रेलवे की बौद्ध सर्किट स्पेशल ट्रेन शुरू हो रही है। क्या आपको लगता है इससे भारत में पर्यटकों का आना बढ़ेगा?...


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Daulat Ram Sharma Shastri

Psychologist | Ex-Senior Teacher

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ShAshWaT SRiVaStAvA

CaReer AnD EdUcaTiOnaL GuIde

1:39

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए भारत में पर्यटन कोई एक के लिमिटेड जगह नहीं है भारत खुदी एक पर्यटक स्थल है पूरब से लेकर पश्चिम तक और उत्तर से लेकर दक्षिण तक पूरे भारत में आप कहीं भी जाएंगे तो इतनी संस्कृति है इतना पुरानी सभ्यता है तो भारत में कहीं ना कहीं ना किसी न किसी रूप से कल्चर ही जाता है और बात रही क्या कहते हैं टूरिस्ट की तो टूरिस्ट तो हमारे देश में प्राचीन काल से आ रहे हैं तो हमारे यहां टूरिस्ट कभी वह नहीं हुआ कि हमारे या टूरिस्ट नहीं आ पाते या कोई प्रॉब्लम होती है हमारे यहां पुष्कर टूरिज्म का प्रमोशन कम है फिर भी यह स्पेशल ट्रेन शुरू की है इसके तहत एक होगा कि जो लोग पर्पसली जिनको ज्यादा नॉलेज नहीं कि कहां जाएं तब बड़ा देश है कहां-कहां घूमे उसके थ्रू लोग जो घूमने के मनसा को एग्जैक्ट लोकेशन रेलवे कुछ सर्किट बनाया है टूरिस्ट स्थलों का उन्होंने स्थलों पर रेलवे अपने हिसाब से जैसे दूर और सिस्टम होगा जो शेडूल होगा उसके अकाउंट इन टूरिस्ट एरिया में ब्राह्मण करवाएगा जिसमें आपको कुछ नहीं करना है सिर्फ पेमेंट करनी है बाकी रेलवे आपको खाने पीने की व्यवस्था देगा बस की व्यवस्था व्यवस्था कराएगा सारी व्यवस्था करते यहां पर कुछ हमारे लोकल लोग नहीं कहते सब खराब है कुछ लोगों को देख कर लेते हैं ऐसी सिचुएशन में सहारा ना करते हैं धन्यवाद

dekhiye bharat mein paryatan koi ek ke limited jagah nahi hai bharat khudi ek paryatak sthal hai purab se lekar paschim tak aur uttar se lekar dakshin tak poore bharat mein aap kahin bhi jaenge toh itni sanskriti hai itna purani sabhyata hai toh bharat mein kahin na kahin na kisi na kisi roop se culture hi jata hai aur baat rahi kya kehte hain tourist ki toh tourist toh hamare desh mein prachin kaal se aa rahe hain toh hamare yahan tourist kabhi vaah nahi hua ki hamare ya tourist nahi aa paate ya koi problem hoti hai hamare yahan pushkar tourism ka promotion kam hai phir bhi yah special train shuru ki hai iske tahat ek hoga ki jo log purposely jinako zyada knowledge nahi ki kahaan jaye tab bada desh hai kahaan kahaan ghume uske through log jo ghoomne ke manasa ko exact location railway kuch circuit banaya hai tourist sthalon ka unhone sthalon par railway apne hisab se jaise dur aur system hoga jo shedul hoga uske account in tourist area mein brahman karwaega jisme aapko kuch nahi karna hai sirf payment karni hai baki railway aapko khane peene ki vyavastha dega bus ki vyavastha vyavastha karaega saree vyavastha karte yahan par kuch hamare local log nahi kehte sab kharab hai kuch logo ko dekh kar lete hain aisi situation mein sahara na karte hain dhanyavad

देखिए भारत में पर्यटन कोई एक के लिमिटेड जगह नहीं है भारत खुदी एक पर्यटक स्थल है पूरब से ले

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Ajay Sinh Pawar

Founder & M.D. Of Radiant Group Of Industries

2:09
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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

रेलवे की बहुत सर्किट स्पेशल ट्रेन शुरू हो रही है क्या आपको लगता है संसार में पर्यटकों का आना पड़ेगा जिससे पर्यटकों की संख्या में बढ़ोतरी होगी क्योंकि जो नेपाल में लुंबिनी है वह बहुत ही बड़ा केंद्र है गर्मियों के लिए कंबोडिया हो चाहे चीन हो जाना ना हो पूरे इस ठंड सेक्शन में एक कंट्री है वह श्रद्धा बौद्ध धर्म को बहुत ही फॉलो करते हैं और वह लोग जो टूरिस्ट हैं वह जरूर आना पसंद गलत मिलती है फैसिलिटी मिलती है कि बहुत सटीक स्पेशल प्रेम उनको बहुत ही मदद हो सकती है अब यह देखना है कि स्पेशल ट्रेन शुरू होती है तो उसमें क्या क्या सेवाएं अतिरिक्त से बनेगी दी जाती है और उनके चार्जेस किस तरह से होंगे इससे टूरिस्ट सेंटर जो है उसमें भी अच्छा इजाफा होगा और हमको हमारे देश को विदेशी मुद्रा का भी फायदा होगा इसलिए यह बोध मंदिर बौद्ध सर्किट स्पेशल फ्रेंड से शुरू हो रही पड़ेगा और कई लोग बहुत ही ज्यादा इसका प्रचार-प्रसार पहुंच चुका है और जो धर्मशाला मैगलगंज है वह दलाई लामा का जो ना स्थान है वहां तक भी लो आना जरूर पसंद करेंगे ऐसा मेरा मानना है धन्यवाद इसके अंदर

railway ki bahut circuit special train shuru ho rahi hai kya aapko lagta hai sansar mein paryatakon ka aana padega jisse paryatakon ki sankhya mein badhotari hogi kyonki jo nepal mein lumbini hai vaah bahut hi bada kendra hai garmiyo ke liye cambodia ho chahen china ho jana na ho poore is thand section mein ek country hai vaah shraddha Baudh dharm ko bahut hi follow karte hain aur vaah log jo tourist hain vaah zaroor aana pasand galat milti hai facility milti hai ki bahut sateek special prem unko bahut hi madad ho sakti hai ab yah dekhna hai ki special train shuru hoti hai toh usme kya kya sevayen atirikt se banegi di jaati hai aur unke Charges kis tarah se honge isse tourist center jo hai usme bhi accha ijafa hoga aur hamko hamare desh ko videshi mudra ka bhi fayda hoga isliye yah bodh mandir Baudh circuit special friend se shuru ho rahi padega aur kai log bahut hi zyada iska prachar prasaar pohch chuka hai aur jo dharmasala maigalaganj hai vaah dalai lama ka jo na sthan hai wahan tak bhi lo aana zaroor pasand karenge aisa mera manana hai dhanyavad iske andar

रेलवे की बहुत सर्किट स्पेशल ट्रेन शुरू हो रही है क्या आपको लगता है संसार में पर्यटकों का आ

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Abhishek Sharma

Forest Range Officer, MP

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देखी बिल्कुल बढ़ेगा हम ट्रेन से तो और टूरिज्म पड़ता ही है मुझे लगता है बौद्ध सर्किट स्पेशल के अलावा और भी काफी सारी सर्किट से चलाए जाने चाहिए जैसे कि बीच में अयोध्या स्पेशल ट्रेन चली थी बनारस स्पेशल ट्रेन थी इसके अलावा महाराजा एक्सप्रेस चलती है थोड़ी महंगी है लेकिन टूरिज्म की सबसे अच्छी है और विदेशी लोगों के लिए ज्यादा महंगा होगा का पट्टा जिसमें तारीख पेंशन शामिल होते हैं लेकिन मुझे लगता है कि कल टूरिज्म के साथ से भी कुछ ट्रेनें चलाई जानी चाहिए जो एक ऐसा करके कंप्लीट करें जो ऑटो स्पेयर्स बजाएं जैसी जयपुर उदयपुर और बीच में मध्य प्रदेश होकर करते हुए छत्तीसगढ़िया उड़ीसा बिहार इस तरह की स्थानों पर भी एक ट्रेन चलने चाहिए साउथ इंडिया में ट्रेन से नीचे जो अक्सर के कंप्लीट करें जो उन्हीं स्पेसिफिक स्थानों पर जाए और 11 तरीके से एक टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा रेलवे को बढ़ावा मिलेगा सभी लोगों को बड़ा मिलेगा सब को फायदा होगा धन्यवाद

dekhi bilkul badhega hum train se toh aur tourism padta hi hai mujhe lagta hai Baudh circuit special ke alava aur bhi kaafi saree circuit se chalaye jaane chahiye jaise ki beech mein ayodhya special train chali thi banaras special train thi iske alava maharaja express chalti hai thodi mehengi hai lekin tourism ki sabse achi hai aur videshi logo ke liye zyada mehnga hoga ka patta jisme tarikh pension shaamil hote hain lekin mujhe lagta hai ki kal tourism ke saath se bhi kuch trainen chalai jani chahiye jo ek aisa karke complete kare jo auto speyars bajaye jaisi jaipur udaipur aur beech mein madhya pradesh hokar karte hue chattisagadhiya odisha bihar is tarah ki sthano par bhi ek train chalne chahiye south india mein train se niche jo aksar ke complete kare jo unhi specific sthano par jaaye aur 11 tarike se ek tourism ko badhawa milega railway ko badhawa milega sabhi logo ko bada milega sab ko fayda hoga dhanyavad

देखी बिल्कुल बढ़ेगा हम ट्रेन से तो और टूरिज्म पड़ता ही है मुझे लगता है बौद्ध सर्किट स्पेशल

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चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

सुनील बढ़ेगा कि नहीं बढ़ेगा लेकिन सुनवाई नहीं था लेकिन पहले तो क्या करना होगा कि ज्योति केटीएम 250 में सोना पड़ेगा तो धीरे-धीरे चाहिए सब ट्रेन में ही सफर करने के लिए आगे बढ़ते रहेंगे और जैसे कमरा उतना ही फायदा सरकार को भी और पैसेंजर को भी

sunil badhega ki nahi badhega lekin sunvai nahi tha lekin pehle toh kya karna hoga ki jyoti KTM 250 mein sona padega toh dhire dhire chahiye sab train mein hi safar karne ke liye aage badhte rahenge aur jaise kamra utana hi fayda sarkar ko bhi aur passenger ko bhi

सुनील बढ़ेगा कि नहीं बढ़ेगा लेकिन सुनवाई नहीं था लेकिन पहले तो क्या करना होगा कि ज्योति के

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