुछ दिनों पहले आरक्षण का आंदोलन हुआ था उससे पहले भी कई तरह के आंदोलन हुए इन सारे आंदोलनों की मुख्य की रिपोर्टिंग करना आपने अपनी जान जोखिम में डालना है जहां चारों और अगर लोग हैं जान एक भीड़ है जिस भीड़ का कोई नया नियम है ना धर्म है उसके बीच में खड़े होकर आगरा पत्रकारिता करते हैं तो किसी भी समय कहीं से भी आप पर हमला हो सकता है तो यह जान जोखिम में डालकर काम करना तो पत्रकारिता का आपसे यह कह सकते हैं कि दहेज में मिलता है और यही पत्रकारिता है यही इसका हुनर है कि ऐसी स्थिति में आप किस तरह से खुद का बचाव करते हुए काम कर पाते हैं बेहतर कवरेज कर पाते हैं तो ऐसा कुछ नहीं है की जान खतरे में ही जाती है खतरे में डाला जाता है कई बार खतरा होता भी है इसी से बचाव करते हुए एक बेहतर किंग करना ही पत्रकारिता का लक्षण है और ऐसी बहुत सारी दर्जनों में कह सकता हूं कि मैंने स्टोरी कवर की है जिनमें किसी भी वक्त मेरे लिए खतरा हो सकता था

kai baar aise samachar hote hain ya aise mamle hote hain ki jaha jaan ko khatra ban jata hai aisa jaisi koi story saamne se chalkar aati nahi hamare yahan haryana mein kuch dino pehle aarakshan ka andolan hua tha usse pehle bhi kai tarah ke andolan hue in saare andolanon ki mukhya ki reporting karna aapne apni jaan jokhim mein dalna hai jaha charo aur agar log hain jaan ek bheed hai jis bheed ka koi naya niyam hai na dharm hai uske beech mein khade hokar agra patrakarita karte hain toh kisi bhi samay kahin se bhi aap par hamla ho sakta hai toh yah jaan jokhim mein dalkar kaam karna toh patrakarita ka aapse yah keh sakte hain ki dahej mein milta hai aur yahi patrakarita hai yahi iska hunar hai ki aisi sthiti mein aap kis tarah se khud ka bachav karte hue kaam kar paate hain behtar coverage kar paate hain toh aisa kuch nahi hai ki jaan khatre mein hi jaati hai khatre mein dala jata hai kai baar khatra hota bhi hai isi se bachav karte hue ek behtar king karna hi patrakarita ka lakshan hai aur aisi bahut saree darjanon mein keh sakta hoon ki maine story cover ki hai jinmein kisi bhi waqt mere liye khatra ho sakta tha

कई बार ऐसे समाचार होते हैं या ऐसे मामले होते हैं कि जहां जान को खतरा बन जाता है ऐसा जैसी क

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Asad Ashraf

One of India's leading journalists on minority issues

0:44
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

पूछा तो ठीक है लेकिन मुझे लगता है कि जहां पर काम स्पेलिंग रहते हैं और स्कूल के बच्चों को आम चुनाव फ्री कि मैंने और उन्होंने सारी बातें किसी तरह मैं वहां पर

poocha toh theek hai lekin mujhe lagta hai ki jaha par kaam spelling rehte hain aur school ke baccho ko aam chunav free ki maine aur unhone saree batein kisi tarah main wahan par

पूछा तो ठीक है लेकिन मुझे लगता है कि जहां पर काम स्पेलिंग रहते हैं और स्कूल के बच्चों को आ

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जी हां मैंने एक स्टोरी कवर की थी झालावाड़ जिले के डग कस्बे में जहां पर शिवसेना के अंतर्गत सन 2004 में छोटी-छोटी दुकानें बनाकर योग्य को देना था लेकिन यहां पर राजनीतिक चहेतों को बंदरबांट कर दी गई थी उसका स्टिंग करी मैंने एक्सेप्ट किया सारे डॉक्यूमेंट इकट्ठा किया और उसके बाद एंटी का पूरा मामला दर्ज कराया उस दौरान में बहुत मानसिक रूप से परेशान था मुझे नहीं पता भी धमकियां मिलती रही लेकिन मैं अपने काम का नहीं दिखा

ji haan maine ek story cover ki thi jhalawad jile ke dug kasbe mein jaha par shivsena ke antargat san 2004 mein choti choti dukanein banakar yogya ko dena tha lekin yahan par raajnitik chaheton ko bandarabant kar di gayi thi uska sting kari maine except kiya saare document ikattha kiya aur uske baad anti ka pura maamla darj karaya us dauran mein bahut mansik roop se pareshan tha mujhe nahi pata bhi dhamkiyan milti rahi lekin main apne kaam ka nahi dikha

जी हां मैंने एक स्टोरी कवर की थी झालावाड़ जिले के डग कस्बे में जहां पर शिवसेना के अंतर्गत

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

बिल्कुल हमने ऐसी कई स्टोरियां कंवर की है जिसमें की जान को खतरा एक बार नहीं आने को बाहर आया है लेकिन यह सब जब निर्भीक पत्रकारिता की जाती है तो उसमें होता रहता है और इससे घबराने की आवश्यकता नहीं होती है एक पत्रकार के साथ करना चाहिए बताओ तो भी वो उसका बाल बांका नहीं होता है अगर आप ईमानदारी और सच्चाई के साथ में लिखेंगे तो आपका कोई बाल बांका नहीं कर सकता है मेरे साथ तेज प्रकार का कई बार हुआ है और उन सारी परिस्थितियों से निपटाया 228 और आगे बढ़ाएं

bilkul humne aisi kai storiyan kanwar ki hai jisme ki jaan ko khatra ek baar nahi aane ko bahar aaya hai lekin yah sab jab nirbheek patrakarita ki jaati hai toh usme hota rehta hai aur isse ghabrane ki avashyakta nahi hoti hai ek patrakar ke saath karna chahiye batao toh bhi vo uska baal baanka nahi hota hai agar aap imaandaari aur sacchai ke saath mein likhenge toh aapka koi baal baanka nahi kar sakta hai mere saath tez prakar ka kai baar hua hai aur un saree paristhitiyon se niptaya 228 aur aage badhayen

बिल्कुल हमने ऐसी कई स्टोरियां कंवर की है जिसमें की जान को खतरा एक बार नहीं आने को बाहर आया

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जान का खतरा आजकल थोड़ा अलग तरह का हो गया है आजकल पता नहीं चलता कि कब कैसे स्टोरी में आपका जान का खतरा जाए तब स्थिति सामान्य है और कब-कब हालात काबू में है और कब हालात बेकाबू हो जाए कब भीड़ उग्र हो जाए और कब पुलिस उग्र हो जाए भीड़ पर लाठियां मानदेय साथ में आप पर भी परिस्थितियों का पता नहीं चलता कि जंतर-मंतर पर ही बिगड़ जाए इंडिया गेट पर ही बिगड़ जाए देश के बाकी हिस्सों को छोड़ दें भीड़ भी आजकल उग्र हो जाती है थोड़े से बहकावे में आ जाती है और पुलिस प्रयास कर कम लाठीचार्ज कर दें क्या उसकी मानसिकता है इसका भी कुछ पता नहीं चल पाता तो हर स्टोरी में ऐसा कोई भी पूरी संभावना नहीं है लेकिन समय का पता नहीं चलता तो सचेत रहना होता है चोरी करते वक्त किस तरीके से पहले भी स्टोरी से बाद में भी तो जामिया में जब मैं गया था मैं फॉरेस्ट कवर करने दिल्ली में तो संडे से मैं अगले दिन गया था सोमवार को हल्ला किताब भीड़ वहां पर बहुत ज्यादा थी वह बाहर भारत थोड़ा सा बेकाबू होती थी क्योंकि स्थानीय लोग थे वहां पर उसको संभाल रहे थे पुलिस वहां से दूर थी लेकिन पुलिस एकदम तैनाती कब लाठियां भांज देखा बुक आंसू गैस के गोले छोड़ दे कुछ नहीं कहते

jaan ka khatra aajkal thoda alag tarah ka ho gaya hai aajkal pata nahi chalta ki kab kaise story mein aapka jaan ka khatra jaaye tab sthiti samanya hai aur kab kab haalaat kabu mein hai aur kab haalaat bekabu ho jaaye kab bheed ugra ho jaaye aur kab police ugra ho jaaye bheed par lathiyan manday saath mein aap par bhi paristhitiyon ka pata nahi chalta ki jantar mantar par hi bigad jaaye india gate par hi bigad jaaye desh ke baki hisson ko chod de bheed bhi aajkal ugra ho jaati hai thode se bahakaave mein aa jaati hai aur police prayas kar kam lathicharj kar de kya uski mansikta hai iska bhi kuch pata nahi chal pata toh har story mein aisa koi bhi puri sambhavna nahi hai lekin samay ka pata nahi chalta toh sachet rehna hota hai chori karte waqt kis tarike se pehle bhi story se baad mein bhi toh jamia mein jab main gaya tha main forest cover karne delhi mein toh sunday se main agle din gaya tha somwar ko halla kitab bheed wahan par bahut zyada thi vaah bahar bharat thoda sa bekabu hoti thi kyonki sthaniye log the wahan par usko sambhaal rahe the police wahan se dur thi lekin police ekdam tainati kab lathiyan bhanj dekha book aasu gas ke gole chod de kuch nahi kehte

जान का खतरा आजकल थोड़ा अलग तरह का हो गया है आजकल पता नहीं चलता कि कब कैसे स्टोरी में आपका

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

एक बार में ऐसी स्टोरी की जिसमें हमारी जान को भी खतरा था 2004 में हमने गया जिले के डुमरिया के जंगलों में नक्सलियों का कवरेज करने गया था नक्सलियों के पीछे पुलिस भी लगी थी चारों ओर से पुलिस का भी खतरा था पकड़े जाने पर जान भी जा सकती थी एनकाउंटर होने पर भी जान जा सकती थी तो जीवन में कभी-कभी ऐसे भी मुकाम आते हैं जहां पत्रकारों को जान पर खेलकर भी मीडिया के लिए कवरेज करना होता है कई बार ऐसा संकट आया है जान का खतरा तो पग-पग पर रहते हैं लेकिन इससे बचने की आवश्यकता है पहले अपना सुरक्षा देखें उसके बाद हाउस की सूरत हाउस के गुणवत्ता पर ध्यान दें धन्यवाद

ek baar mein aisi story ki jisme hamari jaan ko bhi khatra tha 2004 mein humne gaya jile ke dumaria ke jungalon mein naksaliyo ka coverage karne gaya tha naksaliyo ke peeche police bhi lagi thi charo aur se police ka bhi khatra tha pakde jaane par jaan bhi ja sakti thi encounter hone par bhi jaan ja sakti thi toh jeevan mein kabhi kabhi aise bhi mukam aate hain jaha patrakaron ko jaan par khelkar bhi media ke liye coverage karna hota hai kai baar aisa sankat aaya hai jaan ka khatra toh pug pug par rehte hain lekin isse bachne ki avashyakta hai pehle apna suraksha dekhen uske baad house ki surat house ke gunavatta par dhyan de dhanyavad

एक बार में ऐसी स्टोरी की जिसमें हमारी जान को भी खतरा था 2004 में हमने गया जिले के डुमरिया

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पवनदेव

टीवी पत्रकार

1:54
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मैंने ऐसी कोई स्टोरी नहीं कवर की जिस पर मेरी जान को खतरा था मतलब कि जो भी किसी की जाए उसको करने से पहले प्लानिंग करनी पड़ती है और इतना भी रिस्क ना लिया जाए कि जान को जोखिम में डालना पड़े हां अगर आपको लगता है कि चीजें सुलभ हो सकती हैं आप का वीडियो बना सकते हैं उस वीडियो के बनने के बाद उस शख्स की हालत खराब हो सकती है तो आप बना सकते हैं इसमें दबंगों का दुख होता है लेकिन अगर दबंग गलत है तो आप ईमानदारी से अपना ऊपर करेंगे क्योंकि सांच को आंच नहीं आती ऐसा मेरा मानना है मैंने इंडियन ऑयल पेट्रोल पंप से तेल चोरी जी का पूरा मामला होता था का पर्दाफाश करने की कोशिश की गई थी तो उस दौरान लगा था कि जो असल आधारित है और जो टाइम करो उसे खोल कर के पानी के नल की तरह तेल तहसील पदार्थ बाहर निकालते थे लेकिन वहां यह बात थी कि बहुत बड़ा आता है उस अहाते में 14 15 इंडियन ऑल के टैंकर आगे खड़े जाते थे और उन से तेल चोरी किया दे दी लेकिन विहार इलाके के बीच में आता था जहां पानी पूरी घटना होती थी और सबसे बड़ी बात है कि ज्वलनशील पदार्थ कोयल की तरह खोलकर निकालना और अगर हल्की सी चिंगारी पकड़े तो प्रयास इलाका होने से काफी लोगों की जिंदगी जोखिम थी उस दौरान थोड़ा लगा था कि कुछ हो सकता है

maine aisi koi story nahi cover ki jis par meri jaan ko khatra tha matlab ki jo bhi kisi ki jaaye usko karne se pehle planning karni padti hai aur itna bhi risk na liya jaaye ki jaan ko jokhim mein dalna pade haan agar aapko lagta hai ki cheezen sulabh ho sakti hain aap ka video bana sakte hain us video ke banne ke baad us sakhs ki halat kharab ho sakti hai toh aap bana sakte hain isme dabangon ka dukh hota hai lekin agar dabang galat hai toh aap imaandaari se apna upar karenge kyonki sanch ko aanch nahi aati aisa mera manana hai maine indian oil petrol pump se tel chori ji ka pura maamla hota tha ka pardafash karne ki koshish ki gayi thi toh us dauran laga tha ki jo asal aadharit hai aur jo time karo use khol kar ke paani ke nal ki tarah tel tehsil padarth bahar nikalate the lekin wahan yah baat thi ki bahut bada aata hai us ahate mein 14 15 indian all ke tanker aage khade jaate the aur un se tel chori kiya de di lekin vihar ilaake ke beech mein aata tha jaha paani puri ghatna hoti thi aur sabse badi baat hai ki jwalanshil padarth koyal ki tarah kholakar nikalna aur agar halki si chingaari pakde toh prayas ilaka hone se kaafi logo ki zindagi jokhim thi us dauran thoda laga tha ki kuch ho sakta hai

मैंने ऐसी कोई स्टोरी नहीं कवर की जिस पर मेरी जान को खतरा था मतलब कि जो भी किसी की जाए उसको

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Sachin Sinha

Journalist

2:26
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

बिल्कुल गाने सेक्सी स्टोरियां कई सारी कहानियां मैंने तो बता दिया है जिसको भी जवाब दो किसी भी सरकारी धान का मंडी का उलटफेर होते हैं वहां भी आपका भी कोशिश करिएगा तभी आपको हो बन रहे बांध में हो रहे भ्रष्टाचार के बारे में लिखकर देखेगा तो जरूर जान कितने की मिलेगी मिलेगी कवरस्टोरी काम करते समय अब आपको या राशन की उलटफेर होते गाड़ियों ओवरलोड गाड़ियां जब यह बोलते हैं कि अपनों ने किया कि है यह फाइनेंस वर्तमान एसपी की है यह घड़ी भवानी प्लीज पीछे पड़े हो तो पिक सम था हमसे आप लड़की देखे जिंदा लड़की देखे आराम से लड़की देखे बिल्कुल जान क्या को खतरा ही नहीं अब चांस अभी हाथरस शिक्षा माफियाओं से लड़के देखिए आप स्टोरी कवर करने जाएं और वहां से वापस आ जाती बस समझ गए कि आप जैसे तैसे हमारा दिन तक गया राम जी की और किसी अनाथालय में बच्चों के साथ पूरा जानकी पूरा सरकारी तंत्र से लेकर के बारे तब आपको मालूम पड़ जाएगा और कभी उन महिलाओं के बारे में लिखें मुझको दिया जाता है और वह अनाथालय में रहती हैं उनसे सेक्स वर्कर के ससुर की करवाया जाता है उसके बारे में लिखे पूरा सरकारी तंत्र को जल विद्युत कर्मचारी बाहर निकल आए तो मुझे बहुत बड़े पाकिस्तानी

bilkul gaane sexy storiyan kai saree kahaniya maine toh bata diya hai jisko bhi jawab do kisi bhi sarkari dhaan ka mandi ka ulatafer hote hain wahan bhi aapka bhi koshish kariega tabhi aapko ho ban rahe bandh mein ho rahe bhrashtachar ke bare mein likhkar dekhega toh zaroor jaan kitne ki milegi milegi kavarastori kaam karte samay ab aapko ya raashan ki ulatafer hote gadiyon Overload gadiyan jab yah bolte hain ki apnon ne kiya ki hai yah finance vartaman SP ki hai yah ghadi bhawani please peeche pade ho toh pic some tha humse aap ladki dekhe zinda ladki dekhe aaram se ladki dekhe bilkul jaan kya ko khatra hi nahi ab chance abhi hathras shiksha mafiyaon se ladke dekhiye aap story cover karne jayen aur wahan se wapas aa jaati bus samajh gaye ki aap jaise taise hamara din tak gaya ram ji ki aur kisi anathalay mein baccho ke saath pura janki pura sarkari tantra se lekar ke bare tab aapko maloom pad jaega aur kabhi un mahilaon ke bare mein likhen mujhko diya jata hai aur vaah anathalay mein rehti hain unse sex worker ke sasur ki karvaya jata hai uske bare mein likhe pura sarkari tantra ko jal vidyut karmchari bahar nikal aaye toh mujhe bahut bade pakistani

बिल्कुल गाने सेक्सी स्टोरियां कई सारी कहानियां मैंने तो बता दिया है जिसको भी जवाब दो किसी

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जी हां हमें नहीं एक स्टोरी ऐसे की थी कि हमारा एक पंजाब से सात समाचर की सीमा लगती है वहां पर कुछ प्ले स्टोर में जंगल को काटकर वहां से अपना रास्ता बना दिया था जो अवैध था जिससे वह पंजाब में अंतर होते थे और उनको काफी शॉर्टकट पर चला इस दौरान जब हमने उनकी रिपोर्टिंग की न्यूज़ लगाई तो उन्होंने हमें जान से मारने की धमकी दी थी जिसके जैसे आज उन्हें धमकी दी हम दूसरे दिन फिर उनके पास पहुंच गए थे तो उसमें थोड़ा सा लगा था पर ऐसा था कि हमें आत्मविश्वास बहुत इसलिए हमने हमें डर नहीं लगा

ji haan hamein nahi ek story aise ki thi ki hamara ek punjab se saat samachar ki seema lagti hai wahan par kuch play store mein jungle ko katkar wahan se apna rasta bana diya tha jo awaidh tha jisse vaah punjab mein antar hote the aur unko kaafi shortcut par chala is dauran jab humne unki reporting ki news lagayi toh unhone hamein jaan se maarne ki dhamki di thi jiske jaise aaj unhe dhamki di hum dusre din phir unke paas pohch gaye the toh usme thoda sa laga tha par aisa tha ki hamein aatmvishvaas bahut isliye humne hamein dar nahi laga

जी हां हमें नहीं एक स्टोरी ऐसे की थी कि हमारा एक पंजाब से सात समाचर की सीमा लगती है वहां प

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Varun Sharma

Journalist

0:13
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

जो 2013 में मुजफ्फरनगर राइट्स हुए थे उनको मैंने अपने कैमरे में कैद किया है और उनको बखूबी दिखाया है

jo 2013 mein muzaffarnagar rights hue the unko maine apne camera mein kaid kiya hai aur unko bakhubi dikhaya hai

जो 2013 में मुजफ्फरनगर राइट्स हुए थे उनको मैंने अपने कैमरे में कैद किया है और उनको बखूबी द

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Amit

Journalist

0:22
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

मैंने अपने जीवन काल में एक ऐसे स्टोरी कवर करने के लिए गया था जिसमें जान को पूरी तरह से खतरा था एक बार मां वादियों और पुलिस की मुठभेड़ की कवरस्टोरी के लिए मैं गया था जहां रात भर मुझे सीआरपीएफ के साथ में बिताना पड़ा था वह दिन मुझे आज भी याद है

maine apne jeevan kaal mein ek aise story cover karne ke liye gaya tha jisme jaan ko puri tarah se khatra tha ek baar maa vadiyon aur police ki muthbhed ki kavarastori ke liye main gaya tha jaha raat bhar mujhe crpf ke saath mein bitana pada tha vaah din mujhe aaj bhi yaad hai

मैंने अपने जीवन काल में एक ऐसे स्टोरी कवर करने के लिए गया था जिसमें जान को पूरी तरह से खतर

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Nirjesh Mishra

पत्रकारिता

0:46
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

हां मैंने अपने पत्रकारिता टाइम में काफी ऐसी स्टोरियां कवर की है जिस पर मेरी जान को भी खतरा हुआ है ग्राम प्रधान ने भी जान से मारने की धमकी दी है एक लकड़ी तस्कर ने उसे जान से मारने की धमकी दी थी मेरे ऑफिस को खूब ने बेटी की भी धमकी दी थी या और आज काफी कार्यकाल मुझे हो गया पत्रकार तथा उच्च जोखिम भरे भी कवर की कवरेज किए हैं और कई प्रकार के कवरेज किया है लेकिन मैंने कभी हिम्मत नहीं आ रही उसी का नतीजा है जो पत्रकारिता लाइन में इतना आगे बढ़

haan maine apne patrakarita time mein kaafi aisi storiyan cover ki hai jis par meri jaan ko bhi khatra hua hai gram pradhan ne bhi jaan se maarne ki dhamki di hai ek lakdi taskar ne use jaan se maarne ki dhamki di thi mere office ko khoob ne beti ki bhi dhamki di thi ya aur aaj kaafi karyakal mujhe ho gaya patrakar tatha ucch jokhim bhare bhi cover ki coverage kiye hain aur kai prakar ke coverage kiya hai lekin maine kabhi himmat nahi aa rahi usi ka natija hai jo patrakarita line mein itna aage badh

हां मैंने अपने पत्रकारिता टाइम में काफी ऐसी स्टोरियां कवर की है जिस पर मेरी जान को भी खतरा

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2481 नहीं खबरें को कलेक्ट किया पर खतरा था एक बार की बात है कि झारखंड के मधुबन थाना इलाके में लगभग 2 किलोमीटर तक 5 फुट में कितना शतक साल पुरानी है तो उस जगह पर मैं जाकर के खबर को कलेक्ट किया था पग पग पर डर था कहीं इधर भी लैंडमास्टर लगा हो जो उड़ जाएगा हम भी शिकार हो जाए और पुलिस के जवान साथ में नहीं थे कुछ पत्रकार साथी थे इनके साथ गए थे और नक्सली प्राया पत्रकार साथियों को निशाना नहीं बनाते हैं इस कारण हम लोगों को कुछ नहीं हुआ धन्यवाद

2481 nahi khabren ko collect kiya par khatra tha ek baar ki baat hai ki jharkhand ke madhuban thana ilaake mein lagbhag 2 kilometre tak 5 feet mein kitna shatak saal purani hai toh us jagah par main jaakar ke khabar ko collect kiya tha pug pug par dar tha kahin idhar bhi laindamastar laga ho jo ud jaega hum bhi shikaar ho jaaye aur police ke jawaan saath mein nahi the kuch patrakar sathi the inke saath gaye the aur naksali praya patrakar sathiyo ko nishana nahi banate hain is karan hum logo ko kuch nahi hua dhanyavad

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Syed Husain Akhtar

Journalist | Child Care Specialist

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जिन स्टोरी ने अपने सवाल पूछा कि आज तक आपने कोई ऐसी स्टोरी कवर की हो जिसमें आपकी जान को खतरा हो ऐसी 12 नहीं है दर्जनों स्टोरी रही है जब दूरी समय आपको बताता हूं कि जब मैं ईटीवी चैनल के लिए ब्यूरो चीफ की पोस्ट पर ने इलाहाबाद में पोस्टेड हूं उस वक्त बिलकुल नया नहीं में मैंने जॉइन किया था अलावा और उसी दौरान क्या हुआ था कि 1 साल के बाद ही वहां 2013 का कुंभ आ गया था और कुंभ में आपको जानकारी होगी कि स्टांप पैड हुआ था रेलवे स्टेशन पर और उस दिन मोनी अमावस्या थी और मोनी अमावस्या में बहुत ज्यादा भीड़ होती है यानी नासिर कुंभ मेला क्षेत्र में होती है उसके उसके अलावा पूरे शहर में बहुत भीड़ होती है रेलवे स्टेशन की स्थिति होती है वह होती है यानी कोई व्यक्ति ऐसा नहीं है जो बिना एक दूसरे को टच किए हुए निकल जाए यह होती है और कई बारी तो आपको 5 मीटर की दूरी कभी आपको अंदाजा नहीं होता है जहां पर आप पर रह रहे होते तो अचानक यह पता चला हमारे बॉस हुआ करते थे और बृजेश मिश्रा जी व करते एकदम पूरा कॉलेज मेरे पास कोई जानकारी नहीं और कुछ लोग उस रेलवे स्टेशन जब हम पहुंचे हैं तो चारों तरफ से जो भी पुलिस को बैरिकेडिंग कर रखी थी और उसके अलावा भी कर रखी हो तो वहां पर पहुंचने का कोई चांस नहीं था क्योंकि बहुत याद आती है अचानक चुकी है वहां पर स्पष्ट पहुंचना जरूरी था तो अचानक मुझे कुछ नहीं सूझा और मैं एक छोटा हाथी जिसको बोलते हैं जो होता है फोर व्हीलर होता है कमर्शियल फोर व्हीलर होता है छोटा हाथी उसको बोलते हैं टाटा और तमाम दूसरी कटनी से आते हैं उस पर चढ़ा और उस पर चढ़कर रेलवे स्टेशन की दीवार जो बाउंड्री वाल होती है मैं मुझे लगा कि बाउंड्री वाल होगी और इससे दूसरी तरफ जाऊंगा और राजू की भीड़ बहुत ज्यादा थी कुछ नजर नहीं आ रहा था और मैं उस छोटा हाथी पर पैर रखकर के वॉलपेपर और मैं बस इतने ही वाला था कि साइलेंट की एक मालगाड़ी आ रही थी और उस मालगाड़ी में भी भीड़ इतनी ज्यादा थी कि एक तो लोग उसकी चपेट में आ चुके थे और दवा भी तो उसकी वजह से हालांकि मुझे तब तक वेट करना पड़ा उसे स्पॉट पर पहुंचने के लिए जहां पर चैट हो रही थी और यही इसका ड्रॉबैक भी यह रहा कि अब से पहले जब ने किया था उस वक्त IBN7 हुआ करता था उस वक्त ईटीवी और रेलमार्ग नहीं हुआ था और बाद में अभी बारिश हो गई है वह तो मैं उसे ब्रेक करने में मैं पीछे रह गया उस मालगाड़ी की वजह से लेकिन ब्रिक करने में फैली पीछे रह गया होगा लेकिन मेरी जान बच गई थी यानी उस स्टोरी में मेरी जान पर खतरा आया था उसके अलावा कई बार ऐसा हुआ है कि मंडल एग्जाम हुआ तोड़फोड़ हुई पत्थर यूनिवर्सिटी में हुए बुंदेलखंड में स्टोरीज कवर करने के दौरान कई बारी जो वहां के लोग थे उनके जो लोकल गूंस हुआ करते थे उनके को भजन का शिकार होते-होते बचे और कई बार ऐसा हुआ कि जानवर बनाई थी लेकिन वह अलग अलग है ऐसी स्टोरी जी के बाद स्पेसिफिक में

jin story ne apne sawaal poocha ki aaj tak aapne koi aisi story cover ki ho jisme aapki jaan ko khatra ho aisi 12 nahi hai darjanon story rahi hai jab doori samay aapko batata hoon ki jab main ETV channel ke liye bureau chief ki post par ne allahabad mein posted hoon us waqt bilkul naya nahi mein maine join kiya tha alava aur usi dauran kya hua tha ki 1 saal ke baad hi wahan 2013 ka kumbh aa gaya tha aur kumbh mein aapko jaankari hogi ki STAMP pad hua tha railway station par aur us din moni amavasya thi aur moni amavasya mein bahut zyada bheed hoti hai yani nasira kumbh mela kshetra mein hoti hai uske uske alava poore shehar mein bahut bheed hoti hai railway station ki sthiti hoti hai vaah hoti hai yani koi vyakti aisa nahi hai jo bina ek dusre ko touch kiye hue nikal jaaye yah hoti hai aur kai baari toh aapko 5 meter ki doori kabhi aapko andaja nahi hota hai jaha par aap par reh rahe hote toh achanak yah pata chala hamare boss hua karte the aur brijesh mishra ji va karte ekdam pura college mere paas koi jaankari nahi aur kuch log us railway station jab hum pahuche hain toh charo taraf se jo bhi police ko bairikeding kar rakhi thi aur uske alava bhi kar rakhi ho toh wahan par pahuchne ka koi chance nahi tha kyonki bahut yaad aati hai achanak chuki hai wahan par spasht pahunchana zaroori tha toh achanak mujhe kuch nahi sujha aur main ek chota haathi jisko bolte hain jo hota hai four wheeler hota hai commercial four wheeler hota hai chota haathi usko bolte hain tata aur tamaam dusri katni se aate hain us par chadha aur us par chadhakar railway station ki deewaar jo boundary val hoti hai mujhe laga ki boundary val hogi aur isse dusri taraf jaunga aur raju ki bheed bahut zyada thi kuch nazar nahi aa raha tha aur main us chota haathi par pair rakhakar ke wallpaper aur main bus itne hi vala tha ki silent ki ek malgadi aa rahi thi aur us malgadi mein bhi bheed itni zyada thi ki ek toh log uski chapet mein aa chuke the aur dawa bhi toh uski wajah se halaki mujhe tab tak wait karna pada use spot par pahuchne ke liye jaha par chat ho rahi thi aur yahi iska drabaik bhi yah raha ki ab se pehle jab ne kiya tha us waqt IBN7 hua karta tha us waqt ETV aur railmarg nahi hua tha aur baad mein abhi barish ho gayi hai vaah toh main use break karne mein main peeche reh gaya us malgadi ki wajah se lekin brick karne mein faili peeche reh gaya hoga lekin meri jaan bach gayi thi yani us story mein meri jaan par khatra aaya tha uske alava kai baar aisa hua hai ki mandal exam hua thorphor hui patthar university mein hue bundelkhand mein stories cover karne ke dauran kai baari jo wahan ke log the unke jo local guns hua karte the unke ko bhajan ka shikaar hote hote bache aur kai baar aisa hua ki janwar banai thi lekin vaah alag alag hai aisi story ji ke baad specific mein

जिन स्टोरी ने अपने सवाल पूछा कि आज तक आपने कोई ऐसी स्टोरी कवर की हो जिसमें आपकी जान को खतर

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हर बार होता है एक बार नहीं हर बार होता है इस समय एक पत्रकार अपने घर से निकलता है उसे यह नहीं पता होता कि उस जिंदा या मुर्दा यह किस तरीके से अपने घर से वापस आएगा जा रहा है पांच पापी जाना उसके लिए बहुत मुश्किल होता है उसके बाद कुछ नहीं होता है सिवाय एक टैंक एरोप्लेन कब तक काम करेगा अपन जब तक काम करेगा जब तक जिंदा है मरने के बाद वह पहन भी काम नहीं करेगा अपन उसके घरवालों को रोटी नहीं दे सकती क्योंकि यहां तो उन लोगों को रोटी नहीं मिलती है जो कि बॉर्डर पर शहीद हो जाते तो हम लोग इस छोटी सी औकात होती है कुछ है ही नहीं हमारे पास तो लोगों को दिखाने के लिए उन तक खबरें पहुंचाने के लिए उनका मनोरंजन करने के लिए बहुत सारी चीजें करनी पड़ती है बहुत सारी चीजें लेनी पड़ती है सर्दी गर्मी बारिश कह देते हैं बहुत आसान लेकिन ऐसा नहीं होता है बहुत मुश्किल होता है आप घर बैठे अगर आप पूरे विश्व की खबरें जान मैं तो आपको लगता है यह बहुत छोटी चीज है बहुत छोटी चीज नहीं है बहुत बढ़िया और बहुत से कहते हैं ना कि बहुत स्ट्रगल करना पड़ता है इन चीजों के लिए इतनी ठंड में है या इतनी गर्मी में यह इतनी बारिश में आज इस समय घर में होते हैं उस समय भी हम लोग घर में नहीं होते घर से बाहर ही होते हैं तो कभी नहीं चाहूंगा ऐसा किसी के साथ ऐसा कोई दिन आए कि आपको यह चीजें करनी पड़े

har baar hota hai ek baar nahi har baar hota hai is samay ek patrakar apne ghar se nikalta hai use yah nahi pata hota ki us zinda ya murda yah kis tarike se apne ghar se wapas aayega ja raha hai paanch papi jana uske liye bahut mushkil hota hai uske baad kuch nahi hota hai shivaay ek tank aeroplane kab tak kaam karega apan jab tak kaam karega jab tak zinda hai marne ke baad vaah pahan bhi kaam nahi karega apan uske gharwaalon ko roti nahi de sakti kyonki yahan toh un logo ko roti nahi milti hai jo ki border par shaheed ho jaate toh hum log is choti si aukat hoti hai kuch hai hi nahi hamare paas toh logo ko dikhane ke liye un tak khabren pahunchane ke liye unka manoranjan karne ke liye bahut saree cheezen karni padti hai bahut saree cheezen leni padti hai sardi garmi barish keh dete hain bahut aasaan lekin aisa nahi hota hai bahut mushkil hota hai aap ghar baithe agar aap poore vishwa ki khabren jaan main toh aapko lagta hai yah bahut choti cheez hai bahut choti cheez nahi hai bahut badhiya aur bahut se kehte hain na ki bahut struggle karna padta hai in chijon ke liye itni thand mein hai ya itni garmi mein yah itni barish mein aaj is samay ghar mein hote hain us samay bhi hum log ghar mein nahi hote ghar se bahar hi hote hain toh kabhi nahi chahunga aisa kisi ke saath aisa koi din aaye ki aapko yah cheezen karni pade

हर बार होता है एक बार नहीं हर बार होता है इस समय एक पत्रकार अपने घर से निकलता है उसे यह न

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