वेदों से कुछ तथ्य क्या हैं जो विज्ञान द्वारा सिद्ध किए गए हैं?...


play
user

Suraj Shaw

Entrepreneur, Career Counsellor

1:34

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

हेलो फ्रेंड्स आदेश हमारा हमारे वेद लिखे गए हैं यह आर्यन के द्वारा लिखे गए हैं आर्यन शो थे जो इंडस वैली सिविलाइजेशन के बाद जिन्होंने भारत में कदम रखा था यह करीब 3000 साल पहले की बात है आर्यन इस मंगोलियन में रहते थे मंगोलिया वाला जो रीज़न था वहां से पाकिस्तान की तरह 5 प्रवासी इंडिया का जो यूपी बिहार वाला रीजन है वहां पर को आ करके सटल हुए थे उसी दौरान उन्होंने चारों वेद लिखे थे इनका आज साइंस से कोई रिलेशन नहीं है वह अपने जीवन में जो चीजें वह करते थे आज जिसका उन्हें फल दिखता था जिसका उन्हें रिजल्ट दिखता था वह सारी चीजें उन्होंने उन किताबों में लिखिए अगर बात करें तो यजुर्वेद में जो हमारे पूजा पाठ करने के तरीके हैं हिंदू धर्म के काला जादू है यह सारी चीजें लिखी गई है आयुर्वेद के बारे में बताया गया है लोगों के बारे में बताया गया है तू ही वह जो अपनी लाइफ में करते थे वह सारी चीजें उन्होंने वेदों में लिख दिए हम उनके बारे में बिना जाने उनको फॉलो करते हैं ना कि बहुत सी चीजें सही भी है कुछ चीजें सही से भी रिलेटेबल है लेकिन उस टाइम पर 3000 साल पहले की बात कर रहा हूं साईं जैसी कोई चीज नहीं थी जो चीज है वह अपने लाइफ में करते थे जिसका रिजल्ट नहीं मिलता था वह सारी चीजें भेजो में लिख दिया तो इट इज ऑल अबाउट इसका कुछ चीजें हैं जो साइंस और उसकी गई है सही भी है लेकिन सारी चीजें नहीं है

hello friends aadesh hamara hamare ved likhe gaye hain yah aryan ke dwara likhe gaye hain aryan show the jo indus valley civilisation ke baad jinhone bharat mein kadam rakha tha yah kareeb 3000 saal pehle ki baat hai aryan is mongolian mein rehte the Mongolia vala jo region tha wahan se pakistan ki tarah 5 pravasi india ka jo up bihar vala reason hai wahan par ko aa karke sutele hue the usi dauran unhone charo ved likhe the inka aaj science se koi relation nahi hai vaah apne jeevan mein jo cheezen vaah karte the aaj jiska unhe fal dikhta tha jiska unhe result dikhta tha vaah saree cheezen unhone un kitabon mein likhiye agar baat kare toh yajurved mein jo hamare puja path karne ke tarike hain hindu dharm ke kaala jadu hai yah saree cheezen likhi gayi hai ayurveda ke bare mein bataya gaya hai logo ke bare mein bataya gaya hai tu hi vaah jo apni life mein karte the vaah saree cheezen unhone vedo mein likh diye hum unke bare mein bina jaane unko follow karte hain na ki bahut si cheezen sahi bhi hai kuch cheezen sahi se bhi relatable hai lekin us time par 3000 saal pehle ki baat kar raha hoon sai jaisi koi cheez nahi thi jo cheez hai vaah apne life mein karte the jiska result nahi milta tha vaah saree cheezen bhejo mein likh diya toh it is all about iska kuch cheezen hain jo science aur uski gayi hai sahi bhi hai lekin saree cheezen nahi hai

हेलो फ्रेंड्स आदेश हमारा हमारे वेद लिखे गए हैं यह आर्यन के द्वारा लिखे गए हैं आर्यन शो थे

Romanized Version
Likes  63  Dislikes    views  790
WhatsApp_icon
3 जवाब
qIcon
ask
ऐसे और सवाल
Loading...
Loading...
user

Dr Sampadananda Mishra

Sanskrit scholar, Author, Director, Sri Aurobindo Foundation for Indian Culture

6:33
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

इस पर कई प्रकार से विचार विमर्श किया जा सकता है भारत में आज कल की जो हर चीज में हम एक साइंटिफिक वैलिडेशन चाहते हैं अगर वह हम धर्म के बारे में बात करेंगे देश के बारे में बात करेंगे उपनिषद गीता शास्त्रों के बारे में बात करें या संस्कृत भाषा के बारे में बात करें यह पुलिस वालों के बारे में बात करें कोई भी प्रैक्टिस उसके बारे में बात करें तो हर चीज पर लोगे ही पूछते हैं कि इतना साइंटिफिक टू क्वालिटी सर्टिफिकेशन उसके उत्तर प्रदेश में आऊंगा देश को हर प्रकार की दृष्टि से देखा जा सकता है हमारे परंपरा में जो सनातन धर्म की परंपरा में वैदिक परंपरा यह विचार है यह एक समझ है कि आवेदक अखिल धर्म मुला धर्मों का सारे ज्ञानू का मूल बेटी की बात नहीं है जब एक ऋषि है उतना में जब 10 है तो उस समय पेट उनकी चेतना में आमिर भूत होता है प्रवीण को किसने रचा ने जो अपनी अंतर्दृष्टि में ऋषि इस विश्व के जिस चीज को हम अपने उपाध्यक्ष से हम नहीं देखते नहीं देख पाते हमारे चेतना से 20 तक हम पहुंच नहीं पाएंगे एक ऋषि अपने अंतर दृष्टि से स्कूल में पढ़ता है पूर्ण समर्थन करें एक बॉडी को फोन करें तो उसको का टुकड़ा टुकड़ा करके हम उसको सारा रहेगी यह है कि मैं कृषि का मार्ग अलग होता है वह अंतर्दृष्टि देख पाता है कि है क्या और वह पूर्णता है ग्रुप में कुछ नहीं दिखता है और जो अनुभव उसको होता है वही अनुभव एक शाब्दिक रूप लेकर उसकी चेतना में आमिर भूत होता है जिसको हम मंत्र के नाम दिए हैं वेद का नाम मंत्र भाषा में विज्ञान घंटे साइंस बनते हैं उस प्रकार के प्रस्ताव पर क्योंकि समग्र दृष्टि चाहे मानव के बारे में उसके बारे में प्रकृति के बारे में विश्व के बारे में इस रिश्ते में कोई भी चीज सिस्टर में जो कुछ सब कुछ के बारे में एक समग्र स्थापन वेदों में हमको सकता है अगर हम अगर उसको विभाजित करके देखेंगे तो वेदों का ज्ञान है आज तक जितने प्रकार के हमको मिले हैं वेद कई प्रकार से व्याख्यान किया गया है इसका एक आदि भौतिक विज्ञान है यह चाबी दही विश्व यात्रा में एक आध्यात्मिक व्यक्ति जो है आजकल तू साइंटिफिक इंटरप्रिटेशन जो है विज्ञान पर व्याख्यान है वेद का वह संभव है वेदों में कई सारे विज्ञान के तत्वों को मैंने भी देखा है अगर हम फिजिक्स के बारे में जानना चाहेंगे जैसे फ्री जोक एक्टर्स ने लिखा है आप नेताओं फिजिक्स में और शिव जी के जो गद्यांश अबकी बार जो किताब है मन के बड़े-बड़े फिजिसिस्ट हो केमिस्ट हो लेकिन रजिस्ट्रार कलिता क्लोजेस्ट जिस प्रकार के पत्तों का अन्वेषण किए हैं उस प्रकार तत्वों का जो उपर स्थापन दे दो में बहुत सारे जगह में मिलता है इस प्रकार के रिसर्च बीज होता रहता है हम उसने प्राणी विज्ञान जल विज्ञान या जो जहाज बनाने का जो विज्ञान है जो मैरिटाइम एक्टिविटीज होता था पहले तमाम वैज्ञानिक जो आविष्कार है तो उसको हम वेदों में अनेक स्थान पर हम पाते हैं परंतु देश का लक्ष्य सिर्फ विज्ञान नहीं है वेद का लक्ष्य है इतिहास वेद का लक्ष्य यह है कि मानव को वेद का संदेश यही मानव को अग्नि से मित्रता से उठकर असीम बनना है पूर्ण बनना है और वेद का जो संदेश है वेद का जरूरत तो है जो मंत्र है जो ऋषि मुनियों की जो परियों की जो उपलब्धि वेदों में वह हमको पूर्णता की ओर ले जाने की परंतु विज्ञान से भी आराम हुआ है इस प्रकार के कई सारे रिसर्च पेपर ओं दो बहुत सारे लोगों की जो मिलता है जिसमें कल्लू जी के बारे में के बारे में हर प्रकार के बीच वैज्ञानिक तथ्यों के बारे में अनेक व्याख्यान आजकल उपलब्ध होते हैं और कैसे हैं जिसको कोई पड़ सकता है और इंटरनेट पर भी बहुत सारे ऐसे एंटीक जो मेटेरियल है वह उपलब्ध है जिसका का सहारा लेकर कोई अपना याद बढ़ा सकता है कि वेदों में किस प्रकार के विज्ञान विज्ञान पर तत्व उपस्थित है

is par kai prakar se vichar vimarsh kiya ja sakta hai bharat mein aaj kal ki jo har cheez mein hum ek scientific validation chahte hain agar vaah hum dharm ke bare mein baat karenge desh ke bare mein baat karenge upanishad geeta shastron ke bare mein baat kare ya sanskrit bhasha ke bare mein baat kare yah police walon ke bare mein baat kare koi bhi practice uske bare mein baat kare toh har cheez par loge hi poochhte hain ki itna scientific to quality certification uske uttar pradesh mein aaunga desh ko har prakar ki drishti se dekha ja sakta hai hamare parampara mein jo sanatan dharm ki parampara mein vaidik parampara yah vichar hai yah ek samajh hai ki avedak akhil dharm mula dharmon ka saare gyanu ka mul beti ki baat nahi hai jab ek rishi hai utana mein jab 10 hai toh us samay pet unki chetna mein aamir bhoot hota hai praveen ko kisne racha ne jo apni antardrishti mein rishi is vishwa ke jis cheez ko hum apne upadhyaksh se hum nahi dekhte nahi dekh paate hamare chetna se 20 tak hum pohch nahi payenge ek rishi apne antar drishti se school mein padhata hai purn samarthan kare ek body ko phone kare toh usko ka tukda tukda karke hum usko saara rahegi yah hai ki main krishi ka marg alag hota hai vaah antardrishti dekh pata hai ki hai kya aur vaah purnata hai group mein kuch nahi dikhta hai aur jo anubhav usko hota hai wahi anubhav ek shabdik roop lekar uski chetna mein aamir bhoot hota hai jisko hum mantra ke naam diye hain ved ka naam mantra bhasha mein vigyan ghante science bante hain us prakar ke prastaav par kyonki samagra drishti chahen manav ke bare mein uske bare mein prakriti ke bare mein vishwa ke bare mein is rishte mein koi bhi cheez sister mein jo kuch sab kuch ke bare mein ek samagra sthapan vedo mein hamko sakta hai agar hum agar usko vibhajit karke dekhenge toh vedo ka gyaan hai aaj tak jitne prakar ke hamko mile hain ved kai prakar se vyakhyan kiya gaya hai iska ek aadi bhautik vigyan hai yah chabi dahi vishwa yatra mein ek aadhyatmik vyakti jo hai aajkal tu scientific interpretation jo hai vigyan par vyakhyan hai ved ka vaah sambhav hai vedo mein kai saare vigyan ke tatvon ko maine bhi dekha hai agar hum physics ke bare mein janana chahenge jaise free joke actors ne likha hai aap netaon physics mein aur shiv ji ke jo gadhyansh abki baar jo kitab hai man ke bade bade fijisist ho chemist ho lekin registrar kalita closest jis prakar ke patton ka anveshan kiye hain us prakar tatvon ka jo upar sthapan de do mein bahut saare jagah mein milta hai is prakar ke research beej hota rehta hai hum usne prani vigyan jal vigyan ya jo jahaj banane ka jo vigyan hai jo maritime activities hota tha pehle tamaam vaigyanik jo avishkar hai toh usko hum vedo mein anek sthan par hum paate hain parantu desh ka lakshya sirf vigyan nahi hai ved ka lakshya hai itihas ved ka lakshya yah hai ki manav ko ved ka sandesh yahi manav ko agni se mitrata se uthakar asim banna hai purn banna hai aur ved ka jo sandesh hai ved ka zarurat toh hai jo mantra hai jo rishi muniyon ki jo pariyon ki jo upalabdhi vedo mein vaah hamko purnata ki aur le jaane ki parantu vigyan se bhi aaram hua hai is prakar ke kai saare research paper on do bahut saare logo ki jo milta hai jisme kallu ji ke bare mein ke bare mein har prakar ke beech vaigyanik tathyon ke bare mein anek vyakhyan aajkal uplabdh hote hain aur kaise hain jisko koi pad sakta hai aur internet par bhi bahut saare aise entik jo material hai vaah uplabdh hai jiska ka sahara lekar koi apna yaad badha sakta hai ki vedo mein kis prakar ke vigyan vigyan par tatva upasthit hai

इस पर कई प्रकार से विचार विमर्श किया जा सकता है भारत में आज कल की जो हर चीज में हम एक साइं

Romanized Version
Likes  24  Dislikes    views  236
WhatsApp_icon
user

Ghanshyamvan

मंदिर सेवा

0:38
Play

चेतावनी: इस टेक्स्ट में गलतियाँ हो सकती हैं। सॉफ्टवेर के द्वारा ऑडियो को टेक्स्ट में बदला गया है। ऑडियो सुन्ना चाहिये।

देखिए जो हो रहा है जो होगा और जो हो चुका है यह सब वेदों में एक है वेदों में ज्योतिष है खेतों में ही प्राण है विज्ञान है वेदों में ही उपनिषदों में ही काम कांड है वेतन नहीं समझती जाएं है वेदों से भिन्न कुछ भी नहीं है जो भी सिद्धि प्राप्त करते हैं विज्ञानिक प्राप्त करते हैं सब जान यह तो समय ही दे दो

dekhiye jo ho raha hai jo hoga aur jo ho chuka hai yah sab vedo mein ek hai vedo mein jyotish hai kheton mein hi praan hai vigyan hai vedo mein hi upnishadon mein hi kaam kaand hai vetan nahi samajhti jayen hai vedo se bhinn kuch bhi nahi hai jo bhi siddhi prapt karte hain vigyanik prapt karte hain sab jaan yah toh samay hi de do

देखिए जो हो रहा है जो होगा और जो हो चुका है यह सब वेदों में एक है वेदों में ज्योतिष है खेत

Romanized Version
Likes  36  Dislikes    views  912
WhatsApp_icon
qIcon
ask

This Question Also Answers:

QuestionsProfiles

Vokal App bridges the knowledge gap in India in Indian languages by getting the best minds to answer questions of the common man. The Vokal App is available in 11 Indian languages. Users ask questions on 100s of topics related to love, life, career, politics, religion, sports, personal care etc. We have 1000s of experts from different walks of life answering questions on the Vokal App. People can also ask questions directly to experts apart from posting a question to the entire answering community. If you are an expert or are great at something, we invite you to join this knowledge sharing revolution and help India grow. Download the Vokal App!